कुशीनगर के रामकोला विधानसभा क्षेत्र में सोमवार को बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की समीक्षा एवं संगठन गठन बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करना और आगामी 2027 विधानसभा चुनाव की रणनीति पर चर्चा करना था। बैठक के मुख्य अतिथि पूर्व सांसद और गोरखपुर मंडल के मुख्य प्रभारी घनश्याम चंद खरवार रहे। उन्होंने बसपा की 'सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय' नीतियों पर जोर देते हुए कार्यकर्ताओं से गांव-गांव जाकर पार्टी की विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाने तथा बूथ स्तर पर संगठन को मजबूत करने का आह्वान किया। खरवार ने सभी से एकजुट होकर वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में बसपा की सरकार बनाने और मायावती को पुनः मुख्यमंत्री बनाने के लिए काम करने की अपील की। विशिष्ट अतिथि के तौर पर सुरेश चंद्र भारती, हरेंद्र गौतम और जिलाध्यक्ष विद्यासागर उपस्थित थे, जबकि मुख्य मंडल प्रभारी कमलेश कुमार गौतम ने बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक के दौरान विभिन्न दलों के कई नेताओं ने अपने समर्थकों के साथ बसपा की सदस्यता ग्रहण की। इनमें पूर्व प्रधान रामभवन पटेल, भाजपा छोड़कर आए मृत्युंजय तिवारी, सपा छोड़कर आए इकबाल शेरवानी, प्रधान शिवपूजन कुशवाहा और कोटेदार रामबिलास कुशवाहा प्रमुख थे। मंडल संयोजक रमेश कुमार, मंडल प्रभारी असगर अली, नित्यानंद, विधानसभा प्रभारी सुदर्शन प्रसाद और विधानसभा अध्यक्ष दिनेश प्रधान सहित कई अन्य नेताओं ने भी बैठक को संबोधित किया। कार्यक्रम में कलीम सिद्दीकी, विजय गौतम, सभासद बलराम सिंह 'छोटे बाबू' सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और पदाधिकारी उपस्थित रहे, जो संगठन की मजबूती के प्रति बसपा के प्रयासों को दर्शाता है।
कुशीनगर के रामकोला विधानसभा क्षेत्र में सोमवार को बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की समीक्षा एवं संगठन गठन बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करना और आगामी 2027 विधानसभा चुनाव की रणनीति पर चर्चा करना था। बैठक के मुख्य अतिथि पूर्व सांसद और गोरखपुर मंडल के मुख्य प्रभारी घनश्याम चंद खरवार रहे। उन्होंने बसपा की 'सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय' नीतियों पर जोर देते हुए कार्यकर्ताओं से गांव-गांव जाकर पार्टी की विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाने तथा बूथ स्तर पर संगठन को मजबूत करने का आह्वान किया। खरवार ने सभी से एकजुट होकर वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में बसपा की सरकार बनाने और मायावती को पुनः मुख्यमंत्री बनाने के लिए काम करने की अपील की। विशिष्ट अतिथि के
तौर पर सुरेश चंद्र भारती, हरेंद्र गौतम और जिलाध्यक्ष विद्यासागर उपस्थित थे, जबकि मुख्य मंडल प्रभारी कमलेश कुमार गौतम ने बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक के दौरान विभिन्न दलों के कई नेताओं ने अपने समर्थकों के साथ बसपा की सदस्यता ग्रहण की। इनमें पूर्व प्रधान रामभवन पटेल, भाजपा छोड़कर आए मृत्युंजय तिवारी, सपा छोड़कर आए इकबाल शेरवानी, प्रधान शिवपूजन कुशवाहा और कोटेदार रामबिलास कुशवाहा प्रमुख थे। मंडल संयोजक रमेश कुमार, मंडल प्रभारी असगर अली, नित्यानंद, विधानसभा प्रभारी सुदर्शन प्रसाद और विधानसभा अध्यक्ष दिनेश प्रधान सहित कई अन्य नेताओं ने भी बैठक को संबोधित किया। कार्यक्रम में कलीम सिद्दीकी, विजय गौतम, सभासद बलराम सिंह 'छोटे बाबू' सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और पदाधिकारी उपस्थित रहे, जो संगठन की मजबूती के प्रति बसपा के प्रयासों को दर्शाता है।
- मोहर्रम के दृष्टिगत निचलौल में पुलिस अधिकारियों ने शांति और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए कमान संभाली है। इसी क्रम में, कप्तान और CO ने स्वयं पैदल गश्त किया, जिसके माध्यम से उन्होंने क्षेत्र में सौहार्द और सुरक्षा का संदेश दिया।1
- मोहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के उद्देश्य से सोमवार को महराजगंज के कस्बा फरेंदा में अपर पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ और क्षेत्राधिकारी दीपशिखा वर्मा ने भारी पुलिस बल के साथ फ्लैग मार्च और पैदल गश्त किया। इस दौरान अधिकारियों ने कस्बे के प्रमुख मार्गों, संवेदनशील और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने स्थानीय नागरिकों से मोहर्रम को आपसी भाईचारे और शांति के साथ मनाने की अपील की, साथ ही संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों पर विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए। पुलिस अधिकारियों ने मोहर्रम के दौरान निकाले जाने वाले ताजिया जुलूसों के निर्धारित मार्गों का भी स्थलीय निरीक्षण किया। इस समीक्षा में यातायात व्यवस्था, संवेदनशील स्थलों, विद्युत तारों और प्रकाश व्यवस्था सहित अन्य सुरक्षा प्रबंधों को परखा गया और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए। पुलिस प्रशासन ने आश्वस्त किया है कि जनपद में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है और शांति भंग करने वाले असामाजिक तत्वों तथा अफवाह फैलाने वालों के विरुद्ध सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।1
- कुशीनगर जनपद के हरपुर माफी क्षेत्र के लिकी टोला में एक 9 वर्षीय मासूम के अचानक लापता होने से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। उत्तम पासवान का पुत्र सन्नी पासवान सामान्य दिनों की तरह घर से बाहर निकला था, लेकिन काफी समय बीत जाने के बाद भी वह वापस नहीं लौटा। परिजनों की शुरुआती तलाश के दौरान नहर की पटरी पर सन्नी के कपड़े मिलने से बच्चे के नहर में डूबने की आशंका जताई जा रही है। सन्नी अपने परिवार में दो भाइयों में बड़ा है, जिसके दादा रामनयन पासवान, माता तंजा देवी और छोटा भाई प्रियांशु हैं। बच्चे के वापस न लौटने पर परिवार और गांव वालों ने आसपास खोजबीन शुरू की। नहर किनारे कपड़े मिलने की सूचना से परिवार को गहरा झटका लगा। घटना की सूचना मिलते ही रामकोला थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों के सहयोग से तत्काल खोज अभियान शुरू कराया गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF) की टीम को भी इस अभियान में लगाया गया है, जो लगातार नहर में उतरकर हर संभावित स्थान पर सन्नी की तलाश कर रही है। समाचार लिखे जाने तक सन्नी का कोई सुराग नहीं मिल पाया था। मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद हैं, जिनकी निगाहें लगातार खोज अभियान पर टिकी हैं और सभी किसी अच्छी खबर की उम्मीद कर रहे हैं। परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है, और माँ लगातार अपने बेटे के लौट आने की आस में बैठी है, जबकि परिजन और ग्रामीण लगातार तलाश में सहयोग कर रहे हैं। ग्रामीणों ने ऐसे मामलों में समय पर सूचना और तेजी से खोज अभियान की अहमियत पर जोर दिया है। सन्नी के परिजनों ने आम जनता से अपील की है कि यदि किसी को भी सन्नी पासवान के संबंध में कोई जानकारी मिले तो तुरंत परिवार या स्थानीय पुलिस को सूचित करें।3
- कुशीनगर का किलकारी हॉस्पिटल और उसके संचालक डॉ. कमलेश वर्मा एक बार फिर विवादों में घिर गए हैं, जहाँ उनका एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में डॉ. कमलेश वर्मा अस्पताल परिसर में हंगामे के दौरान अपने हाथ में तमंचा लिए कुछ लोगों के साथ धक्का-मुक्की और तीखी बहस करते नजर आ रहे हैं, जिसने लोगों में भारी नाराजगी पैदा कर दी है। चिकित्सकीय पेशे को 'धरती का भगवान' मानने वाले लोग भी इस घटना पर सवाल उठा रहे हैं। हालांकि, वीडियो की सत्यता और उसमें दिख रहे लोगों की पहचान की आधिकारिक पुष्टि अभी जांच का विषय है। यह विवाद पेट की पथरी की जांच से जुड़ी एक अल्ट्रासाउंड रिपोर्ट को लेकर शुरू हुआ। वायरल वीडियो के बाद अधिवक्ता संकल्प चतुर्वेदी ने पुलिस को लिखित शिकायत दी है। शिकायत के अनुसार, जब