उत्तर प्रदेश के मीरगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत सवैया निवासी रोहित की इलाज के दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है, जिसके बाद उनकी पत्नी ने हत्या का गंभीर आरोप लगाया है। यह घटना तब सामने आई जब रोहित रात 9:00 बजे के बाद किसी काम से लौट रहे थे और बंधवा पेट्रोल पंप के पास एक सांड से टकराकर घायल हो गए। घायल रोहित को स्थानीय लोगों ने देखा और उनके परिजनों को सूचना दी, जिन्होंने एंबुलेंस से उन्हें तत्काल सीएचसी मछली शहर पहुंचाया। बेहतर इलाज के लिए रोहित को बाद में अन्यत्र ले जाया गया, जहाँ उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। रोहित की मौत की मनहूस खबर से परिजनों में कोहराम मच गया; उनकी दो बेटियां हैं और पत्नी के गर्भ में एक बच्चा है, जिससे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। रोहित की पत्नी ने आरोप लगाया है कि उनके पति की हत्या की गई है, क्योंकि पड़ोस के कुछ लोगों से उनका विवाद चल रहा था और उन लोगों ने उन्हें धमकी भी दी थी। इस आरोप के बाद परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया और हत्या का मुकदमा दर्ज कराने की मांग की। मौके पर पहुंची इलाका पुलिस ने परिजनों को समझा-बुझाकर तहरीर ली और चार लोगों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्यवाही प्रारंभ कर दी है। मुकदमा दर्ज होने के बाद ही परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार किया। मीरगंज थाना अध्यक्ष अरविंद कुमार सिंह ने घटनास्थल का मौका मुआयना किया, जहाँ स्थानीय दुकानदार व अन्य लोगों ने बताया कि रोहित सांड से टकराकर घायल हुए थे और उन्हें एंबुलेंस से सीएचसी मछली शहर ले जाया गया था। उनके पास मौजूद रुपए भी सुरक्षित उनके परिजनों को सौंप दिए गए थे।
उत्तर प्रदेश के मीरगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत सवैया निवासी रोहित की इलाज के दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है, जिसके बाद उनकी पत्नी ने हत्या का गंभीर आरोप लगाया है। यह घटना तब सामने आई जब रोहित रात 9:00 बजे के बाद किसी काम से लौट रहे थे और बंधवा पेट्रोल पंप के पास एक सांड से टकराकर घायल हो गए। घायल रोहित को स्थानीय लोगों ने देखा और उनके परिजनों को सूचना दी, जिन्होंने एंबुलेंस से उन्हें तत्काल सीएचसी मछली शहर पहुंचाया। बेहतर इलाज के लिए रोहित को बाद में अन्यत्र ले जाया गया, जहाँ उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। रोहित की मौत की मनहूस खबर से परिजनों में कोहराम मच गया; उनकी दो बेटियां हैं और पत्नी के गर्भ में एक बच्चा है, जिससे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। रोहित की पत्नी ने आरोप लगाया है कि उनके पति की हत्या की गई है, क्योंकि पड़ोस के कुछ लोगों से उनका विवाद चल रहा था और उन लोगों ने उन्हें धमकी भी दी थी। इस आरोप के बाद परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया और हत्या का मुकदमा दर्ज कराने की मांग की। मौके पर पहुंची इलाका पुलिस ने परिजनों को समझा-बुझाकर तहरीर ली और चार लोगों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्यवाही प्रारंभ कर दी है। मुकदमा दर्ज होने के बाद ही परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार किया। मीरगंज थाना अध्यक्ष अरविंद कुमार सिंह ने घटनास्थल का मौका मुआयना किया, जहाँ स्थानीय दुकानदार व अन्य लोगों ने बताया कि रोहित सांड से टकराकर घायल हुए थे और उन्हें एंबुलेंस से सीएचसी मछली शहर ले जाया गया था। उनके पास मौजूद रुपए भी सुरक्षित उनके परिजनों को सौंप दिए गए थे।
- भदोही के अभय कुमार दूबे ने एशियन चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीतकर देश का मान बढ़ाया है। उनकी इस उपलब्धि से भदोही जिले को गर्व महसूस हुआ है।1
- जौनपुर जिले के जोगीयापुर में स्थित प्रेम गाढ़ा शो रुम में भीषण आग लगने की घटना सामने आई है। इस आगजनी की सूचना मिलते ही जिलाधिकारी (DM) और पुलिस अधीक्षक (SP) भी तत्काल घटनास्थल पर पहुंचे।1
