एसडीओपी के आश्वासन के बाद निरस्त हुआ सिद्धीकगंज थाने का घेराव गाली-गलौज व मारपीट के आरोप में कार्रवाई की मांग, दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई का दिया आश्वासन । सिद्धीकगंज थाने में पुलिसकर्मियों पर गाली-गलौज एवं मारपीट के लगाए गए आरोपों को लेकर प्रस्तावित थाना घेराव को एसडीओपी दामोदर गुप्ता के आश्वासन के बाद निरस्त कर दिया गया। आंदोलनकारियों की मांगों को गंभीरता से लेते हुए एसडीओपी ने मामले में जांच कर दोषी पाए जाने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया है। मामले को लेकर राष्ट्रीय बजरंग दल के प्रखंड अध्यक्ष देवेंद्र सिंह एवं हेमंत सिंह, ग्राम खाचरोद निवासी ने पुलिस अधीक्षक सीहोर को 4 सितंबर को आवेदन देकर शिकायत की थी। आवेदन में आरोप लगाया गया कि 1 सितंबर की शाम एक वाहन में गाय माता को वध के लिए ले जाने की सूचना पुलिस चौकी पर दी गई थी। शिकायतकर्ताओं के अनुसार सूचना पर कार्रवाई नहीं होने के बाद उनकी टीम ने वाहन का पीछा किया और वाहन में मौजूद लोगों से गायों को उतारकर उन्हें सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने के लिए कहा। शिकायत में आरोप लगाया गया कि वाहन चालक ने चलती गाड़ी से गायों को उतार दिया और वाहन लेकर भाग गया। इसके बाद शिकायतकर्ताओं का कहना है कि वाहन की तलाश के दौरान पुलिस ने एक अन्य स्थान से वाहन को पकड़ा। आवेदन में पुलिसकर्मियों द्वारा कार्यकर्ताओं के साथ कथित तौर पर गाली-गलौज और मारपीट करने तथा बिना पूछताछ के कुछ कार्यकर्ताओं को थाने ले जाने के आरोप लगाए गए हैं। शिकायतकर्ताओं ने मामले में संबंधित पुलिसकर्मियों के विरुद्ध कार्रवाई तथा दर्ज प्रकरण को निरस्त करने की मांग की थी। इसी मांग को लेकर 5 सितंबर दोपहर 12 बजे सिद्धीकगंज थाने के घेराव की घोषणा की गई थी। आश्वासन के बाद आंदोलन स्थगित घेराव की सूचना के बाद पुलिस अधिकारियों ने आंदोलनकारियों से चर्चा की। एसडीओपी दामोदर गुप्ता द्वारा मांगों पर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने के बाद प्रस्तावित थाना घेराव निरस्त कर दिया गया। आंदोलनकारियों ने कहा कि पुलिस प्रशासन द्वारा दिए गए आश्वासन के आधार पर फिलहाल आंदोलन नहीं किया जाएगा। यदि मांगों पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं होती है तो आगे आंदोलन की रणनीति तय की जाएगी। नोट: पुलिसकर्मियों पर लगाए गए आरोप शिकायतकर्ताओं के आवेदन पर आधारित हैं। मामले में पुलिस का आधिकारिक पक्ष और जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद ही आरोपों की पुष्टि हो सकेगी।
एसडीओपी के आश्वासन के बाद निरस्त हुआ सिद्धीकगंज थाने का घेराव गाली-गलौज व मारपीट के आरोप में कार्रवाई की मांग, दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई का दिया आश्वासन । सिद्धीकगंज थाने में पुलिसकर्मियों पर गाली-गलौज एवं मारपीट के लगाए गए आरोपों को लेकर प्रस्तावित थाना घेराव को एसडीओपी दामोदर गुप्ता के आश्वासन के बाद निरस्त कर दिया गया। आंदोलनकारियों की मांगों को गंभीरता से लेते हुए एसडीओपी ने मामले में जांच कर दोषी पाए जाने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया है। मामले को लेकर राष्ट्रीय बजरंग दल के प्रखंड