वह अल्ट्रासाउंड रिपोर्ट पर संबंधित डॉक्टर का नाम और हस्ताक्षर न होने का कारण पूछा, तो डॉ. कमलेश वर्मा कथित तौर पर भड़क गए। आरोप है कि उन्होंने गाली-गलौज करते हुए हाथ में तमंचा लेकर संकल्प चतुर्वेदी को दौड़ाया और धमकी दी कि 'तुम मेरा कुछ नहीं बिगाड़ पाओगे, मेरा सम्बन्ध बड़े-बडे अधिकारियों से है'। शिकायतकर्ता का दावा है कि यदि मौके पर मौजूद स्थानीय लोग बीच-बचाव न करते तो कोई बड़ी घटना हो सकती थी, जिसके बाद कथित तौर पर डॉक्टर के हाथ से तमंचा छीन लिया गया और पीड़ित ने किसी तरह अपनी जान बचाकर कोतवाली में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में कई गंभीर आरोप भी लगाए गए हैं, जिनकी पुलिस द्वारा जांच की जानी है। स्थानीय लोगों के बीच चर्चा है कि किलकारी हॉस्पिटल और डॉ. कमलेश वर्मा का विवादों से पुराना नाता रहा है। इससे पहले भी अस्पताल परिसर में मरीज के परिजनों के साथ हॉकी से मारपीट का मामला सुर्खियों में रहा था, और क्षेत्रीय लोगों का कहना है कि डॉ. वर्मा लगभग हर वर्ष किसी न किसी मरीज, तीमारदार या परिजन के साथ विवाद, अभद्र व्यवहार, मारपीट या तीखी नोकझोंक को लेकर चर्चा में बने रहते हैं। इस ताजा शिकायत और वीडियो के सामने आने के बाद फिर से यह सवाल उठने लगा है कि स्वास्थ्य सेवा के नाम पर चल रहे संस्थानों में मरीजों और उनके परिजनों के साथ ऐसा व्यवहार क्यों हो रहा है। यह मामला अब पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई पर टिका है, और यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं, तो यह चिकित्सा पेशे की गरिमा और मरीजों की सुरक्षा से जुड़ा एक गंभीर सवाल बन जाएगा।1
- आगामी मोहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के उद्देश्य से महराजगंज पुलिस प्रशासन ने अपनी तैयारियां तेज़ कर दी हैं। इसी क्रम में, सोमवार को पुलिस अधीक्षक महराजगंज शक्ति मोहन अवस्थी ने भारत-नेपाल सीमा क्षेत्र ठूठीबारी का गहन निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने भारी पुलिस बल के साथ कस्बे के प्रमुख मार्गों, संवेदनशील स्थानों और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों से होते हुए फ्लैग मार्च निकाला। निरीक्षण के दौरान, एसपी ने सीमा सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया और उपस्थित अधिकारियों व पुलिसकर्मियों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने संदिग्ध व्यक्तियों और गतिविधियों पर कड़ी नज़र रखने के साथ-साथ सीमा क्षेत्र में निरंतर निगरानी बनाए रखने पर भी ज़ोर दिया। इसके अतिरिक्त, एसपी ने मोहर्रम के दौरान निकलने वाले ताज़िया जुलूसों के निर्धारित मार्गों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने यातायात व्यवस्था, बैरिकेडिंग, प्रकाश व्यवस्था और अन्य आवश्यक सुरक्षा इंतज़ामों की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। फ्लैग मार्च के दौरान, पुलिस ने आम जनता से मोहर्रम पर्व को शांति, सौहार्द और आपसी भाईचारे के साथ मनाने की अपील की। एसपी ने स्पष्ट किया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पर्याप्त पुलिस बल तैनात रहेगा और अफ़वाह फैलाने या शांति व्यवस्था भंग करने का प्रयास करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। महराजगंज पुलिस ने नागरिकों से यह भी अपील की है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें।1
- उत्तर प्रदेश के महराजगंज जिले में गोवंशों की मौत के मामले में तत्काल कार्रवाई की मांग को लेकर बजरंग दल के कार्यकर्ता महराजगंज कलेक्ट्रेट परिसर में स्थित एक मोबाइल टावर पर चढ़ गए हैं। इस घटना से कलेक्ट्रेट में हड़कंप मच गया है। कार्यकर्ताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर तुरंत कार्रवाई नहीं की जाती है, तो वे टावर से कूदकर अपनी जान दे देंगे। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंच गए हैं और वे कार्यकर्ताओं को नीचे उतारने तथा समझाने का लगातार प्रयास कर रहे हैं।1