डेढ़ टंगवा घाटी में मौत का तांडव: कंटेनर ने टेंपो और बाइक को रौंदा, छह लोगों की मौत की प्रारंभिक सूचना जोहार झारखंड / ब्यूरो देवसुंदर यादव। चंदवा/लातेहार। स्वतंत्रता दिवस के दिन शनिवार की शाम करीब चार बजे चंदवा थाना क्षेत्र के डेढ़ टंगवा घाटी में भीषण सड़क हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। लुकूइया मोड़ से करीब एक किलोमीटर दूर लोहरदगा की ओर से चंदवा की तरफ आ रहा एक कंटेनर अनियंत्रित होकर टेंपो और मोटरसाइकिल पर चढ़ गया। हादसा इतना भयावह था कि कई लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार टेंपो लातेहार सदर प्रखंड के कोढ़ासासंग से चंदवा होते हुए लोहरदगा की ओर जा रहा था। इसी दौरान सामने से आ रहे कंटेनर ने नियंत्रण खो दिया और टेंपो तथा मोटरसाइकिल को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे में छह लोगों की मौत की प्रारंभिक सूचना सामने आ रही है। मृतकों में चार पुरुष, करीब 10 वर्षीय एक बच्चा और एक महिला के शामिल होने की बात कही जा रही है। पीछे से आ रहा एक बाइक सवार भी दुर्घटना की चपेट में आया, जिसमें एक महिला के घायल होने की सूचना है। घायल महिला को इलाज के लिए लातेहार सदर अस्पताल भेजे जाने की बात कही जा रही है। हालांकि, मृतकों की वास्तविक संख्या और उनकी पहचान की आधिकारिक पुष्टि पुलिस द्वारा की जानी बाकी है। चीख-पुकार से दहली घाटी हादसे के बाद घटनास्थल पर चीख-पुकार मच गई। दुर्घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के ग्रामीण बड़ी संख्या में मौके पर पहुंच गए। सूचना मिलने पर चंदवा थाना पुलिस दल-बल के साथ घटनास्थल पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। शाम को लातेहार जिले के वरीय पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे और दुर्घटना की जानकारी ली। राज्यसभा सांसद बैद्यनाथ राम तथा वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर के भी घटनास्थल पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लेने की सूचना है। एक परिवार के चार लोगों के हादसे की चपेट में आने की चर्चा हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में मातम का माहौल है। प्रारंभिक जानकारी में एक ही परिवार के चार लोगों के दुर्घटना की चपेट में आने की बात भी सामने आ रही है। हालांकि, इस संबंध में भी आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है। यदि यह जानकारी सही साबित होती है, तो यह हादसा एक परिवार के लिए बेहद त्रासद और कभी न भरने वाला जख्म बन जाएगा। बार-बार हादसों से सवालों के घेरे में डेढ़ टंगवा घाटी डेढ़ टंगवा घाटी में लगातार हो रही सड़क दुर्घटनाओं ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि सड़क की बनावट, ढलान और तीखे मोड़ बड़े वाहनों के लिए चुनौतीपूर्ण हैं। उनका आरोप है कि लगातार हादसों के बावजूद दुर्घटना संभावित इस स्थान पर स्थायी सुरक्षा उपाय नहीं किए गए हैं। ग्रामीणों का सवाल है कि आखिर कितनी और जिंदगियां उजड़ने के बाद संबंधित विभाग गंभीर कदम उठाएगा? आज फिर उजड़े परिवार, कल किसकी बारी? जब पूरा देश स्वतंत्रता दिवस मना रहा था, उसी समय डेढ़ टंगवा घाटी