अंजुमन रज़ा-ए-मुस्तफा ने जरूरतमंदों को बांटे ईद के तोहफे - कुंडा में लगभग 200 गरीब परिवारों को सेवइयां, कपड़े व जरूरी सामान वितरित कुंडा (प्रतापगढ़)। सामाजिक संस्था अंजुमन रज़ा-ए-मुस्तफा की ओर से जरूरतमंद लोगों के लिए ईद के तोहफे वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान लगभग 200 से अधिक गरीब और जरूरतमंद लोगों को ईद के तोहफे दिए गए। कार्यक्रम में सेवइयां, कपड़े तथा अन्य आवश्यक सामान वितरित किया गया, ताकि जरूरतमंद परिवार भी खुशी और सम्मान के साथ ईद का त्योहार मना सकें। इस अवसर पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। संस्था के अध्यक्ष डॉ. मोअज़्ज़म (सदर अंजुमन) ने बताया कि अंजुमन रज़ा-ए-मुस्तफा द्वारा हर वर्ष इस प्रकार के सामाजिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं, जिनके माध्यम से सैकड़ों जरूरतमंद लोगों की सहायता की जाती है। संस्था का उद्देश्य समाज के गरीब और कमजोर वर्ग की मदद करना है। संस्था से जुड़े अपोलो भाई और अज़हर अशरफ ने बताया कि अंजुमन एक सामाजिक संस्था है, जो शिक्षा, स्वास्थ्य और समाज सेवा के क्षेत्र में लगातार कार्य कर रही है। संस्था के अंतर्गत केजीएन हॉस्पिटल भी संचालित किया जा रहा है, जहां गरीब और जरूरतमंद लोगों का इलाज बहुत ही उचित दरों पर किया जाता है। उन्होंने बताया कि संस्था हर माह एक गरीब की शादी कराने और कमजोर वर्ग के बच्चों की पढ़ाई का खर्च उठाने जैसे सामाजिक कार्य भी करती है। इसी क्रम में ईद के अवसर पर यह तोहफा वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में इफ्तिखार भाई, सय्यद तुफैल, अज़हर अशरफ, ज़लील अहमद, डॉ. एखलाक सय्यद, डॉ. हसनैन समेत कई लोग मौजूद रहे। वहीं इंस्पेक्टर संजय सिंह भी कार्यक्रम में शामिल हुए और संस्था की इस पहल की सराहना की।
अंजुमन रज़ा-ए-मुस्तफा ने जरूरतमंदों को बांटे ईद के तोहफे - कुंडा में लगभग 200 गरीब परिवारों को सेवइयां, कपड़े व जरूरी सामान वितरित कुंडा (प्रतापगढ़)। सामाजिक संस्था अंजुमन रज़ा-ए-मुस्तफा की ओर से जरूरतमंद लोगों के लिए ईद के तोहफे वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान लगभग 200 से अधिक गरीब और जरूरतमंद लोगों को ईद के तोहफे दिए गए। कार्यक्रम में सेवइयां, कपड़े तथा अन्य आवश्यक सामान वितरित किया गया, ताकि जरूरतमंद परिवार भी खुशी और सम्मान के साथ ईद का त्योहार मना सकें। इस अवसर पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। संस्था के अध्यक्ष डॉ. मोअज़्ज़म (सदर अंजुमन) ने बताया कि अंजुमन रज़ा-ए-मुस्तफा द्वारा हर वर्ष इस प्रकार के सामाजिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं, जिनके माध्यम से सैकड़ों जरूरतमंद लोगों की सहायता की जाती है। संस्था का उद्देश्य समाज के गरीब और कमजोर
वर्ग की मदद करना है। संस्था से जुड़े अपोलो भाई और अज़हर अशरफ ने बताया कि अंजुमन एक सामाजिक संस्था है, जो शिक्षा, स्वास्थ्य और समाज सेवा के क्षेत्र में लगातार कार्य कर रही है। संस्था के अंतर्गत केजीएन हॉस्पिटल भी संचालित किया जा रहा है, जहां गरीब और जरूरतमंद लोगों का इलाज बहुत ही उचित दरों पर किया जाता है। उन्होंने बताया कि संस्था हर माह एक गरीब की शादी कराने और कमजोर वर्ग के बच्चों की पढ़ाई का खर्च उठाने जैसे सामाजिक कार्य भी करती है। इसी क्रम में ईद के अवसर पर यह तोहफा वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में इफ्तिखार भाई, सय्यद तुफैल, अज़हर अशरफ, ज़लील अहमद, डॉ. एखलाक सय्यद, डॉ. हसनैन समेत कई लोग मौजूद रहे। वहीं इंस्पेक्टर संजय सिंह भी कार्यक्रम में शामिल हुए और संस्था की इस पहल की सराहना की।
