बेल्थरारोड नगर पंचायत के वार्ड नंबर-6 में रहने वाली एक महिला ने कुछ लोगों पर उसके घर में घुसकर मारपीट करने, अभद्रता करने और जान से मारने की धमकी देने का गंभीर आरोप लगाया है। महिला के अनुसार, 5 जुलाई की शाम करीब 7 बजे एक विवाद के दौरान आरोपी उसके घर पहुंचे और गाली-गलौज करने लगे। जब उसने विरोध किया तो उन्होंने दरवाजा तोड़कर घर में प्रवेश किया और उसके साथ मारपीट की। बीच-बचाव करने आए उसके भाई के सिर पर कथित तौर पर रॉड से हमला किया गया, जिससे वह घायल हो गया। पीड़िता का कहना है कि इस हमले में उसके गले, गाल और शरीर के अन्य हिस्सों में चोटें आई हैं, और सिर में लगी चोट के कारण वह बार-बार बेहोश हो रही है। महिला ने यह भी आरोप लगाया कि आरोपियों ने उसे जान से मारने की धमकी दी। इस घटना के संबंध में महिला ने पुलिस चौकी सीयर में तहरीर देकर आरोपियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने तहरीर प्राप्त कर ली है और मामले की जांच शुरू कर दी है, जिसके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
बेल्थरारोड नगर पंचायत के वार्ड नंबर-6 में रहने वाली एक महिला ने कुछ लोगों पर उसके घर में घुसकर मारपीट करने, अभद्रता करने और जान से मारने की धमकी देने का गंभीर आरोप लगाया है। महिला के अनुसार, 5 जुलाई की शाम करीब 7 बजे एक विवाद के
दौरान आरोपी उसके घर पहुंचे और गाली-गलौज करने लगे। जब उसने विरोध किया तो उन्होंने दरवाजा तोड़कर घर में प्रवेश किया और उसके साथ मारपीट की। बीच-बचाव करने आए उसके भाई के सिर पर कथित तौर पर रॉड से हमला किया गया, जिससे वह घायल हो गया। पीड़िता का
कहना है कि इस हमले में उसके गले, गाल और शरीर के अन्य हिस्सों में चोटें आई हैं, और सिर में लगी चोट के कारण वह बार-बार बेहोश हो रही है। महिला ने यह भी आरोप लगाया कि आरोपियों ने उसे जान से मारने की धमकी दी। इस
घटना के संबंध में महिला ने पुलिस चौकी सीयर में तहरीर देकर आरोपियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने तहरीर प्राप्त कर ली है और मामले की जांच शुरू कर दी है, जिसके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
- झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा के केंद्रीय वरीय उपाध्यक्ष देवेंद्र नाथ महतो के नेतृत्व में बड़ी संख्या में छात्रों, अभिभावकों और कार्यकर्ताओं ने JPSC के खिलाफ सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने "JPSC अध्यक्ष मुर्दाबाद", "झारखंड सरकार होश में आओ" और "छात्रों के साथ अन्याय बंद करो" जैसे नारे लगाए। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान, अल्बर्ट एक्का चौक पर JPSC अध्यक्ष का पुतला दहन किया गया और परीक्षा प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच की मांग की गई। देवेंद्र नाथ महतो ने आरोप लगाया है कि 14वीं संयुक्त सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा में गंभीर अनियमितताएं हुई हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक निष्पक्ष जांच पूरी नहीं हो जाती, मुख्य परीक्षा आयोजित करना लाखों अभ्यर्थियों के साथ अन्याय होगा। इस मामले से संबंधित दस्तावेज और साक्ष्य राज्यपाल को भी सौंपे गए हैं, और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग भी की गई है। इस पूरे विरोध के दौरान देवेंद्र नाथ महतो के नेतृत्व में JPSC के खिलाफ एक मशाल जुलूस भी निकाला गया।1
- एक व्यक्ति ने अपनी गंभीर परेशानी बताते हुए अधिकारियों और लोगों से मदद की गुहार लगाई है। पीड़ित का कहना है कि कुछ लोग उन्हें अपना घर नहीं बनाने दे रहे हैं, जिसके कारण वे बहुत परेशान हैं और लगातार सहायता के लिए अपील कर रहे हैं।1
