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प्रयागराज के चर्चित पहलवान जूस स्टॉल के बाहर दो गुटों के बीच हुई मारपीट का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। लगभग 20 सेकंड के इस वीडियो में कई युवक सार्वजनिक रूप से एक-दूसरे से मारपीट करते दिखाई दे रहे हैं। वायरल वीडियो के अनुसार, दोनों गुटों के बीच पहले कहासुनी हुई, जो जल्द ही हिंसक झड़प में बदल गई। वीडियो में दोनों पक्षों के युवक एक-दूसरे पर लात-घूंसों से हमला करते और कुछ युवक पत्थर उठाकर फेंकते हुए भी नजर आए। इस घटना ने शहर में सार्वजनिक स्थानों पर कानून-व्यवस्था की स्थिति को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
Arvind singh kumar
प्रयागराज के चर्चित पहलवान जूस स्टॉल के बाहर दो गुटों के बीच हुई मारपीट का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। लगभग 20 सेकंड के इस वीडियो में कई युवक सार्वजनिक रूप से एक-दूसरे से मारपीट करते दिखाई दे रहे हैं। वायरल वीडियो के अनुसार, दोनों गुटों के बीच पहले कहासुनी हुई, जो जल्द ही हिंसक झड़प में बदल गई। वीडियो में दोनों पक्षों के युवक एक-दूसरे पर लात-घूंसों से हमला करते और कुछ युवक पत्थर उठाकर फेंकते हुए भी नजर आए। इस घटना ने शहर में सार्वजनिक स्थानों पर कानून-व्यवस्था की स्थिति को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
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- प्रयागराज के करछना विधानसभा क्षेत्र की ग्राम सभा करेहा में कोटा संचालन को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। बताया जा रहा है कि वर्तमान कोटा संचालक भुल्लन ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है, जिसके बाद गांव में नए कोटा के आवंटन को लेकर हलचल बढ़ गई है। इस नए कोटा को प्राप्त करने के लिए गांव की दो महिलाएं प्रमुख दावेदार के रूप में सामने आई हैं। इनमें अर्चना गौर पत्नी कंचन और मनोजा देवी पत्नी प्रदीप शामिल हैं, जिन्होंने अपनी दावेदारी पेश की है। दोनों प्रत्याशियों के समर्थक गांव में लगातार जनसंपर्क कर रहे हैं और ग्रामीणों का समर्थन जुटाने में लगे हुए हैं। यह मामला अब ग्रामीणों के बीच चर्चा का मुख्य विषय बन गया है और प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत आगे बढ़ेगा। गांव के लोग उत्सुकता से देख रहे हैं कि आखिर यह कोटा किसे आवंटित किया जाता है। ग्राम सभा में कोटा चयन को लेकर माहौल गर्म है।1
- प्रयागराज नैनी स्थित समाजवादी पार्टी के प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य बब्बन दुबे के आवास पर जिला कचहरी के अधिवक्ताओं ने जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष पद के प्रत्याशी अरुण कुमार पांडेय का जन्मदिन मनाया। जिला अधिवक्ता संघ चुनाव को लेकर सरगर्मियां तेज हो गई हैं, और इस बीच सभी प्रत्याशी अपने-अपने दावे पेश कर रहे हैं। अध्यक्ष प्रत्याशी अरुण कुमार पांडेय ने इस अवसर पर बताया कि वे अधिवक्ताओं की जरूरतों के लिए लड़ाई लड़ेंगे और उनके हित के लिए सदैव तत्पर रहेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि वे समय-समय पर अधिवक्ताओं के लिए कार्यशालाओं का आयोजन करवाते रहेंगे, जिससे वकालत पेशे में आए नए अधिवक्ताओं को कानून से जुड़ी बारीकियों को विशेषज्ञों के माध्यम से सीखने का अवसर मिलता रहे। कार्यक्रम में उपस्थित वरिष्ठ समाजसेवी बब्बन दुबे ने अरुण कुमार पांडेय को जन्मदिन की बधाई दी और सभी अधिवक्ता समाज से जिला अधिवक्ता संघ चुनाव में उन्हें अध्यक्ष पद पर जीत दिलाने की अपील की। इस कार्यक्रम में राहुल शुक्ला (मंत्री प्रत्याशी), ऋषि शंकर द्विवेदी (मंत्री प्रत्याशी), कमलेश्वर तिवारी (मंत्री प्रत्याशी), अयन श्रीवास्तव (संयुक्त मंत्री), शिव मनोरथ शुक्ला (संयुक्त मंत्री), धीरेन्द्र मिश्रा (उपाध्यक्ष प्रत्याशी), सुधाकर द्विवेदी (उपाध्यक्ष) सहित शहर के बुद्धिजीवी और स्थानीय लोग मौजूद रहे।1
