रविवार को अयोध्या के मारवाड़ी भवन में शैक्षिक नवाचार एसोसिएशन उत्तर प्रदेश का वार्षिक अधिवेशन एवं सम्मान समारोह आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में प्रदेश भर से आए नवाचारी शिक्षकों ने भाग लिया और अपने-अपने नवाचार साझा किए। कार्यक्रम का शुभारंभ अयोध्या के महापौर श्री गिरीश पति त्रिपाठी जी और एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष श्री मनोज कुमार सिंह जी ने सरस्वती माता की प्रतिमा पर दीप प्रज्ज्वलन और माल्यार्पण कर किया। बच्चों द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने सभी शिक्षकों का मन मोह लिया। एसोसिएशन की कानपुर देहात जिलाध्यक्ष और राज्य अध्यापक पुरस्कार से सम्मानित शिक्षिका श्रीमती पारुल निरंजन ने बताया कि कानपुर देहात से कुल 9 शिक्षकों ने इस अधिवेशन में हिस्सा लिया, जिन्हें शिक्षा क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट प्रयासों के लिए सम्मानित किया गया। श्रीमती पारुल निरंजन ने मंच पर अपनी एसोसिएशन के लिए एक स्वरचित कविता भी प्रस्तुत की, वहीं सहायक अध्यापक अंशुल गुप्ता को उनके पीपीटी प्रस्तुतीकरण के लिए प्रदेश अध्यक्ष श्री मनोज सिंह द्वारा विशेष रूप से सराहा गया। इस सम्मान पर ब्लॉक के खंड शिक्षा अधिकारी श्री अशोक सिंह, एआरपी श्री शोमिल बाबू और श्री प्रदीप निरंजन ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि उनके ब्लॉक के शिक्षक अगर शिक्षण और बच्चों के हित में कुछ अच्छा कर रहे हैं, तो यह निश्चित रूप से बड़े हर्ष का विषय है। अधिवेशन में पारुल निरंजन, शिवनाथ, शैलेश कुमार, अंशुल गुप्ता, विनय कुमार, शब्बीर अहमद, हिमानी गुप्ता, मंजू देवी और अपर्णा सिंह सहित सभी नौ शिक्षकों को प्रतीक चिन्ह और अंगवस्त्र पहनाकर सम्मानित किया गया।
रविवार को अयोध्या के मारवाड़ी भवन में शैक्षिक नवाचार एसोसिएशन उत्तर प्रदेश का वार्षिक अधिवेशन एवं सम्मान समारोह आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में प्रदेश भर से आए नवाचारी शिक्षकों ने भाग लिया और अपने-अपने नवाचार साझा किए। कार्यक्रम का शुभारंभ अयोध्या के महापौर श्री गिरीश पति त्रिपाठी जी और एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष श्री मनोज कुमार सिंह जी ने सरस्वती माता की प्रतिमा पर दीप प्रज्ज्वलन और माल्यार्पण कर किया। बच्चों द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने सभी शिक्षकों का मन मोह लिया। एसोसिएशन की कानपुर देहात जिलाध्यक्ष और राज्य अध्यापक पुरस्कार से सम्मानित शिक्षिका श्रीमती पारुल निरंजन ने बताया कि कानपुर देहात से कुल 9 शिक्षकों ने इस अधिवेशन में हिस्सा लिया, जिन्हें शिक्षा क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट प्रयासों के लिए सम्मानित किया
गया। श्रीमती पारुल निरंजन ने मंच पर अपनी एसोसिएशन के लिए एक स्वरचित कविता भी प्रस्तुत की, वहीं सहायक अध्यापक अंशुल गुप्ता को उनके पीपीटी प्रस्तुतीकरण के लिए प्रदेश अध्यक्ष श्री मनोज सिंह द्वारा विशेष रूप से सराहा गया। इस सम्मान पर ब्लॉक के खंड शिक्षा अधिकारी श्री अशोक सिंह, एआरपी श्री शोमिल बाबू और श्री प्रदीप निरंजन ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि उनके ब्लॉक के शिक्षक अगर शिक्षण और बच्चों के हित में कुछ अच्छा कर रहे हैं, तो यह निश्चित रूप से बड़े हर्ष का विषय है। अधिवेशन में पारुल निरंजन, शिवनाथ, शैलेश कुमार, अंशुल गुप्ता, विनय कुमार, शब्बीर अहमद, हिमानी गुप्ता, मंजू देवी और अपर्णा सिंह सहित सभी नौ शिक्षकों को प्रतीक चिन्ह और अंगवस्त्र पहनाकर सम्मानित किया गया।
