मौत बनकर दौड़ रहे पत्थरों से भरे भारी वाहन, आखिर कब जागेगा प्रशासन ? सड़कों पर सुरक्षा से समझौता, स्थानीय लोगों ने उठाए कार्रवाई पर सवाल कोटा स्टोन नगरी रामगंजमंडी की सड़कों पर इन दिनों पत्थरों से भरे भारी वाहन लगातार दौड़ रहे हैं। शहर और आसपास के मार्गों पर ट्रैक्टर-ट्रॉली एवं डंपरों में पत्थरों का परिवहन आम बात हो गई है, लेकिन इन वाहनों को देखकर राहगीरों और वाहन चालकों में हादसे का डर बना रहता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार भारी वाहनों में पत्थर इतनी ऊंचाई तक लाद दिए जाते हैं कि सफर के दौरान छोटे-बड़े टुकड़े सड़क पर गिरने की घटनाएं भी सामने आती हैं। ऐसे में पीछे चल रहे दोपहिया और चारपहिया वाहन चालकों के लिए हर पल दुर्घटना का खतरा बना रहता है। तेज़ रफ्तार और लापरवाही बनी दुर्घटनाओं का कारण शहरवासियों का आरोप है कि कई वाहन तेज रफ्तार से शहर और मुख्य मार्गों से गुजरते हैं। कई ट्रैक्टरों पर नंबर प्लेट स्पष्ट दिखाई नहीं देती, जबकि कुछ मामलों में नाबालिगों द्वारा ट्रैक्टर चलाने की शिकायतें भी समय-समय पर उठती रही हैं। यदि इन शिकायतों की पुष्टि होती है तो यह सड़क सुरक्षा के लिए गंभीर चिंता का विषय है। नियमों की अनदेखी, जिम्मेदार विभाग खामोश क्यों? सबसे बड़ा सवाल यह है कि परिवहन विभाग, पुलिस और संबंधित जिम्मेदार विभागों की नियमित निगरानी के बावजूद यदि नियमों का उल्लंघन हो रहा है, तो कार्रवाई क्यों नहीं हो रही? नागरिकों का कहना है कि यदि समय रहते प्रभावी जांच और कार्रवाई नहीं हुई तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा होने से इनकार नहीं किया जा सकता। प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि शहर और प्रमुख मागों पर विशेष अभियान चलाकर पत्थर ढोने वाले वाहनों की जांच की जाए। जिन वाहनों में सुरक्षा मानकों का पालन नहीं हो रहा हो या नियमों का उल्लंघन पाया जाए, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए ताकि आमजन की जान सुरक्षित रह सके। स्थानीय लोगों की प्रमुख मांगें ओवरलोड वाहनों पर सख्त कार्रवाई की जाए। बिना नंबर प्लेट वाले वाहनों की जांच कर जुर्माना लगाया जाए। नाबालिगों द्वारा वाहन चलाने पर रोक लगाई जाए। सड़कों पर नियमित चेकिंग और निगरानी बढ़ाई जाए।
मौत बनकर दौड़ रहे पत्थरों से भरे भारी वाहन, आखिर कब जागेगा प्रशासन ? सड़कों पर सुरक्षा से समझौता, स्थानीय लोगों ने उठाए कार्रवाई पर सवाल कोटा स्टोन नगरी रामगंजमंडी की सड़कों पर इन दिनों पत्थरों से भरे भारी वाहन लगातार दौड़ रहे हैं। शहर और आसपास के मार्गों पर ट्रैक्टर-ट्रॉली एवं डंपरों में पत्थरों का परिवहन आम बात हो गई है, लेकिन इन वाहनों को देखकर राहगीरों और वाहन चालकों में हादसे का डर बना रहता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार भारी वाहनों में पत्थर इतनी ऊंचाई तक लाद दिए जाते हैं कि सफर के दौरान छोटे-बड़े टुकड़े सड़क पर गिरने की घटनाएं भी सामने आती हैं। ऐसे में पीछे चल रहे दोपहिया और चारपहिया वाहन चालकों के लिए हर पल दुर्घटना का खतरा बना रहता है। तेज़ रफ्तार और लापरवाही बनी दुर्घटनाओं का कारण शहरवासियों का आरोप है कि कई वाहन तेज रफ्तार से शहर और मुख्य मार्गों से गुजरते