अपराधी की गिरफ्तारी में देरी पर भड़का मीणा समाज: उपखंड अधिकारी को सौंपा ज्ञापन, उग्र आंदोलन की चेतावनी लालसोट। क्षेत्र में कानून व्यवस्था और पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर आमजन का भरोसा डगमगाने लगा है। मृतक के चचेरे भाई द्वारा FIR दर्ज होने के 5 दिन बाद भी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं होने से आक्रोशित मीणा समाज के लोगों का गुस्सा सोमवार को फूट पड़ा। समाज के सैकड़ों लोगों ने एकत्रित होकर प्रशासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया और उपखंड अधिकारी (SDM) को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर त्वरित कार्रवाई की मांग की। 5 दिन बीते, नतीजा शून्य: पुलिस की कार्यशैली पर उठे सवाल पूरा मामला FIR संख्या 153/2026 से जुड़ा है। समाज के प्रतिनिधियों का कहना है कि हत्या का मामला दर्ज हुए करीब एक हफ्ता होने को है, लेकिन पुलिस प्रशासन केवल कागजी खानापूर्ति और औपचारिकताओं (Formality) में लगा हुआ है। पीड़ित पक्ष और समाज के लोगों का आरोप है कि नामजद आरोपी होने के बावजूद पुलिस उसे पकड़ने में नाकाम साबित हो रही है, जिससे क्षेत्र में अपराधियों के हौसले बुलंद हैं और आमजन में असुरक्षा का भाव पैदा हो रहा है। उपखंड कार्यालय पर नारेबाजी, प्रशासन को घेरा आज बड़ी संख्या में मृतक धर्मेंद्र मीणा को न्याय दिलाने के पक्ष मे मीणा समाज के युवा और बुजुर्ग उपखंड कार्यालय पहुंचे। यहाँ पुलिस की सुस्ती के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई। ज्ञापन सौंपते समय वक्ताओं ने कहा कि पुलिस केवल आश्वासन देने का काम कर रही है, जबकि धरातल पर कोई ठोस कार्रवाई नजर नहीं आ रही है। ज्ञापन की मुख्य मांगें: अविलंब गिरफ्तारी: नामजद अपराधी को 48 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर जेल भेजा जाए। जांच में पारदर्शिता: मामले की जांच किसी उच्च अधिकारी की निगरानी में निष्पक्ष तरीके से हो। सुरक्षा का भरोसा: पीड़ित परिवार को सुरक्षा प्रदान की जाए। "धैर्य की परीक्षा न ले प्रशासन" - समाज की कड़ी चेतावनी ज्ञापन सौंपने के बाद मीडिया से रूबरू होते हुए समाज के प्रबुद्धजनों ने कहा कि समाज अब तक शांतिपूर्ण तरीके से न्याय की मांग कर रहा है, लेकिन इसे हमारी कमजोरी न समझा जाए। यदि आगामी दो दिनों में आरोपी सलाखों के पीछे नहीं होता है, तो मीणा समाज द्वारा लालसोट-गंगापुर हाईवे पर चक्का जाम किया जाएगा और बड़ा आंदोलन छेड़ा जाएगा, जिसकी समस्त जिम्मेदारी स्थानीय प्रशासन और पुलिस की होगी। SDM ने दिया कार्रवाई का भरोसा उपखंड अधिकारी विजेंद्र कुमार मीणा ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुना और ज्ञापन स्वीकार करते हुए आश्वस्त किया कि इस संबंध में तुरंत स्थानीय थानाधिकारी से रिपोर्ट तलब की जाएगी। उन्होंने समाज से शांति बनाए रखने की अपील करते हुए जल्द से जल्द वैधानिक कार्रवाई का भरोसा दिया है। ब्यूरो रिपोर्ट: खेमराज जोशी, शुरू न्यूज
