भाजपा के लोगों, जरा आंख में भर लो पानी… 18 सितंबर को उत्तराखंड की बेटी अंकिता भंडारी की पुण्यतिथि भी है - गरिमा मेहरा दसौनी भाजपा के लोगों, जरा आंख में भर लो पानी… 18 सितंबर को उत्तराखंड की बेटी अंकिता भंडारी की पुण्यतिथि भी है - गरिमा मेहरा दसौनी उत्तराखंड भाजपा इन दिनों उत्सवों और जन्मदिनों में इतनी व्यस्त है कि उसे शायद अपने ही प्रदेश की उस बेटी की याद नहीं आ रही, जिसकी हत्या ने पूरे उत्तराखंड की आत्मा को झकझोर कर रख दिया था,ये खाना है उत्तराखंड कांग्रेस की मुख्य प्रवक्ता गरिमा मेहरा दसौनी का। 16 सितंबर को मुख्यमंत्री का जन्मदिन, 17 सितंबर को प्रधानमंत्री का जन्मदिन और फिर कई दिनों तक जन्मदिन समारोहों का आयोजन— लेकिन 18 सितंबर आते ही कैलेंडर में एक तारीख ऐसी भी आती है,जब उत्तराखंड भाजपा को सांप सूंघ जाता है।वो तारीख जिसे उत्तराखंड कभी भूल नहीं सकता—अंकिता भंडारी की चौथी पुण्यतिथि। उत्तराखंड कांग्रेस की मुख्य प्रवक्ता गरिमा मेहरा दसौनी ने भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि भाजपा के नेताओं से मेरा सिर्फ इतना सवाल है— जिस प्रदेश की बेटी के लिए पूरा उत्तराखंड सड़कों पर उतर आया था, क्या उसकी चौथी पुण्यतिथि पर आपके पास दो आंसू भी नहीं हैं?”उसकी पुण्यतिथि की कोई तैयारी नहीं? अंकिता सिर्फ पौड़ी गढ़वाल की बेटी नहीं थी। वह उत्तराखंड की बेटी थी। वह उन लाखों पहाड़ी बेटियों का चेहरा थी जो अपने सपनों को लेकर घर से निकलती हैं और अपने माता-पिता का भविष्य संवारने का सपना देखती हैं।लेकिन अंकिता के साथ क्या हुआ, यह आज भी उत्तराखंड के जमीर को झकझोरता है। गरिमा ने कहा कि 18 सितंबर 2022 को अंकिता की हत्या हुई। मामले में तत्कालीन पुलिस जांच, वनंत्रा रिजॉर्ट, राजनीतिक रसूख, कथित VIP कनेक्शन, रिजॉर्ट में तोड़फोड़ और साक्ष्यों से जुड़े सवालों ने पूरे प्रदेश के सामने कई गंभीर प्रश्न खड़े किए। लेकिन क्या अंकिता को पूरा न्याय मिल गया? यह सवाल आज भी जिंदा है। अंकिता के माता-पिता लगातार उन तमाम सवालों के जवाब मांगते रहे हैं जिनका संबंध कथित VIP एंगल और पूरे घटनाक्रम की उन परतों से है जो आज भी पूरी तरह सार्वजनिक नहीं हुई हैं। और जब सरकार ने आखिरकार जनवरी 2026 में CBI जांच की सिफारिश की तथा फरवरी 2026 में CBI ने मामले को अपने हाथ में लिया, तो उत्तराखंड की जनता को उम्मीद जगी कि अब उन सवालों के जवाब मिलेंगे जिनसे राज्य सरकार की जांच पर वर्षों से सवाल उठते रहे हैं।लेकिन आज सवाल है—CBI जांच में अब तक क्या हुआ? क्या जांच की प्रगति पर उत्तराखंड की जनता को कोई विस्तृत जानकारी दी गई? क्या कथित VIP एंगल की पूरी पड़ताल हुई? क्या उन सभी सवालों के जवाब तलाशे गए जिनको लेकर अंकिता के माता-पिता और प्रदेश की जनता लगातार आवाज उठाते रहे हैं? क्या यह पता लगाने की कोशिश हुई कि अंकिता को किन परिस्थितियों में मौत की ओर धकेला गया? क्या उन तमाम लोगों की भूमिका की जांच हुई जिनके नाम या संदर्भ इस मामले में