- उत्तर प्रदेश सरकार ने शिक्षकों और शिक्षा कर्मियों के स्वास्थ्य संरक्षण की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए 'मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना' का शुभारंभ किया है। मऊ जनपद के प्रधान समिति सभागार में आयोजित कार्यक्रम में प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री श्री ए.के. शर्मा ने मुख्य अतिथि के रूप में इस योजना का उद्घाटन किया। इस पहल के माध्यम से पात्र शिक्षकों और उनके आश्रित परिवार के सदस्यों को सूचीबद्ध अस्पतालों में कैशलेस और निःशुल्क उपचार की सुविधा मिलेगी, जिससे गंभीर बीमारियों के इलाज में आने वाले आर्थिक बोझ को कम करने के साथ ही गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सेवाओं तक उनकी आसान पहुंच सुनिश्चित होगी। मंत्री ए.के. शर्मा ने इस अवसर पर उपस्थित शिक्षकों और शिक्षा कर्मियों को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार शिक्षकों के सम्मान, सुरक्षा और कल्याण के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने शिक्षकों को समाज और राष्ट्र निर्माण का आधार स्तंभ बताया, जो नई पीढ़ी को दिशा देने का महत्वपूर्ण कार्य करते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में शुरू की गई यह योजना स्वस्थ शिक्षकों के माध्यम से एक मजबूत शिक्षा व्यवस्था का आधार बनेगी, साथ ही शिक्षकों और उनके परिवारों को सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन प्रदान करने के सरकार के उद्देश्य को भी पूरा करेगी। यह योजना बेसिक शिक्षा विभाग और माध्यमिक शिक्षा विभाग के पात्र कर्मचारियों को लाभान्वित करेगी। इसमें बेसिक एवं माध्यमिक शिक्षा परिषद के विद्यालयों में कार्यरत शिक्षक, शिक्षामित्र, विशेष शिक्षक (सीडब्ल्यूएसएन), अनुदेशक, कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों के शिक्षक-शिक्षिकाएं, वार्डन और रसोइये सहित अन्य पात्र कार्मिक शामिल हैं। कार्यक्रम के दौरान, ऊर्जा मंत्री ने प्रतीकात्मक रूप से प्रमाण पत्र वितरित किए, जिनमें माध्यमिक शिक्षक प्रमोद सिंह, शिक्षामित्र हरी लाल यादव, बिना सिंह और अनुदेशक अरुण सिंह शामिल रहे। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी, जिलाध्यक्ष, जिला विद्यालय निरीक्षक, बेसिक शिक्षा अधिकारी सहित शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और बड़ी संख्या में शिक्षक-शिक्षिकाएं उपस्थित थे।4
- Post by RISHI RAI1
- उत्तर प्रदेश के मुहम्मदाबाद गोहना में पूर्व मंत्री श्रीराम सोनकर के एक बयान को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के कार्यकर्ताओं में भारी नाराजगी देखने को मिली है। कार्यकर्ताओं ने शहीद चौक पर बड़ी संख्या में इकट्ठा होकर इस बयान के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। भाजपा कार्यकर्ताओं का कहना है कि पूर्व मंत्री श्रीराम सोनकर ने भाजपा नेता छोटू प्रसाद के संबंध में जो टिप्पणी की है, वह अनुचित है और इससे पार्टी कार्यकर्ताओं की भावनाएं आहत हुई हैं। प्रदर्शन के दौरान, कार्यकर्ताओं ने मांग की कि पूर्व मंत्री श्रीराम सोनकर अपना बयान तुरंत वापस लें। उन्होंने पार्टी के भीतर आपसी सम्मान और संगठनात्मक मर्यादा को बनाए रखने पर भी जोर दिया। इस पर भाजपा नेता छोटू प्रसाद ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि राजनीतिक मतभेद अपनी जगह होते हैं, लेकिन किसी कार्यकर्ता या नेता के सम्मान पर सार्वजनिक मंच से टिप्पणी करना उचित नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि पार्टी का प्रत्येक कार्यकर्ता संगठन की मजबूती के लिए समर्पित है और सभी का सम्मान किया जाना चाहिए। इस विरोध प्रदर्शन में जिला उपाध्यक्ष रामसरन चौहान, मंडल अध्यक्ष जनार्दन शर्मा, मंडल महामंत्री अंकित सरोज, पूर्व मंडल अध्यक्ष ओमकार सिंह और प्रद्युम्न प्रताप सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता मौजूद रहे। कार्यकर्ताओं ने शांतिपूर्ण ढंग से अपना विरोध दर्ज कराया और संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारियों से इस पूरे मामले का संज्ञान लेने की मांग की है।1