- saadipur churaha duwedi hotal ke peeche naale me gandi vah bharav ,badbu.macchar ki samasya bahut hi saalo se koi nhi kar raha baarish me gaanda paani .. barsaat me jal bharav aaye din durghatna1
- फतेहपुर में चांदपुर थाना क्षेत्र के अमौली गांव निवासी एक युवक ने मारपीट व जानलेवा हमले के मामले में कार्रवाई न होने पर पुलिस अधीक्षक से न्याय की गुहार लगाई है। पीड़ित ने आरोप लगाया है कि विपक्षी अपने राजनीतिक प्रभाव के चलते मामले को दबाने का प्रयास कर रहे हैं। अमौली गांव निवासी विवेक सोनकर पुत्र हरी लाल सोनकर के अनुसार 15 अप्रैल 2025 की रात करीब 9 बजे वह सब्जी लेकर घर लौट रहा था। पंछहियों के टट्टर के पास अर्जुन सोनकर, रितिक, प्रकाश चन्द्र व गोविंदा ने उसे रोक लिया और जबरन तलाशी लेने लगे। विरोध करने पर सभी ने मिलकर गाली-गलौज करते हुए लाठी-डंडों व चापड़ से उस पर हमला कर दिया। हमले में वह गंभीर रूप से घायल होकर बेहोश हो गया। आरोप है कि हमलावर उसे मृत समझकर मौके से फरार हो गए। परिजनों के अनुसार देर रात तक घर न पहुंचने पर तलाश करने पर विवेक खून से लथपथ हालत में पड़ा मिला। परिजन उसे पहले सरकारी अस्पताल ले गए, जहां हालत गंभीर होने पर कानपुर नगर के रामादेवी स्थित कैलाश मेडिकल सेंटर में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज हुआ। पीड़ित का आरोप है कि उसने थाना चांदपुर में लिखित शिकायत दी थी, लेकिन विपक्षी के राजनीतिक प्रभाव के कारण अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। आरोप है कि आरोपित प्रकाश चन्द्र उर्फ बंटू सोनकर गांव का प्रधानपति है और चौकी पुलिस से मिलीभगत कर मामले को दुर्घटना में बदलने का प्रयास किया जा रहा है। पीड़ित ने बताया कि उसने 8 जनवरी 2026 को पुलिस अधीक्षक को भी रजिस्टर्ड डाक से प्रार्थना पत्र भेजा था, लेकिन अभी तक न्याय नहीं मिला है। साथ ही आरोप लगाया कि आरोपितों द्वारा उसे और उसके परिवार को लगातार जान से मारने की धमकी दी जा रही है। पीड़ित ने पुलिस अधीक्षक से मामले की निष्पक्ष जांच कर आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। बाईट शिकायतकर्ता1
- Post by Mahesh kumar tripathi1
- असोथर में भाकियू अराजनैतिक का होली मिलन होली मिलन समारोह में जुटे सैकड़ों किसान, समस्याओं को लेकर पुलिस को सौंपा ज्ञापन नगर पंचायत असोथर स्थित गल्ला मंडी में सोमवार को भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) की मासिक बैठक एवं होली मिलन समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में क्षेत्र के सैकड़ों किसान शामिल हुए और आपसी भाईचारे के साथ होली की शुभकामनाएं दीं। इस दौरान गर्मी को देखते हुए किसानों को ताजा गन्ने का रस पिलाया गया। बैठक की अध्यक्षता ब्लॉक अध्यक्ष सोनू सिंह गौतम ने की। उन्होंने