समय-समय पर सामने आते रहे? गरिमा ने कहा उत्तराखंड सच जानना चाहता है। अंकिता के माता-पिता जानना चाहते हैं। और सबसे बढ़कर, अंकिता की आत्मा न्याय चाहती है। दसौनी ने कहा कि भाजपा के प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के जन्मदिन मनाने से उत्तराखंड की जनता को कोई सरोकार नहीं जन्मदिन मनाइए, शुभकामनाएं दीजिए—लेकिन उत्तराखंड की बेटी की शहादत को राजनीतिक सुविधा के अनुसार मत भूलिए। केक काटने और उत्सव मनाने से सरकार की जिम्मेदारियां खत्म नहीं हो जातीं। 18 सितंबर को अंकिता की तस्वीर के सामने खड़े होकर भाजपा को खुद से पूछना चाहिए—क्या अंकिता को वह पूरा न्याय मिला, जिसका वादा उत्तराखंड से किया गया था?” भाजपा नेता बार-बार महिला सुरक्षा, बेटी बचाओ और नारी सम्मान की बातें करते हैं। लेकिन उत्तराखंड पूछ रहा है कि अंकिता के मामले में उन तमाम अनुत्तरित सवालों का जवाब कब मिलेगा? आज जरूरत राजनीतिक भाषणों की नहीं, सच सामने लाने की है। अंकिता भंडारी की चौथी पुण्यतिथि पर कांग्रेस की मांग स्पष्ट है— CBI जांच की प्रगति सार्वजनिक की जाए। VIP एंगल सहित सभी अनुत्तरित सवालों की निष्पक्ष जांच हो। अंकिता के परिवार को जांच की स्थिति की पूरी जानकारी दी जाए। और जो भी व्यक्ति किसी भी स्तर पर कानून और न्याय की राह में बाधा बना हो, उसकी भूमिका सामने लाई जाए। गरिमा मेहरा दसौनी ने कहा अंकिता भंडारी हमारे लिए कोई चुनावी मुद्दा नहीं है। वह उत्तराखंड की बेटी थी, है और हमेशा रहेगी। भाजपा चाहे उसे भूल जाए, उत्तराखंड नहीं भूलेगा। जन्मदिन हर साल आते-जाते रहेंगे, लेकिन अंकिता की मां की आंखों का इंतजार और उत्तराखंड के सवाल तब तक जिंदा रहेंगे, जब तक पूरा सच सामने नहीं आता। अंकिता को न्याय मिले—यही उत्तराखंड की आवाज है। गरिमा मेहरा दसौनी
भाजपा के लोगों, जरा आंख में भर लो पानी… 18 सितंबर को उत्तराखंड की बेटी अंकिता भंडारी की पुण्यतिथि भी है - गरिमा मेहरा दसौनी भाजपा के लोगों, जरा आंख में भर लो पानी… 18 सितंबर को उत्तराखंड की बेटी अंकिता भंडारी की पुण्यतिथि भी है - गरिमा मेहरा दसौनी उत्तराखंड भाजपा इन दिनों उत्सवों और जन्मदिनों में इतनी व्यस्त है कि उसे शायद अपने ही प्रदेश की उस बेटी की याद नहीं आ रही, जिसकी हत्या ने पूरे उत्तराखंड की आत्मा को झकझोर कर रख दिया था,ये खाना है उत्तराखंड कांग्रेस की मुख्य प्रवक्ता गरिमा मेहरा दसौनी का। 16 सितंबर को मुख्यमंत्री का जन्मदिन, 17 सितंबर को प्रधानमंत्री का जन्मदिन और फिर कई दिनों तक जन्मदिन समारोहों का आयोजन— लेकिन 18 सितंबर आते ही कैलेंडर में एक तारीख ऐसी भी आती है,जब उत्तराखंड भाजपा को सांप सूंघ जाता है।वो तारीख जिसे उत्तराखंड कभी भूल नहीं सकता—अंकिता भंडारी की चौथी पुण्यतिथि। उत्तराखंड कांग्रेस की मुख्य प्रवक्ता गरिमा मेहरा दसौनी ने भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि भाजपा के नेताओं से मेरा सिर्फ इतना सवाल है— जिस प्रदेश की बेटी के लिए पूरा उत्तराखंड सड़कों पर उतर आया था, क्या उसकी चौथी पुण्यतिथि पर आपके पास दो आंसू भी नहीं हैं?”