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NEET प्रदर्शन के दौरान जबरदस्त बवाल और पथराव होने से हड़कंप मच गया है। इस पथराव की चपेट में आने से ASI हिमेंद्र राठी गंभीर रूप से घायल हो गए हैं।
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NEET प्रदर्शन के दौरान जबरदस्त बवाल और पथराव होने से हड़कंप मच गया है। इस पथराव की चपेट में आने से ASI हिमेंद्र राठी गंभीर रूप से घायल हो गए हैं।
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- धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर सोनाक्षी सिन्हा खुशी से उछल पड़ीं और उन्होंने 'उठक-बैठक' लगाकर Gen-Z को सलाम किया। वह लंबे समय से CJP प्रोटेस्ट के बारे में रोजाना 10 से 15 स्टोरीज और रील्स पोस्ट कर रही हैं। इस प्रोटेस्ट में उनकी इस कदर दिलचस्पी को लेकर सवाल उठ रहे हैं कि वह ऐसा बर्ताव क्यों कर रही हैं जैसे खुद NEET की स्टूडेंट हों। किसी सेलिब्रिटी को किसी प्रोटेस्ट में इतनी दिलचस्पी लेते हुए नहीं देखा गया है। ऐसा लगता है कि बॉलीवुड और यूट्यूब करियर में नाकाम होने के बाद वह सिर्फ अटेंशन पाने के लिए यह सब कर रही हैं।1
- धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को लेकर दिल्ली से एक बड़ा अपडेट सामने आया है।1
- दिल्ली ब्यूरो रिपोर्ट के अनुसार, छात्रों के आगे आखिरकार सरकार को झुकना पड़ा है। इस बड़े घटनाक्रम के बीच शिक्षा मंत्री ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है।1
- सच्चे देशभक्तों से आज ही अपना आवेदन भेजकर बदलाव का हिस्सा बनने का आग्रह किया गया है। इस पहल के माध्यम से लोगों से बदलाव की प्रक्रिया से जुड़ने की अपील करते हुए जय हिंद का नारा दिया गया है।1
- केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है।1
- केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने आखिरकार अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। जंतर-मंतर पर पिछले एक महीने से भी ज्यादा समय से विरोध-प्रदर्शन कर रहे छात्रों, युवाओं और कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) की लगातार मांग के बाद यह कदम सामने आया है। शुक्रवार को केंद्र सरकार के प्रतिनिधियों के साथ मुलाकात में सीजेपी के प्रतिनिधियों ने स्पष्ट कर दिया था कि जब तक धर्मेंद्र प्रधान पद नहीं छोड़ते, प्रदर्शन जारी रहेगा। शनिवार को इस्तीफा देते हुए प्रधान ने कहा कि उन्हें प्रजातंत्र पर पूरा भरोसा है। इस्तीफे की खबर के बाद जंतर-मंतर पर डटे CJP के नेताओं और समर्थकों ने इसे आंदोलन की बड़ी जीत बताते हुए जश्न मनाया। पार्टी के नेता अभिजीत दिपके ने समर्थकों को संबोधित करते हुए कहा कि लगातार संघर्ष की वजह से सरकार को झुकना पड़ा है। दिपके ने कहा, 'हमने कर दिखाया। धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दे दिया है। लोग कहते थे कि इस सरकार में इस्तीफे नहीं होते, लेकिन हमने साबित कर दिया कि झुकती है दुनिया, झुकाने वाला चाहिए।' उन्होंने स्पष्ट किया कि आंदोलन का मकसद सिर्फ मंत्री का इस्तीफा नहीं, बल्कि कथित अनियमितताओं से प्रभावित छात्रों को न्याय दिलाना है। अभिजीत दिपके ने पीड़ित छात्रों के लिए लड़ाई जारी रखने का वादा करते हुए कहा, 'पीड़ितों के लिए मैं लड़ूंगा, न्याय दिलाऊंगा।' आंदोलन के प्रतीक का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा, 'कॉकरोच एक बार घुसता है तो निकलता नहीं है।' इसके साथ ही उन्होंने सरकार के सामने मांग रखी कि कथित तौर पर परीक्षा विवाद के कारण आत्महत्या करने वाले छात्रों के परिवारों को ₹1 करोड़ का मुआवजा और उचित सहायता प्रदान की जाए।1
- दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे छात्र आंदोलन को लेकर एक्ट्रेस आकांक्षा पुरी का एक चौंकाने वाला दावा सामने आया है। जंतर-मंतर पर जारी इस छात्र प्रदर्शन के बीच अभिनेत्री ने आंदोलन को लेकर अपना बयान दिया है।1
- केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने केंद्र सरकार पर सीधा हमला बोला है। राहुल गांधी ने इस इस्तीफे का पूरा श्रेय आंदोलनकारी छात्रों को देते हुए उन्हें बधाई दी और कहा कि धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा देश की शिक्षा व्यवस्था को फिर से संवारने की दिशा में बहुत बड़ा कदम है। उन्होंने सड़कों पर उतरकर लोकतंत्र, संविधान और अपने भविष्य की रक्षा में डटकर खड़े होने वाले हर युवा और छात्र की सराहना की। राहुल गांधी ने स्पष्ट किया कि अभी भी 2 मांगें बाकी हैं। उनकी पहली मांग है कि जिन लोगों ने छात्रों पर उंगली उठाई, उन्हें पीटा या करंट लगाया, उन पर कार्रवाई हो और योजना बनाने वालों से लेकर इस पर अमल करने वालों तक सभी की जवाबदेही तय की जाए। दूसरी मांग यह है कि प्रधानमंत्री छात्रों और भारत के भविष्य को सम्मान देते हुए माफी मांगें। उन्होंने किसानों, मजदूरों और गरीबों का आह्वान करते हुए कहा कि अपने सम्मान के लिए खड़े होने में ही असली साहस है और इस सरकार को हटाने का वक्त आ गया है, डरो मत। वहीं, कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे का स्वागत करते हुए इसे देश के उन युवाओं और छात्रों की जीत बताया जो झुके नहीं। उन्होंने पत्रकारों से कहा कि सरकार को भारत के युवाओं और छात्रों के सामने झुकना पड़ा है। प्रियंका गांधी ने यह भी कहा कि यह खबर सुनकर उन्हें सचमुच बहुत खुशी हुई और वे थोड़ी भावुक भी हो गई थीं।1