अजमेर जिले के नागेलाव गांव में रिश्तों को शर्मसार करने वाली एक घटना का खुलासा हुआ है, जहाँ एक बेटे ने अपनी ही विधवा माँ के लाखों के जेवर चोरी कर लिए। इस मामले में बड़े बेटे राजू गुर्जर ने गत 9 जून को पीसांगन थाने में अज्ञात चोरों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। राजू ने बताया था कि वह अपनी विधवा मां मनभर देवी के साथ गांव में रहता है, और उनकी मां मनरेगा में मजदूरी करती हैं। रिपोर्ट के अनुसार, 8 जून को मां को पैसों की जरूरत पड़ने पर अलमारी खोली गई तो उसमें से ढाई तोला सोने की ठुसी, 1 किलो वजनी चांदी की कणकती, आधा किलो की दूसरी कणकती, 250 ग्राम चांदी के पायजेब और 2,21,000 रुपये नकद गायब मिले। यह नकदी खेत की फसल बेचकर आई बताई गई थी। राजू ने शिकायत में बताया कि लोहे की अलमारी पीछे से मशीन से कटी हुई थी और यह वारदात 30 मई से 7 जून के बीच हुई थी, जिसमें कुल 17 लाख 21 हजार रुपये की चोरी (15 लाख रुपये के जेवरात और 2 लाख 21 हजार रुपये नकद) बताई गई थी। जिला पुलिस उप अधीक्षक अजमेर ग्रामीण दीपेंद्र सैनी ने बताया कि मामले की जांच हैड कांस्टेबल महेश कुमार मीणा को सौंपी गई थी। थानाधिकारी सरोज चौधरी के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम, जिसमें एएसआई फूलसिंह गुर्जर, हैड कांस्टेबल महेश कुमार मीणा, कांस्टेबल सुखराम सेवदा, जगदीश मीणा और दिनेश चौधरी शामिल थे, की तकनीकी जांच और पूछताछ में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि चोरी करने वाला कोई और नहीं, बल्कि शिकायतकर्ता राजू का छोटा भाई सेठाराम उर्फ सेठु ही था। पुलिस ने आरोपी सेठाराम उर्फ सेठु पुत्र स्व. भंवरलाल गुर्जर को गिरफ्तार कर लिया। उसकी निशानदेही पर विधवा मां के 15 लाख रुपये कीमत के सभी सोने-चांदी के जेवरात बरामद कर लिए गए, साथ ही वारदात में इस्तेमाल किया गया कटर भी जब्त किया गया। जांच में यह भी सामने आया कि 2,21,000 रुपये नकदी चोरी होने की बात झूठी थी; आरोपी ने केवल गहने चुराए थे। उसने बाहरी चोरों द्वारा वारदात किए जाने का आभास देने के लिए अलमारी को पीछे से खुद मशीन से काटा था। पुलिस के अनुसार, रील्स बनाने के शौक और 'शौक मौज' की लत के कारण सेठाराम ने इस वारदात को अंजाम दिया था। डिप्टी दीपेंद्र सैनी ने बताया कि आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है और उससे अन्य वारदातों में उसकी संलिप्तता के बारे में भी पूछताछ की जा रही है। इस घटना से विधवा मां की मेहनत की कमाई पर सगे बेटे की नीयत खराब होने को लेकर गांव में गहरा रोष है, जिसने रिश्तों को तार-तार कर दिया है।
अजमेर जिले के नागेलाव गांव में रिश्तों को शर्मसार करने वाली एक घटना का खुलासा हुआ है, जहाँ एक बेटे ने अपनी ही विधवा माँ के लाखों के जेवर चोरी कर लिए। इस मामले में बड़े बेटे राजू गुर्जर ने गत 9 जून को पीसांगन थाने में अज्ञात चोरों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। राजू ने बताया था कि वह अपनी विधवा मां मनभर देवी के साथ गांव में रहता है, और उनकी मां मनरेगा में मजदूरी करती हैं। रिपोर्ट के अनुसार, 8 जून को मां को पैसों की जरूरत पड़ने पर अलमारी खोली गई तो उसमें से ढाई तोला सोने की ठुसी, 1 किलो वजनी चांदी की कणकती,