में कई परिवारों पर मातम टूट पड़ा। सड़क पर हुए इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि विकास के लिए बनी सड़कें आखिर कब सुरक्षित होंगी। स्थानीय लोगों ने दुर्घटना संभावित स्थल की तत्काल तकनीकी जांच, वैज्ञानिक अध्ययन, पर्याप्त चेतावनी संकेतक, गति नियंत्रण और अन्य आवश्यक सुरक्षा उपाय किए जाने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि सड़क निर्माण या डिजाइन में किसी प्रकार की तकनीकी खामी है, तो उसकी भी जांच कर जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए। सड़कें विकास की पहचान होती हैं, मौत का रास्ता नहीं। डेढ़ टंगवा घाटी में बार-बार हो रही दुर्घटनाएं चेतावनी दे रही हैं कि केवल हादसे के बाद जांच और कार्रवाई से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा। जरूरत है ऐसे ठोस कदम उठाने की, जिससे भविष्य में किसी मां की गोद न उजड़े, किसी पत्नी का सुहाग न छिने और किसी बच्चे के सिर से पिता का साया न उठे। पुलिस दुर्घटना के कारणों की जांच कर रही है। अब देखना होगा कि यह जांच केवल कागजों तक सीमित रहती है या डेढ़ टंगवा घाटी को सुरक्षित बनाने के लिए प्रशासन और संबंधित विभाग वास्तव में कोई ठोस कदम उठाते हैं।
डेढ़ टंगवा घाटी में मौत का तांडव: कंटेनर ने टेंपो और बाइक को रौंदा, छह लोगों की मौत की प्रारंभिक सूचना जोहार झारखंड / ब्यूरो देवसुंदर यादव। चंदवा/लातेहार। स्वतंत्रता दिवस के दिन शनिवार की शाम करीब चार बजे चंदवा थाना क्षेत्र के डेढ़ टंगवा घाटी में भीषण सड़क हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। लुकूइया मोड़ से करीब एक किलोमीटर दूर लोहरदगा की ओर से चंदवा की तरफ आ रहा एक कंटेनर अनियंत्रित होकर टेंपो और मोटरसाइकिल पर चढ़ गया। हादसा इतना भयावह था कि कई लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार टेंपो लातेहार सदर प्रखंड के कोढ़ासासंग से चंदवा होते हुए लोहरदगा की ओर जा रहा था। इसी दौरान सामने से आ रहे कंटेनर ने नियंत्रण खो दिया और टेंपो तथा मोटरसाइकिल को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे में छह लोगों की मौत की प्रारंभिक सूचना सामने आ रही है। मृतकों में चार पुरुष, करीब 10 वर्षीय एक बच्चा और एक महिला के शामिल होने की बात कही जा रही है। पीछे से आ रहा एक
बाइक सवार भी दुर्घटना की चपेट में आया, जिसमें एक महिला के घायल होने की सूचना है। घायल महिला को इलाज के लिए लातेहार सदर अस्पताल भेजे जाने की बात कही जा रही है। हालांकि, मृतकों की वास्तविक संख्या और उनकी पहचान की आधिकारिक पुष्टि पुलिस द्वारा की जानी बाकी है। चीख-पुकार से दहली घाटी हादसे के बाद घटनास्थल पर चीख-पुकार मच गई। दुर्घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के ग्रामीण बड़ी संख्या में मौके पर पहुंच गए। सूचना मिलने पर चंदवा थाना पुलिस दल-बल के साथ घटनास्थल पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। शाम को लातेहार जिले के वरीय पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे और दुर्घटना की जानकारी ली। राज्यसभा सांसद बैद्यनाथ राम तथा वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर के भी घटनास्थल पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लेने की सूचना है। एक परिवार के चार लोगों के हादसे की चपेट में आने की चर्चा हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में मातम का माहौल है। प्रारंभिक जानकारी में एक ही परिवार