अध्यक्ष देवेंद्र सिंह एवं हेमंत सिंह, ग्राम खाचरोद निवासी ने पुलिस अधीक्षक सीहोर को 4 सितंबर को आवेदन देकर शिकायत की थी। आवेदन में आरोप लगाया गया कि 1 सितंबर की शाम एक वाहन में गाय माता को वध के लिए ले जाने की सूचना पुलिस चौकी पर दी गई थी। शिकायतकर्ताओं के अनुसार सूचना पर कार्रवाई नहीं होने के बाद उनकी टीम ने वाहन का पीछा किया और वाहन में मौजूद लोगों से गायों को उतारकर उन्हें सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने के लिए कहा। शिकायत में आरोप लगाया गया कि वाहन चालक ने चलती गाड़ी से गायों को उतार दिया और वाहन
लेकर भाग गया। इसके बाद शिकायतकर्ताओं का कहना है कि वाहन की तलाश के दौरान पुलिस ने एक अन्य स्थान से वाहन को पकड़ा। आवेदन में पुलिसकर्मियों द्वारा कार्यकर्ताओं के साथ कथित तौर पर गाली-गलौज और मारपीट करने तथा बिना पूछताछ के कुछ कार्यकर्ताओं को थाने ले जाने के आरोप लगाए गए हैं। शिकायतकर्ताओं ने मामले में संबंधित पुलिसकर्मियों के विरुद्ध कार्रवाई तथा दर्ज प्रकरण को निरस्त करने की मांग की थी। इसी मांग को लेकर 5 सितंबर दोपहर 12 बजे सिद्धीकगंज थाने के घेराव की घोषणा की गई थी। आश्वासन के बाद आंदोलन स्थगित घेराव की सूचना के बाद पुलिस अधिकारियों ने आंदोलनकारियों से चर्चा की। एसडीओपी दामोदर गुप्ता द्वारा मांगों पर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने के बाद प्रस्तावित थाना घेराव निरस्त कर दिया गया। आंदोलनकारियों ने कहा कि पुलिस प्रशासन द्वारा दिए गए आश्वासन के आधार पर फिलहाल आंदोलन नहीं किया जाएगा। यदि मांगों पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं होती है तो आगे आंदोलन की रणनीति तय की जाएगी। नोट: पुलिसकर्मियों पर लगाए गए आरोप शिकायतकर्ताओं के आवेदन पर आधारित हैं। मामले में पुलिस का आधिकारिक पक्ष और जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद ही आरोपों की पुष्टि हो सकेगी।
- सीएमएचओ डाँ. सरोजनी जेम्स बेक ने बताया कि श्री अजहर खान वर्तमान में सप्ताह में दो बार निःशुल्क डायलिसिस सुविधा का लाभ ले रहे हैं। इससे उन्हें नियमित उपचार मिलने के साथ ही निजी अस्पतालों में होने वाले उपचार व्यय से भी राहत मिली है। आयुष्मान योजना बनी श्री अजहर खान के लिए सहारा, जिला चिकित्सालय देवास में मिल रही निःशुल्क डायलिसिस सुविधा सप्ताह में दो बार निःशुल्क डायलिसिस से मिली आर्थिक चिंता से राहत, निजी अस्पतालों के खर्च से मिली मुक्ती देवास/देवास निवासी 40 वर्षीय श्री अजहर खान के लिए आयुष्मान योजना उपचार का मजबूत सहारा बन रही है। अजहर खान को विगत तीन वर्षों से किडनी में संक्रमण की समस्या हैं। वे वाहन चालक के रूप में कार्य कर अल्प आय में अपने तीन सदस्यीय परिवार का पालन-पोषण करते हैं। निजी चिकित्सालयों में डायलिसिस पर होने वाले खर्च के कारण परिवार की आर्थिक स्थिति पर लगातार दबाव बढ़ रहा था और आगामी उपचार के खर्च को लेकर वे चिंतित रहने लगे थे। आयुष्मान कार्ड बनने से श्री अजहर खान आयुष्मान योजना के तहत जिला चिकित्सालय देवास में निःशुल्क डायलिसिस सेवाओं का लाभ उठा रहे हैं। सीएमएचओ डाँ. सरोजनी जेम्स बेक ने बताया कि श्री अजहर खान वर्तमान में सप्ताह में दो बार निःशुल्क डायलिसिस सुविधा