मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 10 जुलाई को उज्जैन जिले के नागदा में 5017 करोड़ रुपये की लागत वाले 'उज्जैन-जावरा 4-लेन ग्रीनफील्ड मार्ग' का भूमि-पूजन किया। इस कार्यक्रम में कर्नाटक के राज्यपाल डॉ. थावरचंद गहलोत भी उपस्थित थे। 98.73 किलोमीटर लंबा यह मार्ग उज्जैन दक्षिण, घट्टिया, नागदा-खाचरौद, आलोट और जावरा विधानसभा क्षेत्रों से होकर गुजरेगा, जिससे लगभग 35 लाख आबादी और 62 गांवों को सीधा लाभ मिलेगा। इस परियोजना में 3 रेल ओवरब्रिज, 9 वृहद पुल, 26 मध्यम पुल और 417 पुलियों का निर्माण शामिल है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और राज्यपाल डॉ. गहलोत ने नागदा में एक नए सेंट्रल स्कूल का भी शुभारंभ किया, जहाँ 30 जुलाई से कक्षाएं शुरू होंगी। इसके अलावा, उज्जैन जिला प्रशासन की सड़क सुरक्षा पहल 'जनसेवा प्रहरी' का आगाज किया गया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कई विकास कार्यों की घोषणा की, जिनमें पुराने जावरा-उज्जैन मार्ग का चौड़ीकरण, निनावट खेड़ा में चंबल नदी पर डैम का निर्माण और नागदा में नया आईटीआई इंस्टीट्यूट खोलना शामिल है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह मार्ग वर्ष 2028 के सिंहस्थ के लिए अत्यंत सहायक सिद्ध होगा। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि आज भारत सनातन संस्कृति के साथ वैश्विक स्तर पर चमक रहा है। उन्होंने कांग्रेस के शासनकाल पर निशाना साधते हुए कहा कि लंबे समय तक सत्ता में रहने के बावजूद विकास के लिए सही इच्छाशक्ति का अभाव था। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि मध्यप्रदेश अब सबसे ज्यादा रोजगार देने वाला राज्य है और राज्य में औद्योगिकीकरण व इंफ्रास्ट्रक्चर के साथ ही निवेश को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 10 जुलाई को उज्जैन जिले के नागदा में 5017 करोड़ रुपये की लागत वाले 'उज्जैन-जावरा 4-लेन ग्रीनफील्ड मार्ग' का भूमि-पूजन किया। इस कार्यक्रम में कर्नाटक के राज्यपाल डॉ. थावरचंद गहलोत भी उपस्थित थे। 98.73 किलोमीटर लंबा यह मार्ग उज्जैन दक्षिण, घट्टिया, नागदा-खाचरौद, आलोट और जावरा विधानसभा क्षेत्रों से होकर गुजरेगा, जिससे लगभग 35 लाख आबादी और 62 गांवों को सीधा लाभ मिलेगा। इस परियोजना में 3 रेल ओवरब्रिज, 9 वृहद पुल, 26 मध्यम पुल और 417 पुलियों का निर्माण शामिल है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और राज्यपाल डॉ. गहलोत ने नागदा में एक नए सेंट्रल स्कूल का भी शुभारंभ किया, जहाँ 30 जुलाई से कक्षाएं शुरू होंगी। इसके अलावा, उज्जैन जिला प्रशासन की सड़क सुरक्षा पहल 'जनसेवा प्रहरी' का आगाज किया गया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कई विकास कार्यों की घोषणा की, जिनमें पुराने जावरा-उज्जैन मार्ग का चौड़ीकरण, निनावट खेड़ा में चंबल नदी पर डैम का निर्माण और नागदा में नया आईटीआई इंस्टीट्यूट खोलना शामिल है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह मार्ग वर्ष 2028 के सिंहस्थ के लिए अत्यंत सहायक सिद्ध होगा। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि आज भारत सनातन संस्कृति के साथ वैश्विक स्तर पर चमक रहा है। उन्होंने कांग्रेस के शासनकाल पर निशाना साधते हुए कहा कि लंबे समय तक सत्ता में रहने के बावजूद विकास के लिए सही इच्छाशक्ति का अभाव था। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि मध्यप्रदेश अब सबसे ज्यादा रोजगार देने वाला राज्य है और राज्य में औद्योगिकीकरण व इंफ्रास्ट्रक्चर के साथ ही निवेश को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है।
- मध्य प्रदेश के खरगोन जिले के बड़वाह में टॉवर लाइन का उचित मुआवजा नहीं मिलने से आक्रोशित किसानों ने म.प्र. पावर कंपनी के प्रबंधक की शव यात्रा निकाली है। किसान टॉवर लाइन के लिए उचित मुआवजा न मिलने के कारण बेहद नाराज हैं और इसी आक्रोश के चलते उन्होंने प्रबंधक की शव यात्रा निकालकर अपना विरोध जताया है।1
- सनावद में कुछ दिन पहले सामने आए लव जिहाद के एक मामले के विरोध में शुक्रवार को सकल हिंदू समाज के तत्वावधान में एक विशाल आक्रोश रैली निकाली गई। यह रैली मुरली मनोहर (बावड़ी) मंदिर परिसर से दोपहर 4 बजे शुरू हुई और नगर के प्रमुख मार्गों—सुभाष चौक, मोटका चौराहा और बस स्टैंड से होते हुए पुलिस थाना परिसर तक पहुंची। इस आयोजन में बड़ी संख्या में युवाओं, महिलाओं और नगर के गणमान्य नागरिकों ने भाग लिया, जिन्होंने महिलाओं की सुरक्षा, उनके सम्मान और कानून के प्रभावी क्रियान्वयन की मांग को लेकर नारे लगाए। पुलिस थाना परिसर में समाज के प्रतिनिधिमंडल ने अनुविभागीय अधिकारी सत्यनारायण दर्रो को जिलाधीश के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि युवतियों को प्रेम, विवाह या बेहतर भविष्य का झांसा देकर उनका शोषण किया जा रहा है और उन पर मानसिक दबाव बनाया जा रहा है। इसके साथ ही, कथित लैंड जिहाद के मामलों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की मांग की गई। आयोजकों का स्पष्ट कहना है कि अपराध करने वालों की पहचान उनके धर्म से नहीं बल्कि उनके कृत्य से होनी चाहिए और कानून का शासन सभी के लिए समान रूप से लागू होना चाहिए। सकल हिंदू समाज ने प्रशासन को 10 दिन का समय दिया है। समाज ने चेतावनी दी है कि यदि इस अवधि के भीतर उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो आगामी समय में उग्र आंदोलन के माध्यम से रणनीति तैयार की जाएगी। शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई इस रैली के बाद अब स्थानीय नागरिकों की निगाहें प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं, जहां लोग निष्पक्ष जांच और दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की अपेक्षा कर रहे हैं।4
- पुनासा के मुंदी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में स्थित एक बंद पड़े खंडहर क्वार्टर में शुक्रवार दोपहर को एक नवजात शिशु मिलने से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। राहगीरों ने बच्चे के रोने की आवाज सुनी और मौके पर पहुंचकर देखा तो नवजात वहां पड़ा हुआ था। इसके बाद तुरंत अस्पताल प्रबंधन और पुलिस को घटना की सूचना दी गई। सूचना पाकर बीएमओ डॉ. आनंद ओनकर अस्पताल स्टाफ के साथ मौके पर पहुंचे और कुछ ही देर में पुलिस भी वहां