खैरथल-तिजारा जिले में विमुक्त घुमन्तु एवं अर्द्धघुमन्तु समुदाय हेतु सहायता शिविर होगें आयोजित 15 से 30 जनवरी तक चलेंगे विशेष शिविर, योजनाओं का होगा शत-प्रतिशत खैरथल-तिजारा । जिले में विमुक्त घुमन्तु एवं अर्द्धघुमन्तु समुदाय के पात्र व्यक्तियों को केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने के उद्देश्य से विशेष सहायता शिविरों का आयोजन किया जाएगा। यह शिविर दिनांक 15 जनवरी 2026 से 30 जनवरी 2026 तक जिले की समस्त पंचायत समितियों तथा नगर निकायों में आयोजित किए जाएंगे। अतिरिक्त जिला कलेक्टर एवं अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट ने बताया कि इन शिविरों में समुदाय के पात्र व्यक्तियों का ऑनलाइन घुमन्तु पहचान प्रमाण-पत्र जारी किया जाएगा तथा विभिन्न विभागीय योजनाओं में उनका पंजीयन सुनिश्चित किया जाएगा। शिविरों के माध्यम से योजनाओं का पूर्ण सैचुरेशन किया जाना है। शिविरों में लाभार्थियों के वोटर आईडी, आधार कार्ड, जनाधार कार्ड, जाति प्रमाण-पत्र, मूल निवास प्रमाण-पत्र, दिव्यांग प्रमाण-पत्र सहित अन्य आवश्यक दस्तावेज बनवाने की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना, पालनहार योजना एवं अन्य विभागीय योजनाओं के आवेदन भी तैयार कराए जाएंगे। ग्रामीण क्षेत्रों में पंचायत समिति सभागारों में शिविर आयोजित किए जाएंगे। जिले की पंचायत समिति सभागारों में किशनगढ़बास में 15 जनवरी, मुंडावर में 16 जनवरी, कोटकासिम में 19 जनवरी तथा तिजारा में 20 जनवरी 2026 को शिविर लगाए जाएंगे। वहीं शहरी क्षेत्रों नगर निकाय के कार्यालयों में नगर परिषद खैरथल में 21 जनवरी, नगरपालिका किशनगढ़बास में 22 जनवरी, नगरपालिका मुंडावर में 23 जनवरी, नगरपालिका कोटकासिम में 27 जनवरी, नगर परिषद तिजारा में 28 जनवरी, नगर परिषद भिवाड़ी में 29 जनवरी एवं नगरपालिका टपूकड़ा में 30 जनवरी 2026 को शिविर आयोजित होंगे। सभी शिविर प्रातः 10 बजे से प्रारंभ होंगे। शिविरों के सफल आयोजन हेतु संबंधित उपखंड अधिकारी, विकास अधिकारी, नगर निकाय आयुक्त/अधिशासी अधिकारी, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग तथा सूचना प्रौद्योगिकी विभाग को जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। शिविरों में चिकित्सा दल द्वारा दिव्यांगजनों का परीक्षण कर प्रमाण-पत्र जारी किए जाएंगे तथा निःशुल्क दवा किट का वितरण भी किया जाएगा। जिला प्रशासन ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि शिविरों का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए ताकि अधिक से अधिक पात्र व्यक्ति लाभान्वित हो सकें और कोई भी पात्र व्यक्ति योजनाओं से वंचित न रहे।
खैरथल-तिजारा जिले में विमुक्त घुमन्तु एवं अर्द्धघुमन्तु समुदाय हेतु सहायता शिविर होगें आयोजित 15 से 30 जनवरी तक चलेंगे विशेष शिविर, योजनाओं का होगा शत-प्रतिशत खैरथल-तिजारा । जिले में विमुक्त घुमन्तु एवं अर्द्धघुमन्तु समुदाय के पात्र व्यक्तियों को केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने के उद्देश्य से विशेष सहायता शिविरों का आयोजन किया जाएगा। यह शिविर दिनांक 15 जनवरी 2026 से 30 जनवरी 2026 तक जिले की समस्त पंचायत समितियों तथा नगर निकायों में आयोजित किए जाएंगे। अतिरिक्त जिला कलेक्टर एवं अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट ने बताया