आधा किलो की दूसरी कणकती, 250 ग्राम चांदी के पायजेब और 2,21,000 रुपये नकद गायब मिले। यह नकदी खेत की फसल बेचकर आई बताई गई थी। राजू ने शिकायत में बताया कि लोहे की अलमारी पीछे से मशीन से कटी हुई थी और यह वारदात 30 मई से 7 जून के बीच हुई थी, जिसमें कुल 17 लाख 21 हजार रुपये की चोरी (15 लाख रुपये के जेवरात और 2 लाख 21 हजार रुपये नकद) बताई गई थी। जिला पुलिस उप अधीक्षक अजमेर ग्रामीण दीपेंद्र सैनी ने बताया कि मामले की जांच हैड कांस्टेबल महेश कुमार मीणा को सौंपी गई थी। थानाधिकारी सरोज चौधरी के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम, जिसमें
एएसआई फूलसिंह गुर्जर, हैड कांस्टेबल महेश कुमार मीणा, कांस्टेबल सुखराम सेवदा, जगदीश मीणा और दिनेश चौधरी शामिल थे, की तकनीकी जांच और पूछताछ में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि चोरी करने वाला कोई और नहीं, बल्कि शिकायतकर्ता राजू का छोटा भाई सेठाराम उर्फ सेठु ही था। पुलिस ने आरोपी सेठाराम उर्फ सेठु पुत्र स्व. भंवरलाल गुर्जर को गिरफ्तार कर लिया। उसकी निशानदेही पर विधवा मां के 15 लाख रुपये कीमत के सभी सोने-चांदी के जेवरात बरामद कर लिए गए, साथ ही वारदात में इस्तेमाल किया गया कटर भी जब्त किया गया। जांच में यह भी सामने आया कि 2,21,000 रुपये नकदी चोरी होने की बात झूठी थी; आरोपी ने केवल
गहने चुराए थे। उसने बाहरी चोरों द्वारा वारदात किए जाने का आभास देने के लिए अलमारी को पीछे से खुद मशीन से काटा था। पुलिस के अनुसार, रील्स बनाने के शौक और 'शौक मौज' की लत के कारण सेठाराम ने इस वारदात को अंजाम दिया था। डिप्टी दीपेंद्र सैनी ने बताया कि आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है और उससे अन्य वारदातों में उसकी संलिप्तता के बारे में भी पूछताछ की जा रही है। इस घटना से विधवा मां की मेहनत की कमाई पर सगे बेटे की नीयत खराब होने को लेकर गांव में गहरा रोष है, जिसने रिश्तों को तार-तार कर दिया है।
- रिया बड़ी क्षेत्र के किसानों के लिए एक अच्छी खबर है, जहाँ पहली बार 'श्री यश एग्रो सीड' की शुरुआत की गई है। इस पहल के तहत किसानों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए सब्जियों और विभिन्न अनाज फसलों के लिए गुणवत्तापूर्ण बीज, उचित खाद तथा कृषि दवाइयों की उपलब्धता शुरू की गई है, जिससे उन्हें खेती से जुड़ी सभी आवश्यक सामग्री एक ही स्थान पर मिलेगी। संस्थान का मुख्य उद्देश्य किसानों को विश्वसनीय और उचित वैरायटी के बीज उपलब्ध कराकर उनकी फसल की गुणवत्ता और उत्पादन को बढ़ाना है। यहाँ उन्नत किस्मों के बीज के साथ-साथ बेहतर उत्पादन के लिए आवश्यक कृषि सामग्री भी उपलब्ध होगी। इसके अलावा, खेती से जुड़ी आवश्यक दवाइयाँ और खाद उचित मार्गदर्शन के साथ प्रदान की जाएगी, ताकि किसान आधुनिक तकनीकों का लाभ उठा सकें। 'श्री यश एग्रो सीड' का यह केंद्र जसनगर रोड पर नाम जी के होटल के पास, सांवर कमेडिया में स्थित है। क्षेत्र के किसानों से आग्रह किया गया है कि वे अपनी फसल की आवश्यकता के अनुसार गुणवत्तापूर्ण बीज एवं कृषि सामग्री का चयन कर बेहतर उत्पादन और अधिक लाभ प्राप्त करें। इस पहल को रिया बड़ी क्षेत्र के किसानों के लिए खेती को अधिक लाभकारी और आधुनिक बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। अधिक जानकारी के लिए सांवर कमेडिया में मोबाइल नंबर 8094002238 पर संपर्क किया जा सकता है।1
