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धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर खुशी जताते हुए सोनाक्षी सिन्हा ने 'उठक-बैठक' लगाकर Gen-Z को सलाम किया है। सोनाक्षी लंबे समय से CJP प्रोटेस्ट के बारे में रोजाना 10 से 15 स्टोरीज और रील्स पोस्ट कर रही हैं। इस प्रोटेस्ट में उनकी इतनी दिलचस्पी को लेकर सवाल उठाए गए हैं कि वह इस तरह बर्ताव कर रही हैं जैसे खुद NEET की स्टूडेंट हों। किसी सेलिब्रिटी को किसी प्रोटेस्ट में इतनी दिलचस्पी लेते पहले कभी नहीं देखा गया है। ऐसा लगता है कि बॉलीवुड और यूट्यूब करियर में नाकाम होने के बाद वह केवल अटेंशन पाना चाहती हैं।
Pawan Kumar Tiwari
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर खुशी जताते हुए सोनाक्षी सिन्हा ने 'उठक-बैठक' लगाकर Gen-Z को सलाम किया है। सोनाक्षी लंबे समय से CJP प्रोटेस्ट के बारे में रोजाना 10 से 15 स्टोरीज और रील्स पोस्ट कर रही हैं। इस प्रोटेस्ट में उनकी इतनी दिलचस्पी को लेकर सवाल उठाए गए हैं कि वह इस तरह बर्ताव कर रही हैं जैसे खुद NEET की स्टूडेंट हों। किसी सेलिब्रिटी को किसी प्रोटेस्ट में इतनी दिलचस्पी लेते पहले कभी नहीं देखा गया है। ऐसा लगता है कि बॉलीवुड और यूट्यूब करियर में नाकाम होने के बाद वह केवल अटेंशन पाना चाहती हैं।
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- भारतीय युवा कांग्रेस की ओर से शनिवार को नई दिल्ली स्थित राष्ट्रीय कार्यालय से जंतर-मंतर तक विजय मार्च निकाला गया। इस मार्च में देशभर से आए हजारों युवा कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। कार्यक्रम में भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदयभानु चिब और उत्तर प्रदेश युवा कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष दीपक शिवहरे सहित कई पदाधिकारी मौजूद रहे। इस दौरान उत्तर प्रदेश के अमेठी जनपद अंतर्गत भेटुआ ब्लॉक प्रमुख आकर्ष शुक्ल भी विजय मार्च में शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान भेटुआ ब्लॉक प्रमुख आकर्ष शुक्ल ने कहा कि युवाओं की आवाज़ को दबाया नहीं जा सकता और लोकतांत्रिक तरीके से अपने अधिकारों की लड़ाई लड़ना हर नागरिक का अधिकार है। उन्होंने कहा कि शिक्षा, रोजगार और युवाओं के हितों से जुड़े मुद्दों पर संघर्ष आगे भी जारी रहेगा। आकर्ष शुक्ल ने जोर देकर कहा कि यह आयोजन युवाओं की एकजुटता और लोकतांत्रिक संघर्ष की ताकत का प्रतीक है। देश का युवा अपने अधिकारों के प्रति जागरूक है और शिक्षा, रोजगार व लोकतंत्र की रक्षा के लिए हमेशा आवाज़ उठाता रहेगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका संघर्ष किसी व्यक्ति के खिलाफ नहीं, बल्कि युवाओं के भविष्य और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए है।1
- अमेठी के नवनिर्वाचित सांसद किशोरी लाल शर्मा शनिवार को जायस पहुंचे। उन्होंने बीमारी के कारण दिवंगत हुईं कांग्रेस नेता शकील इदरीसी की भाभी की शोकसभा में शामिल होकर शोकाकुल परिवार को सांत्वना दी और अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं। 25 दिनों में हुई दो मौतों से दुखी परिवार से मुलाकात कर सांसद ने पीड़ित परिजनों को ढांढस बंधाया। इस दौरान मीडिया से बातचीत करते हुए सांसद शर्मा ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर अपनी टिप्पणी दी। उन्होंने इसे इंडिया (INDIA) गठबंधन और देश के करोड़ों छात्रों की बहुत बड़ी जीत करार दिया। सांसद ने कहा कि यह इस्तीफा भविष्य के लिए एक कड़ा उदाहरण प्रस्तुत करता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि जब देश के शिक्षा मंत्री का इस्तीफा हो सकता है, तो पेपर लीक कराने वाले माफियाओं का क्या हश्र होगा, इसका अंदाजा लगाया जा सकता है। शर्मा ने विश्वास व्यक्त किया कि इस कार्रवाई से लंबे समय से संघर्ष कर रहे छात्रों को न्याय मिला है। इस अवसर पर सांसद के साथ जिला अध्यक्ष प्रदीप सिंघल, कांग्रेस नगर पालिका अध्यक्ष मनीषा सिंह चौहान, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष राम नारायण कनौजिया, दयाराम सोनी, पप्पू इदरीसी, लड्डन खान साहब, फुज़ेल खान और रज्जन सहित दर्जनों कांग्रेसी नेता आवास पर मौजूद रहे।4