- इलाहाबाद हाई कोर्ट के अधिवक्ता चंद्रजीत यादव ने आजमगढ़ जिले की एक ग्राम पंचायत में हुए बड़े वित्तीय घोटाले का खुलासा किया है। उन्होंने ग्राम प्रधान और सेक्रेटरी की मिलीभगत से सरकारी धन के बंदरबांट का आरोप लगाते हुए हाई कोर्ट में एक रिट याचिका दाखिल की है, जिस पर कोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। यह पूरा मामला आजमगढ़ जिले की तहसील मेंहनगर के ग्राम सभा रामपुर, पोस्ट कमहरिया का बताया गया है, जहां वर्तमान ग्राम प्रधान प्रियंका यादव हैं। अधिवक्ता चंद्रजीत यादव ने जन सूचना अधिकार (RTI) के तहत 2021 से 2025 के बीच का रिकॉर्ड मंगवाया था। रिपोर्ट के अनुसार, विकास कार्यों के लिए सरकार द्वारा लगभग 1 करोड़ रुपये की राशि दी गई थी। आरोप है कि ग्राम सभा के विकास के नाम पर 10 लाख रुपये का काम भी धरातल पर नहीं हुआ और सड़क, नाली, पानी, मनरेगा, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसे सभी सरकारी मदों का पैसा पूरी तरह से हड़प लिया गया। इस भ्रष्टाचार के खिलाफ चंद्रजीत यादव द्वारा दायर रिट याचिका पर कोर्ट नंबर 37 में जस्टिस विनोद दिवाकर की बेंच में सुनवाई हुई। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए 4 मई 2026 को आदेश पारित किया था। इस आदेश में जिलाधिकारी (DM) आजमगढ़ को निर्देश दिया गया था कि वे इस पूरे मामले की गहनता से जांच कराएं और दो हफ्ते के भीतर कोर्ट में अपनी रिपोर्ट (काउंटर) दाखिल करें। याचिका में यह भी मांग की गई है कि जांच पूरी होने तक प्रधान का खाता सीज किया जाए और उनके खिलाफ तत्काल FIR दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए। अधिवक्ता चंद्रजीत यादव ने नाराजगी जताते हुए कहा है कि हाई कोर्ट का आदेश आए एक महीने से ज्यादा का समय बीत चुका है, लेकिन आजमगढ़ प्रशासन और जिलाधिकारी द्वारा अब तक ग्राम प्रधान के खिलाफ कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकारी अमला और अधिकारी प्रधान को बचाने में लगे हैं, जो सीधे तौर पर हाई कोर्ट के आदेश की अवमानना है। अधिवक्ता ने चेतावनी दी है कि यदि जिला प्रशासन जल्द ही कोई कार्रवाई नहीं करता है, तो छुट्टियां खत्म होने के बाद अदालत खुलते ही वे जिलाधिकारी आजमगढ़ के खिलाफ कोर्ट ऑफ केंटेम्प्ट (न्यायालय की अवमानना) का मुकदमा दायर करेंगे।1
- केंद्र सरकार के 12 साल पूरे होने के अवसर पर आज प्रयागराज में 'प्रगति पथ के 12 वर्ष' नामक एक फोटो प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्घाटन फूलपुर सांसद प्रवीण कुमार पटेल ने किया। सांसद प्रवीण कुमार पटेल ने इस प्रदर्शनी में प्रदर्शित की गई जानकारियों के बारे में जानकारी भी प्राप्त की।1
- प्रयागराज में आज केंद्र सरकार के 12 साल पूरे होने के उपलक्ष्य में एक फोटो प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम को 'प्रगति पथ के 12 वर्ष' नाम दिया गया, जिसका उद्घाटन फूलपुर सांसद प्रवीण पटेल ने किया।1
- कौशाम्बी जिले के थाना पश्चिम शरीरा क्षेत्र में हुई नाबालिग लड़की की हत्या के संबंध में पुलिस अधीक्षक श्री सत्यनारायण ने एक वीडियो बाइट जारी की है। इस वीडियो बाइट के माध्यम से उन्होंने बताया कि नाबालिग लड़की की हत्या के मामले में अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया गया है।1
- प्रयागराज जिले की फूलपुर तहसील के भवानीपुर उर्फ बेलवा गांव में भूमाफिया द्वारा एक रास्ते पर जबरन कब्जा किया जा रहा है। पीड़ित व्यक्ति ने इस मामले की कई बार शिकायत की है, लेकिन आरोप है कि पुलिस प्रशासन कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है। शिकायतकर्ता का स्पष्ट कहना है कि पुलिस मौके पर आती है और चली जाती है, तथा पुलिस प्रशासन भूमाफिया का साथ दे रहा है।1
- समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव ने मुख्यमंत्री जी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनके अनुसार, मुख्यमंत्री जी ने गोरखपुर में लगभग 500 प्राइमरी स्कूलों को बंद कर दिया है। यादव ने यह भी दावा किया कि इस कदम से सीधे तौर पर 1500 लोगों की सरकारी नौकरियाँ छीन ली गई हैं।1