का लाभ ले रहे हैं। इससे उन्हें नियमित उपचार मिलने के साथ ही निजी अस्पतालों में होने वाले उपचार व्यय से भी राहत मिली है। श्री अजहर खान ने आयुष्मान योजना के संचालन के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को हृदय से धन्यवाद देते हुए कहते है कि कि “आयुष्मान योजना सिर्फ एक योजना नहीं, बल्कि बेसहारा और जरूरतमंद लोगों का सहारा है।” उन्होंने कहा कि योजना के माध्यम से उन्हें समय पर उपचार और निःशुल्क डायलिसिस की सुविधा मिल रही है, जिससे उनके परिवार को बड़ी आर्थिक राहत मिली है।2
- मंत्री ने घायल की बचाई जान, पुलिस ने कुएं में फंसे हिरण को निकाला सुरक्षित—शुजालपुर में दिखी इंसानियत, शुजालपुर से मानवता की दो ऐसी तस्वीरें सामने आई हैं, जिन्होंने एक बार फिर इंसानियत और संवेदनशीलता की मिसाल पेश की है। पहली तस्वीर में शुजालपुर विधायक एवं प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार सड़क पर घायल अवस्था में पड़े एक व्यक्ति की मदद के लिए आगे आए। उन्होंने तत्काल उसकी मदद कर उसे उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया। एक जनप्रतिनिधि का इस तरह मौके पर रुककर जरूरतमंद की मदद करना निश्चित तौर पर सराहनीय पहल है। वहीं दूसरी तस्वीर ग्राम उगली से सामने आई, जहां सड़क किनारे खेत में बने एक पुराने कुएं में हिरण का बच्चा गिर गया। सूचना मिलते ही डायल-112 की पुलिस टीम मौके पर पहुंची और रेस्क्यू शुरू किया। पुलिस कर्मचारियों ने रस्सी के सहारे कुएं में उतरकर हिरण के बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाला। बाहर आते ही हिरण का बच्चा जंगल की ओर भाग गया। दो अलग-अलग घटनाएं… लेकिन दोनों में एक बात समान है—मुसीबत में पड़े किसी जीवन को बचाने की कोशिश। चाहे घायल इंसान हो या फिर बेजुबान जानवर, मदद के लिए आगे आना ही सच्ची मानवता है। इन दोनों तस्वीरों को लेकर आपकी क्या राय है? कमेंट करके जरूर बताइएगा। ऐसी ही स्थानीय और जनसरोकार से जुड़ी खबरों के लिए Saty Express के डिजिटल प्लेटफॉर्म को फॉलो जरूर कीजिए।1
- कृष्ण जन्माष्टमी पर भोपाल सेंट्रल जेल पहुंचे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, कान्हा को झुलाया झूला, बंदियों को दी एक महीने की विशेष सजा छूट भोपाल में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का पर्व धूमधाम और श्रद्धा के साथ मनाया जा रहा है। भोपाल सेंट्रल जेल में भी इस अवसर पर विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शामिल हुए। बंदियों ने भगवान श्रीकृष्ण के जन्म पर आकर्षक झांकी सजाई और लघु नाटिका के जरिए मथुरा कारागार में श्रीकृष्ण के जन्म का प्रसंग प्रस्तुत किया। नंद के घर आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की’ जैसे भजनों से जेल का सभागार भक्तिमय हो उठा। मुख्यमंत्री ने भगवान श्रीकृष्ण का पूजन कर पालना झुलाया और आरती की। इस मौके पर उन्होंने बंदियों के लिए बड़ी घोषणा करते हुए एक महीने की विशेष सजा छूट देने की घोषणा की। इसके तहत पात्र बंदियों को निर्धारित अवधि से एक महीने पहले रिहाई का लाभ मिल सकेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का जीवन कठिन परिस्थितियों में भी हिम्मत के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा देता है। उनके जीवन में अनेक चुनौतियां आईं, लेकिन उन्होंने हर कठिनाई का सामना किया। मुख्यमंत्री ने बंदियों से कहा कि जाने-अनजाने में हुई गलतियों को सुधारें, जेल की लाइब्रेरी में जाकर पढ़ाई करें और सकारात्मक गतिविधियों में भाग लेकर बेहतर इंसान बनकर समाज में लौटें। 