के चार लोगों के दुर्घटना की चपेट में आने की बात भी सामने आ रही है। हालांकि, इस संबंध में भी आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है। यदि यह जानकारी सही साबित होती है, तो यह हादसा एक परिवार के लिए बेहद त्रासद और कभी न भरने वाला जख्म बन जाएगा। बार-बार हादसों से सवालों के घेरे में डेढ़ टंगवा घाटी डेढ़ टंगवा घाटी में लगातार हो रही सड़क दुर्घटनाओं ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि सड़क की बनावट, ढलान और तीखे मोड़ बड़े वाहनों के लिए चुनौतीपूर्ण हैं। उनका आरोप है कि लगातार हादसों के बावजूद दुर्घटना संभावित इस स्थान पर स्थायी सुरक्षा उपाय नहीं किए गए हैं। ग्रामीणों का सवाल है कि आखिर कितनी और जिंदगियां उजड़ने के बाद संबंधित विभाग गंभीर कदम उठाएगा? आज फिर उजड़े परिवार, कल किसकी बारी? जब पूरा देश स्वतंत्रता दिवस मना रहा था, उसी समय डेढ़ टंगवा घाटी में कई परिवारों पर मातम टूट पड़ा। सड़क पर हुए इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा
कर दिया है कि विकास के लिए बनी सड़कें आखिर कब सुरक्षित होंगी। स्थानीय लोगों ने दुर्घटना संभावित स्थल की तत्काल तकनीकी जांच, वैज्ञानिक अध्ययन, पर्याप्त चेतावनी संकेतक, गति नियंत्रण और अन्य आवश्यक सुरक्षा उपाय किए जाने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि सड़क निर्माण या डिजाइन में किसी प्रकार की तकनीकी खामी है, तो उसकी भी जांच कर जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए। सड़कें विकास की पहचान होती हैं, मौत का रास्ता नहीं। डेढ़ टंगवा घाटी में बार-बार हो रही दुर्घटनाएं चेतावनी दे रही हैं कि केवल हादसे के बाद जांच और कार्रवाई से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा। जरूरत है ऐसे ठोस कदम उठाने की, जिससे भविष्य में किसी मां की गोद न उजड़े, किसी पत्नी का सुहाग न छिने और किसी बच्चे के सिर से पिता का साया न उठे। पुलिस दुर्घटना के कारणों की जांच कर रही है। अब देखना होगा कि यह जांच केवल कागजों तक सीमित रहती है या डेढ़ टंगवा घाटी को सुरक्षित बनाने के लिए प्रशासन और संबंधित विभाग वास्तव में कोई ठोस कदम उठाते हैं।
- सुल्तानगंज से गंगाजल उठाकर रवाना हुए श्रद्धालु गूंजा ‘बोल बम..🚩🙏🏻1
- ज़ायरा, नयरा और ज़ानत की तरफ से आप सभी को स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक बधाइयाँ!" ज़ायरा, नयरा और ज़ानत की तरफ से आप सभी को स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक बधाइयाँ!"1
