अतरौली मंडी में सरकारी खरीद केंद्र द्वारा खरीदी गई मक्का खुले आसमान के नीचे पड़ी हुई है, जिससे उसके बारिश में भीगने और खराब होने का खतरा मंडरा रहा है। मौसम विभाग द्वारा अगले कुछ दिनों में बारिश की संभावना जताए जाने के बावजूद, प्रशासन की ओर से इसके पर्याप्त भंडारण की कोई व्यवस्था नहीं की गई है। समाजसेवी अशीष ने इस स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि सरकारी खरीद शुरू करने से पहले ही सुरक्षित भंडारण की व्यवस्था सुनिश्चित की जानी चाहिए थी। उन्होंने बताया कि मंडी परिसर में मक्का के बोरे खुले स्थान पर पड़े हैं, जिससे तेज बारिश और जलभराव की स्थिति में भारी नुकसान हो सकता है। अशीष ने इस बात पर जोर दिया कि सरकारी खरीद का यह अनाज अंततः गरीबों तक पहुँचता है, इसलिए इसकी सुरक्षा अत्यंत आवश्यक है। वहीं, केंद्र प्रभारी ऋचा सिंह ने जानकारी दी है कि मक्का के बोरों को फिलहाल तिरपाल से ढक दिया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि जल्द ही इन बोरों का उठान कर उन्हें किसी सुरक्षित स्थान पर भंडारित कराया जाएगा।
अतरौली मंडी में सरकारी खरीद केंद्र द्वारा खरीदी गई मक्का खुले आसमान के नीचे पड़ी हुई है, जिससे उसके बारिश में भीगने और खराब होने का खतरा मंडरा रहा है। मौसम विभाग द्वारा अगले कुछ दिनों में बारिश की संभावना जताए जाने के बावजूद, प्रशासन की ओर से इसके पर्याप्त भंडारण की कोई व्यवस्था नहीं की गई है। समाजसेवी अशीष ने इस स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि सरकारी खरीद शुरू करने से पहले ही सुरक्षित भंडारण की व्यवस्था सुनिश्चित की जानी चाहिए थी। उन्होंने बताया कि मंडी परिसर में मक्का के बोरे खुले स्थान पर पड़े हैं, जिससे तेज बारिश और जलभराव की स्थिति में भारी नुकसान हो सकता है। अशीष ने इस बात पर जोर दिया कि सरकारी खरीद का यह अनाज अंततः गरीबों तक पहुँचता है, इसलिए इसकी सुरक्षा अत्यंत आवश्यक है। वहीं, केंद्र प्रभारी ऋचा सिंह ने जानकारी दी है कि मक्का के बोरों को फिलहाल तिरपाल से ढक दिया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि जल्द ही इन बोरों का उठान कर उन्हें किसी सुरक्षित स्थान पर भंडारित कराया जाएगा।
- हरिगढ़ से गौ रक्षक सोनू पंडित ने गौ माता की सेवा के प्रति अपनी अटूट प्रतिबद्धता व्यक्त की है। उन्होंने घोषणा की है कि वे दिन हो या रात, हर समय गौ माता की सेवा के लिए तत्पर रहेंगे। सोनू पंडित ने इस बात पर जोर दिया है कि वे पूरे दिन और रात गौ माता की सेवा में समर्पित रहने को तैयार हैं, 'जय गौ माता की' और 'जय श्री राम' के नारे के साथ अपनी निष्ठा दोहराते हुए।1
- अलीगढ़ के नगला पटवारी क्षेत्र में लंबे समय से नाले की सफाई और भूमिगत निर्माण की मांग पूरी न होने से आक्रोशित स्थानीय लोगों ने मंगलवार को अपने घरों पर काले झंडे लगाकर नगर निगम अलीगढ़ के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। संयुक्त श्रमिक किसान मोर्चा के आह्वान पर हुई इस कार्रवाई के दौरान प्रदर्शनकारियों ने नगर निगम के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की, जिसमें "नगर निगम मुर्दाबाद" के नारे प्रमुख थे। यह प्रदर्शन मंगलवार सुबह बारिश के बावजूद जारी रहा, जिसमें क्षेत्र के लोगों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। मोर्चा के संस्थापक जितेंद्र शर्मा ने बताया कि नगला पटवारी से गुजरने वाले नाले की नियमित सफाई न होने के कारण पूरे वर्ष सड़कों पर गंदा पानी भरा रहता है, जिससे स्थानीय निवासियों को आवागमन में भारी परेशानी और स्वास्थ्य संबंधी खतरों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने छोटे बच्चों के साथ हादसों की आशंका और कब्रिस्तान, श्मशान घाट, मंदिर तथा मस्जिद जाने वाले लोगों की मुश्किलों का भी जिक्र किया। जितेंद्र शर्मा के अनुसार, नाले के भूमिगत निर्माण की मांग को लेकर 6 मई 2026 को नगर आयुक्त अलीगढ़ और उपजिलाधिकारी कोल को ज्ञापन सौंपा गया था, लेकिन उस पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। इसी निष्क्रियता के विरोध में 8 जुलाई को काले झंडे दिखाकर विरोध दर्ज कराने का निर्णय लिया गया था। मोर्चा के जिलाध्यक्ष मोहम्मद रिजवान शाह के नेतृत्व में हुए इस प्रदर्शन में जिला उपाध्यक्ष मोहम्मद फरमान और मीडिया प्रभारी अब्दुल हादी सहित बड़ी संख्या में स्थानीय निवासी उपस्थित रहे। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि उनकी समस्या का जल्द समाधान नहीं किया गया, तो वे नगर निगम अलीगढ़ का घेराव करेंगे और एक बड़ा आंदोलन शुरू करेंगे।1