- जनपद कानपुर देहात के सिकंदरा थाना क्षेत्र स्थित जमुआ गांव में बालू माफियाओं के खिलाफ ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। बिना नंबर प्लेट वाले और ओवरलोड बालू से भरे डंपरों को लगातार सड़क पर दौड़ते देख आक्रोशित ग्रामीणों ने कई डंपरों को बीच सड़क पर रोक दिया। इस दौरान उन्होंने प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि क्षेत्र में अवैध खनन और ओवरलोड बालू परिवहन का खेल लंबे समय से चल रहा है। उनके अनुसार, इसी कारण सड़कें पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी हैं और भारी वाहनों की वजह से आए दिन दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। ग्रामीणों ने यह भी कहा कि बिना नंबर प्लेट के वाहन खुलेआम संचालित हो रहे हैं, लेकिन संबंधित विभाग और पुलिस प्रशासन इस पर कार्रवाई करने के बजाय मौन धारण किए हुए हैं। प्रदर्शनकारी ग्रामीणों ने खनन विभाग और संबंधित अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने अवैध खनन पर तत्काल रोक लगाने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी समस्या का समाधान जल्द नहीं किया गया तो वे आंदोलन को और तेज करेंगे। फिलहाल, इस मामले को लेकर क्षेत्र में व्यापक चर्चा है और लोग प्रशासन से तत्काल संज्ञान लेकर उचित कार्रवाई की अपेक्षा कर रहे हैं।4
- कानपुर देहात के पुखरायां में ज्योतिषपीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने गौ संरक्षण के मुद्दे पर केंद्र और राज्य सरकारों के साथ-साथ राजनीतिक दलों पर भी तीखा हमला बोला है। उन्होंने पुखरायां स्थित गौशाला और मंदिर परिसर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान स्पष्ट रूप से कहा कि गौ माता की रक्षा की बात करना कोई राजनीतिक विषय नहीं, बल्कि देश की आस्था, सनातन धर्म और संस्कृति की रक्षा का विषय है। पुखरायां आगमन पर श्रद्धालुओं और गौभक्तों ने शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती का भव्य स्वागत किया। कार्यक्रम में जनसमूह को संबोधित करते हुए उन्होंने गौ संरक्षण और गौ माता के सम्मान पर खुलकर बात रखी, यह भी कहा कि जो व्यक्ति गाय को दिल से अपनी माता मानता है, वही इस गंभीर विषय पर सार्थक चर्चा करे। उन्होंने गौ रक्षा को राजनीतिक चश्मे से देखने वालों पर सवाल उठाते हुए पूछा कि यदि समाज में अपनी मां की रक्षा करना राजनीति नहीं, तो फिर राष्ट्र के गौरव और आस्था की प्रतीक गौ माता की रक्षा के लिए आवाज़ उठाना राजनीति कैसे हो सकता है? सरकारों की नीतियों पर असंतोष व्यक्त करते हुए शंकराचार्य ने कहा कि जनता के वोट से चुनी गईं सरकारें आज गाय को केवल एक 'पशु' मान रही हैं। उन्होंने किसी दल का नाम लिए बिना यह भी जोड़ा कि पूर्व की सरकारों से तो शिकायतें थीं ही, लेकिन जिन लोगों ने खुद को धुर गौभक्त और हिंदुत्व का सच्चा समर्थक बताकर सत्ता हासिल की, उनके शासनकाल में भी गौ माता की स्थिति में कोई अपेक्षित सुधार या बड़ा बदलाव नहीं दिखा है। अपने संबोधन में उन्होंने पश्चिम बंगाल की राजनीति और वहां के नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी के एक कथित बयान का भी विशेष रूप से उल्लेख किया। उन्होंने मांग की कि यदि गाय को माता माना जाता है, तो उसके संरक्षण और सुरक्षा को लेकर कोई विरोधाभास या ढुलमुल रवैया नहीं होना चाहिए और सरकारों को गौ माता के सम्मान व सुरक्षा के लिए एक स्पष्ट तथा ठोस नीति बनानी होगी। शंकराचार्य ने देश और समाज के लोगों से गौ संरक्षण के कार्य में बढ़-चढ़कर भाग लेने का आह्वान किया। उन्होंने यह संकेत भी दिया कि आने वाले समय में गौ रक्षा का मुद्दा देश का एक प्रमुख जन मुद्दा बनेगा, जिसके लिए पूरे समाज को एकजुट होकर अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी।2