अपराधी की गिरफ्तारी में देरी पर भड़का मीणा समाज: उपखंड अधिकारी को सौंपा ज्ञापन, उग्र आंदोलन की चेतावनी लालसोट। क्षेत्र में कानून व्यवस्था और पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर आमजन का भरोसा डगमगाने लगा है। मृतक के चचेरे भाई द्वारा FIR दर्ज होने के 5 दिन बाद भी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं होने से आक्रोशित मीणा समाज के लोगों का गुस्सा सोमवार को फूट पड़ा। समाज के सैकड़ों लोगों ने एकत्रित होकर प्रशासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया और उपखंड अधिकारी (SDM) को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर त्वरित कार्रवाई की मांग की। 5 दिन बीते, नतीजा शून्य: पुलिस की कार्यशैली पर उठे सवाल पूरा मामला FIR संख्या 153/2026 से जुड़ा है। समाज के प्रतिनिधियों का कहना है कि हत्या का मामला दर्ज हुए करीब एक हफ्ता होने को है, लेकिन पुलिस प्रशासन केवल कागजी खानापूर्ति और औपचारिकताओं (Formality) में लगा हुआ है। पीड़ित पक्ष और समाज के लोगों का आरोप है कि नामजद आरोपी होने के बावजूद पुलिस उसे पकड़ने में नाकाम साबित हो रही है, जिससे क्षेत्र में अपराधियों के हौसले बुलंद हैं और आमजन में असुरक्षा का भाव पैदा हो रहा है। उपखंड कार्यालय पर नारेबाजी, प्रशासन को घेरा आज बड़ी संख्या में मृतक धर्मेंद्र मीणा को न्याय दिलाने के पक्ष मे मीणा समाज के युवा और बुजुर्ग उपखंड कार्यालय पहुंचे। यहाँ पुलिस की
सुस्ती के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई। ज्ञापन सौंपते समय वक्ताओं ने कहा कि पुलिस केवल आश्वासन देने का काम कर रही है, जबकि धरातल पर कोई ठोस कार्रवाई नजर नहीं आ रही है। ज्ञापन की मुख्य मांगें: अविलंब गिरफ्तारी: नामजद अपराधी को 48 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर जेल भेजा जाए। जांच में पारदर्शिता: मामले की जांच किसी उच्च अधिकारी की निगरानी में निष्पक्ष तरीके से हो। सुरक्षा का भरोसा: पीड़ित परिवार को सुरक्षा प्रदान की जाए। "धैर्य की परीक्षा न ले प्रशासन" - समाज की कड़ी चेतावनी ज्ञापन सौंपने के बाद मीडिया से रूबरू होते हुए समाज के प्रबुद्धजनों ने कहा कि समाज अब तक शांतिपूर्ण तरीके से न्याय की मांग कर रहा है, लेकिन इसे हमारी कमजोरी न समझा जाए। यदि आगामी दो दिनों में आरोपी सलाखों के पीछे नहीं होता है, तो मीणा समाज द्वारा लालसोट-गंगापुर हाईवे पर चक्का जाम किया जाएगा और बड़ा आंदोलन छेड़ा जाएगा, जिसकी समस्त जिम्मेदारी स्थानीय प्रशासन और पुलिस की होगी। SDM ने दिया कार्रवाई का भरोसा उपखंड अधिकारी विजेंद्र कुमार मीणा ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुना और ज्ञापन स्वीकार करते हुए आश्वस्त किया कि इस संबंध में तुरंत स्थानीय थानाधिकारी से रिपोर्ट तलब की जाएगी। उन्होंने समाज से शांति बनाए रखने की अपील करते हुए जल्द से जल्द वैधानिक कार्रवाई का भरोसा दिया है। ब्यूरो रिपोर्ट: खेमराज जोशी, शुरू न्यूज
- *आज गणेश निमंत्रण से शुरुआत की परशुराम जन्मोत्सव समारोह की* जयपुर 17 अप्रैल 2026 राजस्थान राज्य के पिंकसिटी शहर जयपुर के बिड़ला ऑडिटोरियम रविवार 19 अप्रैल 2026 को अक्षय तृतीया पर आयोजित होने वाले भगवान परशुराम जी के जन्मोत्सव के शुभ अवसर पर प्रदेश स्तरीय मुख्य पूजन एवम् महआरती कार्यक्रम के लिए आज मोती डूँगरी गणेश जी महाराज को निमंत्रण दे कर समारोह की शुरुआत की। भगवान परशुराम जी का जन्मोत्सव प्रति वर्ष धूमधाम से समस्त ब्राह्मण संगठनों और अन्य समाज के प्रतिनिधियों द्वारा