50 बंदियों को जुर्माना भरकर कराया रिहा मुख्यमंत्री ने कहा कि कई बंदी केवल जुर्माना जमा नहीं कर पाने के कारण जेल में सजा काट रहे थे। सरकार ने ऐसे मामलों में जुर्माना जमा कराकर करीब **50 बंदियों को रिहा** कराया है। जिन बंदियों के पास अधिवक्ता नहीं हैं, उन्हें कानूनी सहायता के तहत वकील उपलब्ध कराने की व्यवस्था भी की जा रही है। महिला बंदियों के लिए भी विशेष सुविधाओं पर ध्यान दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने जेल अधिकारियों को निर्देश दिए कि बंदियों को अच्छी और पौष्टिक डाइट मिले तथा उनके स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी बंदी को बेवजह परेशान नहीं किया जाना चाहिए। कार्यक्रम में जेल विभाग की ओर से बताया गया कि बंदियों के सुधार के लिए जेलों में धार्मिक, योग और अन्य रचनात्मक गतिविधियां लगातार कराई जा रही हैं। रक्षाबंधन पर प्रदेश की जेलों में खुली मुलाकात की सुविधा दी गई, जिसमें करीब 85 हजार परिजनों ने 27 हजार से अधिक बंदियों से मुलाकात की। इस अवसर पर प्रदेशभर की जेलों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले प्रहरियों, कर्मचारियों और अधिकारियों को सम्मानित किया गया। जेल डीजी डॉ. वरुण कपूर ने मुख्यमंत्री को स्मृति चिन्ह भेंट किया और विभाग का प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। मुख्यमंत्री ने जेल कर्मचारियों और अधिकारियों के लिए पदोन्नति के अवसर बढ़ाने तथा जेलों में आवास सुविधाएं विकसित करने की दिशा में भी किए जा रहे प्रयासों का उल्लेख किया।4
- भोपाल मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री निवास पर भव्य जन्माष्टमी महोत्सव धूमधाम से मनाया गया2
- भोपाल। राजधानी भोपाल की ऐतिहासिक ताज-उल-मसाजिद में शुक्रवार को “1 यूनिट देश के नाम, 1 यूनिट किसी की जिंदगी के नाम” थीम पर रक्तदान शिविर आयोजित किया गया। सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे तक चले इस शिविर में जुमे की नमाज के लिए पहुंचे नमाजियों और नागरिकों ने बढ़-चढ़कर रक्तदान किया। भोपाल। राजधानी भोपाल की ऐतिहासिक ताज-उल-मसाजिद में शुक्रवार को “1 यूनिट देश के नाम, 1 यूनिट किसी की जिंदगी के नाम” थीम पर रक्तदान शिविर आयोजित किया गया। सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे तक चले इस शिविर में जुमे की नमाज के लिए पहुंचे नमाजियों और नागरिकों ने बढ़-चढ़कर रक्तदान किया।1
- भोपाल जंक्शन पर भोपाल यात्री को अचानक चक्कर आ गए। पूरी खबर अवश्य देखे भोपाल जंक्शन पर भोपाल के यात्री को अचानक चक्कर आ गए रेल्वे कर्मचारी के तत्पर सहयता से यात्री के जान बचा ली गई। घर पर सूचना देकर परिजन को बुलाया गया परिजन आधे घंटे बाद पहुंचे। परिजन की रजामंदी से आगे की यात्रा की स्वीकृति दी2