- कानपुर देहात के मंगलपुर थाना क्षेत्र के नदीपुरवा गांव के पास सेंगुर नदी किनारे रविवार सुबह एक अज्ञात महिला का निर्वस्त्र शव मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। शव मिलने की सूचना पर ग्रामीणों की भीड़ मौके पर उमड़ पड़ी, जिसके बाद पुलिस और फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल पर पहुंचकर जांच-पड़ताल की और साक्ष्य एकत्र किए। जानकारी के अनुसार, नदीपुरवा गांव के समीप बह रही सेंगुर नदी के किनारे खड़े एक पीपल के पेड़ के नीचे सुबह करीब आठ बजे खेतों की ओर जा रहे ग्रामीणों ने यह शव पड़ा देखा। शव निर्वस्त्र अवस्था में था और उसके हाथ में पिस्ता रंग का एक ब्लाउज लटका हुआ था। इस घटना से पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जमा हो गए। ग्रामीणों की सूचना पर थानाध्यक्ष मंगलपुर महेश दुबे, एएसआई कमलेश कुमार और एसआई राजेंद्र सिंह पुलिस बल के साथ तुरंत मौके पर पहुंचे। पुलिस ने फोरेंसिक टीम की मदद से घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और आवश्यक साक्ष्य संकलित किए। इसके बाद शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। थानाध्यक्ष महेश दुबे ने बताया कि प्रथम दृष्टया शव लगभग आठ से दस दिन पुराना लग रहा है। उन्होंने आशंका जताई है कि शव नदी के बहाव के साथ बहकर इस स्थान पर पहुंचा होगा। फिलहाल, पुलिस मृतका की पहचान कराने के प्रयास कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मृत्यु के कारणों का स्पष्ट पता चल पाएगा। पुलिस अज्ञात महिला की शिनाख्त और मामले के सभी पहलुओं की गहन जांच में जुटी हुई है।1
- उत्तर प्रदेश के औरैया जिले में आई तेज आंधी, तूफान और वर्षा के कारण स्थानीय जनजीवन बुरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया। इस मौसमी घटना से तीन सेड उड़ गए, कई होर्डिंग्स फट गए, और बिजली के खंभे भी टूट गए, जिससे क्षेत्र में व्यापक अव्यवस्था फैल गई।2
- औराईया जिले के एक गाँव में नाली की सफाई व्यवस्था को लेकर ग्रामीणों में भारी नाराजगी है। स्थानीय लोगों के अनुसार, गाँव की यह नाली कई सालों से साफ नहीं की गई है, जिसके कारण इसमें भारी गंदगी जमा हो गई है। यह गंदगी मच्छरों और बीमारियों को जन्म दे रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि इस नाली की सफाई तभी की जाती है जब कोई नेता या अधिकारी इलाके का दौरा करता है; अन्यथा, इस पर कोई ध्यान नहीं दिया जाता। लोगों का कहना है कि यह कोई व्यापारिक नाली नहीं, बल्कि एक सामान्य गाँव की नाली है जिसकी वर्षों से अनदेखी की जा रही है, और वे जानना चाहते हैं कि इस समस्या के समाधान के लिए उन्हें क्या करना चाहिए।1
- औरैया के बिधूना थाना क्षेत्र में स्वाट और सर्विलांस टीमों की संयुक्त पुलिस टीम ने ग्राम सूरजपुर में हुई एक हत्या का सफल अनावरण करते हुए एक अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। पुलिस को 27 मई 2026 को सूचना मिली थी कि सूरजपुर गांव में एक बंद मकान में 65 वर्षीय वृद्ध महिला श्रीमती संतोष कुमारी का शव मिला है। सूचना मिलते ही बिधूना पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची, साक्ष्य संकलन की कार्यवाही पूरी कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया था। मृतका के पुत्र जैनेन्द्र कुमार की तहरीर के आधार पर बिधूना थाने में अज्ञात के विरुद्ध मु0अ0सं0 202/2026 धारा 103(1)/333 बीएनएस के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस उपमहानिदेशक कानपुर जोन, पुलिस उपमहानिरीक्षक कानपुर परिक्षेत्र, पुलिस अधीक्षक औरैया, अपर पुलिस अधीक्षक औरैया तथा क्षेत्राधिकारी बिधूना के निर्देशन और कुशल पर्यवेक्षण में घटना के शीघ्र अनावरण के लिए पुलिस टीमों का गठन किया गया था। इसी क्रम में, संयुक्त पुलिस टीम ने 31 