- देवरिया पुलिस लाइन में पुलिसकर्मियों की उपस्थिति व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और तकनीक-आधारित बनाने के लिए एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। बुधवार को पुलिस अधीक्षक अभिजीत आर. शंकर ने पुलिस लाइन परिसर में दो डिजिटल फेस रिकग्निशन सिस्टम का शुभारंभ किया। इस नई प्रणाली का उद्देश्य पुलिस व्यवस्था को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और जवाबदेह बनाना है, जिसके लिए आधुनिक तकनीक का उपयोग आवश्यक बताया गया है। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि फेस रिकग्निशन आधारित यह प्रणाली पुलिसकर्मियों की गणना और उपस्थिति का सत्यापन अधिक सटीक, त्वरित और विश्वसनीय तरीके से कर सकेगी। इससे मैनुअल उपस्थिति प्रक्रिया में लगने वाले समय की बचत होगी और प्रशासनिक कार्यों में दक्षता बढ़ेगी। इस अवसर पर संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को डिजिटल फेस रिकग्निशन सिस्टम के संचालन, उपयोग और रखरखाव के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए। अधिकारियों ने उम्मीद जताई है कि इस तकनीकी व्यवस्था के लागू होने से पुलिस लाइन में उपस्थिति प्रणाली में और अधिक पारदर्शिता आएगी, जिससे प्रशासनिक कार्यों में सुगमता सुनिश्चित होगी। देवरिया पुलिस की यह पहल डिजिटल तकनीक के माध्यम से पुलिस प्रशासन को आधुनिक एवं अधिक जवाबदेह बनाने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है।3
- बलिया से समाजवादी पार्टी के जिला उपाध्यक्ष और प्रवक्ता सुशील पाण्डेय कान्हजी ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सांसद निशिकांत दुबे के खिलाफ तत्काल अनुशासनात्मक कार्रवाई की मांग की है। कान्हजी ने सांसद दुबे के हालिया बयानों को अमर्यादित और भड़काऊ बताया है। प्रेस विज्ञप्ति में सुशील पाण्डेय कान्हजी ने कहा कि देश इस समय राम मंदिर के चढ़ावे में कथित चोरी, जंतर-मंतर पर छात्रों और युवाओं के आंदोलन, पेपर लीक, बेरोजगारी, महंगाई तथा डीजल-पेट्रोल में इथेनॉल मिश्रण जैसे कई गंभीर मुद्दों का सामना कर रहा है। उनका आरोप है कि भाजपा इन मूलभूत मुद्दों से जनता का ध्यान भटकाने के लिए अपने कुछ नेताओं से लगातार भड़काऊ और अनर्गल बयान दिलवा रही है, जिससे सामाजिक और राजनीतिक वातावरण अनावश्यक रूप से प्रभावित हो रहा है। उन्होंने सांसद निशिकांत दुबे के बयानों को इसी प्रवृत्ति का एक उदाहरण बताया। कान्हजी ने विशेष रूप से कहा कि समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव का सार्वजनिक और राजनीतिक जीवन लोकतांत्रिक मूल्यों और विकासोन्मुखी राजनीति के लिए जाना जाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा अखिलेश यादव की बढ़ती जनस्वीकार्यता और लोकप्रियता से असहज महसूस कर रही है। इसी कारण, राजनीतिक लाभ लेने के इरादे से उनके विरुद्ध अनर्गल और अमर्यादित टिप्पणियां कराई जा रही हैं, जिन्हें उन्होंने पूरी तरह निंदनीय बताया। सुशील पाण्डेय कान्हजी ने इस बात पर जोर दिया कि लोकतांत्रिक राजनीति में वैचारिक मतभेद स्वीकार्य होते हैं, लेकिन व्यक्तिगत स्तर पर अभद्र और असंसदीय भाषा का उपयोग किसी भी जनप्रतिनिधि को शोभा नहीं देता। ऐसे बयान लोकतांत्रिक मर्यादाओं को कमजोर करते हैं और समाज में अनावश्यक तनाव का माहौल पैदा करते हैं। उन्होंने भाजपा से मांग की है कि वह अपने सांसद निशिकांत दुबे के बयान पर स्पष्ट रुख अपनाए और उनके खिलाफ तत्काल व प्रभावी कार्रवाई करे। कान्हजी ने यह भी कहा कि समाजवादी पार्टी के लाखों कार्यकर्ताओं की यही मांग है कि इस तरह की अमर्यादित राजनीति पर रोक लगाई जाए और लोकतांत्रिक संवाद की गरिमा को बनाए रखा जाए।1
- Post by Balwant1
- उत्तर प्रदेश के मऊ में जिला कांग्रेस कमेटी ने मुख्यमंत्री के बयानों और नीतियों के विरोध में एक जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे, जिन्होंने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और हिमंता बिस्वा शर्मा का पुतला दहन किया। इस प्रदर्शन का नेतृत्व जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राजमंगल यादव ने किया। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट किया कि वे लोकतांत्रिक तरीके से अपना विरोध दर्ज करा रहे हैं। राजमंगल यादव ने कहा कि कांग्रेस पार्टी जनता के मुद्दों को लेकर लगातार संघर्ष करती रहेगी और भविष्य में भी इसी तरह के विरोध प्रदर्शन जारी रहेंगे।1