कहा कि किसानों की एकजुटता ही संगठन की सबसे बड़ी ताकत है। होली का पर्व आपसी भाईचारे के साथ किसानों के हक की लड़ाई को भी मजबूत करेगा। बैठक में क्षेत्र में ओवरलोड मौरंग से भरे वाहनों के आवागमन से होने वाली समस्याओं और दुर्घटनाओं पर चर्चा की गई। किसानों ने तीन सूत्रीय मांगों को लेकर थाना प्रभारी धीरेन्द्र ठाकुर को ज्ञापन सौंपा। इसमें बालू से भरे वाहनों का आवागमन सुबह सात बजे से रात दस बजे तक बंद कराने, सड़कों पर धूल कम करने के लिए नियमित पानी का छिड़काव कराने तथा तेज रफ्तार वाहनों पर सख्त कार्रवाई की मांग की गई। ब्लॉक अध्यक्ष सोनू सिंह गौतम ने चेतावनी दी कि यदि किसानों और ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से लेकर कार्रवाई नहीं की गई तो किसान आंदोलन के लिए बाध्य होंगे, जिसकी जिम्मेदारी जिला प्रशासन की होगी। इस मौके पर उपाध्यक्ष रविदेव सिंह गौतम, अजय सिंह चौहान, रजत तिवारी, सोनू शुक्ला, पवन वर्मा, दीपू मिश्रा, कृष्णपाल सिंह, वीरेंद्र, ओमप्रकाश, लवकुश, पिंटू सिंह, ओमप्रकाश सिंह, नरसिंह मौर्य, नीरज मौर्य, विमल अग्रहरि, त्यागी बाबा, अविनाश सिंह, आदर्श सिंह चौहान समेत बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।1
- *गैस के बढ़ते दामों ने बिगाड़ा रसोई का बजट, एजेंसी पर उमड़ी भीड़ उपभोक्ता परेशान* *लक्ष्मी भारत गैस एजेंसी के बाहर लगीं लंबी कतारें,* बकेवर (फतेहपुर):बिंदकी तहसील क्षेत्र के देवमई ब्लॉक के स्थित बकेवर कस्बे में बुधवार को रसोई गैस के लिए हाहाकार मचा रहा। कस्बे में स्थित लक्ष्मी भारत गैस एजेंसी पर सुबह से ही उपभोक्ताओं की भारी भीड़ जमा हो गई। गैस के दामों में लगातार हो रही बढ़ोतरी और आगामी वृद्धि की आशंका ने आम जनमानस को बेचैन कर दिया है। कड़ कड़ाती धूप में घंटों इंतजार गैस सिलेंडर पाने के लिए लोग सुबह से ही खाली सिलेंडर लेकर लाइन में लग गए थे। देखते ही देखते उपभोक्ताओं की कतार एजेंसी परिसर से बाहर सड़क तक पहुँच गई। , जो कई घंटो इंतजार करते नजर आए स्थानीय निवासियों का कहना है कि गैस के दाम जिस तेजी से बढ़ रहे हैं, उससे गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों के सामने 'चूल्हा जलाने' का संकट खड़ा हो गया है। उपभोक्ताओं के बीच इस बात की भी चर्चा रही कि आने वाले दिनों में कीमतें और बढ़ सकती हैं, जिसके चलते लोग जल्द से जल्द सिलेंडर रिफिल कराने की होड़ में दिखे। अव्यवस्थाओं का बोलबाला दिख रहा है भीड़ अधिक होने के कारण एजेंसी पर अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। कई उपभोक्ताओं ने आरोप लगाया कि लंबी कतारों के बावजूद वितरण प्रक्रिया धीमी है, जिससे उन्हें अपने दैनिक काम छोड़कर पूरा दिन लाइन में बिताना पड़ रहा है।2
- रायबरेली जिले की डलमऊ तहसील क्षेत्र के ग्राम सभा सराय दिलावर दरबानीहार में नाली निर्माण को लेकर गंभीर अनियमितताओं का मामला सामने आया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि सरकारी धन से बनने वाली नाली में भारी भ्रष्टाचार किया गया है, जिसके कारण पीड़ित परिवार को न्याय के लिए दर-दर भटकना पड़ रहा है। पीड़ित परिवार का कहना है कि नाली निर्माण लगभग 25 मीटर कराया जाना तय था, लेकिन कथित भ्रष्टाचार के चलते