रायबरेली रेलवे स्टेशन पर साइकिल/मोटरसाइकिल वाहन स्टैंड पर अवैध दबंगई और 'माफिया राज' का एक गंभीर मामला सामने आया है। स्टैंड कर्मचारियों द्वारा रेलवे स्टेशन परिसर के बाहर खड़ी मोटरसाइकिलों को जबरन खींचकर अपने स्टैंड पर ले जाने का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस घटना ने रेलवे प्रशासन, जिला पुलिस और स्थानीय प्रशासन की भूमिका पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि रायबरेली रेलवे स्टेशन के बाहर वाले इलाके या आसपास खड़ी मोटरसाइकिलों को स्टैंड के कर्मचारी जबरदस्ती खींचकर अपने स्टैंड में ले जा रहे हैं। आरोप है कि जब यात्री अपनी गाड़ी पार्क करने के लिए स्टेशन परिसर के बाहर आते हैं, तो स्टैंड वाले उन्हें जबरन अपने स्टैंड पर ले जाते हैं। विरोध करने पर गाली-गलौज, धमकी और मनमानी रकम वसूली भी की जाती है। स्थानीय लोगों और यात्रियों का कहना है कि यह कोई नई घटना नहीं है, और ऐसी दबंगई की शिकायतें पहले भी आती रही हैं। आरोप यह भी है कि रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और जिला प्रशासन की कथित मिलीभगत या अनदेखी के कारण यह 'माफिया राज' फल-फूल रहा है। पहले भी रायबरेली रेलवे स्टेशन पर पार्किंग ठेकेदार की मनमानी और अवैध वसूली की शिकायतें सामने आ चुकी हैं, जिसमें एक पुरानी घटना में ठेका रद्द होने के बावजूद वसूली जारी रहने का मामला भी शामिल है। स्टैंड पर गाड़ी खींचने के बाद यात्रियों से मनमाना शुल्क वसूला जाता है। कम रकम देने या विरोध करने पर बदसलूकी और धमकी दी जाती है। कई मामलों में 1000 से 5000 रुपये तक की वसूली के आरोप लगे हैं, और फ्री पार्किंग वाले इलाकों से भी जबरन शुल्क वसूलने की पुरानी शिकायतें हैं।
रायबरेली रेलवे स्टेशन पर साइकिल/मोटरसाइकिल वाहन स्टैंड पर अवैध दबंगई और 'माफिया राज' का एक गंभीर मामला सामने आया है। स्टैंड कर्मचारियों द्वारा रेलवे स्टेशन परिसर के बाहर खड़ी मोटरसाइकिलों को जबरन खींचकर अपने स्टैंड पर ले जाने का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस घटना ने रेलवे प्रशासन, जिला पुलिस और स्थानीय प्रशासन की भूमिका पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि रायबरेली रेलवे स्टेशन के बाहर वाले इलाके या आसपास खड़ी मोटरसाइकिलों को स्टैंड के कर्मचारी जबरदस्ती खींचकर अपने स्टैंड में ले जा रहे हैं। आरोप है कि जब यात्री अपनी गाड़ी पार्क करने के लिए स्टेशन परिसर के बाहर आते हैं, तो स्टैंड वाले उन्हें जबरन अपने स्टैंड पर ले जाते हैं। विरोध करने पर गाली-गलौज, धमकी और मनमानी रकम वसूली भी की जाती है। स्थानीय लोगों और यात्रियों का कहना है कि यह कोई नई घटना नहीं है, और ऐसी दबंगई की शिकायतें पहले भी आती रही हैं। आरोप यह भी है कि रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और जिला प्रशासन की कथित मिलीभगत या अनदेखी के कारण यह 'माफिया राज' फल-फूल रहा है। पहले भी रायबरेली रेलवे स्टेशन पर पार्किंग ठेकेदार की मनमानी और अवैध वसूली की शिकायतें सामने आ चुकी हैं, जिसमें एक पुरानी घटना में ठेका रद्द होने के बावजूद वसूली जारी रहने का मामला भी शामिल है। स्टैंड पर गाड़ी खींचने के बाद यात्रियों से मनमाना शुल्क वसूला जाता है। कम रकम देने या विरोध करने पर बदसलूकी और धमकी दी जाती है। कई मामलों में 1000 से 5000 रुपये तक की वसूली के आरोप लगे हैं, और फ्री पार्किंग वाले इलाकों से भी जबरन शुल्क वसूलने की पुरानी शिकायतें हैं।
- एसपी सत्य नारायण के नेतृत्व में एक महत्वपूर्ण अभियान ‘ऑपरेशन क्लीन’ के तहत पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। इस विशेष कार्रवाई के दौरान, पुलिस ने मात्र 24 घंटे के भीतर 8 अपराधियों को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया है।1
- छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले के मुड़ागांव में सड़क की बदहाली को लेकर सैकड़ों ग्रामीणों ने नेशनल हाईवे 130-सी पर चक्काजाम कर दिया, जिसके बाद प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच जमकर झड़प हुई। ग्रामीणों का आरोप है कि बरसात में यह सड़क जानलेवा दलदल बन जाती है, जिससे मेडिकल इमरजेंसी और स्कूली बच्चों का आवागमन दूभर हो जाता है, जो 'विकास की बदहाली का मंजर' पेश करता है। भाजयुमो जिला अध्यक्ष हेमंत नागेश के नेतृत्व में हुए इस प्रदर्शन के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प भी हुई। इस बीच, कांग्रेस जिला अध्यक्ष सुखचंद बेसरा भी मौके पर पहुंचे और भाजपा सरकार के विकास के दावों को 'खोखला' करार दिया। फिलहाल, प्रशासनिक अधिकारियों से आश्वासन मिलने के बाद सड़क जाम को समाप्त कर दिया गया है, लेकिन ग्रामीणों का मुख्य सवाल जस का तस बना हुआ है कि आखिर कब उनकी यह बदहाल राह सुधरेगी।1