- बच्चों की सेहत के लिए 28 जून को एक बड़ा दिन घोषित किया गया है, जिसके तहत पोलियो अभियान का महाअभियान चलाया जाएगा। इस महत्वपूर्ण दिन पर, 0 से 5 साल तक के सभी बच्चों को पोलियो की 'दो बूंद जिंदगी की' खुराक ज़रूर पिलाई जानी चाहिए। यह अभियान पोलियो मुक्त भारत का संकल्प पूरा करने की दिशा में एक अहम कदम है।1
- भदोही जनपद के जंगीगंज बाजार में साप्ताहिक बंदी का पालन प्रभावी नहीं दिख रहा है, जहाँ प्रत्येक शनिवार को निर्धारित बंदी के बावजूद अधिकांश व्यापारिक प्रतिष्ठान खुले दिखाई दे रहे हैं। शुरुआती दिनों में व्यापारियों ने इस नियम का पालन किया था, लेकिन अब बड़ी संख्या में दुकानदार शनिवार को भी अपनी दुकानें खोल रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि साप्ताहिक बंदी का पालन पहले की तुलना में काफी कम हो गया है, जिसके कारण बाजार में सामान्य दिनों जैसी ही चहल-पहल देखी जा रही है। यदि साप्ताहिक बंदी का प्रावधान लागू है, तो इसके उचित पालन को सुनिश्चित करने में प्रशासन की भूमिका पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। जंगीगंज में शनिवार को साप्ताहिक बंदी का प्रावधान पहले से ही मौजूद है।1
- भदोही में राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान के तहत व्यापक जनजागरूकता फैलाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने शनिवार, 27 जून 2026 को बेसिक शिक्षा विभाग के स्कूली बच्चों की एक रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस रैली में बच्चों ने 'दो बूंद जिंदगी की', 'पांच साल से कम उम्र, पोलियो की दवा है जरूरी' और 'एक भी बच्चा न छूटे' जैसे प्रेरक नारों के साथ आमजन को अभियान में भागीदारी के लिए प्रेरित किया। यह रैली 28 जून को आयोजित होने वाले विशेष बूथ दिवस के लिए प्रचार-प्रसार का हिस्सा थी। इस अवसर पर जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने बताया कि भारत वर्ष 2014 से पोलियो मुक्त है और पिछले 12 वर्षों से देश में पोलियो का कोई भी मामला सामने नहीं आया है। हालांकि, उन्होंने अफगानिस्तान और पाकिस्तान जैसे पड़ोसी देशों में समय-समय पर पोलियो के मामले पाए जाने के कारण निरंतर सतर्कता बनाए रखने पर जोर दिया। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि पोलियो वायरस से बच्चों को सुरक्षित रखने के लिए प्रत्येक अभियान में शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त करना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। जिलाधिकारी ने जनपद भदोही के लिए अभियान के लक्ष्यों और योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जनपद में 0 से 5 वर्ष आयु वर्ग के लगभग 2.82 लाख बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए, 28 जून को एक विशेष बूथ दिवस का आयोजन होगा, जिसमें जनपद में 643 बूथों पर बच्चों को पोलियो की दवा पिलाई जाएगी। अभियान की प्रभावी निगरानी सुनिश्चित करने हेतु 450 सुपरवाइजरों को तैनात किया गया है। इसके अतिरिक्त, 29 जून से 3 जुलाई तक स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाकर छूटे हुए बच्चों को खुराक देंगी, और फिर 6 जुलाई को बी-टीम विशेष गतिविधियों के माध्यम से उन बच्चों को भी कवर करेगी जो किसी कारणवश पहले के चरणों में छूट गए थे। जिलाधिकारी ने जनपदवासियों से भावुक अपील करते हुए कहा कि 0 से 5 वर्ष तक का एक भी बच्चा पोलियो की दवा पीने से वंचित न रहे। उन्होंने सभी अभिभावकों से आग्रह किया कि वे अपने बच्चों को नजदीकी पोलियो बूथ पर ले जाएं और स्वास्थ्य विभाग की टीमों का पूरा सहयोग करें। उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि पोलियो उन्मूलन अभियान केवल स्वास्थ्य विभाग का कार्यक्रम नहीं, बल्कि पूरे समाज का एक जनआंदोलन है। जनप्रतिनिधियों, शिक्षकों, आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों, आशा बहुओं, स्वयंसेवी संस्थाओं और आमजन के सामूहिक सहयोग से ही जनपद को पूर्णतः पोलियो सुरक्षित बनाए रखा जा सकता है। इस अवसर पर स्वास्थ्य विभाग, बेसिक शिक्षा विभाग सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, शिक्षक, स्वास्थ्यकर्मी और बड़ी संख्या में स्कूली छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।2