कि इन शिविरों में समुदाय के पात्र व्यक्तियों का ऑनलाइन घुमन्तु पहचान प्रमाण-पत्र जारी किया जाएगा तथा विभिन्न विभागीय योजनाओं में उनका पंजीयन सुनिश्चित किया जाएगा। शिविरों के माध्यम से योजनाओं का पूर्ण सैचुरेशन किया जाना है। शिविरों में लाभार्थियों के वोटर आईडी, आधार कार्ड, जनाधार कार्ड, जाति प्रमाण-पत्र, मूल निवास प्रमाण-पत्र, दिव्यांग प्रमाण-पत्र सहित अन्य आवश्यक दस्तावेज बनवाने की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना, पालनहार योजना एवं अन्य विभागीय योजनाओं के आवेदन भी तैयार कराए जाएंगे। ग्रामीण क्षेत्रों में पंचायत समिति सभागारों में शिविर आयोजित किए जाएंगे। जिले की पंचायत समिति सभागारों में किशनगढ़बास में 15 जनवरी, मुंडावर में 16 जनवरी, कोटकासिम में 19 जनवरी तथा तिजारा में 20 जनवरी 2026 को शिविर लगाए जाएंगे। वहीं शहरी क्षेत्रों नगर निकाय के कार्यालयों में नगर परिषद खैरथल में 21 जनवरी, नगरपालिका किशनगढ़बास में 22 जनवरी, नगरपालिका मुंडावर में 23 जनवरी, नगरपालिका कोटकासिम में 27 जनवरी, नगर परिषद तिजारा में 28 जनवरी, नगर परिषद भिवाड़ी में 29 जनवरी एवं नगरपालिका टपूकड़ा में 30 जनवरी 2026 को शिविर आयोजित होंगे। सभी शिविर प्रातः 10 बजे से प्रारंभ होंगे। शिविरों के सफल आयोजन हेतु संबंधित उपखंड अधिकारी, विकास अधिकारी, नगर निकाय आयुक्त/अधिशासी अधिकारी, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग तथा सूचना प्रौद्योगिकी विभाग को जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। शिविरों में चिकित्सा दल द्वारा दिव्यांगजनों का परीक्षण कर प्रमाण-पत्र जारी किए जाएंगे तथा निःशुल्क दवा किट का वितरण भी किया जाएगा। जिला प्रशासन ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि शिविरों का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए ताकि अधिक से अधिक पात्र व्यक्ति लाभान्वित हो सकें और कोई भी पात्र व्यक्ति योजनाओं से वंचित न रहे।
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- Post by मंदिर हनुमान घड़ी पे हल1
- https://www.facebook.com/share/v/1C6V12mRM6/ खैरथल-तिजारा जिले के नाम व मुख्यालय परिवर्तन पर संघर्ष समिति के धरने को लेकर विधायक ललित यादव का बयान #खैरथल #Khairthal #pragtinews #मनरेगा #Manrega #savekhairthal #khairthaltijara #khairthal1
- फायरिंग से वाहन में लगी आग#युवकों पर गोली चली#अस्पताल में उपचार#1
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- नीमराना में सजी उत्तराखंडी लोकसंस्कृति की रंगीन महफिल, प्रथम सांस्कृतिक महोत्सव ने बांधा समां नीमराना कोटपूतली–बहरोड़ जिले के नीमराना में रह रहे उत्तराखंडवासियों के लिए आयोजित प्रथम उत्तराखंड सांस्कृतिक महोत्सव रविवार 11 जनवरी 2026 को नीमराना स्थित होटल टोकस, एनएच-48 में हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ। इस भव्य आयोजन ने उत्तराखंड की समृद्ध लोकसंस्कृति, परंपराओं और लोककलाओं को एक ही मंच पर जीवंत कर दिया। उत्तराखंड सेवा समिति, नीमराना द्वारा आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ गणेश वंदना के साथ हुआ। इसके बाद नंदा देवी डोली, पांडव खेला पारस, जौनसारी तांदी नृत्य, हास्य नेपाली गीत, बाजूबंदोली, छपेली, चांचरी, हुड़का नृत्य, झोड़ा सहित अनेक लोकनृत्यों