- अमेठी के विकास भवन स्थित प्रेरणा सभागार में शनिवार को जिला विकास समन्वय एवं अनुश्रवण समिति (दिशा) की बैठक सांसद किशोरी लाल शर्मा की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में केंद्र और प्रदेश सरकार की 30 से अधिक विकास एवं जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई। सांसद ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि जनप्रतिनिधियों की शिकायतों और सुझावों का गंभीरता से संज्ञान लेते हुए उनका समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए तथा योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक पहुंचाया जाए। समीक्षा के दौरान मनरेगा, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, स्वच्छ भारत मिशन, जल जीवन मिशन, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना, आयुष्मान भारत, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, उज्ज्वला योजना, डिजिटल इंडिया और सांसद आदर्श ग्राम योजना जैसी महत्वपूर्ण योजनाओं पर चर्चा हुई। परियोजना निदेशक डीआरडीए ऐश्वर्य यादव ने पिछली बैठक में उठाए गए मुद्दों पर की गई कार्रवाई की रिपोर्ट प्रस्तुत की, जिसे समिति ने अनुमोदित किया। वहीं जिलाधिकारी संजय चौहान ने जनप्रतिनिधियों के सभी निर्देशों का प्रभावी ढंग से पालन कराने का भरोसा दिलाया। बैठक में एमएलसी गोविंद नारायण शुक्ल, विधायक राकेश प्रताप सिंह, विधायक महाराजी प्रजापति, पूर्व एमएलसी दीपक सिंह, पुलिस अधीक्षक सरवणन टी और मुख्य विकास अधिकारी पूजा साहू सहित कई अधिकारी व जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। कार्यक्रम के अंत में सांसद ने राकेश पांडेय द्वारा लिखित पुस्तक "उत्तर प्रदेश का स्वतंत्रता संग्राम : अमेठी" का विमोचन भी किया।1
- केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के त्यागपत्र देने की खबर सामने आते ही छात्र संगठनों और समाजवादी पार्टी के नेताओं में खुशी की लहर दौड़ गई। शनिवार दोपहर बाद जैसे ही केंद्रीय मंत्री के त्यागपत्र की सूचना पहुंची, छात्र खुश होकर सड़कों पर निकल आए और आपस में मिठाइयां बांटने लगे। इसी क्रम में सपा नेताओं ने भी जमकर खुशी का इजहार किया। सपा नेता शिव प्रताप यादव ने तहसील परिसर में जश्न मनाते हुए लोगों के बीच मिठाइयां बांटी। केंद्रीय मंत्री के इस्तीफे की खबर से छात्र संगठन और सपा नेता बेहद उत्साहित नजर आए।2
- सुल्तानपुर के आजाद पार्क में शनिवार शाम को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कैंडल मार्च और सत्याग्रह कर जमकर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान कांग्रेस जिलाध्यक्ष अभिषेक सिंह राणा ने केंद्र और प्रदेश सरकार पर तीखा हमला बोला। अभिषेक सिंह राणा ने आरोप लगाया कि 2014 में भाजपा सरकार बनने के बाद से नीट (NEET) और सीबीएसई (CBSE) सहित कई प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रश्न पत्र लगातार लीक हो रहे हैं। इससे युवाओं और छात्रों का भविष्य बर्बाद हो रहा है और वे मानसिक तनाव में आकर आत्महत्या करने को मजबूर हो रहे हैं। उन्होंने जंतर-मंतर से लेकर देश भर की सड़कों पर उतरे छात्रों के संघर्ष को सलाम करते हुए कहा कि सरकार ने छात्रों के दबाव में आकर ही कदम उठाए हैं, क्योंकि छात्रों के बिना कोई आंदोलन सफल नहीं हुआ है। राणा ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे को भी मजबूरी का नतीजा बताया और कहा कि यदि वे छात्र हित सोचते तो बहुत पहले ही इस्तीफा दे देते। इसके साथ ही उन्होंने प्रदर्शनकारी छात्र-छात्राओं पर हुए लाठीचार्ज और पुलिस कार्रवाई की कड़ी निंदा करते हुए दोषी पुलिसकर्मियों और अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई, दोषियों को दंडित करने और पीड़ित छात्रों को उचित मुआवजा दिए जाने की मांग की। अभिषेक सिंह राणा ने राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और प्रदेश अध्यक्ष अजय राय को धन्यवाद दिया और कहा कि जब भी छात्रों पर अत्याचार हुआ, इन नेताओं ने सड़क पर उतरकर उनकी आवाज बुलंद की। उन्होंने चेतावनी दी कि कांग्रेस कार्यकर्ता संसद से लेकर सड़क तक युवाओं और किसानों के हक की लड़ाई लड़ते रहेंगे।3
- अमेठी जनपद की पीपरपुर कोतवाली से पुलिस की कार्यशैली पर सवाल खड़े करने वाला मामला सामने आया है। आरोप है कि कोतवाली परिसर के भीतर ही नाबालिग बच्चों से श्रम कराया जा रहा है, जिसको लेकर स्थानीय स्तर पर चर्चाएं काफी तेज हो गई हैं। एक ओर पुलिस विभाग बच्चों के हाथों में कलम थमाकर उन्हें शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने और बाल श्रम के खिलाफ जागरूकता अभियान चलाने की बात करता है, वहीं दूसरी ओर पुलिस परिसर में ही नाबालिगों से काम कराए जाने के आरोपों से विरोधाभास की स्थिति बन गई है। यदि ये आरोप सही साबित होते हैं, तो इसे बाल अधिकारों और बाल श्रम निषेध संबंधी नियमों का गंभीर उल्लंघन माना जाएगा। इस पूरे प्रकरण को लेकर स्थानीय लोगों ने निष्पक्ष जांच कराए जाने और दोषियों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की मांग की है।2
- दिल्ली पुलिस ने शांतिपूर्ण प्रदर्शन के कई सीसीटीवी फुटेज वीडियो जारी किए हैं। इन वीडियो के सामने आने के बाद प्रदर्शनकारियों के छात्र होने के दावे पर सवाल खड़े किए गए हैं। फुटेज में दिख रहे लोगों को लेकर पूछा गया है कि क्या इन्हें कोई छात्र कह सकता है, और दर्शकों से यह वीडियो खुद देखकर अपनी राय तय करने के लिए कहा गया है।1