शाहपुरा के कालिंजरी गेट स्थित नहर के पास रहने वाले सोनू धाकड़ ने एक साधारण परिवार से निकलकर भारतीय सेना में चयनित होकर अपने माता-पिता के साथ पूरे शाहपुरा का नाम रोशन किया है। उनके पिता खानाराम धाकड़ टेंपो चलाकर परिवार का पालन-पोषण करते हैं, और सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने अपने बेटे के सपनों को पूरा करने में कोई कमी नहीं छोड़ी। सोनू ने भी अपने पिता के संघर्ष को प्रेरणा बनाते हुए सेना में भर्ती होने का सपना देखा और उसे साकार करने के लिए दिन-रात अथक मेहनत की। सोनू प्रतिदिन सुबह 3 बजे उठकर रामद्वारा तक दौड़ लगाते थे, नियमित व्यायाम करते थे और खुद को शारीरिक व मानसिक रूप से मजबूत बनाते थे। उनकी इसी लगन, अनुशासन और अथक परिश्रम का परिणाम रहा कि उनका चयन भारतीय सेना में हुआ। सोनू ने एएससी सेंटर (नॉर्थ), बेंगलुरु में 5 जनवरी से 21 जून तक छह माह का कठोर सैन्य प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा किया। 10वीं उत्तीर्ण बैच के आधार पर सेना में चयनित सोनू शैक्षणिक रूप से 12वीं पास हैं, और उनकी यह सफलता क्षेत्र के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बन गई है। प्रशिक्षण पूरा कर आज पहली बार शाहपुरा लौटने पर सोनू धाकड़ का भव्य स्वागत किया गया। शाहपुरा में उनके सम्मान में धूमधाम से जुलूस निकाला गया, जिसमें बड़ी संख्या में युवा, परिजन, मित्र और क्षेत्रवासी शामिल हुए। पूरे मार्ग में देशभक्ति के नारों की गूंज सुनाई दी और लोगों ने पुष्पवर्षा कर उनका अभिनंदन किया। जगह-जगह स्वागत द्वार लगाए गए तथा नागरिकों ने मालाएं पहनाकर सोनू का सम्मान किया। इस दौरान पटाखे छोड़े गए, मिठाइयां बांटी गईं और लोगों ने ढोल-नगाड़ों की थाप पर खुशी का इजहार किया, जिससे पूरे क्षेत्र में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला। ग्रामीणों ने कहा कि टेंपो चालक के बेटे का सेना में चयन यह साबित करता है कि मेहनत, लगन और दृढ़ संकल्प के बल पर कोई भी युवा अपने सपनों को साकार कर सकता है। धाकड़ समाज के लक्ष्मी नारायण मंदिर से जुलूस प्रारंभ होकर कालिंजरी गेट होते हुए शिक्षक कॉलोनी होते हुए सोनू के घर तक पहुंचा। इस कार्यक्रम में अखिल भारतीय धाकड़ समाज के प्रदेश उपाध्यक्ष रामेश्वर लाल धाकड़, खाना राम धाकड़, भगवत सिंह लूलास, भेरूलाल धाकड़, मगनलाल धाकड़, हितेश धाकड़, मोती लाल धाकड़, राजू लाल धाकड़, शोभा लाल धाकड़, शंकर लाल धाकड़, गौरव धाकड़, धनराज धाकड़, रामलाल धाकड़, कैलाश पटेल, हेमराज धाकड़, श्री किशन धाकड़ सहित कई प्रबुद्ध जनों और सैकड़ों महिलाओं ने भाग लिया। सोनू की सफलता ने क्षेत्र के युवाओं में नया उत्साह और देशसेवा की भावना जगाई है, जो यह संदेश देती है कि सच्ची लगन, कठोर परिश्रम और मजबूत इरादों के आगे हर कठिनाई छोटी पड़ जाती है।
शाहपुरा के कालिंजरी गेट स्थित नहर के पास रहने वाले सोनू धाकड़ ने एक साधारण परिवार से निकलकर भारतीय सेना में चयनित होकर अपने माता-पिता के साथ पूरे शाहपुरा का नाम रोशन किया है। उनके पिता खानाराम धाकड़ टेंपो चलाकर परिवार का पालन-पोषण करते हैं, और सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने अपने बेटे के सपनों को पूरा करने में कोई कमी नहीं छोड़ी। सोनू ने भी अपने पिता के संघर्ष को प्रेरणा बनाते हुए सेना में भर्ती होने का सपना देखा और उसे साकार करने के लिए दिन-रात अथक मेहनत की। सोनू प्रतिदिन सुबह 3 बजे उठकर रामद्वारा तक दौड़ लगाते थे, नियमित व्यायाम करते थे और खुद को शारीरिक व मानसिक रूप से मजबूत बनाते थे। उनकी इसी लगन, अनुशासन और अथक परिश्रम का परिणाम रहा कि उनका चयन भारतीय सेना में हुआ। सोनू ने एएससी सेंटर (नॉर्थ), बेंगलुरु में 5 जनवरी से 21 जून तक छह माह का कठोर सैन्य प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा किया। 