*बिजली विभाग कार्यालय का किया घेराव, किसानो को हथकड़ी लगवाने, फर्जी प्रकरण, गलत बिजली बिल और किसानों के साथ अमानवीय व्यवहार का लगाया आरोप।* रिपोर्टर। प्रकाश सोलंकी चित्तौड़गढ़।पिपलिया स्टेशन (निप्र)। किसान नेता श्यामलाल जोकचन्द्र के नेतृत्व में सोमवार को किसानों, मजदूरों, कार्यकर्ताओं एवं बिजली विभाग की कार्रवाई से पीड़ित लोगों ने मध्यप्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड कार्यालय मन्दसौर का घेराव कर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान किसानों ने बिजली विभाग एवं विजिलेंस टीम के खिलाफ नारेबाजी करते हुए विभागीय कार्रवाई को किसान विरोधी बताया। बाद में अधीक्षण यंत्री को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर किसानों की समस्याओं से अवगत कराया गया। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि बिजली विभाग एवं विजिलेंस टीम द्वारा लगातार किसानों और आम उपभोक्ताओं पर फर्जी बिजली चोरी के प्रकरण दर्ज किए जा रहे हैं। बिना निष्पक्ष जांच के किसानों को थानों में बैठाया जा रहा है तथा कई मामलों में गिरफ्तारी कर जेल तक भेजा जा रहा है। किसानों ने कहा कि पुलिस के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में भय का माहौल बनाया जा रहा है, जिससे किसान एवं गरीब वर्ग मानसिक रूप से परेशान है। ज्ञापन में उल्लेख किया गया कि लोक अदालत, जो समझौता एवं समाधान का माध्यम होती है, वहां भी किसानों एवं उपभोक्ताओं के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किए जा रहे हैं। इससे गरीब किसान एवं मजदूर वर्ग आर्थिक और सामाजिक रूप से प्रभावित हो रहा है। किसानों ने आरोप लगाया कि विभाग द्वारा अत्यधिक एवं गलत बिजली बिल दिए जा रहे हैं। कई उपभोक्ताओं को लाखों रुपये तक के बिल थमा दिए जाते हैं। तकनीकी खराबी अथवा केबल में समस्या होने के बावजूद किसानों को यह कहकर बिल भरने के लिए मजबूर किया जाता है कि “जमीन में करंट चला गया है।” प्रदर्शन के दौरान किसानों ने क्षेत्र की खराब बिजली व्यवस्था को लेकर भी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि गांवों में जर्जर तार, खराब डीपी और अव्यवस्थित लाइनें हादसों का कारण बन रही हैं। कई स्थानों पर आबादी क्षेत्र के बीच से हाईटेंशन लाइनें गुजर रही हैं, जिससे आमजन की जान को लगातार खतरा बना हुआ है। किसानों ने आरोप लगाया कि शिकायतों के बावजूद विभाग समय पर सुधार कार्य नहीं कर रहा है। ज्ञापन में हाल ही में जलोदिया गांव के किसान रामप्रसाद मेघवाल एवं नंदराम मेघवाल के मामले का भी उल्लेख किया गया। किसानों का कहना है कि विधिवत बिजली कनेक्शन होने के बावजूद विजिलेंस टीम द्वारा दोनों किसानों पर कथित बिजली चोरी का प्रकरण दर्ज किया गया और वारंट के आधार पर उन्हें थाने लाकर हथकड़ी लगाई गई। इस घटना के बाद क्षेत्र के किसानों में भारी आक्रोश व्याप्त है। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि किसानों को अपराधियों की तरह हथकड़ी लगाकर थाने में बैठाना किसान वर्ग के आत्मसम्मान को ठेस पहुंचाने वाला कदम है। किसान नेता श्यामलाल जोकचन्द्र ने कहा कि एसपी के इशारे पर पिपलिया मण्डी थाना प्रभारी किसानों को हथकड़ी लगाकर हवालात में बंद कर रहे है, किसानों यह अपमान बर्दाश्त नही किया जाएगा। यदि किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं किया गया और फर्जी कार्रवाई बंद नहीं हुई तो क्षेत्र में व्यापक जनआंदोलन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसान पहले ही प्राकृतिक आपदाओं, महंगी खेती और आर्थिक संकट से जूझ रहा है, ऐसे में बिजली विभाग की दमनात्मक कार्रवाई किसानों को और अधिक परेशान कर रही है। ज्ञापन के माध्यम से किसानों ने मांग की कि किसानों एवं आम उपभोक्ताओं पर दर्ज फर्जी बिजली प्रकरणों की निष्पक्ष जांच कराई जाए, निर्दोष किसानों पर दर्ज मामले तत्काल वापस लिए