- अजमेर में 11 दिन के गतिरोध के बाद प्रशासन ने अंततः अस्थाई सफाई कर्मचारियों की मांगों के आगे घुटने टेक दिए हैं। इस घटनाक्रम के साथ ही अजमेर नगर निगम के अस्थाई सफाई कर्मचारियों की चल रही हड़ताल अब समाप्त हो गई है।1
- Post by OM PRAKASH SOHAN LAL1
- अजमेर शहर के दरगाह थाना क्षेत्र स्थित होलीदाड़ा की सत्यनारायण वाली गली में एक बंद पड़े मकान में चोरी की एक बड़ी वारदात सामने आई है। अज्ञात चोर इस मकान में घुसकर सोने-चांदी के जेवरात और चांदी के बर्तन चुरा ले गए, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया है। पीड़ित अशोक कुमार ने बताया कि चोरी हुए सामान में उनकी दादी के सोने-चांदी के जेवर और चांदी के बर्तन शामिल हैं। अशोक कुमार के अनुसार, उन्होंने करीब डेढ़ साल पहले यह मकान किराए पर दिया था, लेकिन लगभग छह महीने पहले किरायेदार मकान खाली करके चला गया था, जिसके बाद से मकान बंद पड़ा था। हाल ही में जब वह मकान की देखरेख करने पहुंचे तो घर का सामान बिखरा हुआ पाया और तलाशी लेने पर चोरी का पता चला। घटना की सूचना तत्काल दरगाह थाना पुलिस को दी गई, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए, एफएसएल (फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी) और एमओबी (मोबाइल ऑफेंस ब्यूरो) टीमों को भी बुलाया गया, जिन्होंने मौके से फिंगर प्रिंट समेत कई महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए हैं। फिलहाल पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और आरोपियों तक पहुंचने के लिए क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। इस घटना के बाद इलाके के लोगों में चिंता का माहौल है और बंद मकानों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं।1
- मुस्लिम एकता मंच ने गाय को राष्ट्रीय पशु और राष्ट्रीय माता घोषित करने की मांग को लेकर एक ज्ञापन सौंपा है। मंच ने अपनी इस मांग के समर्थन में संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन दिया है।1
- राजस्थान में लगातार गर्भवती महिलाओं की मौत के मामलों के बीच, बीकानेर के पीबीएम अस्पताल में प्रसूताओं की किडनी फेल होने के गंभीर मामले पर चिकित्सा मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने मीडिया के सामने एक चौकाने वाला और असंयमित बयान दिया। गुरुवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान, पत्रकारों के सवालों से झुंझलाए मंत्री खींवसर ने अपनी भाषा का संयम खो दिया और गुस्से में टिप्पणी की। दरअसल, पत्रकारों ने मंत्री खींवसर से सवाल किया था कि पीड़ित महिलाओं में एक जैसे लक्षण क्यों दिखे और डिलीवरी के महज दो-तीन घंटे बाद ही सबकी तबीयत अचानक कैसे बिगड़ गई? उन्होंने पूछा कि क्या सरकार इस समानता को लेकर किसी लापरवाही की जांच कर रही है। इस तीखे सवाल पर चिकित्सा मंत्री खींवसर ने कड़े लहजे में कहा कि सभी महिलाओं की तबीयत अस्पताल आने से पहले ही ठीक नहीं थी, और वे बेहद गंभीर हालत में अस्पताल आई थीं। इसके बाद, मंत्री खींवसर ने मीडिया के सवालों का जवाब देने के लिए सरदार पटेल मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. सुरेंद्र वर्मा को आगे किया। डॉक्टर को बुलाते हुए मंत्री ने बेहद तल्ख टिप्पणी करते हुए पूछा, 'आप ही बताइए प्रसूता कैसी हालत में आई थीं, क्या वे पैदल चलकर नाचती हुई आई थीं या फिर बीमार होकर आई थीं?' मंत्री के इस अमर्यादित और संवेदनशील लहजे वाली बयानबाजी पर मीडिया भी बिफर गई और उन्होंने चिकित्सा मंत्री को टोका।1
