राजे की बगावत ले डूबे गी उनके सांसद पुत्र को। हाल ही में वसुंधरा राजे ने अपने जन्मदिन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के घर मय परिवार के जाकर उनसे बातचीत की। और फिर पार्टी में समर्पित हो गई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्यसभा भेजने का आश्वासन दिया था। राजे की बगावत ले डूबे गी उनके सांसद पुत्र को। हाल ही में वसुंधरा राजे ने अपने जन्मदिन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के घर मय परिवार के जाकर उनसे बातचीत की। और फिर पार्टी में समर्पित हो गई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्यसभा भेजने का आश्वासन दिया था। लेकिन राजें ने प्रदेश के दौरे कर अपना शक्ति प्रदर्शन करना शुरू कर दिया था। सबकी प्रधानमंत्री ने उन्हें संयम धैर्य बनाए रखने की सलाह दी । और वह कुछ दिन चली मुख्यमंत्री भजनलाल से मिलने उनके आवास पर गई पार्टी की मीटिंग में आई। लेकिन अचानक झालावाड़ जाकर जो उन्होंने वक्तव्य दिया और उसका ऊपर हाईकमान में रिएक्शन होने पर। उन्होंने यूटर्न लिया। और दूसरे दिन कह दिया कि मैंने ऐसा कुछ नहीं कहा। और पत्रकारों के सिर पर ठीकरा फोड़ा दिया। उसके बाद महिला सशक्तिकरण बिल करने के बाद वसुंधरा राजे ने समझा कि प्रधानमंत्री कमजोर हो गए हैं। इसलिए उन्होंने दो पन्ने का खरा लेकर मोहन भागवत और एक अपने अभिन्न मित्र भूतपूर्व मुख्यमंत्री हैं उन्हें भेज दिया। पार्टी हाई कमान ने इसे गंभीरता से लिया है और अब वसुंधरा राजपुर अनुशासन की तलवार लटकती ही ना तो है राष्ट्रीय कार्यकारिणी में जगह पा पाएंगी और ना वह राज्यसभा में जा पाऊंगी। या तो नई पार्टी बनाएगी या फिर पार्टी के साथ बगावत कर अपने विधायक को लेकर अशोक गहलोत से मिलकर सरकार गिरीरायेगी।
राजे की बगावत ले डूबे गी उनके सांसद पुत्र को। हाल ही में वसुंधरा राजे ने अपने जन्मदिन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के घर मय परिवार के जाकर उनसे बातचीत की। और फिर पार्टी में समर्पित हो गई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्यसभा भेजने का आश्वासन दिया था। राजे की बगावत ले डूबे गी उनके सांसद पुत्र को। हाल ही में वसुंधरा राजे ने अपने जन्मदिन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के घर मय परिवार के जाकर उनसे बातचीत की। और फिर पार्टी में समर्पित हो गई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्यसभा भेजने का आश्वासन दिया था। लेकिन राजें ने प्रदेश के दौरे कर अपना शक्ति प्रदर्शन करना शुरू कर दिया था। सबकी प्रधानमंत्री ने उन्हें संयम धैर्य बनाए रखने की सलाह दी । और वह कुछ दिन चली मुख्यमंत्री भजनलाल से मिलने उनके आवास पर गई पार्टी की मीटिंग में आई। लेकिन अचानक झालावाड़ जाकर जो उन्होंने वक्तव्य दिया और उसका ऊपर हाईकमान में रिएक्शन होने पर। उन्होंने यूटर्न लिया। और दूसरे दिन कह दिया कि मैंने ऐसा कुछ नहीं कहा। और पत्रकारों के सिर पर ठीकरा फोड़ा दिया। उसके बाद महिला सशक्तिकरण बिल करने के बाद वसुंधरा राजे ने समझा कि प्रधानमंत्री कमजोर हो गए हैं। इसलिए उन्होंने दो पन्ने का खरा लेकर मोहन भागवत और एक अपने अभिन्न मित्र भूतपूर्व मुख्यमंत्री हैं उन्हें भेज दिया। पार्टी हाई कमान ने इसे गंभीरता से लिया है और अब वसुंधरा राजपुर अनुशासन की तलवार लटकती ही ना तो है राष्ट्रीय कार्यकारिणी में जगह पा पाएंगी और ना वह राज्यसभा में जा पाऊंगी। या तो नई पार्टी बनाएगी या फिर पार्टी के साथ बगावत कर अपने विधायक को लेकर अशोक गहलोत से मिलकर सरकार गिरीरायेगी।