10वीं उत्तीर्ण बैच के आधार पर सेना में चयनित सोनू शैक्षणिक रूप से 12वीं पास हैं, और उनकी यह सफलता क्षेत्र के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बन गई है। प्रशिक्षण पूरा कर आज पहली बार शाहपुरा लौटने पर सोनू धाकड़ का भव्य स्वागत किया गया। शाहपुरा में उनके सम्मान में धूमधाम से जुलूस निकाला गया, जिसमें बड़ी संख्या में युवा, परिजन, मित्र और क्षेत्रवासी
शामिल हुए। पूरे मार्ग में देशभक्ति के नारों की गूंज सुनाई दी और लोगों ने पुष्पवर्षा कर उनका अभिनंदन किया। जगह-जगह स्वागत द्वार लगाए गए तथा नागरिकों ने मालाएं पहनाकर सोनू का सम्मान किया। इस दौरान पटाखे छोड़े गए, मिठाइयां बांटी गईं और लोगों ने ढोल-नगाड़ों की थाप पर खुशी का इजहार किया, जिससे पूरे क्षेत्र में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला। ग्रामीणों ने कहा कि टेंपो चालक के बेटे का सेना में चयन यह साबित करता है कि मेहनत, लगन और दृढ़ संकल्प के बल पर कोई भी युवा अपने सपनों को साकार कर सकता है। धाकड़ समाज के लक्ष्मी नारायण मंदिर से जुलूस प्रारंभ होकर कालिंजरी गेट होते हुए शिक्षक कॉलोनी होते हुए सोनू के घर तक पहुंचा। इस कार्यक्रम में अखिल भारतीय धाकड़ समाज के प्रदेश उपाध्यक्ष रामेश्वर लाल धाकड़, खाना राम धाकड़, भगवत सिंह लूलास, भेरूलाल धाकड़, मगनलाल धाकड़, हितेश धाकड़, मोती लाल धाकड़, राजू लाल धाकड़, शोभा लाल धाकड़, शंकर लाल धाकड़, गौरव धाकड़, धनराज धाकड़, रामलाल धाकड़, कैलाश पटेल, हेमराज धाकड़, श्री किशन धाकड़ सहित कई प्रबुद्ध जनों और सैकड़ों महिलाओं ने भाग लिया। सोनू की सफलता ने क्षेत्र के युवाओं में नया उत्साह और देशसेवा की भावना जगाई है, जो यह संदेश देती है कि सच्ची लगन, कठोर परिश्रम और मजबूत इरादों के आगे हर कठिनाई छोटी पड़ जाती है।
- फ्रांस ने नॉर्वे के खिलाफ एक मुकाबले में 4-1 से बड़ी जीत हासिल की है। इस मैच में फ्रांस की तरफ से काफी शानदार प्रदर्शन देखने को मिला, जिसके परिणामस्वरूप उन्हें यह महत्वपूर्ण जीत मिली।1
- ब्यावर शहर के चांग गेट से ताजिए का जुलूस निकाला गया। इस घटना की जानकारी आवाज इंडिया न्यूज़ द्वारा दी गई है, जिसमें बताया गया है कि वे सच्ची खबरें दिखाते रहेंगे। संपादक साबुद्दीन खानभुट्टा मेड़तिया लौहार ने यह भी स्पष्ट किया कि उनका न्यूज़पेपर 'सत्य आपके सामने' प्रस्तुत करने के लिए प्रतिबद्ध है।1