हैं। कई ट्रैक्टरों पर नंबर प्लेट स्पष्ट दिखाई नहीं देती, जबकि कुछ मामलों में नाबालिगों द्वारा ट्रैक्टर चलाने की शिकायतें भी समय-समय पर उठती रही हैं। यदि इन शिकायतों की पुष्टि होती है तो यह सड़क सुरक्षा के लिए गंभीर चिंता का विषय है। नियमों की अनदेखी, जिम्मेदार विभाग खामोश क्यों? सबसे बड़ा सवाल यह है कि परिवहन विभाग, पुलिस और संबंधित जिम्मेदार विभागों की नियमित निगरानी के बावजूद यदि नियमों का उल्लंघन हो रहा है, तो कार्रवाई क्यों नहीं हो रही? नागरिकों का कहना है कि यदि समय रहते प्रभावी जांच और कार्रवाई नहीं हुई तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा होने से इनकार नहीं किया जा सकता। प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि शहर और प्रमुख मागों पर विशेष अभियान चलाकर पत्थर ढोने वाले वाहनों की जांच की जाए। जिन वाहनों में सुरक्षा मानकों का पालन नहीं हो रहा हो या नियमों का उल्लंघन पाया जाए, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए ताकि आमजन की जान सुरक्षित रह सके। स्थानीय लोगों की प्रमुख मांगें ओवरलोड वाहनों पर सख्त कार्रवाई की जाए। बिना नंबर प्लेट वाले वाहनों की जांच कर जुर्माना लगाया जाए। नाबालिगों द्वारा वाहन चलाने पर रोक लगाई जाए। सड़कों पर नियमित चेकिंग और निगरानी बढ़ाई जाए।
- शराब के नशे में बस सड़क किनारे खड़ी कर चालक सीट पर ही सो गया झालावाड़। शहर के मिनी सचिवालय के मुख्य गेट के सामने शुक्रवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब भोपाल से कोटा जा रही राजस्थान रोडवेज की एक बस का चालक कथित रूप से शराब के नशे में बस सड़क किनारे खड़ी कर चालक सीट पर ही सो गया। बस में करीब 60 यात्री सवार थे। काफी देर तक बस नहीं चलने पर यात्रियों और राहगीरों ने चालक को जगाने का प्रयास किया, लेकिन वह भड़क उठा और हंगामा करने लगा। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार चालक सियाराम नशे की हालत में दिखाई दे रहा था। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन चालक पुलिसकर्मियों से भी बहस करता रहा। इस दौरान उसने खुद को मंत्री जवाहर सिंह बेड़म का करीबी बताते हुए कहा कि उसका कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता।1
- झालावाड़ पुलिस का अवैध साहुकारी व धोखाधडी के खिलाफ जिलास्तरीय बड़ा एक्शन ➤ बिना लाइसेंस भारी ब्याज पर पैसा देकर आर्थिक चंगुल में फसाने वालों पर थाना मनोहरथाना, जावर, पिड़ावा, सुनेल व घाटोली की कार्यवाही, 321 किलो चांदी, 04 किलो सोना, 128 थ्रेशर, 35 कल्टीवेटर, दर्जनों वाहन व जमीनों के संदिग्ध स्टाम्प, झालावाड़ । झालावाड़ पुलिस अधीक्षक श्री अमित कुमार ने बताय कि झालावाड़ पुलिस द्वारा जिले में असंगठित व अवैध रूप से संचालित भारी ब्याज वसूली, आमजन के आर्थिक-मानसिक शोषण एवं धोखाधड़ी के विरुद्ध एक विशेष और वृहद अभियान चलाया गया। इसका मुख्य उद्देश्य गरीब, अनपढ़ काश्तकारों तथा असहाय नागरिकों की लाचारी का अनुचित लाभ उठाकर उनकी जमीन-जायदाद, आभूषण व कृषि उपकरणों को अवैध रूप से हड़पने वाले पर अंकुश लगाना है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री भागचंद एवं संबंधित वृत्ताधिकारियों के निकटतम सुपरविजन में जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में कार्रवाइयां की गईं। पुलिस कार्यवाहीः- पुलिस अधीक्षक ने बताया कि थानाधिकारी मनोहरथाना के नेतृत्व में टीम द्वारा कार्यवाही करते हुए आंवलहेडा निवासी कृष्णगोपाल, राजाराम, भारत सिंह और मनोहरथाना निवासी भप्या सोनी उर्फ श्रीकिशन ठिकानों तथा बाड़ों की नियमानुसार तलाशी के दौरान से बडी मात्रा में सामग्रियां बरामद की है। इसी प्रकार थाना जावर द्वारा परमानंद तथा थाना पिडावा द्वारा गोविंदपुरा निवासी ओंकार सिंह व शंकरसिंह के यहां से बडी मात्रा में सामग्रियां बरामद की है। बरामदगी आभूषण और नकदीः जिले भर में की गई कार्यवाहियों के दौरान पुलिस को भारी मात्रा में सोना-चांदी और नकदी मिली है। संपूर्ण कार्यवाही के दौरान की गई कुल बरामदगी निम्नलिखित है- कीमती धातुएँः 321 किलोग्राम चांदी एवं 04 किलोग्राम सोना नकद राशिः ₹37,35,300/- सैंतीस लाख पैंतीस हजार तीन सौ रुपये नकद कृषि उपकरणः 128 थ्रेशर मशीनें एवं 35 कल्टीवेटर वाहनः 25 ट्रॉलियाँ, 03 ट्रैक्टर, 02 बोलेरो पिकअप डीजे, 01 टाटा 4074, 01 टवेरा, 01 टेम्पो तथा 03 मोटरसाइकिलें अवैध हथियारः 12 बोर के 06 जिंदा कारतूस आर्मस एक्ट के तहत कार्रवाई वित्तीय दस्तावेजः बिना किसी वैध लाइसेंस के ब्याज पर पैसे देकर जमीनों को रहन रखने के व्यापक दस्तावेजी साक्ष्य जुटाए गए हैं। पुलिस ने दर्जनों लेन-देन की डायरियां, बही. खाते, हस्ताक्षरित खाली व दर्ज स्टाम्प पेपर, ब्लैंक चेक, चेकबुक, बैंक पासबुक और गिरवी गहनों से संबंधित पर्चियां बरामद की हैं। धारा 106 बीएनएसएसः सुनेल एवं घाटोली में संदिग्ध दस्तावेजों की जप्ती सुनेल एवं घाटोली थाना क्षेत्रों में संदिग्ध साहूकारी व वित्तीय लेन-देन के संबंध में धारा 106 बीएनएसएस के तहत जप्ती की कार्रवाई की गई। थानाधिकारी सुनेल के नेतृत्व में पुलिस टीम द्वारा ग्राम केसरपुरा में निर्माणाधीन परिसर से 02 लेन-देन की डायरियां, 01 हस्ताक्षरित स्टाम्प जिसमें ₹1.5 लाख का ब्याज लेन-देन अंकित है, 08 बैंक पासबुक बैंक ऑफ बड़ौदा, एसबीआई व केंद्रीय सहकारी बैंक तथा 03 चेकबुक जप्त कर धारा 106 बीएनएसएस के तहत अग्रिम जांच हेतु रिकॉर्ड पर ली गईं। इसी प्रकार थानाधिकारी घाटोली के नेतृत्व में गठित टीम द्वारा घाटोली स्थित मकान / दुकान की नियमानुसार तलाशी ली गई। मौके से लेन-देन व गिरवी का हिसाब दर्ज 04 रोकड़ बही-खाते, 11 स्टाम्प पेपर, 05 बैंक पासबुक, 01 संदिग्ध मोबाइल तथा डिब्बे में सीलशुदा रखे गिरवी गहनों से संबंधित पर्चियां धारा 106 बीएनसएस के तहत जप्त की गईं। झालावाड़ पुलिस की समस्त नागरिकों और काश्तकारों से अपील की है कि वे अपनी किसी भी वित्तीय आवश्यकता के लिए केवल अधिकृत एवं वैध बैंकिंग संस्थानों का ही सहार तथा किसी भी अवैध साहूकार के झांसे में न आएं। यदि कोई व्यक्ति डरा धमकाकर स्टाम्पए चेक या संपत्ति हड़पने की कोशिश करेए तो बिना किसी संकोच के तुरंत पुलिस को सूचित करें। पुलिस आमजन में विश्वास और अपराधियों में भय के संकल् साथ जनता की सुरक्षा के लिए तत्पर है। झालावाड पुलिसः आमजन में विश्वास, अपराधियों में भय1