- बालोतरा: पचपदरा रिफाइनरी में उद्घाटन से पहले भीषण आग: कल पीएम नरेंद्र मोदी को करना है उद्घाटन...1
- BREAKING NEWS🦺 "तुमने थप्पड़ कैसे मारा.."ड्यूटी करो चालान काटो..गाड़ी सीज कर दो".....लेकिन...! "बदतमीजी नहीं कर सकते.."तुम्हारी औकात नहीं....गाली गलौज नहीं करोगे.."हम अपने अधिकार जानते हैं"..! ट्रैफिक पुलिस की गुंडई इस वीडियो में देख सकते हैं.. वाहन चालक को रोककर गाली गलौज की गई..उसे थप्पड़ मारा गया...अभद्रता को गई..! पीड़ित ने कैमरा ऑन किया तो साहब की सिट्टी पिट्टी गुम हो गई.....दिल्ली से वायरल इस वीडियो को देखिए और प्रतिक्रिया दीजिए..!1
- कोटा में स्कॉर्पियो से युवक को कुचलने की कोशिश,VIDEO:पहले ओवरटेक करके कार को टक्कर मारी, कहा- जो करना हो कर लो1
- Post by Mahendar.merotha1
- कोटा। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय, कमला उद्यान (लैंडमार्क सिटी) में “मीडिया द्वारा आध्यात्मिक जागरण से विश्व परिवर्तन” विषय पर एक भव्य सेमिनार का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में देश के विभिन्न स्थानों से आए मीडिया प्रतिनिधियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और आध्यात्मिकता व सकारात्मक सोच के महत्व पर गहन चर्चा की। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता माउंट आबू से पधारे बीके कोमल (मीडिया प्रभारी, मधुबन न्यूज़) ने अपने संबोधन में कहा कि मीडिया प्रजातंत्र का चौथा स्तंभ है और इसकी भूमिका समाज को दिशा देने में अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने मीडिया कर्मियों को राजयोग मेडिटेशन अपनाने की सलाह देते हुए कहा कि इससे जीवन में सकारात्मकता, मानसिक शांति और कार्य में संतुलन आता है। साथ ही उन्होंने सभी को माउंट आबू आकर आध्यात्मिक अनुभव लेने का निमंत्रण दिया। इंदौर से पधारी बीके अनीता दीदी ने कहा कि मीडिया कर्मी देश सेवा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, लेकिन उन्हें अपने आंतरिक सशक्तिकरण के लिए भी नियमित मेडिटेशन करना चाहिए। उन्होंने आत्मिक उन्नति और सकारात्मक जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया। आशीर्वचन देते हुए कोटा संभाग प्रभारी बीके उर्मिला दीदी ने सभी पत्रकारों का आभार व्यक्त करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने में उनकी भूमिका को सराहा।1
- Post by Rajendra Kumar Doveriya1
- कोटा। चंबल नदी के किनारे स्थित सुप्रसिद्ध गोदावरी धाम हनुमान मंदिर इन दिनों अपनी अलौकिक शक्ति और श्रद्धालुओं की अपार श्रद्धालुओं के आस्था का केंद्र बना।।1
- अब्दुल को टाइट करने के चक्कर में पूरा यूपी-बिहार टाइट हो गया है. नया वीडियो गुजरात के सूरत से आया है जहाँ से प्रवासी मज़दूर जानवरों की तरह भाग रहे हैं और भागते हुए कह रहे हैं कि “अब कभी वापस नहीं आयेंगे”1