*जनपद पंचायत नटेरन ग्राम पंचायत पीपलधार में भ्रष्टाचार का बड़ा खेल* *तालाब विस्तार के नाम पर सरंपच-सचिव की मिलीभगत से चहेतों के खातों में डाले लाखों रुपये, उठने लगे सवाल* जन जागरण संदेश संवाददाता - राहुल नामदेव 9424472939 विदिशा - विकास के नाम पर आने वाले सरकारी धन की बंदरबांट और भ्रष्टाचार का एक बड़ा मामला जनपद पंचायत नटेरन की ग्राम पंचायत पीपलधार से सामने आया है। यहाँ सरपंच और सचिव की कथित मिलीभगत से तालाब विस्तार और साफ़-सफ़ाई के नाम पर अपने चहेतों के खातों में सरकारी राशि ट्रांसफर कर लाखों रुपये का आहरण (विड्रॉल) कर लिया गया है। प्राप्त जानकारी और भुगतान वाउचरों के आंकड़ों के अनुसार, विकास कार्यों के नाम पर नियमों को ताक पर रखकर लगातार वित्तीय अनियमितता की गई है। *चहेतो पर मेहरबान पंचायत: एक ही नाम से कटे लाखों के वाउचर* तालाब विस्तारीकरण के नाम पर 'रनवीर' नामक व्यक्ति के खाते में 15वें वित्त आयोग (XVFC) के तहत लाखों रुपये की राशि जारी की गई है। वित्तीय वर्ष 2025-26 के वाउचरों पर नज़र डालें तो खेल साफ़ समझ आता है: (1)वाउचर क्र. XVFC/2025-26/P/7: ₹1,50,000 (एक लाख पचास हज़ार रुपये) (2)वाउचर क्र. XVFC/2025-26/P/5: ₹1,00,000 (एक लाख रुपये) (3)वाउचर क्र. XVFC/2025-26/P/4: ₹1,00,000 (एक लाख रुपये) (4)वाउचर क्र. XVFC/2025-26/P/2: ₹1,00,000 (एक लाख रुपये) *कुल आहरण* केवल तालाब विस्तार के नाम पर रनवीर नामक व्यक्ति के खाते में ₹4,50,000 (साढ़े चार लाख रुपये) की भारी-भरकम राशि ट्रांसफर की गई। *थानसिंह और किराना दुकान के नाम पर भी हुआ खेल* भ्रष्टाचार की यह कहानी यहीं खत्म नहीं होती। पिछले वित्तीय वर्ष (2024-25) में भी इसी तरह की धांधली के प्रमाण सामने आए हैं *तालाब निर्माण के नाम पर* थानसिंह के नाम से वाउचर क्र. XVFC/2024-25/P/5 के माध्यम से ₹70,000 की राशि आहरित की गई। *साफ़-सफ़ाई के नाम पर किराना स्टोर को भुगतान* साफ़-सफ़ाई का काम दर्शाकर 'सुरेश किराना स्टोर्स' को वाउचर क्र. XVFC/2024-25/P/3 के ज़रिए ₹10,000 का भुगतान किया गया, जिससे पंचायत की कार्यप्रणाली और नीयत दोनों पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं। *बड़ा सवाल: कब रुकेगा भ्रष्टाचार का यह खेल* ग्राम पंचायत पीपलधार में जिस तरह से बिना ज़मीनी काम के या अपने चहेतों के खातों में राशि भेजकर सरकारी पैसों का दुरुपयोग किया जा रहा है, उसने स्थानीय प्रशासन की कार्यशैली पर प्रश्नचिह्न लगा दिया है। ग्रामीणों और जागरूक नागरिकों का कहना है कि क्या वरिष्ठ अधिकारी इस खुले भ्रष्टाचार पर संज्ञान लेंगे या फिर भ्रष्टाचारियों की जड़ें प्रशासन की सरपरस्ती में और भी मजबूत होती जाएँगी? अब देखना यह होगा कि जनपद और जिला पंचायत प्रशासन इस मामले में क्या निष्पक्ष जाँच के आदेश देता है या मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया जाएगा।
*जनपद पंचायत नटेरन ग्राम पंचायत पीपलधार में भ्रष्टाचार का बड़ा खेल* *तालाब विस्तार के नाम पर सरंपच-सचिव की मिलीभगत से चहेतों के खातों में डाले लाखों रुपये, उठने लगे सवाल* जन जागरण संदेश संवाददाता - राहुल नामदेव 9424472939 विदिशा - विकास के नाम पर आने वाले सरकारी धन की बंदरबांट और भ्रष्टाचार का एक बड़ा मामला जनपद पंचायत नटेरन की ग्राम पंचायत पीपलधार से सामने आया है। यहाँ सरपंच और सचिव की कथित मिलीभगत से तालाब विस्तार और साफ़-सफ़ाई के नाम पर अपने चहेतों के खातों में सरकारी राशि ट्रांसफर कर