उसकी पुण्यतिथि की कोई तैयारी नहीं? अंकिता सिर्फ पौड़ी गढ़वाल की बेटी नहीं थी। वह उत्तराखंड की बेटी थी। वह उन लाखों पहाड़ी बेटियों का चेहरा थी जो अपने सपनों को लेकर घर से निकलती हैं और अपने माता-पिता का भविष्य संवारने का सपना देखती हैं।लेकिन अंकिता के साथ क्या हुआ, यह आज भी उत्तराखंड के जमीर को झकझोरता है। गरिमा ने कहा कि 18 सितंबर 2022 को अंकिता की हत्या हुई। मामले में तत्कालीन पुलिस जांच, वनंत्रा रिजॉर्ट, राजनीतिक रसूख, कथित VIP कनेक्शन, रिजॉर्ट में तोड़फोड़ और साक्ष्यों से जुड़े सवालों ने पूरे प्रदेश के सामने कई गंभीर प्रश्न खड़े किए। लेकिन क्या अंकिता को पूरा न्याय मिल गया? यह सवाल आज भी जिंदा है। अंकिता के माता-पिता लगातार उन तमाम सवालों के जवाब मांगते रहे हैं जिनका संबंध कथित VIP एंगल और पूरे घटनाक्रम की उन परतों से है जो आज भी पूरी तरह सार्वजनिक नहीं हुई हैं। और जब सरकार ने आखिरकार जनवरी 2026 में CBI जांच की सिफारिश की तथा फरवरी 2026 में CBI ने मामले को अपने हाथ में लिया, तो उत्तराखंड की जनता को उम्मीद जगी कि अब उन सवालों के जवाब मिलेंगे जिनसे राज्य सरकार की जांच पर वर्षों से सवाल उठते रहे हैं।लेकिन आज सवाल है—CBI जांच में अब तक क्या हुआ? क्या जांच की प्रगति पर उत्तराखंड की जनता को कोई विस्तृत जानकारी दी गई? क्या कथित VIP एंगल की पूरी पड़ताल हुई? क्या उन सभी सवालों के जवाब तलाशे गए जिनको लेकर अंकिता के माता-पिता और प्रदेश की जनता लगातार आवाज उठाते रहे हैं? क्या यह पता लगाने की कोशिश हुई कि अंकिता को किन परिस्थितियों में मौत की ओर धकेला गया? क्या उन तमाम लोगों की भूमिका की जांच हुई जिनके नाम या संदर्भ इस मामले में समय-समय पर सामने आते रहे? गरिमा ने कहा उत्तराखंड सच जानना चाहता है। अंकिता के माता-पिता जानना चाहते हैं। और सबसे बढ़कर, अंकिता की आत्मा न्याय चाहती है। दसौनी ने कहा कि भाजपा के प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के जन्मदिन मनाने से उत्तराखंड की जनता को कोई सरोकार नहीं जन्मदिन मनाइए, शुभकामनाएं दीजिए—लेकिन उत्तराखंड की बेटी की शहादत को राजनीतिक सुविधा के अनुसार मत भूलिए। केक काटने और उत्सव मनाने से सरकार की जिम्मेदारियां खत्म नहीं हो जातीं। 18 सितंबर को अंकिता की तस्वीर के सामने खड़े होकर भाजपा को खुद से पूछना चाहिए—क्या अंकिता को वह पूरा न्याय मिला, जिसका वादा उत्तराखंड से किया गया था?” भाजपा नेता बार-बार महिला सुरक्षा, बेटी बचाओ और नारी सम्मान की बातें करते हैं। लेकिन उत्तराखंड पूछ रहा है कि अंकिता के मामले में उन तमाम अनुत्तरित सवालों का जवाब कब मिलेगा? आज जरूरत राजनीतिक भाषणों की नहीं, सच सामने लाने की है। अंकिता भंडारी की चौथी पुण्यतिथि पर कांग्रेस की मांग स्पष्ट है— CBI जांच की प्रगति सार्वजनिक की जाए। VIP एंगल सहित सभी अनुत्तरित सवालों की निष्पक्ष