बैंक मित्रों की मांगों को लेकर 20 सितंबर को वित्त मंत्री के घेराव का ऐलान 52 जिलों से बैंक मित्र और बैंक सखियों के शामिल होने का दावा, पांच सूत्रीय मांगों को लेकर करेंगे प्रदर्शन मध्यप्रदेश बैंक मित्र संगठन ने बैंक मित्रों और बैंक सखियों की लंबित मांगों को लेकर 20 सितंबर 2026 को वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा के घेराव और प्रदर्शन का निर्णय लिया है। संगठन के अनुसार आंदोलन में प्रदेश के 52 जिलों से बैंक मित्र और बैंक सखियां शामिल होंगी। संगठन का कहना है कि बैंक मित्र ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में नागरिकों तक बैंकिंग सेवाएं पहुंचाने में भूमिका निभा रहे हैं। विभिन्न वित्तीय योजनाओं और बैंकिंग सेवाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के बावजूद उन्हें पर्याप्त पारिश्रमिक, रोजगार सुरक्षा और सामाजिक सुरक्षा का लाभ नहीं मिल रहा है। संगठन ने पांच प्रमुख मांगें रखी हैं। इनमें बैंक और बैंक मित्रों के बीच काम कर रही मध्यस्थ कंपनियों की व्यवस्था समाप्त कर बैंक मित्रों को सीधे बैंकिंग व्यवस्था से जोड़ना, कुशल श्रमिक के समान न्यूनतम वेतन देना और इसके अतिरिक्त कार्य के आधार पर पारदर्शी कमीशन निर्धारित करना शामिल है। इसके अलावा संगठन ने मिस-सेलिंग के दबाव में बैंक मित्रों के आईडी कोड बंद करने की प्रक्रिया पर रोक लगाने की मांग की है। संगठन के मुताबिक किसी बैंक मित्र के खिलाफ कार्रवाई से पहले निष्पक्ष जांच, सुनवाई और अपना पक्ष रखने का अवसर दिया जाना चाहिए तथा रोजगार की सुरक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए। पांचवीं मांग के रूप में बैंक मित्रों और बैंक सखियों को सामाजिक सुरक्षा के दायरे में लाने की मांग की गई है। संगठन ने परिवारों की आर्थिक सुरक्षा के लिए बीमा, पेंशन या पेंशन फंड सहित अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ देने की मांग की है। संगठन का कहना है कि बैंक मित्रों की भूमिका केवल कमीशन आधारित काम तक सीमित नहीं है और ग्रामीण क्षेत्रों में बैंकिंग सेवाओं के विस्तार में उनके योगदान को देखते हुए उन्हें सम्मानजनक पारिश्रमिक, रोजगार सुरक्षा और सामाजिक सुरक्षा मिलनी चाहिए। मध्यप्रदेश बैंक मित्र संगठन ने कहा है कि 20 सितंबर का आंदोलन शांतिपूर्ण और संवैधानिक तरीके से किया जाएगा। संगठन का कहना है कि प्रदर्शन के माध्यम से बैंक मित्रों और बैंक सखियों की लंबित मांगों को शासन के समक्ष रखा जाएगा और उनके समाधान की मांग की जाएगी।
बैंक मित्रों की मांगों को लेकर 20 सितंबर को वित्त मंत्री के घेराव का ऐलान 52 जिलों से बैंक मित्र और बैंक सखियों के शामिल होने का दावा, पांच सूत्रीय मांगों को लेकर करेंगे प्रदर्शन मध्यप्रदेश बैंक मित्र संगठन ने बैंक मित्रों और बैंक सखियों की लंबित मांगों को लेकर 20 सितंबर 2026 को वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा के घेराव और प्रदर्शन का निर्णय लिया है। संगठन के अनुसार आंदोलन में प्रदेश के 52 जिलों से बैंक मित्र और बैंक सखियां शामिल होंगी। संगठन का कहना है कि बैंक मित्र ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में नागरिकों तक बैंकिंग सेवाएं पहुंचाने में भूमिका निभा रहे हैं। विभिन्न वित्तीय योजनाओं और बैंकिंग सेवाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के बावजूद उन्हें पर्याप्त पारिश्रमिक, रोजगार सुरक्षा और सामाजिक सुरक्षा का लाभ नहीं मिल रहा है। संगठन ने पांच प्रमुख मांगें रखी हैं। इनमें बैंक और बैंक मित्रों के बीच काम कर रही मध्यस्थ कंपनियों की व्यवस्था समाप्त कर बैंक मित्रों को सीधे बैंकिंग व्यवस्था से जोड़ना, कुशल श्रमिक के समान न्यूनतम वेतन देना और इसके अतिरिक्त कार्य के आधार पर पारदर्शी कमीशन निर्धारित करना शामिल है। इसके अलावा संगठन ने मिस-सेलिंग के