भव्य सामूहिक पूजा और आरती कर मनाया जाता है जिसमे सभी जनप्रतिनिधि और गणमान्य लोग उपस्थित रहते है विप्र महासभा के संस्थापक और पूजन समिति के अध्यक्ष सुनील उदेईया ने बताया कि अक्षय तृतीया का दिन एक विशेष महत्व रखता है और एक बड़े पर्व के रूप में मनाया जाता है इस दिन का इंतज़ार देवता भी करते है । गणेश निमंत्रण में श्री परशुराम सेना के प्रदेश अध्यक्ष अनिल चतुर्वेदी, विप्र महासभा के प्रदेश अध्यक्ष योगेन्द्र भारद्वाज , संयोजक जितेंद्र मिश्रा , महिला अध्यक्ष हर्षिता शर्मा, युवा अध्यक्ष दीपेश मिश्रा, चिकित्सा प्रकोष्ठ के अध्यक्ष डॉ सोमेन्द्र सारस्वत, संजोग शर्मा, देवेंद्र शर्मा, कैलाश जोशी, कमलेश शर्मा, रीणू शर्मा सहित दर्जनों पदाधिकारी मौजूद रहे ।4
- Post by Anil Kumar gurjar1
- गंगापुर सिटी। गंगापुर सिटी जयपुर हाइवे पर बुधवार को गंगापुर से मंडावरी की ओर जा रही एक कार सीतोड़ समाधि के पास अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गई। गनिमत यह रही कि कोई हादसे के दौरान कोई जनहानि नहीं हुई और बड़ा हादसा होने से टल गया। जानकारी के अनुसार कार गंगापुर सिटी से मंडावरी की ओर जा रही थी और कार में बच्चे सहित करीब 7-8 लोग सवार थे। कार सभी लोग मंडावरी निवासी बताए जा रहे हैं। गंगापुर सिटी जयपुर रोड पर सीतौड के पास अचानक कार से चालक संतुलन खो बैठा और गाड़ी अनियंत्रित होकर पलट गई। कार के पलटने से आसपास के एक बार तो अफरा-तफरी मच गई। घटना के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। सड़क से गुजरते वाहन भी ठहर गए, जिससे तमाशगीनों का मजमा लग गया। घटना के तुरंत बाद राहत कार्य शुरू किया गया। सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। कार में सवार सभी को आसपास मौज्ूद लोगों ने बाहर निकाला। हालांकि दुर्घटना में कार में सवार लोगों के मामूली चोटें आई, कोई जनहानि नहीं हुई और बडा हादसा होने से टल गया।1
- Post by Anil Kumar journalist1
- चंडीगढ़ और पटना के बाद अब उत्तर प्रदेश में भी कथित “जॉम्बी ड्रग” का मामला सामने आने से दहशत फैल गई है। बताया जा रहा है कि इस ड्रग के सेवन के बाद व्यक्ति करीब 2 से 3 घंटे तक एक ही अवस्था में खड़ा रह जाता है—न वह चल पाता है और न ही हाथ-पैरों से कोई हरकत कर पाता है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में लोग अजीब हालत में स्थिर खड़े नजर आ रहे हैं, जिससे लोगों में डर और चिंता बढ़ गई है। इससे पहले चंडीगढ़ में भी एक डिलीवरी बॉय के घंटों तक एक ही जगह खड़े रहने का मामला सामने आया था, जिसने इस “जॉम्बी ड्रग” को लेकर चर्चा तेज कर दी थी। हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि जिस तथाकथित “जॉम्बी ड्रग” की बात हो रही है, वह संभवतः विदेशों में इस्तेमाल होने वाला xylazine जैसा केमिकल हो सकता है, जो शरीर को सुन्न कर देता है और व्यक्ति को लगभग निष्क्रिय बना देता है। लेकिन अहम बात ये है कि कई मामलों में ये दावे अभी पूरी तरह पुष्टि नहीं हुए हैं। हाल ही में बेंगलुरु में वायरल एक “जॉम्बी ड्रग” वीडियो को पुलिस ने फर्जी बताया था और साफ किया था कि व्यक्ति किसी नशे में नहीं था, बल्कि अन्य कारणों से उस हालत में था। फिलहाल यूपी में सामने आए मामले की जांच जारी है। पुलिस और स्वास्थ्य विभाग सतर्क हो गए हैं और लोगों से अपील की जा रही है कि अफवाहों पर ध्यान न दें और संदिग्ध मामलों की तुरंत सूचना दें।1