- भोपाल: श्री कृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर भोपाल सेंट्रल जेल में विशेष आयोजन किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कार्यक्रम में शामिल हुए और भगवान श्री कृष्ण की पूजा-अर्चना कर पालना झुलाया। इस दौरान बंदियों ने आकर्षक झांकी और लघु नाटिका प्रस्तुत की। मुख्यमंत्री ने प्रदेश की जेलों के बंदियों को सजा में एक महीने की विशेष छूट देने की घोषणा की। साथ ही अच्छे कार्य करने वाले जेलकर्मियों और अधिकारियों को सम्मानित किया। CM ने बंदियों से गलतियों को सुधारकर पढ़ाई और अच्छे कार्यों में भाग लेने की अपील की। भोपाल: श्री कृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर भोपाल सेंट्रल जेल में विशेष आयोजन किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कार्यक्रम में शामिल हुए और भगवान श्री कृष्ण की पूजा-अर्चना कर पालना झुलाया। इस दौरान बंदियों ने आकर्षक झांकी और लघु नाटिका प्रस्तुत की। मुख्यमंत्री ने प्रदेश की जेलों के बंदियों को सजा में एक महीने की विशेष छूट देने की घोषणा की। साथ ही अच्छे कार्य करने वाले जेलकर्मियों और अधिकारियों को सम्मानित किया। CM ने बंदियों से गलतियों को सुधारकर पढ़ाई और अच्छे कार्यों में भाग लेने की अपील की।1
- प्रेस नोट, थाना कोहेफिजा भोपाल *कोहेफिजा पुलिस ने किया 48 घण्टे मे हत्या के प्रयास के अज्ञात आरोपीयो का खुलासा 05 आरोपी गिरफ्तार* o साजिदा नगर मे घोडीखेल (रूपये पैसो से हारजीत का दाव लगाकर )खेलने के दौरान हुए झगडे के बाद आरोपीगण ने अपने साथियो के साथ मिलकर किया था फरियादिया के मोहल्ले मे हमला तथा तोडफोड o आरोपीयो के कब्जे से धारदार छुरिया तथा देशी पिस्टल तथा जिंदा राउण्ड बरामद //घटना का विवरण// घटना का सक्षिप्त विवरण इस प्रकार है की दिनाक 31.08.2026 को फरियादिया श्रीमती भुरी बाई ने थाना उपस्थित आकर अज्ञात आरोपीगण द्वारा उसके घर के सामने अश्लील गाली गलौच कर तोडफोड करने मना करने पर छुरी तलवार घातक हथियारो के साथ एक राय होकर हमला कर घातक हथियारो से प्राणघातक चोट पहुचाने का प्रयास करने तथा हत्या का प्रयास करने की रिपोर्ट किया जिसपर अज्ञात आरोपीगण के विरूद्ध हत्या के प्रयास जैसी गम्भीर धाराओ का अपराध क्रमाक 634/2026 धारा 109(1),191(2) ,191(3) ,296बी, 324(2) बीएनएस का पंजीबद्ध कर विवेचना मे लिया गया था । शहर मे घटित हो रहे शरीर सबंधि अपराधो तथा क्षेत्र के गुण्डे बदमाशो पर लगाम लगाने के लिये लगातार बदमाशो पर नजर रखते हुए चैकिंग करने तथा गम्भीर अपराध के फरार आरोपीयो की धरपकड करने हेतु श्रीमान पुलिस आयुक्त महोदय नगरीय पुलिस भोपाल तथा श्रीमान अतिरिक्त पुलिस आयुक्त नगरीय पुलिस भोपाल द्वारा विशेष दिशा निर्देश समय समय पर दिये जाते रहे है, उक्त निर्देशो के पालन मे श्रीमान पुलिस उपायुक्त महोदय जोन-3 श्रीमान आयुष गुप्ता एवं श्रीमान अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त महोदय जोन-3 श्रीमती शालिनी दीक्षित द्वारा हत्या के प्रयास के आरोपीयो की जल्द से जल्द धरपकड करने हेतु सहायक पुलिस आयुक्त शाहँजानाबाद श्री अनिल वाजपेई तथा थाना प्रभारी लोकेन्द्र सिंह ठाकुर थाना कोहेफिजा के निर्देशन मे थाना स्टाफ की टीम को लगाया गया था, टीम द्वारा घटना स्थल साजिदा नगर तथा आसपास मुखबिरो से पूछताछ तथा सीसीटीवी फुटेज खगालने पर दिनाक 30.08.26 के रात करीब 10 