लाखों रुपये का आहरण (विड्रॉल) कर लिया गया है। प्राप्त जानकारी और भुगतान वाउचरों के आंकड़ों के अनुसार, विकास कार्यों के नाम पर नियमों को ताक पर रखकर लगातार वित्तीय अनियमितता की गई है। *चहेतो पर मेहरबान पंचायत: एक ही नाम से कटे लाखों के वाउचर* तालाब विस्तारीकरण के नाम पर 'रनवीर' नामक व्यक्ति के खाते में 15वें वित्त आयोग (XVFC) के तहत लाखों रुपये की राशि जारी की गई है। वित्तीय वर्ष 2025-26 के वाउचरों पर नज़र डालें तो खेल साफ़ समझ आता है: (1)वाउचर क्र. XVFC/2025-26/P/7: ₹1,50,000 (एक लाख पचास हज़ार रुपये) (2)वाउचर क्र. XVFC/2025-26/P/5: ₹1,00,000 (एक लाख रुपये) (3)वाउचर क्र. XVFC/2025-26/P/4: ₹1,00,000 (एक लाख रुपये) (4)वाउचर क्र. XVFC/2025-26/P/2: ₹1,00,000 (एक लाख रुपये) *कुल आहरण* केवल तालाब विस्तार के नाम पर रनवीर नामक व्यक्ति के खाते में ₹4,50,000 (साढ़े चार लाख रुपये) की भारी-भरकम राशि ट्रांसफर की गई। *थानसिंह और किराना दुकान के नाम पर भी हुआ खेल* भ्रष्टाचार की यह कहानी यहीं खत्म नहीं होती। पिछले वित्तीय वर्ष (2024-25) में भी इसी तरह की धांधली के प्रमाण सामने आए हैं *तालाब निर्माण के नाम पर* थानसिंह के नाम से वाउचर क्र. XVFC/2024-25/P/5 के माध्यम से ₹70,000 की राशि आहरित की गई। *साफ़-सफ़ाई के नाम पर किराना स्टोर को भुगतान* साफ़-सफ़ाई का काम दर्शाकर 'सुरेश किराना स्टोर्स' को वाउचर क्र. XVFC/2024-25/P/3 के ज़रिए ₹10,000 का भुगतान किया गया, जिससे पंचायत की कार्यप्रणाली और नीयत दोनों पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं। *बड़ा सवाल: कब रुकेगा भ्रष्टाचार का यह खेल* ग्राम पंचायत पीपलधार में जिस तरह से बिना ज़मीनी काम के या अपने चहेतों के खातों में राशि भेजकर सरकारी पैसों का दुरुपयोग किया जा रहा है, उसने स्थानीय प्रशासन की कार्यशैली पर प्रश्नचिह्न लगा दिया है। ग्रामीणों और जागरूक नागरिकों का कहना है कि क्या वरिष्ठ अधिकारी इस खुले भ्रष्टाचार पर संज्ञान लेंगे या फिर भ्रष्टाचारियों की जड़ें प्रशासन की सरपरस्ती में और भी मजबूत होती जाएँगी? अब देखना यह होगा कि जनपद और जिला पंचायत प्रशासन इस मामले में क्या निष्पक्ष जाँच के आदेश देता है या मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया जाएगा।
- Abuses never solve anything. Let’s guide the misguided. Let’s work together. Let’s work for Bharat. Abuses never solve anything. Let’s guide the misguided. Let’s work together. Let’s work for Bharat.1
- जयपुर रेलवे स्टेशन से 25 वर्षीय कपिल सिंह लापता, परिवार परेशान; सरदारशहर (चूरू)। राजस्थान के चूरू जिले के सरदारशहर तहसील अंतर्गत गांव राजासर बीकाने के रहने वाले 25 वर्षीय कपिल सिंह संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गए हैं। उनके अचानक गायब होने से परिवार में गहरा चिंता का माहौल है। क्या है पूरा मामला? प्राप्त जानकारी के अनुसार, कपिल सिंह 18 जुलाई 2026 को अपने गांव राजासर बीकाने से रायपुर (छत्तीसगढ़) जाने के लिए निकले थे। परिजनों के अनुसार, उन्हें 18/19 जुलाई की रात लगभग 1:00 बजे जयपुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर आखिरी बार देखा गया था। इसके बाद से ही उनका मोबाइल फोन बंद आ रहा है और उनसे कोई संपर्क नहीं हो पा रहा है। व्यक्ति का विवरण: नाम: कपिल सिंह उम्र: 25 वर्ष कद: लगभग 5 फुट 7 इंच परिजनों ने की मदद की अपील लापता कपिल सिंह राठौड़ का अब तक कोई सुराग न मिलने के कारण उनके पिता श्री दलीप सिंह और पूरा परिवार बेहद चिंतित है। परिजनों ने आम जनता और प्रशासन से मदद की गुहार लगाई है। यदि किसी व्यक्ति को कपिल सिंह के बारे में कोई जानकारी मिले या वे कहीं दिखाई दें, तो कृपया तुरंत नीचे दिए गए संपर्क नंबरों पर सूचित करें या नजदीकी पुलिस स्टेशन / थाना सरदारशहर (जिला चूरू, राजस्थान) में सूचना दें। संपर्क सूत्र: 9983135907 9636100225 (पिता - दलीप सिंह राठौड़ ) अपील: आपका एक शेयर किसी परिवार को उसका खोया हुआ सदस्य वापस दिलाने में मदद कर सकता है। इस खबर को ज्यादा से ज्यादा शेयर करें।1
- ओशो ग्रुप विदिशा द्वारा इस वर्ष गुरु पूर्णिमा का पर्व अत्यंत धूमधाम, से मनाया गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर आज संस्कारधानी विदिशा भक्ति और ध्यान के रंगों में सराबोर नज़र आई। ओशो ग्रुप विदिशा द्वारा इस वर्ष गुरु पूर्णिमा का पर्व अत्यंत धूमधाम, श्रद्धा और आध्यात्मिक उल्लास के साथ मनाया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रातःकाल सावरकर बाल विहार स्थित योगा कक्ष में हुआ। इस विशेष आयोजन में मुख्य अतिथि के रूप में अखिल भारतीय स्वर्णकार महासभा के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी, लायन अरुण कुमार सोनी उपस्थित रहे। प्रातःकालीन सत्र में उपस्थित सभी साधकों और गुरुभक्तों ने महान दार्शनिक आचार्य श्री रजनीश ओशो के साथ-साथ योग गुरु श्री रामदेव बाबा और जगद्गुरु कृपालु महाराज जी का श्रद्धापूर्वक स्मरण किया तथा उनके चित्रों पर माल्यार्पण कर नमन किया। दिन चढ़ने के साथ ही भक्ति की यह लहर और भी गहरी होती गई। संध्या समय ओशो संन्यासियों से समृद्ध रामचरण आर्य परिवार के निवास पर एक भव्य भजन, कीर्तन और ध्यान संध्या का आयोजन किया गया। यहाँ ओशो के विचारों और सुमधुर भजनों की ऐसी अविरल गंगा बही कि उपस्थित सभी ओशो प्रेमी भक्ति रस में सराबोर होकर झूमते और डुबकी लगाते नज़र आए। इस आध्यात्मिक संध्या में चार चांद लगाए विदिशा की प्रख्यात गायिका सौम्या शर्मा ने। सौम्या शर्मा की सुरीली और भावपूर्ण प्रस्तुतियों ने समां बांध दिया, जिससे पूरा वातावरण ओशोमय और संगीतमय हो गया। 2
- लोकल न्यूज बीना रिपोर्ट लक्ष्मण राजपूत बीना शासकीय अस्पताल में मरीज की मौत पर विवाद, परिजनों ने लगाया इलाज में लापरवाही का आरोप मृतक के भाई ने निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की, बीएमओ बोले—डॉक्टरों ने किया था प्राथमिक उपचार, पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही होगी स्थिति स्पष्ट बीना के शासकीय अस्पताल में इलाज के बाद एक मरीज की मौत को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। मृतक बबलू कुशवाहा के परिजनों ने अस्पताल के डॉक्टरों पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है। मृतक के भाई देवी कुशवाहा का आरोप है कि समय पर उचित उपचार नहीं मिलने के कारण बबलू कुशवाहा की मौत हुई। घटना के बाद परिजनों में आक्रोश है और स्थानीय लोगों ने भी सरकारी अस्पताल की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर सवाल उठाए हैं। लोगों का कहना है कि समय पर डॉक्टरों का उपलब्ध न होना और उचित इलाज न मिलना जैसी शिकायतें लगातार सामने आती रही हैं। वहीं, इस मामले में बीना सिविल अस्पताल के बीएमओ डॉ. संजीव अग्रवाल ने परिजनों के आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि ड्यूटी पर मौजूद