जांच हो। अंकिता के परिवार को जांच की स्थिति की पूरी जानकारी दी जाए। और जो भी व्यक्ति किसी भी स्तर पर कानून और न्याय की राह में बाधा बना हो, उसकी भूमिका सामने लाई जाए। गरिमा मेहरा दसौनी ने कहा अंकिता भंडारी हमारे लिए कोई चुनावी मुद्दा नहीं है। वह उत्तराखंड की बेटी थी, है और हमेशा रहेगी। भाजपा चाहे उसे भूल जाए, उत्तराखंड नहीं भूलेगा। जन्मदिन हर साल आते-जाते रहेंगे, लेकिन अंकिता की मां की आंखों का इंतजार और उत्तराखंड के सवाल तब तक जिंदा रहेंगे, जब तक पूरा सच सामने नहीं आता। अंकिता को न्याय मिले—यही उत्तराखंड की आवाज है। गरिमा मेहरा दसौनी
- *एसएसपी दून के नेतृत्व में शराब तस्करों पर जारी दून पुलिस का एक्शन* *अलग-अलग थाना क्षेत्रों से शराब तस्करी में लिप्त 04 अभियुक्तों को पुलिस ने किया गिरफ्तार* *अभियुक्तों के कब्जे से 05 पेटी से अधिक अवैध देसी शराब हुई बरामद* *शराब तस्करी में प्रयुक्त वाहन छोटा हाथी को पुलिस ने किया सीज* वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून द्वारा सभी अधीनस्थों को अपने-अपने थाना क्षेत्रान्तर्गत मादक पदार्थों/अवैध शराब की तस्करी में लिप्त अभियुक्तों को चिन्हित करते हुए उनके विरूद्ध प्रभावी कार्यवाही किये जाने के निर्देश दिये गये हैं। निर्देशों के अनुपालन में जनपद के सभी थाना क्षेत्रों में पुलिस टीमों द्वारा लगातार ऐसे अभियुक्तों को चिन्हित कर उनके विरूद्ध। प्रभावी कार्यवाही की जा रही है। इसी क्रम में दून पुलिस द्वारा की गई कार्यवाही का विवरण निम्नवत है:- *1- कोतवाली ऋषिकेश* *लगभग 04 पेटी अवैध देसी शराब के साथ 03 अभियुक्त गिरफ्तार, तस्करी में प्रयुक्त वाहन को पुलिस ने किया सीज :-* कोतवाली ऋषिकेश पर गठित अलग-अलग टीमों द्वारा दिनांक: 15-09-24 को चैकिंग के दौरान पुराने रेलवे स्टेशन गेट, डाकघर आईडीपीएल के सामने एवं परशुराम चौक ऋषिकेश से 03 अभियुक्तों 01: रोबिन कुमार पुत्र नरेश कुमार, 02: सौरब पुत्र रमेश कुमार तथा 03: भोले पुत्र सुरेश को अवैध शराब की तस्करी करते हुए गिरफ्तार किया गया। सभी अभियुक्तों के विरूद्ध आबकारी अधिनियम के अन्तर्गत अभियोग पंजीकृत किये गये। शराब तस्करी में प्रयुक्त वाहन छोटा हाथी संख्या: यू0के0-14-सीए -2855 को सीज किया गया। *विवरण गिरफ्तार अभियुक्त:* 1- रोबिन कुमार पुत्र नरेश कुमार निवासी 134 अवधूत मार्ग वाल्मिकी नगर, थाना ऋषिकेश, देहरादून, उम्र 40 वर्ष। 2- सौरब पुत्र रमेश कुमार निवासी तुलसी विहार कालोनी हनुमान मन्दिर के पास श्यामपुर, ऋषिकेश, देहरादून, उम्र 25 वर्ष। 