- पीसांगन के वार्ड नंबर 20 स्थित तेलीवाड़ा मोहल्ले में पिछले तीन महीनों से पीने के पानी की आपूर्ति अनियमित होने के कारण क्षेत्रवासियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शुद्ध पेयजल के अभाव में उन्हें खारा पानी पीकर जीवन यापन करने को मजबूर होना पड़ रहा है। इस गंभीर समस्या के संबंध में, क्षेत्र के लोगों ने जलदाय विभाग के उच्च अधिकारियों को कई बार अवगत कराया था, लेकिन उन्हें आश्वासन के अलावा कोई ठोस समाधान नहीं मिला। इसी क्रम में, शुक्रवार को सरोज शर्मा, सुनीता, उषा, ललित, मंजू, हर्षिका, दुर्गा कंवर, रेखा कंवर, लक्ष्मी साहू, संतोष साहू, राजेंद्र शर्मा सहित क्षेत्र की महिलाओं और पुरुषों ने एकजुट होकर उपखंड अधिकारी, पीसांगन को एक ज्ञापन सौंपा। इस ज्ञापन के माध्यम से उन्होंने प्रशासन से तत्काल पेयजल की उचित व्यवस्था करवाने की पुरजोर मांग की है, ताकि क्षेत्र के निवासियों को इस गंभीर संकट से मुक्ति मिल सके।3
- रियांबड़ी कस्बे के संतोष कॉलेज सिटी कैंपस में शुक्रवार को तीन दिवसीय नानी बाई का मायरा कथा का विधिवत शुभारंभ हुआ। पूज्य गुरु रामजी महाराज ने पूजा-अर्चना और मंगलाचरण के साथ कथा का वाचन प्रारंभ किया, इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु कथा श्रवण के लिए उपस्थित रहे। कथा के प्रथम दिन गुरु रामजी महाराज ने भक्ति, सेवा और भगवान के प्रति अटूट आस्था के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि धार्मिक कथाएं मानव जीवन को सही दिशा प्रदान करती हैं, साथ ही समाज में संस्कारों और सद्भावना को बढ़ावा देती हैं। कथा वाचन के दौरान पूरा परिसर भक्तिमय हो गया, और श्रद्धालु भगवान के जयकारे लगाते हुए देखे गए। आयोजन से जुड़े श्याम सुन्दर रूनवाल ने जानकारी दी कि यह नानी बाई का मायरा कथा 14 जून तक चलेगी। उन्होंने क्षेत्र के सभी धर्मप्रेमी बंधुओं से अनुरोध किया कि वे अधिक से अधिक संख्या में कथा स्थल पर पहुंचकर धर्म लाभ प्राप्त करें। रूनवाल ने आगे कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजन समाज में आध्यात्मिक चेतना का संचार करते हैं और लोगों को धर्म एवं संस्कृति से जोड़ने का कार्य करते हैं। कथा स्थल पर श्रद्धालुओं के लिए बैठने, पेयजल और अन्य आवश्यक सुविधाओं की समुचित व्यवस्था की गई है। आयोजन समिति और भक्तजन कथा को सफल बनाने में सक्रिय रूप से जुटे हुए हैं। आगामी दिनों में भी बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना जताई गई है, और कथा के समापन पर विशेष धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। इस धार्मिक आयोजन को लेकर क्षेत्र के श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह का माहौल है। लोग परिवार सहित कथा श्रवण कर पुण्य लाभ अर्जित कर रहे हैं, जिसके चलते पूरे रियांबड़ी कस्बे में भक्तिमय वातावरण बना हुआ है।1
- अखिल भारतीय वेदनाई समाज ढूंढाड़ शिव समिति का भव्य शपथ ग्रहण समारोह सफलतापूर्वक सम्पन्न हो गया है। इस समारोह में कैलाश चंद सांखला ने अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी संभाली है।1