कोटा में शनिवार शाम परिवहन विभाग, यातायात पुलिस और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की संयुक्त टीम ने निजी स्लीपर बसों के खिलाफ एक सघन सर्च अभियान चलाया। यह कार्रवाई फलोदी में हुए बस हादसे के बाद सुप्रीम कोर्ट और राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा दिए गए सख्त निर्देशों के तहत नयापुरा और अग्रसेन चौराहा पर की गई। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव गीता चौधरी के नेतृत्व में टीम ने बाबू ट्रैवल्स, शताब्दी ट्रैवल्स और सिमरन ट्रैवल्स जैसी कंपनियों की बसों को रोककर उनके दस्तावेजों और सुरक्षा मानकों की जांच की, जिससे हाईवे पर संचालित ऑपरेटरों में हड़कंप मच गया। जांच के दौरान बसों में यात्रियों की सुरक्षा से जुड़ी गंभीर लापरवाही सामने आई। कई लग्जरी स्लीपर बसों में आपातकालीन स्थिति में बाहर निकलने के लिए बने 'इमरजेंसी गेट' को मॉडिफाई कर पूरी तरह बंद पाया गया। ऑपरेटरों ने मुनाफे के लिए इन इमरजेंसी एग्जिट के आगे अवैध रूप से एक्स्ट्रा बर्थ और सीटें लगा दी थीं, जिससे रास्ता ब्लॉक हो गया था। नियमों की धज्जियां उड़ते देख टीम ने सख्त रुख अपनाते हुए कई बसों के चालान काटे और गंभीर अनियमितता पाए जाने पर शताब्दी ट्रैवल्स की एक बस को मौके पर ही सीज कर दिया। इस अभियान के बारे में जानकारी देते हुए सचिव गीता चौधरी ने बताया कि फलोदी हादसे का स्वतः संज्ञान लेते हुए सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों और राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण की एसओपी (SOP) के तहत यह कार्रवाई शुरू की गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि बसों की फिटनेस, परमिट, इंश्योरेंस, जीपीएस ट्रैकर और फर्स्ट एड बॉक्स जैसी सुविधाओं की भी बारीकी से जांच की जा रही है। यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोपरि बताते हुए उन्होंने चेतावनी दी कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ यह अभियान भविष्य में भी लगातार जारी रहेगा।
कोटा में शनिवार शाम परिवहन विभाग, यातायात पुलिस और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की संयुक्त टीम ने निजी स्लीपर बसों के खिलाफ एक सघन सर्च अभियान चलाया। यह कार्रवाई फलोदी में हुए बस हादसे के बाद सुप्रीम कोर्ट और राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा दिए गए सख्त निर्देशों के तहत नयापुरा और अग्रसेन चौराहा पर की गई। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव गीता चौधरी के नेतृत्व में टीम ने बाबू ट्रैवल्स, शताब्दी ट्रैवल्स और सिमरन ट्रैवल्स जैसी कंपनियों की बसों को रोककर उनके दस्तावेजों और सुरक्षा मानकों की जांच की, जिससे हाईवे पर संचालित ऑपरेटरों में हड़कंप मच गया। जांच के दौरान बसों में यात्रियों की सुरक्षा से जुड़ी गंभीर लापरवाही सामने आई। कई लग्जरी स्लीपर बसों में आपातकालीन स्थिति में बाहर निकलने के लिए बने 'इमरजेंसी गेट' को मॉडिफाई कर पूरी तरह बंद पाया गया। ऑपरेटरों ने मुनाफे के लिए इन इमरजेंसी एग्जिट के आगे अवैध रूप से एक्स्ट्रा बर्थ और सीटें लगा दी थीं, जिससे रास्ता ब्लॉक हो गया था। नियमों की धज्जियां उड़ते देख टीम ने सख्त रुख अपनाते हुए कई बसों के चालान काटे और गंभीर अनियमितता पाए जाने पर शताब्दी ट्रैवल्स की एक बस को मौके पर ही सीज कर दिया। इस अभियान के बारे में जानकारी देते हुए सचिव गीता चौधरी ने बताया कि फलोदी हादसे का स्वतः संज्ञान लेते हुए सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों और राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण की एसओपी (SOP) के तहत यह कार्रवाई शुरू की गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि बसों की फिटनेस, परमिट, इंश्योरेंस, जीपीएस ट्रैकर और फर्स्ट एड बॉक्स जैसी सुविधाओं की भी बारीकी से जांच की जा रही है। यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोपरि बताते हुए उन्होंने चेतावनी दी कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ यह अभियान भविष्य में भी लगातार जारी रहेगा।