3- भोले पुत्र सुरेश निवासी। गोविन्द नगर झुग्गी झोपडी परशुराम चौक, थाना ऋषिकेश, देहरादून, उम्र 29 वर्ष। *बरामदगी:* (1) अभियुक्त रोबिन कुमार के कब्जे से 27 ट्रेटा पैक माल्टा मसालेदार देशी शराब (2) अभियुक्त सौरब के कब्जे से 35 ट्रेटा पैक माल्टा मसालेदार देशी शराब (3) अभियुक्त भोले के कब्जे से 110 ट्रेटा पैक माल्टा देशी शराब (4) टाटा ऐस (छोटा हाथी) वाहन संख्या यू0के0-14-सीए-2855 *2- कोतवाली पटेलनगर* *86 ट्रेटा पैक देशी शराब के साथ 01 अभियुक्त गिरफ्तार:* पटेलनगर पुलिस द्वारा दिनांक 15-09-2026 को मुखबिर की सूचना पर महाराणा प्रताप ग्राउण्ड आईएसबीटी पटेलनगर के पास से 01 अभियुक्त अमित पुत्र मुकेश कुमार को 86 टेट्रा पैक देशी मसालेदार शराब के साथ गिरफ्तार किया गया। अभियुक्त के विरुद्व थाना पटेलनगर पर मु0अ0सं0-639/2026 धारा 60 आबकारी अधिनियम में अभियोग पंजीकृत किया गया। *विवरण गिरफ्तार अभियुक्त:* 1- अमित पुत्र मुकेश कुमार निवासी टर्नर रोड, लेन नम्बर 01, क्लेमनटाउन, उम्र 38 वर्ष *बरामदगी:* 86 टैट्रा पैक देसी शराब3
- 🌾 डोईवाला के खेरी गांव में बंदरों का आतंक, गन्ने की फसल तबाह The Aman Times 🌾 डोईवाला के खेरी गांव में बंदरों का आतंक, गन्ने की फसल तबाह डोईवाला। मारखम ग्रांट ग्राम पंचायत के खेरी गांव में बंदरों के झुंड ने किसानों की गन्ने की फसल को भारी नुकसान पहुंचाया है। किसान राजकुमार मौर्य, तरसेम सिंह, राजा और अरविंद की फसल बंदरों ने बर्बाद कर दी। किसानों का कहना है कि लच्छीवाला वन रेंज के खेरी जंगलों से बंदर, हाथी और अन्य जंगली जानवर लगातार खेतों की ओर आ रहे हैं और फसलों को नुकसान पहुंचा रहे हैं। इससे किसानों की महीनों की मेहनत बर्बाद हो रही है। मारखम ग्रांट ग्राम पंचायत के प्रधान परमिंदर सिंह बाबू ने कहा कि वन विभाग से किसानों की सुरक्षा के लिए प्रभावी इंतजाम करने की मांग की गई है, ताकि किसानों की मेहनत बर्बाद न हो। उन्होंने कहा कि जंगली जानवरों से हुए फसल नुकसान का किसानों को मुआवजा दिलाने के लिए भी प्रयास किए जाएंगे। किसानों ने वन विभाग से फसलों की सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम और नुकसान का उचित मुआवजा देने की मांग की है।1
- गौमाता के साथ दुष्कर्म जैसी हैवानियत करने वाला अत्मलपुर बौगला बहादराबाद निवासी आरोपी को रानीपुर पुलिस ने किया गिरफ्तार दिनांक 14.09.2026 को कोतवाली रानीपुर क्षेत्रान्तर्गत सलेमपुर महदूद में एक व्यक्ति को गौमाता के साथ दुष्कर्म करने की सूचना पर गाय के स्वामी नवीन पुत्र विक्रम सिंह निवासी अशोक वाटिका सलेमपुर महदूद, थाना रानीपुर, जनपद हरिद्वार की तहरीर पर तत्काल रानीपुर पुलिस ने अज्ञात व्यक्ति के विरूद्ध तत्काल मु0अ0सं0 320/2026 धारा 11(1)(a) पशु क्रूरता निवारण अधि0 पंजीकृत किया गया । एस एस0एस0पी0हरिद्वार के निर्देशन पर प्रभारी निरीक्षक कोतवाली रानीपुर के नेतृत्व में तत्काल पुलिस द्वारा कार्यवाही करते हुये उक्त अज्ञात व्यक्ति की तलाश की गयी, एवं दौराने तलाश पुलिस टीम द्वारा दिनांक 14.09.2026 को ही घटना में शामिल आरोपी निवासी अत्मलपुर बौगला थाना बाहदराबाद जनपद हरिद्वार को जमालपुर नहर पटरी से हिरासत में लेकर अग्रिम वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। *पुलिस टीम-* 1- प्रभारी निरीक्षक मनोहर भण्डारी 2- अ0उ0नि0 सुबोध घिल्डियाल 3- कानि0 गम्भीर तोमर, 4- कानि0 करम सिंह1