- चित्तौड़गढ़ में महिला सुरक्षा के लिए डिकॉय ऑपरेशन सादे वस्त्रों में महिला पुलिसकर्मियों की पांच विशेष टीमों ने शहर के प्रमुख स्थलों पर की कार्रवाई, चार मनचले गिरफ्तार। चित्तौड़गढ़, 31 जुलाई 2026। महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा सार्वजनिक स्थानों पर होने वाली छेड़छाड़ और अभद्रता की घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने के उद्देश्य से जिला पुलिस अधीक्षक श्री धर्मेन्द्र सिंह के निर्देशन में गुरुवार शाम को कालिका पेट्रोलिंग यूनिट की महिला पुलिसकर्मियों को सादे वस्त्रों में तैनात कर डिकॉय ऑपरेशन चलाया गया। अभियान के तहत पांच विशेष पुलिस टीमों का गठन कर शहर के प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर कार्रवाई की गई। अभियान के दौरान महिलाओं व छात्राओं से छेड़छाड़, फब्तियां कसने एवं अभद्र व्यवहार करने वाले चार मनचलों को गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की गई। डिकॉय ऑपरेशन के तहत गठित प्रत्येक टीम में कालिका पेट्रोलिंग यूनिट की दो-दो महिला कांस्टेबल सादे वस्त्रों में तैनात की गईं, जिनके साथ पुरुष पुलिसकर्मी भी सुरक्षा एवं कार्रवाई के लिए मौजूद रहे। टीमों ने शहर के प्रताप नगर चौराहा, रेलवे स्टेशन, दिल्ली गेट, चामटी खेड़ा चौराहा तथा अभिमन्यु पार्क जैसे संवेदनशील एवं भीड़भाड़ वाले स्थानों पर विशेष निगरानी रखी। पार्क जैसे संवेदनशील एवं भीड़भाड़ वाले स्थानों पर विशेष निगरानी रखी। महिला पुलिसकर्मियों ने आम छात्राओं एवं महिलाओं की तरह सामान्य रूप से इन स्थानों पर मौजूद रहकर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी। जैसे ही कुछ युवकों द्वारा महिलाओं से अभद्र व्यवहार एवं फब्तियां कसने की घटनाएं सामने आईं, मौके पर मौजूद पुलिस टीमों ने तत्काल कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। अभियान के दौरान पुलिस ने सार्वजनिक स्थानों पर संदिग्ध व्यक्तियों की जांच की तथा युवाओं को महिला सम्मान एवं कानून का पालन करने के संबंध में समझाइश भी दी। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या अभद्रता बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी। जिला पुलिस अधीक्षक श्री धर्मेन्द्र सिंह ने बताया कि महिला सुरक्षा पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। इसी उद्देश्य से समय-समय पर इस प्रकार के विशेष अभियान संचालित किए जाएंगे, ताकि सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं एवं बालिकाओं को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराया जा सके। उन्होंने आमजन से भी अपील की कि यदि कहीं भी महिलाओं से छेड़छाड़, अभद्र व्यवहार या अन्य आपराधिक गतिविधि दिखाई दे तो इसकी सूचना तत्काल पुलिस को दें, जिससे त्वरित कार्रवाई कर दोषियों के विरुद्ध सख्त कदम उठाए जा सकें।3
- विद्युत पोल पर बल्ब लगाए गए पंचायत द्वारा1
- शामगढ़ में विद्युत कर्मचारी से मारपीट रैली निकालकर कार्यवाही की मांग की विद्युत मंडल के कर्मचारियों से मारपीट के विरोध में शामगढ़ विद्युत मंडल कर्मचारियों द्वारा रैली निकालकर शामगढ़ थाना परिसर में धरना प्रदर्शन किया एवं कार्यवाही की मांग की1
- गरीब किसानों के शोषण पर पुलिस सख्त` झालावाड़ से बड़ी खबर। अवैध साहूकारी करने वालों पर पुलिस ने सख्ती से शिकंजा कसना शुरू कर दिया है।1