- Post by Rakesh Kumar Swami1
- मजदूरी नहीं मिली तो पेंटर ने ... लालसोट के दौलतपुरा ग्राम पंचायत में मजदूरी नहीं मिलने से नाराज पेंटर ने पंचायत भवन पर लिखे नाम पर ही कालिख पोत दी। जानकारी के अनुसार पेंटर चन्द्रमोहन मीना ने साथी के साथ पंचायत भवन पर नाम व बोर्ड लिखने का काम किया था। काम पूरा होने के बाद भुगतान नहीं मिलने पर उसने विरोध स्वरूप कालिख पोतते हुए वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल दिया। पेंटर का आरोप है कि तय समय पर मजदूरी नहीं दी गई, जबकि ग्राम विकास अधिकारी राजवीर का कहना है कि भुगतान प्रक्रिया के तहत होता है और अवकाश के कारण देरी हुई।1
- प्रेस नोट 16 अप्रैल, 2026 *मैकडॉनल्ड रेस्टोरेंट का फूड लाइसेंस निलंबित,खाद्य कारोबार पर रोक* जयपुर द्वितीय। 16 अप्रैल। शुद्ध आहार मिलावट पर वार अभियान के तहत आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण, राजस्थान डॉक्टर टी शुभमंगला के निर्देश पर गत दिनों गौरव टावर स्थित मैकडॉनल्ड रेस्टोरेंट पर कार्यवाही की गई थी। सी एम एच ओ जयपुर द्वितीय डॉक्टर मनीष मित्तल ने बताया कि निरीक्षण के दौरान टीम ने उपयोग में लिए जा रहे खाद्य तेल का टी पी सी (टोटल पोलर कंपाउंड) निर्धारित मानक 25 से बहुत अधिक पाया गया था जो मानव स्वास्थ्य के लिए अत्यंत हानिकारक हो सकता है।मौके से लिया गया यूज्ड कुकिंग ऑयल का नमूना जांच रिपोर्ट में अनसेफ पाया गया था। उक्त फर्म को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम की धारा 32 के अंतर्गत इंप्रूवमेंट नोटिस जारी किया गया था अतिरिक्त आयुक्त श्री भगवत सिंह के निर्देश पर फूड सेफ्टी टीम द्वारा निर्धारित अवधि के पश्चात् पुनः निरीक्षण करने पर भी आउटलेट में अनेक कमियां पाई गई। उच्चाधिकारियों के निर्देशानुसार एक्ट की धारा 32 के अंतर्गत जनहित में फर्म का फूड लाइसेंस निलंबित कर किसी भी प्रकार के खाद्य कारोबार करने पर पाबंदी लगा दी गई है। फर्म द्वारा आउटलेट पर एवं ऑनलाइन प्लेटफार्म पर खाद्य सामग्री का बेचान नहीं किया जा सकता। आदेशों का उल्लंघन करने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। उक्त कार्यवाही में खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुशील चोटवानी, विनोद थारवान एवं राजेश नागर शामिल रहे।1
- 60 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ी गईं, दफ्तर से 4 लाख रुपये और बरामद राजस्थान में भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने बड़ी सफलता हासिल की है। नादौती की एसडीएम काजल मीणा को 60 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया है। जानकारी के अनुसार, आरोपी एसडीएम किसी काम के एवज में रिश्वत की मांग कर रही थीं, जिसकी शिकायत मिलने पर ACB ने जाल बिछाया और कार्रवाई को अंजाम दिया। छापेमारी के दौरान सिर्फ रिश्वत की रकम ही नहीं, बल्कि एसडीएम कार्यालय से करीब 4 लाख रुपये नकद भी बरामद किए गए हैं। फिलहाल ACB की टीम आरोपी से पूछताछ कर रही है और मामले में आगे की जांच जारी है। इस कार्रवाई के बाद प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है।1