- शांतरशाह में युवक को गोली मारकर फरार हुए दो बदमाश, पुलिस जांच में जुटी हरिद्वार। बहादराबाद थाना क्षेत्र के शांतरशाह गांव में सोमवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब दो अज्ञात युवकों ने एक युवक पर कथित तौर पर गोली चला दी। गोली लगने से युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए। घटना के बाद आसपास के क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। जानकारी के अनुसार, शांतरशाह निवासी हैप्पी पुत्र राजकुमार किसी काम से जा रहा था। इसी दौरान दो अज्ञात बदमाशों ने उस पर गोली चला दी। गोली लगने से हैप्पी घायल होकर जमीन पर गिर पड़ा। घटना के बाद आरोपी वहां से फरार हो गए। आसपास मौजूद लोगों ने घायल युवक को तत्काल उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया। घटना की जानकारी मिलते ही बहादराबाद थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने मामले की जानकारी जुटाने के साथ ही वारदात से जुड़े साक्ष्यों को एकत्र करना शुरू कर दिया है। पुलिस आसपास के क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है, ताकि हमलावरों की पहचान की जा सके। इसके अलावा पुलिस की टीमें संभावित स्थानों पर आरोपियों की तलाश में जुटी हैं। फिलहाल गोली चलाने के पीछे की वजह सामने नहीं आई है। पुलिस घायल युवक से घटना के संबंध में जानकारी जुटाने का प्रयास कर रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जांच के बाद ही वारदात की वास्तविक वजह और आरोपियों की पहचान स्पष्ट हो सकेगी। गोलीकांड के बाद स्थानीय लोगों में भी चिंता का माहौल है। पुलिस ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और घटना से संबंधित कोई जानकारी होने पर पुलिस को सूचित करने की अपील की है।1
- बड़कोट सीएचसी में स्वास्थ्य व्यवस्था बदहाल, विशेषज्ञ डॉक्टरों की नियुक्ति को लेकर उठी आवाज, मांग पूरी नही होने पर आंदोलन की चेतावनी । NIU देहरादून NIU ✍️ #BadkotCHC उत्तरकाशी में यमुनाघाटी क्षेत्र के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने वाले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बड़कोट में डॉक्टरों के रिक्त पदों का मामला एक बार फिर गरमा गया है। लंबे समय से विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी से जूझ रहे अस्पताल को लेकर क्षेत्रवासियों ने मोर्चा खोल दिया है। लोगों ने मुख्यमंत्री से अस्पताल में स्वीकृत सभी चिकित्सकीय पदों पर तत्काल नियुक्ति करने की मांग की है। क्षेत्रवासियों के अनुसार, वर्ष 2015 में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बड़कोट के लिए आठ चिकित्सकीय पद स्वीकृत किए गए थे। लेकिन इन पदों के सापेक्ष अब तक सिर्फ एक दंत चिकित्सक की नियुक्ति हो सकी है। बाकी पद लंबे समय से खाली पड़े हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टरों की तैनाती नहीं होने से मरीजों को सामान्य उपचार के लिए भी जिला अस्पताल या देहरादून सहित दूसरे