- पट्टी कोतवाली में शनिवार को सुबह 10:00 बजे से 2:00 बजे तक संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस दौरान कुल 25 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से एक पुलिस विभाग से संबंधित था, जबकि 24 राजस्व विभाग से जुड़े थे। संपूर्ण समाधान दिवस में पट्टी तहसीलदार अजय कुमार संतोषी, पट्टी कोतवाल आनंदपाल सिंह, राजस्व निरीक्षक अरुण प्रताप सिंह सहित लेखपाल महेंद्र पांडे, रामजस यादव, दीनानाथ वर्मा और आनंद समेत क्षेत्र के अन्य लेखपाल उपस्थित रहे। तहसीलदार अजय कुमार संतोषी ने उपस्थित अधिकारी-कर्मचारियों को सख्त निर्देश दिए कि वे प्राप्त प्रार्थना पत्रों का मौके पर जाकर निस्तारण करें और अपनी आख्या प्रस्तुत करें। उन्होंने चेतावनी भी दी कि प्रार्थना पत्रों के निस्तारण में किसी भी तरह की कोताही बरतने वाले के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई की जाएगी।1
- बेटी का जन्म केवल एक परिवार की खुशी नहीं, बल्कि पूरे समाज और राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य की नींव है। जिस घर में बेटी जन्म लेती है, उसे सौभाग्यशाली माना जाता है और यह वास्तव में समाज को एक अनमोल उपहार होता है। बेटियां प्रेम, संस्कार, संवेदनशीलता और प्रगति का प्रतीक होती हैं। बेटियों का पहला और सबसे बड़ा योगदान नई पीढ़ी का निर्माण है, क्योंकि वे आगे चलकर एक सशक्त महिला, माँ, शिक्षिका, डॉक्टर, वैज्ञानिक, सैनिक या किसी भी क्षेत्र में योगदान देने वाली नागरिक बन सकती हैं। वे आने वाली पीढ़ी को अच्छे संस्कार और शिक्षा देकर समाज का भविष्य संवारती हैं। उनका दूसरा सबसे बड़ा योगदान परिवार और समाज में संतुलन बनाए रखना है। बेटियां परिवारों को जोड़ने, रिश्तों में प्रेम और सम्मान बनाए रखने तथा सामाजिक मूल्यों को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। वे समाज में करुणा, सहयोग और मानवीय मूल्यों को मजबूत करती हैं। तीसरा सबसे बड़ा योगदान राष्ट्र निर्माण में उनकी भागीदारी है। आज बेटियां शिक्षा, खेल, विज्ञान, प्रशासन, सेना, व्यापार और राजनीति जैसे हर क्षेत्र में देश का नाम रोशन कर रही हैं, जो यह सिद्ध करता है कि वे राष्ट्र की प्रगति में बराबर की भागीदार हैं। यह स्पष्ट है कि बेटी बोझ नहीं, बल्कि सम्मान, समृद्धि और उज्ज्वल भविष्य की पहचान है। इसलिए, 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' के संदेश को अपनाते हुए हमें बेटियों को समान अवसर, सम्मान और स्नेह देना चाहिए। बेटी का जन्म वास्तव में परिवार, समाज और राष्ट्र के लिए सबसे बड़ा योगदान है।1
- भदोही के चौरी रोड स्थित भदोही स्पोर्ट्स अरेना में शनिवार को क्रिकेट और फुटबॉल मैदान का भव्य उद्घाटन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि भदोही विधायक ज़ाहिद बेग रहे, जिन्होंने फीता काटकर इस खेल परिसर का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने खिलाड़ियों को खेलों के प्रति समर्पण एवं अनुशासन का महत्वपूर्ण संदेश दिया। विधायक ज़ाहिद बेग ने कहा कि खेल युवाओं के शारीरिक और मानसिक विकास के लिए एक महत्वपूर्ण माध्यम हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह आधुनिक खेल परिसर क्षेत्र की प्रतिभाओं को आगे बढ़ने और उन्हें राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाने में सहायता प्रदान करेगा। उद्घाटन समारोह में बड़ी संख्या में खिलाड़ी, खेल प्रेमी, स्थानीय नागरिक और गणमान्य लोग उपस्थित रहे। इस दौरान खिलाड़ियों ने क्रिकेट और फुटबॉल से जुड़े विभिन्न खेल कौशल का प्रदर्शन भी किया, जिसे उपस्थित सभी लोगों ने खूब सराहा। भदोही स्पोर्ट्स अरेना के शुरू होने से अब जिले के युवा खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं और अभ्यास के लिए एक आधुनिक वातावरण मिलेगा। खेल प्रेमियों का मानना है कि यह पहल जिले में खेल संस्कृति को एक नई दिशा देगी, जिससे खेलों को बढ़ावा मिलेगा, युवाओं को नया हौसला मिलेगा और भदोही को एक नई पहचान प्राप्त होगी।1
- LPG ग्राहकों के लिए एक बड़ी खबर है, जिसमें सरकार ने गैस सिलेंडर लेने से जुड़ी शर्तों को हटा दिया है। यह LPG ग्राहकों के लिए एक बड़ी राहत और खुशखबरी है। अब सिलेंडर लेने पर लगने वाली पुरानी सीमा लागू नहीं होगी, और लोग अपनी आवश्यकतानुसार, चाहे शादी हो या कोई अन्य बड़ी ज़रूरत, गैस सिलेंडर प्राप्त कर सकेंगे।1