- राजस्थान के कोटा जिले के लाडपुरा क्षेत्र में लोकसभा अध्यक्ष श्री ओम बिरला जी ने पीड़ित परिवारों को पांच-पांच लाख रुपये की सहयोग राशि प्रदान करवाई है।1
- कोटा की पुरानी सब्जी मंडी स्थित राजू घी वाले की गली में शनिवार दोपहर एक बड़ा हादसा हो गया। यहाँ एक गैस वेल्डिंग की दुकान में काम के दौरान अचानक सिलेंडर फटने से जोरदार धमाका हुआ, जिसमें दुकानदार चंदालाल सोनी गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के वक्त दुकान में मौजूद दो अन्य कर्मचारी बाल-बाल बच गए। धमाके की भयावह आवाज सुनकर पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और मौके पर लोगों की भारी भीड़ जुट गई। स्थानीय लोगों ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाते हुए कहा कि इस दुकान पर सुरक्षा के कोई पुख्ता इंतजाम नहीं हैं। लोगों के अनुसार, पिछले सात महीनों में इस दुकान पर यह दूसरी बार और अब तक कुल मिलाकर तीसरी बार सिलेंडर ब्लास्ट की घटना हो चुकी है। हादसे की सूचना मिलते ही मकबरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की गंभीरता को देखते हुए विस्फोट के कारणों की जांच शुरू कर दी है।1
- कोटा में सीटू के राष्ट्रीय आह्वान पर ऑल इंडिया फेडरेशन ऑफ आंगनबाड़ी वर्कर्स एंड हेल्पर्स के बैनर तले जिले भर की हजारों आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं ने कल काला दिवस मनाया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने अपनी बांह पर काली पट्टी बांधकर रैली निकाली और सरकार की आमजन विरोधी नीतियों पर कड़ा विरोध जताया। इसके साथ ही अपनी लंबित मांगों को लेकर कलेक्ट्रेट पर जबरदस्त प्रदर्शन किया गया और जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा गया। इस विरोध प्रदर्शन के बाद आयोजित हुई सभा को कॉमरेड हबीब खान ने संबोधित किया। इसी बीच, कोटा कलेक्ट्रेट पर बकाया भुगतान की मांग को लेकर जेके फैक्ट्री के मजदूरों का धरना शुक्रवार को भी जारी रहा। मजदूरों का यह धरना 18 फरवरी 2025 से लगातार चल रहा है।1
- राजस्थान के कोटा स्थित मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल और जेके लोन हॉस्पिटल में प्रसूताओं की मौत के बाद प्रभावित परिवारों को आर्थिक संबल देने के लिए लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला आगे आए हैं। उन्होंने सामाजिक सहयोग से जान गंवाने वाली पांच प्रसूताओं के पीड़ित परिजनों को 5-5 लाख रुपये की सहायता राशि के चेक सौंपे। पीड़ित परिवारों को यह आर्थिक सहायता प्रदान करने के साथ ही लोकसभा अध्यक्ष ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा है कि प्रसूताओं की मौत के इस मामले में जो भी दोषी होंगे, उन पर कार्रवाई की जाएगी।1
- कोटा की अरुंधति चौधरी ने खेल के क्षेत्र में अपनी कड़ी मेहनत के बल पर मान और गौरव बढ़ाया है। भारत स्वाभिमान राजस्थान का मन कही जाने वाली अरुंधति चौधरी की इस सफलता और उनके द्वारा बढ़ाए गए गौरव को श्याम सुंदर शर्मा ने रेखांकित किया है।1
- कोटा ग्रामीण पुलिस ने "ऑपरेशन क्रिमिनल डस्टिंग" के तहत बड़ी सफलता हासिल करते हुए 5 शातिर वाहन चोरों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इस कार्रवाई के दौरान आरोपियों के कब्जे से कोटा शहर-ग्रामीण, बून्दी, बारां और झालावाड से चोरी की गई कुल 37 मोटरसाइकिलें बरामद की हैं।1
- कोटा जिले के लाडपुरा में आज सुप्रसिद्ध समाजसेवी घनश्याम गुप्ता जी का जन्मदिन है।1