इसे मात्र करीब 9 मीटर तक ही बनाकर काम अधूरा छोड़ दिया गया। ग्रामीणों का आरोप है कि इस मामले में ग्राम प्रधान, पंचायत सचिव और बीडीओ की भूमिका संदिग्ध प्रतीत हो रही है। ग्रामीणों के अनुसार, अधूरी नाली के कारण पानी की निकासी नहीं हो पा रही है, जिससे आसपास के घरों में गंदा पानी भरने की समस्या बनी हुई है। इससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पीड़ित परिवार ने बताया कि वह न्याय की उम्मीद में जिलाधिकारी समेत कई उच्च अधिकारियों के दफ्तरों के चक्कर लगा चुका है, लेकिन अब तक उनकी शिकायत पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। इससे ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए और अधूरी नाली का निर्माण जल्द पूरा कराया जाए, ताकि लोगों को राहत मिल सके स्थान -रायबरेली रिपोर्ट -बलवंत कुमार1
- टक्कर लगने से महिला गंभीर रूप से घायल ब्लॉगर श्रृष्टि आयुष ने अपनी कार से पहुंचाया घायल महिला को जिला अस्पताल1
- *मानदेय को तरसे मनरेगा संविदाकर्मी: छाई मायूसी, बीडिओ को सौंपा ज्ञापन देवमई /फतेहपुर विकास खंड देवमई में तैनात मनरेगा संविदाकर्मियों का धैर्य अब जवाब दे रहा है। पिछले कई महीनों से मानदेय और ईपीएफ का भुगतान न होने के कारण संविदाकर्मियों के सामने भुखमरी की स्थिति पैदा हो गई है। एक तरफ जहाँ प्रदेश सरकार लक्ष्य से अधिक मानव दिवस सृजित करने पर अपनी पीठ थपथपा रही है, वहीं धरातल पर काम करने वाले ग्राम रोजगार सेवक, कंप्यूटर ऑपरेटर और तकनीकी सहायक अपने जायज हक के लिए दर-दर भटकने को मजबूर हैं। मनरेगा कर्मचारी महासंघ के बैनर तले संविदाकर्मियों ने जिलाधिकारी और मुख्य विकास अधिकारी को बीडिओ के द्वारा पत्र सौंपकर अपना दर्द बयां किया है। संविदाकर्मियों का कहना है कि जुलाई 2025 से उन्हें मानदेय नहीं मिला है और दीपावली के बाद अब होली का त्योहार भी फीका रहने की कगार पर हो गया है। मानदेय न मिलने से पारिवारिक जिम्मेदारियों का निर्वहन करना दूभर हो गया है, जिससे संविदाकर्मियों में गहरा आक्रोश व्याप्त है। संविदा कर्मियों ने दो-टूक शब्दों में कहा है कि यह स्थिति संविधान के अनुच्छेद-21 के तहत प्राप्त "जीवन के अधिकार" का सीधा उल्लंघन है। प्रशासनिक उदासीनता के खिलाफ मनरेगा संविदा कर्मियों ने अब चरणबद्ध आंदोलन की रूपरेखा तैयार कर ली है। विरोध स्वरूप काली पट्टी बांधकर कार्य किया जाएगा और विकास खंड स्तर पर कार्य बहिष्कार का निर्णय लिया जाएगा यही नहीं,संविदा कर्मियों ने 9 मार्च को उपमुख्यमंत्री और 16 मार्च को मुख्यमंत्री के 'जनता दर्शन' में उपस्थित होकर अपनी व्यथा सीधे शासन तक पहुँचाने का संकल्प लिया है। यदि ईपीएफ की बकाया राशि का भुगतान नहीं हुआ, तो यह आक्रोश किसी बड़े आंदोलन का रूप ले सकता है, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन विभाग की होगी। ज्ञापन के दौरान रोजगार सेवक संघ अध्यक्ष सज्जन पटेल अमित कुमार यादव मिथिला देवी दिलीप कुमार राकेश कुमार विश्वनाथ अनिल कुमार बृजपाल सूर्य प्रकाश अतुल कुमार राकेश कुमार जयपाल महेश प्रसाद आशीष कुमार वीरेंद्र कुमार ओमप्रकाश नीरज कुमार प्रमोद पांडे श्रीकांत राकेश कुमार मलखान ममता देवी मानसिंह मोहम्मद शरीफ छत्रपाल सहित तमाम लोग मौजूद रहे2