- भारी बारिश से बह गया नामुदाग का जर्जर पहुंच मार्ग, हजारों ग्रामीण परेशान पंचायत सचिवालय को प्रखंड मुख्यालय से जोड़ने वाली सड़क क्षतिग्रस्त *मनिका, लातेहार।* मनिका प्रखंड मुख्यालय से महज 4 किमी की दूरी पर स्थित नामुदाग पंचायत के नामुदाग गांव का पूर्व से जर्जर पहुंच मार्ग 13 अगस्त की भारी बारिश में बह गया। यह सड़क नामुदाग पंचायत सचिवालय के टोला दुबजरवा और भदईबथान गांव से होते हुए मनिका प्रखंड मुख्यालय को जोड़ती है। इसी रास्ते से हजारों ग्रामीण प्रतिदिन आवागमन करते हैं। सड़क बह जाने से गांव के लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि बरसात के दिनों में यह रास्ता पूरी तरह बंद हो गया है, जिससे स्कूली बच्चों, मरीजों और दैनिक कामकाज के लिए मुख्यालय जाने वाले लोगों को दिक्कत हो रही है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से अविलंब वैकल्पिक व्यवस्था करने और सड़क की मरम्मत कराने की मांग की है।4
- उमेडंडा में स्टार प्लस इंटर नेशनल स्कूल ने स्वतंत्रता दिवस पर रंगारंग कार्यक्रम से जगाया उत्साह, स्कूल परिसर गूँजा तिरंगे के जयकारों से1
- बुढ़मू प्रखंड सहित आसपास के क्षेत्रों में 15 अगस्त 80वा स्वतंत्रता दिवस मनाया गया। *बुढ़मू प्रखंड सहित आसपास के क्षेत्रों में 15 अगस्त 80वा स्वतंत्रता दिवस मनाया गया। *प्रखंड मुख्यालय बुढ़मू में प्रखंड प्रमुख सतनारायण मुंडा, कस्तूरबा गांधी विद्यालय में बुढ़मू बीडीओ धीरज कुमार, बुढ़मू थाना में थानेदार नवीन कुमार शर्मा, प्रखंड के स्वास्थ्य केंद्र बुढ़मू में सीएचसी प्रभारी डॉ मो० ईरशाद ,ठाकुरगांव थाना में ठाकुरगांव थानेदार, बुढ़मू वनपाल में ललित कुमार, *स्टार प्लस इंटरनेशन स्कूल* उमेडंडा में राजेंद्र देव सिंह,पंचायत सचिवालय में मुखिया दशमी देवी, सन राइस पब्लिक स्कूल में विक्रांत नायक सहित अन्य स्थानों में ध्वजारोहण किया गया। साथ ही साथ स्टार प्लस इंटरनेशन स्कूल में परेड का आयोजन किया गया जिसका कमान एएसआई सुधीर सोरेन और उनके टीम के द्वारा किया गया।1
- देशभक्ति के रंग में रंगा सिसई, धूमधाम से मनाया गया 80 वें स्वतंत्रता दिवस गुमला जिला के सिसई प्रखंड में 80 वें स्वतंत्रता दिवस पूरे उत्साह और देशभक्ति के माहौल में मनाया गया। सुबह से ही प्रखंड क्षेत्र में स्वतंत्रता दिवस की उमंग देखने को मिली। जगह-जगह तिरंगा शान से लहराया और देशभक्ति के नारों व गीतों से पूरा सिसई गूंज उठा। प्रखंड सह अंचल कार्यालय परिसर में प्रमुख मीना देवी ने झंडोतोलन की। झंडोतोलन के बाद उपस्थित लोगों ने राष्ट्रगान गाकर तिरंगे को सलामी दी। प्रमुख मीना देवी ने प्रखंडवासियों को 80वें स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए देश के स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान को याद की । उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता केवल हमारा अधिकार नहीं, बल्कि इसे मजबूत बनाए रखना हम सभी की जिम्मेदारी भी है। समाज में आपसी भाईचारा, एकता और सौहार्द बनाए रखते हुए क्षेत्र के विकास में सभी को अपनी भूमिका निभानी चाहिए। कार्यक्रम में प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचलाधिकारी, थाना प्रभारी, सरकारी कर्मी, जनप्रतिनिधि एवं स्थानीय लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम स्थल पर देशभक्ति का उत्साह देखते ही बन रहा था। साथ ही प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न विद्यालयों, सरकारी कार्यालयों एवं संस्थानों में भी झंडोतोलन किया गया। विद्यालयों में बच्चों ने देशभक्ति गीत, सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं अन्य प्रस्तुतियों के माध्यम से आजादी के पर्व को यादगार बनाया।1