- अंतर्राष्ट्रीय हिंदू परिषद एवं हिंदू हेल्पलाइन के 9वें स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित 'सेवा सप्ताह' के तहत आज एक विशेष सेवा कार्य की शुरुआत की गई। भीषण गर्मी को देखते हुए, संगठन के नगर संगठन महामंत्री और पूर्व पार्षद मनीष व्यास ने चांग गेट कुमारानंद सर्कल पर आमजन के लिए शीतल केरी पानी (पन्ना) वितरण का आयोजन किया। यह पहल मनीष व्यास के पूजनीय पिता स्व. श्री राजेन्द्र जी व्यास, जो एक सेवानिवृत्त फूड इंस्पेक्टर थे, की पुण्य स्मृति में की गई। 'मानव सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है' के संदेश के साथ आयोजित इस कार्यक्रम में व्यास परिवार और संगठन के कार्यकर्ताओं ने मिलकर राहगीरों की प्यास बुझाई। अंतर्राष्ट्रीय हिंदू परिषद के स्थापना दिवस के अवसर पर पिता की स्मृति में की गई इस सेवा ने मानवता की एक अनूठी मिसाल पेश की।1
- घोसुण्डा में मोहर्रम का जुलूस पूरी अकीदत और भाईचारे के साथ निकाला गया। इस अवसर पर पुलिस, प्रशासन और मीडियाकर्मियों का साफा पहनाकर सम्मान किया गया।1
- गंगापुर के चीडखेड़ा पंचायत स्थित कुमारिया खेड़ा गांव में भेरूलाल हत्याकांड के मृतक के परिजनों ने अपनी जान-माल को गंभीर खतरा बताते हुए प्रशासन से तत्काल सुरक्षा मुहैया कराने की मांग की है। मृतक के भाई ने आरोप लगाया है कि आरोपी पक्ष के भाई, रिश्तेदार और परिचित लगातार गांव के आसपास बाइक तथा अन्य वाहनों से चक्कर लगा रहे हैं, जिससे पूरे परिवार में डर और असुरक्षा का माहौल बना हुआ है। परिजनों का यह भी आरोप है कि आरोपी पक्ष से जुड़े कई लोग कथित रूप से बजरी कारोबार में संलिप्त हैं, और हत्याकांड के बाद से ही परिवार पर लगातार दबाव बनाने का प्रयास किया जा रहा है। मृतक के भाई ने स्पष्ट किया है कि उन्हें निरंतर धमकियां मिल रही हैं और आरोपी पक्ष के लोग गांव के इर्द-गिर्द घूमते हुए दिखाई दे रहे हैं। उनके अनुसार, भेरूलाल की हत्या के बाद अब उनके परिवार के अन्य सदस्यों को भी नुकसान पहुँचाने की आशंका प्रबल हो गई है। इसी गंभीर स्थिति के मद्देनजर, परिजनों ने प्रशासन से आग्रह किया है कि उन्हें तुरंत सुरक्षा उपलब्ध कराई जाए, गांव में पुलिस गश्त बढ़ाई जाए और इस पूरे मामले की निष्पक्ष एवं त्वरित जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।1
- ब्यावर की खबरें देखते रहे रोज वीडियो बात आपकी ब्यावर के मोरम निकले शांतिपूर्वक अखाड़ा के बच्चे खेल संपादक साबुद्दीन खानभुट्टा मेड़तिया लौहार न्यूज़पेपर सत्य आपके सामने1
- राजस्थान के उदयपुर जिले में एक बेहद आक्रोशित कर देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ कथित तौर पर एक गाय को रस्सी से बांधकर जिंदा जला दिया गया है। इस निर्मम और बर्बरतापूर्ण घटना को लेकर पूरे क्षेत्र में भारी आक्रोश और रोष का माहौल बना हुआ है।1
- श्रीमद्भागवत कथा के दौरान कंचन दीदी ने एक महत्वपूर्ण संदेश दिया। उन्होंने अपने संबोधन में इस बात पर जोर दिया कि भगवान से केवल एक संबंध या रिश्ता बना लेना पर्याप्त नहीं है, बल्कि आत्मा का सच्चा जुड़ाव ही वास्तविक शांति, सुख और शक्ति का स्रोत है।1
- ब्यावर में शाम 4:30 बजे हल्की बारिश हुई, जिससे मौसम सुहावना और ठंडा हो गया, और लोग इस मस्ती का आनंद लेते दिखे। इस मौके पर, 'बना ए राजू काठात बनाजी' ने लोगों से पूछा कि क्या उन्होंने भी 4:30 बजे वाली बारिश देखी है। खासकर, ब्यावर के निवासियों से 'मेह बरसी' लिखने को कहा गया है, जबकि अन्य शहरों के लोगों को अपने यहां के मौसम की जानकारी देने को कहा गया है। यह भी बताया गया है कि सबसे बढ़िया कमेंट करने वाले को अगली वीडियो में शाउटआउट दिया जाएगा। राजू काठात को संबोधित करते हुए यह भी पूछा गया है कि क्या वे बारिश में भीग रहे हैं या चाय पी रहे हैं।1