दबाव में बैंक मित्रों के आईडी कोड बंद करने की प्रक्रिया पर रोक लगाने की मांग की है। संगठन के मुताबिक किसी बैंक मित्र के खिलाफ कार्रवाई से पहले निष्पक्ष जांच, सुनवाई और अपना पक्ष रखने का अवसर दिया जाना चाहिए तथा रोजगार की सुरक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए। पांचवीं मांग के रूप में बैंक मित्रों और बैंक सखियों को सामाजिक सुरक्षा के दायरे में लाने की मांग की गई है। संगठन ने परिवारों की आर्थिक सुरक्षा के लिए बीमा, पेंशन या पेंशन फंड सहित अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ देने की मांग की है। संगठन का कहना है कि बैंक मित्रों की भूमिका केवल कमीशन आधारित काम तक सीमित नहीं है और ग्रामीण क्षेत्रों में बैंकिंग सेवाओं के विस्तार में उनके योगदान को देखते हुए उन्हें सम्मानजनक पारिश्रमिक, रोजगार सुरक्षा और सामाजिक सुरक्षा मिलनी चाहिए। मध्यप्रदेश बैंक मित्र संगठन ने कहा है कि 20 सितंबर का आंदोलन शांतिपूर्ण और संवैधानिक तरीके से किया जाएगा। संगठन का कहना है कि प्रदर्शन के माध्यम से बैंक मित्रों और बैंक सखियों की लंबित मांगों को शासन के समक्ष रखा जाएगा और उनके समाधान की मांग की जाएगी।
- दूध की हड़ताल सुसनेर सोयत नगर में सुबह से ही हड़ताल शुरू 100₹लीटर दूध की मांग दूध संघ की अनिश्चितकालीन हड़ताल नहीं बचेंगे दूध नहीं बचेंगे दूध नहीं बचेंगे दूध₹12 प्रति फैटओर ₹100 लीटर दूध पत्रकार मनोज कुमार माली जिला आगर मालवा से सुसनेर नगर के आसपास के सभी ग्रामीणों ने मिलकर आज आवेदन के रूप में प्रशासन का अवगत कराया और साथ ही जब तक दूध ₹100 लीटर और प्रतिपेट ₹12 लीटर में नहीं होता है तबतक हमारी हड़ताल रहेगी दूध डेयरी एवं किसान जो भी दूध बेचता हुआ पाया गया उसके ऊपर 11 000 दूध डेरी वालों पर ₹21000 का जुर्माना समिति के सदस्य लोगों ने तय किया हुआ है1
- सोयत कला- दूध विक्रेताओं का ऐलान महंगाई बड़ी तो दूध की कीमत भी बढ़ना चाहिए तहसीलदार को सौपा ज्ञापन1
- सराय परिसर की शासकीय भूमि से अवैध निर्माण तत्काल हटाएं : कलेक्टर आगर-मालवा, 15 सितम्बर। कलेक्टर डॉ. शेर सिंह मीना ने मंगलवार को जनसुनवाई में 63 आवेदकों की समस्याएं सुनीं और संबंधित अधिकारियों को समय-सीमा में निराकरण के निर्देश दिए। छावनी आगर निवासी सुधा मेठी ने सराय परिसर में शासकीय भूमि पर अवैध कब्जा कर स्थायी निर्माण किए जाने की शिकायत की। उन्होंने बताया कि इससे उनकी किराये की दुकान को भी नुकसान हो रहा है। कलेक्टर ने मामले को गंभीरता से लेते हुए नगर पालिका सीएमओ को शासकीय भूमि से अतिक्रमण हटाकर अवैध निर्माण तत्काल हटाने के निर्देश दिए। जनसुनवाई में मंगल कॉलोनी उज्जैन की विद्या पानीवाल ने सड़क दुर्घटना में पति की मृत्यु के बाद स्वीकृत 2 लाख रुपए की सहायता राशि दिलाने की मांग की। कलेक्टर ने न्यू इंडिया इंश्योरेंस कंपनी के प्रबंधक को हितग्राही को राशि का भुगतान कर अवगत कराने के निर्देश दिए। वहीं लाखाखेड़ी की फरीदा बी ने आंगनवाड़ी सहायिका भर्ती में बीपीएल कार्ड के अंक नहीं मिलने की शिकायत की। कलेक्टर ने आपत्ति दर्ज कराकर उसका निराकरण करने और बीपीएल अंक जोड़कर पुनः मेरिट सूची बनाने के निर्देश दिए। जनसुनवाई में बिजली बिल, पेंशन, भूमि विवाद, मुआवजा, रास्ता, अनुकंपा नियुक्ति एवं आदेशों के पालन सहित विभिन्न समस्याओं को लेकर आवेदकों ने आवेदन प्रस्तुत किए। कलेक्टर ने अधिकारियों को आवेदनों पर त्वरित कार्रवाई कर समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस दौरान अपर कलेक्टर डॉ. शालिनी श्रीवास्तव, एसडीएम आगर मिलिंद ढोके सहित जिला अधिकारी उपस्थित रहे।1