बड़े शहरों का रुख करना पड़ता है। पहाड़ी क्षेत्र में दूरी, खराब मौसम और सीमित परिवहन व्यवस्था के कारण गंभीर मरीजों और गर्भवती महिलाओं को सबसे अधिक परेशानी उठानी पड़ती है। बड़कोट और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों की बड़ी आबादी स्वास्थ्य सेवाओं के लिए इसी केंद्र पर निर्भर है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि अस्पताल में प्रसव सुविधा, स्त्री रोग विशेषज्ञ, बाल रोग विशेषज्ञ और अन्य जरूरी विशेषज्ञ डॉक्टरों की उपलब्धता बेहद आवश्यक है। विशेषज्ञ चिकित्सकों के अभाव में गर्भवती महिलाओं को प्रसव के लिए दूसरे अस्पतालों में रेफर करना पड़ता है। आपात स्थिति में मरीजों को समय पर इलाज नहीं मिल पाता। इससे कई बार मरीजों और उनके परिजनों को आर्थिक बोझ के साथ-साथ जान जोखिम में डालकर लंबी दूरी तय करनी पड़ती है।1
- खानपुर विकासखंड कार्यालय बना शोपीस! फरियादी काट रहे चक्कर, 11:45 तक कई कर्मचारी सीट से नदारद लक्सर के खानपुर विकासखंड कार्यालय में अधिकारियों और कर्मचारियों की कथित लेटलतीफी को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। आरोप है कि कार्यालय खुलने के बावजूद कई कर्मचारी और अधिकारी समय पर अपनी सीटों पर नहीं पहुंचे, जबकि दूर-दराज से आए फरियादी अपने जरूरी काम के लिए घंटों इंतजार करते रहे। जन्म प्रमाण पत्र, मृत्यु प्रमाण पत्र, परिवार रजिस्टर की नकल समेत अन्य सरकारी सेवाओं के लिए पहुंचे लोगों ने समय और पैसा बर्बाद होने की बात कही। बताया गया कि विकासखंड के अधिकारी करीब 10:30 बजे के बाद कार्यालय पहुंचे, जबकि 11:45 बजे तक भी कई कर्मचारी अपनी सीटों पर मौजूद नहीं थे। अब सवाल है—सरकारी कार्यालयों में समय की पाबंदी कब सुनिश्चित होगी और फरियादियों को समय पर सरकारी सेवाएं कब मिलेंगी? श्रद्धा टीवी नेटवर्क — ना डरता है, ना झुकता है, ना बिकता है… निष्पक्ष खबर, सच्चाई के साथ। #लक्सर #खानपुर #उत्तराखंड #सरकारीकार्यालय #ShraddhaTVNetwork1
- वन कर्मचारी गुरजंट सिंह अपने कंधों परउठाकर ले आये मगरमच्छ लक्सर अनुभाग के टांडा महतोली तालाब के पास एक मगरमच्छ वन कर्मचारी गुरजंट सिंह अपने कंधों परउठाकर ले आये मगरमच्छ लक्सर अनुभाग के टांडा महतोली तालाब के पास एक मगरमच्छ1
- रानी पोखरी में हाथी का आतंक, धान की फसल रौंदी।।।।।।।।।।।। The Aman Times रानी पोखरी में हाथी का आतंक, धान की फसल रौंदी रानी पोखरी/डोईवाला। डोईवाला विधानसभा क्षेत्र में हाथियों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। ताजा मामला रानी पोखरी के मौजा रानी पोखरी का है, जहां हाथी धान के खेत में घुस गया और फसल को भारी नुकसान पहुंचाया। पूर्व सैनिक राजेंद्र सिंह रावत की धान की फसल हाथी ने रौंदकर तहस-नहस कर दी। गांव के प्रधान प्रतिनिधि विक्रम सिंह भंडारी ने वन विभाग से जंगली जानवरों की आबादी को आबादी वाले क्षेत्रों और खेतों में घुसने से रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की है।1