डॉ. दीपक तिवारी एवं डॉ. सौरभ जैन ने मरीज का प्राथमिक उपचार किया था। इसके बाद परिजन मरीज को अपने साथ घर ले गए, जहां उसकी मृत्यु हो गई। बीएमओ का कहना है कि मामले की वास्तविक स्थिति का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। फिलहाल मामले की जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है। एम पी न्यूज़ 24 लाइव इस मामले में सामने आने वाले सभी तथ्यों और संबंधित पक्षों का पक्ष निष्पक्ष रूप से अपने दर्शकों तक पहुंचाता रहेगा।1
- लोकल न्यूज बीना रिपोर्ट लक्ष्मण राजपूत बीना शासकीय अस्पताल में मरीज की मौत पर विवाद, परिजनों ने लगाया इलाज में लापरवाही का आरोप मृतक के भाई ने निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की, बीएमओ बोले—डॉक्टरों ने किया था प्राथमिक उपचार, पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही होगी स्थिति स्पष्ट बीना के शासकीय अस्पताल में इलाज के बाद एक मरीज की मौत को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। मृतक बबलू कुशवाहा के परिजनों ने अस्पताल के डॉक्टरों पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है। मृतक के भाई देवी कुशवाहा का आरोप है कि समय पर उचित उपचार नहीं मिलने के कारण बबलू कुशवाहा की मौत हुई। घटना के बाद परिजनों में आक्रोश है और स्थानीय लोगों ने भी सरकारी अस्पताल की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर सवाल उठाए हैं। लोगों का कहना है कि समय पर डॉक्टरों का उपलब्ध न होना और उचित इलाज न मिलना जैसी शिकायतें लगातार सामने आती रही हैं। वहीं, इस मामले में बीना सिविल अस्पताल के बीएमओ डॉ. संजीव अग्रवाल ने परिजनों के आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि ड्यूटी पर मौजूद डॉ. दीपक तिवारी एवं डॉ. सौरभ जैन ने मरीज का प्राथमिक उपचार किया था। इसके बाद परिजन मरीज को अपने साथ घर ले गए, जहां उसकी मृत्यु हो गई। बीएमओ का कहना है कि मामले की वास्तविक स्थिति का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। फिलहाल मामले की जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है। एम पी न्यूज़ 24 लाइव इस मामले में सामने आने वाले सभी तथ्यों और संबंधित पक्षों का पक्ष निष्पक्ष रूप से अपने दर्शकों तक पहुंचाता रहेगा। लोकल न्यूज बीना रिपोर्ट लक्ष्मण राजपूत बीना शासकीय अस्पताल में मरीज की मौत पर विवाद, परिजनों ने लगाया इलाज में लापरवाही का आरोप मृतक के भाई ने निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की, बीएमओ बोले—डॉक्टरों ने किया था प्राथमिक उपचार, पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही होगी स्थिति स्पष्ट बीना के शासकीय अस्पताल में इलाज के बाद एक मरीज की मौत को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। मृतक बबलू कुशवाहा के परिजनों ने अस्पताल के डॉक्टरों पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है। मृतक के भाई देवी कुशवाहा का आरोप है कि समय पर उचित उपचार नहीं मिलने के कारण बबलू कुशवाहा की मौत हुई। घटना के बाद परिजनों में आक्रोश है और स्थानीय लोगों ने भी सरकारी अस्पताल की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर सवाल उठाए हैं। लोगों का कहना है कि समय पर डॉक्टरों का उपलब्ध न होना और उचित इलाज न मिलना जैसी शिकायतें लगातार सामने आती रही हैं। वहीं, इस मामले में बीना सिविल अस्पताल के बीएमओ डॉ. संजीव अग्रवाल ने परिजनों के आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि ड्यूटी पर मौजूद डॉ. दीपक तिवारी एवं डॉ. सौरभ जैन ने मरीज का प्राथमिक उपचार किया था। इसके बाद परिजन मरीज को अपने साथ घर ले गए, जहां उसकी मृत्यु हो गई। बीएमओ का कहना है कि मामले की वास्तविक स्थिति का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। फिलहाल मामले की जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है। एम पी न्यूज़ 24 लाइव इस मामले में सामने आने वाले सभी तथ्यों और संबंधित पक्षों का पक्ष निष्पक्ष रूप से अपने दर्शकों तक पहुंचाता रहेगा।1
- लोकल न्यूज बीना रिपोर्ट लक्ष्मण राजपूत बीना शासकीय अस्पताल में मरीज की मौत पर विवाद, परिजनों ने लगाया इलाज में लापरवाही का आरोप मृतक के भाई ने निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की, बीएमओ बोले—डॉक्टरों ने किया था प्राथमिक उपचार, पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही होगी स्थिति स्पष्ट बीना के शासकीय अस्पताल में इलाज के बाद एक मरीज की मौत को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। मृतक बबलू कुशवाहा के परिजनों ने अस्पताल के डॉक्टरों पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है। मृतक के भाई देवी कुशवाहा का आरोप है कि समय पर उचित उपचार नहीं मिलने के कारण बबलू कुशवाहा की मौत हुई। घटना के बाद परिजनों में आक्रोश है और स्थानीय लोगों ने भी सरकारी अस्पताल की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर सवाल उठाए हैं। लोगों का कहना है कि समय पर डॉक्टरों का उपलब्ध न होना और उचित इलाज न मिलना जैसी शिकायतें लगातार सामने आती रही हैं। वहीं, इस मामले में बीना सिविल अस्पताल के बीएमओ डॉ. संजीव अग्रवाल ने परिजनों के आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि ड्यूटी पर मौजूद डॉ. दीपक तिवारी एवं डॉ. सौरभ जैन ने मरीज का प्राथमिक उपचार किया था। इसके बाद परिजन मरीज को अपने साथ घर ले गए, जहां उसकी मृत्यु हो गई। बीएमओ का कहना है कि मामले की वास्तविक स्थिति का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। फिलहाल मामले की जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है। एम पी न्यूज़ 24 लाइव इस मामले में सामने आने वाले सभी तथ्यों और संबंधित पक्षों का पक्ष निष्पक्ष रूप से अपने दर्शकों तक पहुंचाता रहेगा। लोकल न्यूज बीना रिपोर्ट लक्ष्मण राजपूत बीना शासकीय अस्पताल में मरीज की मौत पर विवाद, परिजनों ने लगाया इलाज में लापरवाही का आरोप मृतक के भाई ने निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की, बीएमओ बोले—डॉक्टरों ने किया था प्राथमिक उपचार, पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही होगी स्थिति स्पष्ट बीना के शासकीय अस्पताल में इलाज के बाद एक मरीज की मौत को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। मृतक बबलू कुशवाहा के परिजनों ने अस्पताल के डॉक्टरों पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है। मृतक के भाई देवी कुशवाहा का आरोप है कि समय पर उचित उपचार नहीं मिलने के कारण बबलू कुशवाहा की मौत हुई। घटना के बाद परिजनों में आक्रोश है और स्थानीय लोगों ने भी सरकारी अस्पताल की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर सवाल उठाए हैं। लोगों का कहना है कि समय पर डॉक्टरों का उपलब्ध न होना और उचित इलाज न मिलना जैसी शिकायतें लगातार सामने आती रही हैं। वहीं, इस