- गांधी चौक महुआडार में शनिवार की सुबह 9:00 बजे ध्वज रोहण प्रखंड विकास पदाधिकारी संतोष कुमार बैठने किया। इस मौके पर उपस्थित प्रखंड प्रमुख कंचन कुजूर जिला परिषद सदस्य स्टेला नगेसिया अनुमंडल पदाधिकारी सुलेमान मुंदरी प्रखंड विकास पदाधिकारी संतोष कुमार बैठा एवं गण्यमान्य लोगों ने महात्मा गांधी के चित्र पर माल्यार्पण कर पुष्पांजलि अर्पित किया। गांधी चौक महुआडार में शनिवार की सुबह 9:00 बजे ध्वज रोहण प्रखंड विकास पदाधिकारी संतोष कुमार बैठने किया। इस मौके पर उपस्थित प्रखंड प्रमुख कंचन कुजूर जिला परिषद सदस्य स्टेला नगेसिया अनुमंडल पदाधिकारी सुलेमान मुंदरी प्रखंड विकास पदाधिकारी संतोष कुमार बैठा एवं गण्यमान्य लोगों ने महात्मा गांधी के चित्र पर माल्यार्पण कर पुष्पांजलि अर्पित किया।1
- उत्साहभरा क्रिकेट प्रतियोगिता — फुटबॉल में नया सवेरा,ग्रामीण फुटबॉल टूर्नामेंट का भव्य आगाज़ यूनाइटेड युथ क्लब तुरमली द्वारा शनिवार को आयोजित चार दिवसीय फुटबॉल टूर्नामेंट ने स्थानीय खेल प्रेमियों में नई ऊर्जा भर दी। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व उपाध्यक्ष जिला परिषद रांची पार्वती देवी ने खिलाड़ियों का परिचय लिया और उद्घाटन किक किया। हेसलपीरी मुखिया कुशेंद्र पहान व उप मुखिया सोना लाल महतो ने भी मैच का शुभारम्भ करके कहा कि ऐसे आयोजन युवाओं को सकारात्मक दिशा देते हैं। मैदान पर मौजूद दर्शकों ने तालियों व नारों से समर्थन दिया। उद्घाटन के अवसर पर ललित महतो, प्रमोद महतो तथा क्लब के सभी पदाधिकारी व सदस्य उपस्थित रहे। आयोजकों ने बताया कि टूर्नामेंट का मकसद न केवल विजेता चुनना बल्कि खेल के माध्यम से सामुदायिक एकता और अनुशासन बढ़ाना भी है। चार दिनों तक चले मैचों में स्थानीय स्कूलों व युवा टीमों की बड़ी भागीदारी है और आयोजन के सफल संचालन के लिए स्वैच्छिक कार्यकर्ताओं को सहयोग दिया जाएगा।1
- मनिका, लातेहार :- मनिका प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत नामुदाग पंचायत में स्थित उर्दू मध्य विद्यालय में 80वां स्वतंत्रता दिवस बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। कार्यक्रम की शुरुआत विद्यालय के प्रधानाचार्य श्री उदय कुमार द्वारा झंडोत्तोलन कर की गई। इसके बाद प्रधानाचार्य ने 15 अगस्त के ऐतिहासिक महत्व और शहीदों के बलिदान पर विस्तृत भाषण दिया। त्पश्चात विद्यालय प्रांगण में बच्चों द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। छात्रों ने देशभक्ति गीत, लोक संगीत और नृत्य से सभी का मन मोह लिया। बच्चों के उत्साहवर्धन के लिए कार्यक्रम के अंत में पुरस्कार वितरण भी किया गया। इस अवसर पर विद्यालय प्रबंधन समिति के अध्यक्ष शमशेर आलम, पूर्व अध्यक्ष संजय राम, संयोजिका, पूर्व उपाध्यक्ष कौसर अंसारी, सहायक शिक्षिकाएं आशा देवी, नीलू देवी, सहायक कंप्यूटर शिक्षक सुनील यादव, मुजाहिद अंसारी, मुर्तुज अंसारी, आशिक आलम, राजदेव राम सहित बड़ी संख्या में अभिभावक और ग्रामीण उपस्थित थे।1