- कौशाम्बी पुलिस को एक बड़ी सफलता मिली है, जहाँ थाना मंझनपुर क्षेत्र में हुई लूट की घटना का पुलिस ने सफल खुलासा किया। पुलिस ने एक मुठभेड़ के बाद दो शातिर लुटेरों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों के कब्जे से लूटा गया माल, नकदी, मोबाइल फोन, सोने-चांदी के आभूषण के साथ-साथ अवैध तमंचे और कारतूस भी बरामद किए गए हैं।1
- फर्रुखाबाद रेलवे स्टेशन पर चल रहे विस्तार कार्य के कारण एक अवैध मजार को हटा दिया गया है। यह मामला पिछले दो साल से रेलवे बोर्ड में लंबित था। इस कार्रवाई के बाद अब इस क्षेत्र में ट्रेनों की रफ्तार बढ़ाई जा सकेगी। इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।1
- कौशांबी के संदीपन घाट थाना क्षेत्र के उमरपुर गांव निवासी एक ट्रक चालक ने पुलिसकर्मियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। सौरभ नामक इस ट्रक चालक ने पुलिस अधीक्षक से निष्पक्ष जांच और न्याय की गुहार लगाते हुए आरोप लगाया है कि पुलिसकर्मियों ने उसके साथ मारपीट की, गाली-गलौज किया, जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया और उससे पैसे भी लिए। पीड़ित सौरभ पुत्र रामहित का कहना है कि वह जुआ नहीं खेल रहा था, बल्कि शौच के लिए एक बाग की ओर गया था। इसी दौरान पुलिस ने उसे पकड़ लिया और उसके साथ अभद्रता की। इस घटना के संबंध में सौरभ ने दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए एक लिखित शिकायत दर्ज कराई है। फिलहाल, ये आरोप शिकायतकर्ता द्वारा ही लगाए गए हैं और इस मामले में पुलिस का पक्ष अभी सामने नहीं आया है। बताया गया है कि तथ्यों की पुष्टि पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।1
- कौशाम्बी जिले में जनजीवन खतरे के साये में जी रहा है, जहाँ किसी भी क्षण एक बड़ी दुर्घटना घटित होने की आशंका बनी हुई है। क्षेत्र में व्याप्त इस जोखिम भरी स्थिति को लेकर चिंता जताई जा रही है, जो कभी भी एक गंभीर घटना का रूप ले सकती है।1
- कौशाम्बी पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है, जहाँ मंझनपुर थाना क्षेत्र में एक सराफा व्यापारी से हुई लूट की घटना का महज चार दिनों के भीतर पर्दाफाश कर दिया गया है। मंझनपुर पुलिस और एसओजी की संयुक्त टीम ने कोर्रो रोड पर हुई एक मुठभेड़ के बाद दो शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए आरोपियों के कब्जे से लूटे गए आभूषण, ₹50,000 नकद, एक मोबाइल फोन और घटना में इस्तेमाल की गई बाइक बरामद की गई है। इसके अतिरिक्त, उनके पास से अवैध तमंचे और कारतूस भी मिले हैं। पूछताछ के दौरान यह सामने आया है कि इन दोनों आरोपियों के खिलाफ पहले से ही कई गंभीर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस अब उनके खिलाफ विधिक कार्रवाई पूरी कर न्यायालय में पेश करने की तैयारी कर रही है। इस सफल कार्रवाई ने एक बार फिर जिले में अपराधियों के खिलाफ पुलिस की सक्रियता को प्रदर्शित किया है।1
- कौशांबी के सराय अकील थाना क्षेत्र स्थित जयंतीपुर गांव के पास गुरुवार को एक तेज रफ्तार चार पहिया वाहन ने सड़क किनारे खड़े ई-रिक्शा को जोरदार टक्कर मार दी। यह टक्कर इतनी भीषण थी कि ई-रिक्शा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया, वहीं अनियंत्रित हुई कार सड़क किनारे खाई में जा गिरी। हादसे के समय ई-रिक्शा के पास मौजूद कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। दुर्घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलने पर सराय अकील थाना पुलिस और एंबुलेंस तुरंत घटनास्थल पर पहुँची। पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से सभी घायल व्यक्तियों को अस्पताल पहुंचाया, जहाँ उनका उपचार जारी है। इस हादसे के कारण क्षेत्र में कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित रहा। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को अपने कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है।1