मामले में बीना सिविल अस्पताल के बीएमओ डॉ. संजीव अग्रवाल ने परिजनों के आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि ड्यूटी पर मौजूद डॉ. दीपक तिवारी एवं डॉ. सौरभ जैन ने मरीज का प्राथमिक उपचार किया था। इसके बाद परिजन मरीज को अपने साथ घर ले गए, जहां उसकी मृत्यु हो गई। बीएमओ का कहना है कि मामले की वास्तविक स्थिति का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल सकेगा। फिलहाल मामले की जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है। एम पी न्यूज़ 24 लाइव इस मामले में सामने आने वाले सभी तथ्यों और संबंधित पक्षों का पक्ष निष्पक्ष रूप से अपने दर्शकों तक पहुंचाता रहेगा।1
- गढाकोटा पुलिस को बड़ी सफलता रू 4.04लाख से अधिक की शराब बरामद। खबर जिला सागर से। लोकेशन,,,,, थाना गढ़ाकोटा जिला सागर *गढ़ाकोटा पुलिस की बड़ी कार्रवाई: अवैध शराब का विशाल जखीरा जब्त, ₹4.04 लाख से अधिक की शराब बरामद* सागर, दिनांक 30 जुलाई 2026। पुलिस अधीक्षक सागर श्री अनुराग सुजानिया के निर्देशन में जिले में जुआ, सट्टा एवं अवैध शराब के कारोबार के विरुद्ध लगातार प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री जयवीर सिंह भदौरिया अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सागर श्री नरेंद्र सोलंकी के मार्गदर्शन एवं अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) रहली श्री प्रकाश मिश्रा के नेतृत्व में थाना गढ़ाकोटा पुलिस ने अवैध शराब के बड़े भंडारण का खुलासा करते हुए लाखों रुपये की शराब जब्त करने में महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त की है। दिनांक 29 जुलाई 2026 को थाना गढ़ाकोटा पुलिस को मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि गढ़ाकोटा के बजरंग वार्ड स्थित एक मकान में अवैध रूप से भारी मात्रा में शराब का भंडारण कर बिक्री की जा रही है। सूचना पर तत्काल कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम ने अब्दुल गनी पिता शुभराती खान निवासी बजरंग वार्ड के मकान पर दबिश देकर विधिवत तलाशी ली। तलाशी के दौरान मकान के एक बंद कमरे से विभिन्न ब्रांडों की देशी एवं विदेशी शराब का भारी मात्रा में अवैध भंडारण मिला। मौके से सागर गोल्ड व्हिस्की, मैक डबल नं. 1, बॉम्बे व्हिस्की, आईबी व्हिस्की, मेजिक मोमेंट्स, रॉयल स्टैग व्हिस्की तथा लीमाउंट स्ट्रॉन्ग बीयर सहित विभिन्न ब्रांडों की कुल 564.780 बल्क लीटर शराब बरामद हुई, जिसकी अनुमानित कीमत ₹4,04,180 है। पुलिस द्वारा समस्त अवैध शराब विधिवत जब्त कर आरोपी के विरुद्ध मध्यप्रदेश आबकारी अधिनियम की धारा 34(2) के अंतर्गत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ कर दी गई है। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि इतनी बड़ी मात्रा में शराब कहां से लाई गई तथा इसके वितरण नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं। *सराहनीय भूमिका* इस कार्रवाई में थाना प्रभारी गढ़ाकोटा निरीक्षक गौरव सिंह तिवारी, सउनि प्रेमनारायण शुक्ला, प्रधान आरक्षक डाल सिंह, राजेश पाण्डेय, विमलेश भटेले, बसंत मिश्रा तथा आरक्षक रवि पटैल, राहुल राय, थिरवम, प्रवीण, राजदीप तिवारी एवं कौस्तुभ मणि पाठक की उल्लेखनीय एवं सराहनीय भूमिका रही।1
- बासौदा मे वन विभाग ने किया घायल तेंदुए के बच्चे का रेस्क्यू, उपचार के लिए भोपाल रवाना। बासौदा मे वन विभाग ने किया घायल तेंदुए के बच्चे का रेस्क्यू, उपचार के लिए भोपाल रवाना।1