से 11 बजे के बीच अजहर निवासी कबीटपुरा , मुन्नू निवासी कबीटपुरा एवं दानिश निवासी कच्ची मस्जिद टीला जमालपुरा के तीनो साजिदा नगर मे घोडीखेल (हारजीत का दाव लगाकर )खेलने गये थे जहाँ पर उनका मोहल्ले के लडको से विवाद हो गया था जिसमे अजहर, मुन्नू , दानिश को मोहल्ले के लडको ने मारपीट की थी उक्त झगडे का बदला लेने के उद्देश्य से ही रात करीब 00.30 बजे अजहर, मुन्नू, दानिश अपने अन्य 10-15 साथियो के साथ छुरी तलवार तथा अन्य घातक हथियार के साथ मोहल्ले मे पहुचे तथा लडाई झगडा करते हुए घरो के बाहर खडी गाडियो मे तोडफोड किया था तथा फरियादिया को जान से मारने की नियत से उसके ऊपर छुरी तलवार से प्राणघातक हमला कर गम्भीर चोट पहुचाई थी मुखबिर सूचना तथा मोहल्ले से प्राप्त जानकारी के उपरांत आरोपी दानिश खान, तथा उसके साथी शमी कुरैशी, फरहान उर्फ शाहंशाह, , अनस खान तथा आजम खान को सायबर सेल की मदद से लोकेशन प्राप्त कर आरोपीगण को गिरफ्तार किया गया है घटना मे प्रयुक्त धारदार छुरिया तथा एक देशी पिस्टल मय जिन्दा राउण्ड के आरोपीगण से जप्त कर धारा 25/27 आर्म्स एक्ट का ईजाफा किया गया है । गिरफ्तार सभी आरोपीगण के आपराधिक रिकार्ड शहर के अलग अलग थानो मे है ।मामले के अन्य फरार आरोपीयो की तलाश जारी है। गिरफ्तार आरोपी- क्र नाम बदमाश आपराधिक रिकार्ड 1 दानिश खान पिता रईस खान उम्र 26 साल निवासी स्टाप क्वार्टर हमीदिया अस्पताल परिसर भोपाल 18 2 अनस खान पिता समीर अली उम्र 22 साल निवासी मकान नंबर 37 साजिदा नगर कोहेफिजा भोपाल 02 3 शमी कुरैशी पिता मन्नान कुरैशी उम्र 22 साल निवासी मकान नंबर 04 गली नंबर 01 शहीद नगर करबला रोड कोहेफिजा भोपाल 01 4 फरहान उर्फ शाहशाहं पिता शेख एहमद 22 साल निवासी कच्ची मस्जिद के पास कबीटपुरा भोपाल 01 5 आजम खान पिता एहमद खान उम्र 22 साल नुर महल अलीना डेरी के पास मुल्ला जी का किराये का मकान शाहजहानाबाद 01 नोटः- आरोपीयो के विरूद्ध शहर मे पंजीबद्ध अन्य अपराधो की जानकारी एकत्र की जा रही है जप्त हथियार -- 01. लोहे की धारदार छुरिया -03, 02 देशी कट्टा -01 एवं जिन्दा राउण्ड 01 03. दोपहिया गाडी -02 सराहनी भूमिका – थाना प्रभारी – निरीक्षक लोकेन्द्र सिंह ठाकुर, उनि बद्रीप्रसाद विश्वकर्मा , उनि विवेक शर्मा , सउनि जफरूल हसन, सउनि नीरज चौपडा,सउनि रामकुशल, प्रआर शिवप्रसाद पाण्डेय, प्रआर208आलोक तिवारी, प्रआर 2041 विजेन्द्र राजपूत, प्रआऱ 1539 सतीष यादव, प्रआर हेमन्त पाटनकर. प्रआऱ मनीष यादव, प्रआऱ निर्मेश, प्रआर मनीष मिश्रा, प्रआर कैलाश जमरे, आर दीपेन्द्र सायबर सेल जोन-3 भोपाल, आर शिवम सायबर सेल जोन-3 भोपाल, आर 1602 रवि चौबे, आऱ इरफान अंसारी, आऱ शाकिर, आर दीपक वर्मा, आर राजेश जाट, आऱ अरविन्द बारेला, आर इन्द्रकुमार, आर अवधेश कुमार, आऱ इन्द्रकुमार , आर सावन , आऱ शिवम , मआऱ रीना , मआऱ सोनम पटेल1
- "करोड़ों का अस्पताल, सिर्फ 11 ICU बेड! गंभीर मरीज को भी नहीं मिली जगह" भोपाल मेमोरियल हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर (BMHRC) में गंभीर मरीज को ICU बेड नहीं मिलने का मामला सामने आया है। आरोप है कि गैस पीड़ित अजमल खान अपनी गंभीर रूप से बीमार मां को लेकर अस्पताल पहुंचे थे, लेकिन ICU बेड उपलब्ध नहीं होने के कारण उन्हें भर्ती नहीं किया गया।1