- दिल्ली में महज़ डेढ़ साल के भीतर ₹650 करोड़ का स्वास्थ्य घोटाला सामने आया है।1
- अलीगढ़ के नगला पटवारी में स्थानीय निवासी नगर निगम की घोर अनदेखी के कारण आज नरक जैसा जीवन जीने को मजबूर हैं। सड़कों पर नाले का गंदा पानी बह रहा है, जिससे लोगों को उसी में से होकर गुजरना पड़ता है। संयुक्त श्रमिक किसान मोर्चा ने इस समस्या को लेकर पहले भी भूमिगत नाला निर्माण की मांग की थी, लेकिन अब तक इस पर कोई संज्ञान नहीं लिया गया है। इस गंभीर स्थिति के विरोध में, मोर्चा के जिलाध्यक्ष मोहम्मद रिजवान शाह ने नगर निगम के खिलाफ एक बड़े प्रदर्शन का ऐलान किया है। उन्होंने साफ कहा कि जब तक आवाज नहीं उठाई जाएगी, तब तक एयर कंडीशन कमरों में बैठे अधिकारी सुनवाई नहीं करेंगे। इसी को ध्यान में रखते हुए, आगामी 8 जुलाई 2026 को सुबह से नगला पटवारी का हर वाशिंदा अपने-अपने घरों पर काले झंडे लगाएगा, ताकि नगर निगम के कैमरे और अधिकारी इस विरोध को स्पष्ट रूप से देख सकें। इस विरोध प्रदर्शन के माध्यम से उनकी एकमात्र मांग है कि नाले का निर्माण भूमिगत तरीके से किया जाए और उन्हें सम्मान से जीने का अधिकार मिले। मोर्चा ने जनता से इस मुहिम में साथ देने की अपील करते हुए कमेंट करने और वीडियो को अधिक से अधिक शेयर करने का आग्रह किया है, ताकि निगम की नींद खुले। उनका कहना है कि यह पानी नहीं, बल्कि जहर बह रहा है, और स्थानीय मुद्दों के लिए चैनल को सब्सक्राइब करने का आह्वान भी किया गया है।3
- दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे एक प्रदर्शन के दौरान, एक युवती ने मीडिया के सामने अपनी राय खुलकर रखी। युवती द्वारा दिए गए इस बेबाक बयान का वीडियो अब सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर तेजी से देखा और साझा किया जा रहा है।1
- सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेज़ी से वायरल हो रहा है, जिसमें उत्तर प्रदेश के अतरौली स्थित गल्ला मंडी में अनाज की बोरी तोलने के बाद कथित तौर पर हर बोरी से लगभग एक किलो अनाज निकालने का दावा किया गया है। यह वीडियो सामने आने के बाद किसानों के साथ हो रही कथित अनियमितताओं और उन्हें हो रहे भारी आर्थिक नुकसान को लेकर चिंता बढ़ गई है। किसानों का कहना है कि यह प्रथा लंबे समय से चली आ रही है और उन्होंने मंडी प्रशासन से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने के साथ ही दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। किसान नेता मदनपाल सिंह ने इस पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि तौल प्रक्रिया पूरी तरह से पारदर्शी होनी चाहिए और इसके लिए इलेक्ट्रॉनिक कांटों की जांच के साथ-साथ सीसीटीवी निगरानी को अनिवार्य किया जाना चाहिए। हालांकि, इस वायरल वीडियो पर मंडी प्रशासन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। बुधवार दोपहर 12:00 बजे से वायरल हो रहे इस वीडियो की सार्वजनिक रूप से पुष्टि पब्लिक ऐप नहीं करता है।1
- भारतीय हिंदू सरकार संघ ने राष्ट्रीय अध्यक्ष ठाकुर बृजेश सिंह के आदेश पर अपनी उत्तर प्रदेश इकाई की पूरी कार्यकारिणी को तत्काल प्रभाव से भंग कर दिया है। उत्तर प्रदेश अध्यक्ष रोहित सिंह सेंगर ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि संगठन द्वारा प्रदेश के सभी जिला अध्यक्षों को सक्रिय न पाए जाने के चलते यह कदम उठाया गया है। भारतीय हिंदू सरकार संघ को भारतीय जनता पार्टी का एक सहयोगी संगठन बताया गया है।1
- अलीगढ़ में राम मंदिर से जुड़े चढ़ावे के विवाद को लेकर कांग्रेस ने सरकार के खिलाफ जोरदार हल्ला बोला। विवेक बंसल के नेतृत्व में हुई इस पदयात्रा के दौरान कांग्रेस ने राम मंदिर मामले पर सरकार को घेरते हुए पूरे प्रकरण की केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से जांच कराने की मांग उठाई।1