और लोकगीतों की मनोहारी प्रस्तुतियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। प्रसिद्ध लोकगायक गोपाल मठपाल, दिलीप रावत, प्रीति गुरसाई, आशा नेगी, प्रीति मठपाल और कमल जोशी की प्रस्तुतियों को खूब सराहना मिली। संगीतकार नरेंद्र अजनबी के संगीत संयोजन ने कार्यक्रम को और भी प्रभावशाली बना दिया। कार्यक्रम का सफल निर्देशन लोकगायक गोपाल मठपाल ने किया। इस अवसर पर रीको अधिकारी ईश्वर दत्त उपाध्याय मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। बहरोड़, कोटपूतली, शाहजहांपुर, घीलोठ, बावल और नीमराना से बड़ी संख्या में उत्तराखंडवासी कार्यक्रम में शामिल हुए। पारंपरिक वेशभूषा, लोकगीतों और नृत्यों ने उत्तराखंड की सांस्कृतिक पहचान को सजीव रूप में प्रस्तुत किया। आयोजन समिति के आशाराम जोशी सहित पदाधिकारियों ने बताया कि इस महोत्सव का उद्देश्य प्रवासी उत्तराखंडवासियों को अपनी जड़ों से जोड़ना और नई पीढ़ी तक लोकसंस्कृति का संरक्षण व प्रचार करना है। उन्होंने भविष्य में और भी बड़े सांस्कृतिक आयोजनों की योजना की जानकारी दी।4
- NH 71 Revadi ke pass gadi accident Hui sabhi safe Hai thodi bahut chot gum chot1
- खैरथल-तिजारा। मेघवाल समाज महिला प्रकोष्ठ के जिला स्तरीय अध्यक्ष पद के लिए बाबा फकीरा शाह मंदिर, खिरगची में बैठक का आयोजन किया गया। इस संबंध में पूर्व में अखबार एवं सोशल मीडिया के माध्यम से समाज के सभी सदस्यों को सूचना दी गई थी। निर्धारित प्रक्रिया के तहत आयोजित इस बैठक में उपस्थित महिलाओं ने सर्वसम्मति से जसोरिया कॉलोनी, खैरथल निवासी मंजूलता को महिला प्रकोष्ठ की जिला अध्यक्ष पद के लिए निर्विरोध मनोनीत एवं निर्वाचित किया। समाज की महिलाओं द्वारा लिया गया यह निर्णय उनकी सकारात्मक सोच, एकता और संगठन के प्रति जागरूकता को दर्शाता है। मेघवाल विकास समिति, जिला खैरथल-तिजारा की ओर से नवनिर्वाचित जिला अध्यक्ष मंजूलता का हार्दिक स्वागत किया गया। समिति को पूर्ण विश्वास है कि वे अपनी सहनशीलता, दूरदर्शी सोच एवं सामाजिक प्रतिबद्धता के साथ महिला संगठन को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी और समाज की महिलाओं को एकजुट कर नई ऊँचाइयों तक पहुँचाने का कार्य करेंगी। बैठक में यह भी कहा गया कि समाज की महिलाएँ प्रायः घर से बाहर सामाजिक जिम्मेदारियाँ निभाने से पीछे रहती हैं, ऐसे में मंजूलता द्वारा आगे आकर नेतृत्व स्वीकार करना साहसिक और प्रेरणादायक कदम है। समाज के सभी लोगों से अपील की गई कि वे महिला प्रकोष्ठ की जिला अध्यक्ष को सहयोग प्रदान करें और संगठन को सशक्त बनाने में भागीदारी निभाएँ। बैठक में उपस्थित महिलाएँ मंजूलता, विजय कुमारी, शारदा देवी (खैरथल से), संतोष देवी, सुनीता देवी, केला देवी, बुद्धो देवी, अतरी देवी, लिली, शारदा, भानुमति, संता देवी, सोमवती, ज्ञानो देवी, संतरा देवी, वीरमति, कृष्णा, वीरो देवी, केसरी देवी, गुड्डो देवी, कमतो देवी सहित अन्य महिलाएँ खिरगची से उपस्थित रहीं। उपस्थित पुरुष सदस्य बनवारी लाल आर्य (जिला अध्यक्ष), राधेश्याम सूठवाल (जिला सचिव), हरीश कुमार नारनोलिया (जिला कोषाध्यक्ष), श्यामलाल (उपाध्यक्ष), छंगाराम (जिला अध्यक्ष, भीम सेना), वीरेंद्र चोपड़ा, रामनिवास, किशन लाल गोठवाल, आशुतोष, लक्ष्मी नारायण, मुकेश कुमार, दौलत राम, गिर्राज, किशन लाल, किशोरी लाल आदि उपस्थित रहे।1