जाएं तथा किसानों के साथ अमानवीय व्यवहार करने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई की जाए। साथ ही विजिलेंस कार्रवाई की उच्चस्तरीय जांच, गलत बिजली बिलों में राहत, जर्जर बिजली व्यवस्था में सुधार एवं आबादी क्षेत्र से गुजर रही हाईटेंशन लाइनों को हटाने की मांग भी की गई। इस मौके पर मोगिया समाज अध्यक्ष भगतराम डाबी, पार्षद भूपेंद्र महावर, जनपद सदस्य रमेश्वर राठौर, पूर्व सदस्य रामप्रसाद राठौर व बालेश्वर पाटीदार, पूर्व सरपंच दिनेश कारपेंटर, धर्मेंद्र धनगर व रमेश पाटीदार, रघुवीरसिंह रीछा, बल्लू गुर्जर, भरत पाटीदार, मानसिंह चौहान, राजेश भारती, मनोहर सोनी, राजेन्द्र भाटी, नागूलाल चौहान, राजेश मालवीय, दशरथ पाटीदार, राहुल कीथीरिया, महेश गुप्ता, हीरालाल भारती सहित बड़ी संख्या में किसान, मजदूर एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
*बिजली विभाग कार्यालय का किया घेराव, किसानो को हथकड़ी लगवाने, फर्जी प्रकरण, गलत बिजली बिल और किसानों के साथ अमानवीय व्यवहार का लगाया आरोप।* रिपोर्टर। प्रकाश सोलंकी चित्तौड़गढ़।पिपलिया स्टेशन (निप्र)। किसान नेता श्यामलाल जोकचन्द्र के नेतृत्व में सोमवार को किसानों, मजदूरों, कार्यकर्ताओं एवं बिजली विभाग की कार्रवाई से पीड़ित लोगों ने मध्यप्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड कार्यालय मन्दसौर का घेराव कर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान किसानों ने बिजली विभाग एवं विजिलेंस टीम के खिलाफ नारेबाजी करते हुए विभागीय कार्रवाई को किसान विरोधी बताया। बाद में अधीक्षण यंत्री को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर किसानों की समस्याओं से अवगत कराया गया। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि बिजली विभाग एवं विजिलेंस टीम द्वारा लगातार किसानों और आम उपभोक्ताओं पर फर्जी बिजली चोरी के प्रकरण दर्ज किए जा रहे हैं। बिना निष्पक्ष जांच के किसानों को थानों में बैठाया जा रहा है तथा कई मामलों में गिरफ्तारी कर जेल तक भेजा जा रहा है। किसानों ने कहा कि पुलिस के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में भय का माहौल बनाया जा रहा है, जिससे किसान एवं गरीब वर्ग मानसिक रूप से परेशान है। ज्ञापन में उल्लेख किया गया कि लोक अदालत, जो समझौता एवं समाधान का माध्यम होती है, वहां भी किसानों एवं उपभोक्ताओं के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किए जा रहे हैं। इससे गरीब किसान एवं मजदूर वर्ग आर्थिक और सामाजिक रूप से प्रभावित हो रहा है। किसानों ने आरोप लगाया कि विभाग द्वारा अत्यधिक एवं गलत बिजली बिल दिए जा रहे हैं। कई उपभोक्ताओं को लाखों रुपये तक के बिल थमा दिए जाते हैं। तकनीकी खराबी अथवा केबल में समस्या होने के बावजूद किसानों को यह कहकर बिल भरने के लिए मजबूर किया जाता है कि “जमीन में करंट चला गया है।” प्रदर्शन के दौरान किसानों ने क्षेत्र की खराब बिजली व्यवस्था को लेकर भी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि गांवों में जर्जर तार, खराब डीपी और अव्यवस्थित लाइनें हादसों का कारण बन रही हैं। कई स्थानों पर आबादी क्षेत्र के बीच से हाईटेंशन लाइनें गुजर रही हैं, जिससे आमजन की जान को लगातार खतरा बना हुआ है। किसानों ने आरोप लगाया कि शिकायतों के बावजूद विभाग समय पर सुधार कार्य नहीं कर रहा है। ज्ञापन में हाल ही में जलोदिया गांव के किसान रामप्रसाद मेघवाल एवं नंदराम मेघवाल के मामले का भी उल्लेख किया गया। किसानों का कहना है कि विधिवत बिजली कनेक्शन होने के बावजूद विजिलेंस टीम द्वारा दोनों किसानों पर कथित बिजली चोरी का प्रकरण दर्ज किया गया और वारंट के आधार पर उन्हें थाने लाकर हथकड़ी लगाई गई। इस घटना के बाद क्षेत्र के किसानों में भारी आक्रोश व्याप्त है। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि किसानों को अपराधियों की तरह हथकड़ी लगाकर थाने में बैठाना किसान वर्ग के आत्मसम्मान को ठेस पहुंचाने वाला कदम है। किसान नेता श्यामलाल जोकचन्द्र ने कहा कि एसपी के इशारे पर पिपलिया मण्डी थाना प्रभारी किसानों को हथकड़ी लगाकर हवालात में बंद कर रहे है, किसानों यह अपमान बर्दाश्त नही किया जाएगा। यदि किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं किया गया और फर्जी कार्रवाई बंद नहीं हुई तो क्षेत्र में व्यापक जनआंदोलन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसान पहले ही प्राकृतिक आपदाओं, महंगी खेती और आर्थिक संकट से जूझ रहा है, ऐसे में बिजली विभाग की दमनात्मक कार्रवाई किसानों को और अधिक परेशान कर रही है। ज्ञापन के माध्यम से किसानों ने मांग की कि किसानों एवं आम उपभोक्ताओं पर दर्ज फर्जी बिजली प्रकरणों की निष्पक्ष जांच कराई जाए, निर्दोष किसानों पर दर्ज मामले तत्काल वापस लिए जाएं तथा किसानों के साथ अमानवीय व्यवहार करने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई की जाए। साथ ही विजिलेंस कार्रवाई की उच्चस्तरीय जांच, गलत बिजली बिलों में राहत, जर्जर बिजली व्यवस्था में सुधार एवं आबादी क्षेत्र से गुजर रही हाईटेंशन लाइनों को हटाने की मांग भी की गई। इस मौके पर मोगिया समाज अध्यक्ष भगतराम डाबी, पार्षद भूपेंद्र महावर, जनपद सदस्य रमेश्वर राठौर, पूर्व सदस्य रामप्रसाद राठौर व बालेश्वर पाटीदार, पूर्व सरपंच दिनेश कारपेंटर, धर्मेंद्र धनगर व रमेश पाटीदार, रघुवीरसिंह रीछा, बल्लू गुर्जर, भरत पाटीदार, मानसिंह चौहान, राजेश भारती, मनोहर सोनी, राजेन्द्र भाटी, नागूलाल चौहान, राजेश मालवीय, दशरथ पाटीदार, राहुल कीथीरिया, महेश गुप्ता, हीरालाल भारती सहित बड़ी संख्या में किसान, मजदूर एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
- कुछ लोगों की लालच और गलत मानसिकता इतनी खतरनाक हो चुकी है कि पहले पति को रास्ते से हटाओ, फिर उसकी संपत्ति पर कब्जा करो, ऊपर से सरकारी योजनाओं का फायदा उठाओ… और बाद में किसी और के साथ ऐश करो। ऐसी घटनाएं सिर्फ एक परिवार नहीं तोड़तीं, बल्कि समाज का भरोसा भी खत्म करती हैं। रिश्तों की आड़ में धोखा, झूठे कागज़, संपत्ति का लालच और कानून का दुरुपयोग — ये सब गंभीर अपराध हैं। जो लोग प्यार, शादी और विश्वास का इस्तेमाल सिर्फ पैसे और मौज-मस्ती के लिए करते हैं, उन्हें समाज और कानून दोनों से कड़ी सजा मिलनी चाहिए। वरना ईमानदार और मेहनतकश लोगों का परिवार संस्था से विश्वास उठता जाएगा।1
- शक्ति, भक्ति और बलिदान की पावन नगरी चित्तौड़गढ़ जिले की दिनभर की तमाम बड़ी खबरें एक साथ, सिर्फ हेलो चित्तौड़गढ़ पर1
- Post by Chandmal menariya1
- चित्तौड़गढ़ से आए इस भक्तिमय संदेश में भगवान लक्ष्मीनारायण, शिव शंकर और गोविंद सांवरिया सेठ जी सहित कई देवताओं की स्तुति की गई है। यह पोस्ट हरि और श्री राम के प्रति गहन आस्था और अटूट समर्पण को उजागर करता है।1
- आज सुबह निंबाहेड़ा-चित्तौड़गढ़ रोड पर वंडर अंडरब्रिज के पास खड़े ट्रक में बाइक घुसने से भीषण हादसा हुआ। इस दुर्घटना में बाइक सवार तीनों लोगों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई है। पुलिस ने शवों को निंबाहेड़ा जिला अस्पताल मोर्चरी में रखवाया है।1
- बहुजन समाज पार्टी के प्रतापगढ़ जिलाध्यक्ष कमल मीणा चित्तौड़गढ़ लोकसभा (2024) और प्रतापगढ़ विधानसभा (2023) से प्रत्याशी रह चुके हैं। छोटी सादड़ी तहसील के अचारी गांव निवासी मीणा जिले की राजनीति में सक्रिय हैं।1
- 🔥 भीषण गर्मी का कहर: जैन भवन के सामने डीपी में धमाके के साथ लगी आग, ऊंची लपटों से मचा हड़कंप — बिजली सप्लाई हुई प्रभावित, मौके पर पहुंचा प्रशासन 🔥 भीषण गर्मी का कहर: जैन भवन के सामने डीपी में धमाके के साथ लगी आग, ऊंची लपटों से मचा हड़कंप — बिजली सप्लाई हुई प्रभावित, मौके पर पहुंचा प्रशासन1
- पति महाशय के प्रकार, ओर पत्नी के प्रकार हास्य कविता, पर आज की हकीकत1