मई 2026 को रात्रि चेकिंग के दौरान मुखबिर की सूचना पर अभियुक्त टीटू उर्फ आशीष, पुत्र स्व. रामकरन द्विवेदी को कमलपुर नहर पट्टी से देर रात करीब 02:05 बजे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में अभियुक्त टीटू उर्फ आशीष ने बताया कि मृतका संतोष कुमारी उसकी बुआ थीं और सूरजपुर गांव में अपने घर में अकेली रहती थीं, जबकि उनका पुत्र विदिशा, मध्यप्रदेश में रहता है। अभियुक्त के अनुसार, 25 मई 2026 को वह अपनी बुआ के घर गया था। वहां बुआ ने बार-बार उसकी मां के चरित्र पर अभद्र टिप्पणी की, जिससे उनमें विवाद हो गया। विवाद के दौरान बुआ ने उसे थप्पड़ मार दिया, जिससे आक्रोशित होकर उसने अत्यधिक शराब के नशे में रात करीब 11:30 बजे कुर्सी पर बैठी अपनी बुआ की गर्दन पर चाकू से 5-6 बार वार कर निर्मम हत्या कर दी। इसके बाद उसने मृतका का मोबाइल बाथरूम में फेंक दिया, उनके शरीर से पीले धातु के कुंडल और सफेद धातु की पायल उतार ली, चाकू को बुआ के घर के पास खाली प्लॉट में छिपाकर घर के मुख्य गेट पर ताला लगाकर फरार हो गया। पुलिस ने अभियुक्त की निशानदेही पर आला-कत्ल (चाकू), मृतका के पीले धातु के कुंडल और सफेद धातु की पायल शत-प्रतिशत बरामद कर ली हैं। इस मामले में अब धारा 315/317(2) बीएनएस की बढ़ोतरी कर अग्रिम विधिक कार्यवाही की जा रही है।2
- आज सिकंदरा विधानसभा क्षेत्र के मालवीय नगर स्थित कांग्रेस पार्टी कार्यालय में लोकमाता महारानी अहिल्याबाई होल्कर की 301वीं जयंती श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। इस अवसर पर कार्यालय प्रभारी एवं सिकंदरा विधानसभा 207 के वर्तमान प्रत्याशी अरविंद पाल ने महारानी अहिल्याबाई होल्कर की प्रतिमा पर माल्यार्पण और पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। उपस्थित कार्यकर्ताओं और नागरिकों को संबोधित करते हुए अरविंद पाल ने महारानी अहिल्याबाई होल्कर को भारत के मालवा साम्राज्य की महान, न्यायप्रिय और दूरदर्शी शासक बताया। उन्होंने महिला सशक्तिकरण, जनकल्याण, धर्म और संस्कृति के संरक्षण में उनके अतुलनीय योगदान पर प्रकाश डाला, जिसके परिणामस्वरूप उनके शासनकाल में मालवा क्षेत्र विकास, सुशासन और समृद्धि का केंद्र बना था। पाल ने यह भी बताया कि उन्होंने काशी विश्वनाथ मंदिर सहित देश के अनेक प्रमुख तीर्थस्थलों के पुनर्निर्माण एवं विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उन्होंने अहिल्याबाई होल्कर के आदर्शों, विशेषकर समाज के गरीब, जरूरतमंद और वंचित लोगों की सेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की बात को रेखांकित किया, और आज के समय में उनके विचारों को अपनाने की आवश्यकता पर जोर दिया। कार्यक्रम के उपरांत, कांग्रेस कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने कार्यालय से पटेल चौक तक महारानी अहिल्याबाई होल्कर की प्रतिमा के साथ एक पदयात्रा निकाली। इस पदयात्रा के माध्यम से उनके जीवन और आदर्शों का संदेश जन-जन तक पहुंचाया गया। इस मौके पर वैभव शर्मा, सभासद शिवम सोनी, एडवोकेट जितेंद्र सिंह, एडवोकेट ठाकुर सुदामा प्रसाद, विपिन प्रियदर्शी, सरवन कटियार, सर्वेश पाल, नंदू पाल, पिंटू कुशवाहा, रमेश पाल, अरुण बौद्ध, कैलाश कटियार, पूर्व प्रधान रज्जन सिंह सहित सैकड़ों कार्यकर्ता और क्षेत्रीय नागरिक उपस्थित रहे।4
- उत्तर प्रदेश के औरैया जिले में आई तेज आंधी और बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। अचानक बदले मौसम के कारण लोगों में अफरा-तफरी का माहौल देखा गया। इस आंधी-बारिश के चलते बदनपुर मोहल्ले में एक बिजली का खंभा टूट गया, वहीं सुभाष चौराहे पर कई दुकानों के टीन शेड भी उड़ गए। इन घटनाओं के परिणामस्वरूप जिले में बिजली आपूर्ति भी प्रभावित हुई है।1