- सुसनेर में कांग्रेस ने निकाली नामांकन रैली, शक्ति प्रदर्शन के साथ SDM कार्यालय में विष्णु पाटीदार व नईम मेव ने भरा फार्म सुसनेर नप अध्यक्ष पद के उपचुनाव को लेकर मंगलवार को सुसनेर में कांग्रेस ने अपना दम दिखाया। दोपहर साढ़े 12 बजे डाक बंगला रोड से कांग्रेस ने नामांकन रैली निकाली। रैली में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और पार्टी के नेता शामिल हुए।1
- राजगढ़ में नकली दूध को लेकर मीडिया से चर्चा बोले जहां शिकायत मिलेगी कार्यवाही होगी राजगढ़ में किसानों ने दूध के भाव में वृद्धि और नकली दूध बेचने के खिलाफ रैली निकालकर कलेक्टर को जापान दिया कलेक्टर ने कहा जहां भी नकली दूध किसी साथ मिलेगी वहां कार्रवाई करेंगे1
- 25 लाख लागत का तालाब 50हजार में बनाया. पहली बारिश में बह गया 25 लाख की लागत का तालाब पहली बारिश में ही बह गया {श्याम रानोलिया राजगढ़ } 7049220386 मंगलवार की जनसुनवाई में ग्राम पंचायत काशी तहसील राजगढ़ के ग्राम वासियों ने कलेक्टर को शिकायत कर बताया कि ग्राम पंचायत सरपंच काशी द्वारा 5 महीने पहले लगभग 25 लाख की लागत का तालाब का निर्माण 50हजार में किया गया था जिसमें उच्च गुणवत्ता सामग्री का उपयोग नहीं किया जाकर.घटिया सामग्री का उपयोग किया गया था जो पहली बारिश नहीं झेल पाया और बह गया. सरपंच ने एक ही नाले पर पांच जगह तालाब का निर्माण किया गया, सरपंच द्वारा किए गए भ्रष्टाचार की जांच कर उचित कार्रवाई की जाए, सरपंच प्रतिनिधि जो सरपंच राजू बाई का पति. भी है,राम प्रसाद वर्मा से बात की गई तो उन्होंने बताया कि तालाब फूट गया है उसे फिर बना देंगे,1
- गणेश चतुर्थी पर चिकन दुकानें खुली मिलने पर नगर पालिका की कार्रवाई, तीन गुमटियां पर चला बुलडोजर। आगर मालवा मध्यप्रदेश - गणेश चतुर्थी के अवसर पर नगर पालिका द्वारा मांस-मछली की दुकानों को बंद रखने के निर्देश जारी किए गए थे। इसके बावजूद चिकन की बिक्री किए जाने की सूचना पर नगर पालिका की टीम ने कार्रवाई करते हुए तीन दुकानदारों के खिलाफ सख्त कदम उठाया। नगर पालिका की टीम मौके पर पहुंची और निर्देशों का उल्लंघन कर संचालित की जा रही दुकानों की गुमटियां हटाईं। अधिकारियों के अनुसार, संबंधित दुकानदारों के लाइसेंस भी निरस्त किए जाने की कार्रवाई की जाएगी। नगर पालिका की इस कार्रवाई के बाद अन्य मांस-मछली विक्रेताओं में भी हड़कंप की स्थिति देखने को मिली। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि धार्मिक पर्वों के दौरान प्रशासन एवं नगर पालिका द्वारा जारी किए गए निर्देशों का उल्लंघन किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। साथ ही नियमों का पालन नहीं करने वाले दुकानदारों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई जारी रहेगी।1
- आईए देखते हैं आज का एक बेहद दुखद भरी दास्तान पत्रकार मनोज कुमार माली के साथ जिला आगर मालवा से *ग्राम पंचायत नाहरखेड़ा का खैडा मागे रोड* आवेदन के रूप से कलेक्टर को भी अवगत कराया *कई जनप्रतिनिधि बदले विधायक बदले राजनेता बदले फिर भी जिम्मेदार अनजान क्यों* सुसनेर नगर के समीप ग्राम पंचायत नाहरखेड़ा का खैडा के लिए रास्ता का आलम क्या है आईए जानते है विस्तार पूर्वक जनप्रतिनिधि नेता नगरी तो चुनाव के समय बड़ी बड़ी बाते करते हैं लेकिन देख लीजिए नजारा ग्राम पंचायत नाहरखेड़ा का खैडा में आने जाने के लिए यु तो रास्ता है यु ही पुलिया है नाहर खेड़ा रास्ता पर बहुत बड़ा नाला है और लटुरी रास्ता पर कटाल नदी है रात तो रात पर दिन में भी मरिज हो या डिलीवरी को सुसनेर नहीं पहुंचा सकते चाहे मर जाए तो भी क्यों की रास्ता कीचड़ वाला है कि कोई भी नहीं चल सकता इसीलिए सभी पत्रकार बंधुओ से निवेदन है कि गया की हमारी आवाज ऊपर तक पहुंचाए यह रास्ता की आवाज उठाओ यह भी हमारे विधानसभा यह लोकसभा मैं वोट डालते हैं इनका कोई अधिकार नहीं है क्या1