आ गई। नवजात को तत्काल अस्पताल के लेबर रूम में ले जाकर प्राथमिक उपचार दिया गया। चिकित्सकों के अनुसार, नवजात बालक पूरी तरह से स्वस्थ है और उसका जन्म करीब 2 से 3 घंटे पहले ही हुआ था। नवजात के गले में हरे रंग के कपड़े की चिंदी बंधी हुई थी। करीब दो घंटे तक मुंदी अस्पताल में रखने के बाद नवजात को एम्बुलेंस की मदद से जिला अस्पताल खंडवा भिजवाया गया, जहां उसे भर्ती करा दिया गया है। जानकारी के अनुसार, पिछले 24 घंटे के दौरान मुंदी अस्पताल में कोई प्रसव नहीं हुआ है, जिसके चलते पुलिस अब इस बात की गहन जांच में जुट गई है कि बच्चे को वहां कौन छोड़कर गया है।1
- खरगोन में बारिश के बाद सड़कों की स्थिति बेहद चुनौतीपूर्ण हो गई है। जगह-जगह बड़े गड्ढे होने के कारण वाहन चालकों को यात्रा के दौरान भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सफर के दौरान खराब रास्तों की वजह से चालकों के शरीर पर भी काफी जोर पड़ता है और उन्हें भारी थकान महसूस होती है। अब संबंधित विभाग से यह उम्मीद की जा रही है कि वह जल्द ही इस ओर ध्यान देगा ताकि आम जनता का सफर सुरक्षित और आरामदायक बन सके। इस गंभीर समस्या के बीच लोगों से यह तीखा सवाल भी पूछा जा रहा है कि क्या खरगोन की खस्ताहाल सड़कों ने उनकी भी हालत खराब कर दी है।1
- खरगोन जिले के गोगांवा स्थित ग्राम अंदर में खरगोन रोड के पास, भीलवाड़ा मंदिर के निकट अभिलेख प्रणाली से संबंधित कार्य अभी तक पूरा नहीं हो पाया है। इस क्षेत्र में सीबीएसई और अभिलेख प्रणाली के कार्यों में आ रही बाधाओं के कारण काम लंबित है।1
- इंदौर के हीरानगर थाना क्षेत्र में एक शातिर चोर को पकड़ने में बड़ी सफलता हाथ लगी है। इस कार्रवाई के दौरान पुलिस द्वारा तीन मोटरसाइकिलें भी जप्त की गई हैं।1
- खरगोन के बिलखेड़ रोड पर कचरे का बड़ा ढेर जमा होने और आवारा कुत्तों के खौफनाक मंजर के कारण स्कूली छात्राओं की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। इस बदहाल स्थिति के चलते यहाँ से गुजरने वाले बच्चे और विशेषकर छात्राएं लगातार डर के साये में रहने को मजबूर हैं। स्थानीय स्तर पर प्रशासन की चुप्पी पर भारी आक्रोश है। इस संबंध में जनसुनवाई में शिकायत भी दर्ज कराई गई थी, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। सवाल उठ रहे हैं कि आखिर प्रशासन कब जागेगा और क्या किसी बड़े हादसे के होने का इंतज़ार किया जा रहा है? अब आम जनता से इस स्थिति को जिम्मेदार अधिकारियों तक पहुँचाने और अपनी आवाज़ बुलंद करने की अपील की जा रही है, ताकि समय रहते बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।1
- मध्य प्रदेश के इंदौर जिले के महू अंतर्गत जनापाव में एक युवक खतरनाक अंदाज में फोटोशूट कराकर अपनी जान जोखिम में डालता हुआ दिखाई दिया है। यह युवक वहां लगी रेलिंग पर चढ़कर फोटो खिंचवा रहा था। वैसे तो इस तरह के खतरनाक दृश्य आम दिनों में पातालपानी जाम गेट पर भी देखे जा सकते हैं, लेकिन प्रशासन द्वारा सुरक्षा के मद्देनजर इन जगहों पर जाने पर पूरी तरह से पाबंदी लगाई गई है। इसके बावजूद युवक द्वारा इस तरह जानलेवा तरीके से फोटोशूट करना प्रशासनिक नियमों की अनदेखी को दर्शाता है।1