शिमला पुलिस ने मनीषा मर्डर मामले का बड़ा खुलासा करते हुए मृतिका के भाई हिमांक मित्तल और उसके बिजनेस पार्टनर गोविंद को साजिश रचने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि इस पूरे हत्याकांड का मास्टरमाइंड हिमांक मित्तल ही था। मनीषा मित्तल का अपने भाई हिमांक और गोविंद के साथ प्रॉपर्टी विवाद चल रहा था, और इसी विवाद के चलते हिमांक ने गोविंद के साथ मिलकर दो शूटरों को मनीषा को मारने की सुपारी दी थी। एएसपी शिमला मेहर पंवर ने बताया कि घटना से कुछ दिन पहले हिमांक मित्तल ने गोविंद के खाते में 8 लाख 30 हजार रुपये ट्रांसफर किए थे। हिमांक के पास सरस्वती पैराडाइज स्कूल के सीसीटीवी कैमरों का एक्सेस भी था, जिसका उपयोग वह मनीषा मित्तल के आने-जाने की जानकारी ट्रैक करने के लिए कर रहा था। इसके अलावा, गोविंद ने ही हत्या में इस्तेमाल की गई स्विफ्ट गाड़ी किराए पर लेकर शूटरों को उपलब्ध कराई थी और शूटर दीपक को पैसे भी ट्रांसफर किए थे। घटना के बाद से आरोपी गोविंद फरार था और पुलिस से बचने के लिए वह पहले विदेश भाग गया था। विदेश से लौटने के बाद भी उसने अपना फोन बंद रखा और लगातार छिपने का प्रयास करता रहा। तकनीकी जांच और लगातार प्रयासों के बाद, पुलिस ने 28 जून को गोविंद को हरियाणा के रोहतक से गिरफ्तार कर लिया, जिसके बाद उसे कोर्ट में पेश कर 4 दिन का पुलिस रिमांड हासिल किया गया। मास्टरमाइंड हिमांक को भी अगले दिन, 29 जून को रोहतक से ही गिरफ्तार किया गया। एएसपी शिमला ने जानकारी दी कि तकनीकी जांच और साक्ष्यों के आधार पर इस मामले में शामिल सभी चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, और आगामी जांच चल रही है।
शिमला पुलिस ने मनीषा मर्डर मामले का बड़ा खुलासा करते हुए मृतिका के भाई हिमांक मित्तल और उसके बिजनेस पार्टनर गोविंद को साजिश रचने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि इस पूरे हत्याकांड का मास्टरमाइंड हिमांक मित्तल ही था। मनीषा मित्तल का अपने भाई हिमांक और गोविंद के साथ प्रॉपर्टी विवाद चल रहा था, और इसी विवाद के चलते हिमांक ने गोविंद के साथ मिलकर दो शूटरों को मनीषा को मारने की सुपारी दी थी। एएसपी शिमला मेहर पंवर ने बताया कि घटना से कुछ दिन पहले हिमांक मित्तल ने गोविंद के खाते में 8 लाख 30 हजार रुपये ट्रांसफर किए थे। हिमांक के पास सरस्वती पैराडाइज स्कूल के सीसीटीवी कैमरों का एक्सेस भी था, जिसका उपयोग वह मनीषा मित्तल के आने-जाने की जानकारी ट्रैक करने के लिए कर रहा था। इसके अलावा, गोविंद ने ही हत्या
में इस्तेमाल की गई स्विफ्ट गाड़ी किराए पर लेकर शूटरों को उपलब्ध कराई थी और शूटर दीपक को पैसे भी ट्रांसफर किए थे। घटना के बाद से आरोपी गोविंद फरार था और पुलिस से बचने के लिए वह पहले विदेश भाग गया था। विदेश से लौटने के बाद भी उसने अपना फोन बंद रखा और लगातार छिपने का प्रयास करता रहा। तकनीकी जांच और लगातार प्रयासों के बाद, पुलिस ने 28 जून को गोविंद को हरियाणा के रोहतक से गिरफ्तार कर लिया, जिसके बाद उसे कोर्ट में पेश कर 4 दिन का पुलिस रिमांड हासिल किया गया। मास्टरमाइंड हिमांक को भी अगले दिन, 29 जून को रोहतक से ही गिरफ्तार किया गया। एएसपी शिमला ने जानकारी दी कि तकनीकी जांच और साक्ष्यों के आधार पर इस मामले में शामिल सभी चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, और आगामी जांच चल रही है।
- पंचकूला पुलिस ने सेक्टर-26 पुलिस लाइन में एक समारोह का आयोजन किया, जिसमें तीन सेवानिवृत्त कर्मियों को ढोल-नगाड़ों के साथ सम्मानपूर्वक विदाई दी गई। इस अवसर पर, अधिकारियों ने सेवानिवृत्त हुए इन कर्मियों के पूरे सेवाकाल की सराहना की और राष्ट्र सेवा में उनके परिवारों के योगदान को भी विशेष सम्मान प्रदान किया।2
- हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में लापता जवान अजय कुमार को लेकर उनके परिजनों ने प्रदर्शन किया है। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान, परिवार वालों ने प्रशासन को आठ दिन का अल्टीमेटम दिया है।1
- हिमाचल के अर्जोली गांव से एक बच्चे के गले से चांदी की चेन छीने जाने का मामला सामने आया है। यह घटना कल शाम करीब 4 बजे हुई। पीड़ित परिवार, जो गांव में प्रवासी किरायेदार के रूप में रह रहा है, ने बताया कि बच्चे की मां आरती देवी के अनुसार, उनके बच्चे के गले से लगभग ₹6,000 मूल्य की चांदी की चेन निकाल ली गई। परिवार ने इस घटना के लिए अर्जोली गांव के ही एक युवक पर शक जताया है, जिसका नाम उन्होंने पुलिस को भी दिया है। घटना की सूचना तुरंत ग्राम प्रधान और स्थानीय पुलिस थाने को दी गई थी। इसके बाद, संबंधित युवक पीड़ित परिवार के घर पहुंचा, आरती देवी से माफी मांगी और बच्चे की चांदी की चेन वापस कर दी। हालांकि, परिवार का कहना है कि सिर्फ चेन वापस कर देना पर्याप्त नहीं है। वे इस मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं ताकि दोषी पाए जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई की जा सके और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके। फिलहाल, पुलिस इस मामले की जांच कर रही है और जांच पूरी होने के बाद ही तथ्यों की आधिकारिक पुष्टि एवं आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।1
- हरियाणा के अंबाला स्थित धन्यौड़ा गांव से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ 4 साल का मासूम निर्भय खेलते-खेलते 220 फीट गहरे बोरवेल में जा गिरा है। इस घटना के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है, परिजन गहरे सदमे में हैं और पूरे गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है। मिली जानकारी के अनुसार, सुबह करीब साढ़े छह बजे निर्भय अपने पिता, चाचा और चचेरे भाई के साथ खेत पर घूमने गया था। वह अपने चाचा हरनेक सिंह के खेत में खेल रहा था, तभी अचानक उसका पैर फिसल गया और वह खुले पड़े ट्यूबवेल के गहरे बोरवेल में गिर गया। हादसे के वक्त परिजन पास में ही मौजूद थे, और बच्चे के गिरते ही चीख-पुकार मच गई। परिजनों ने तुरंत गांव के सरपंच को और फिर जिला प्रशासन को इसकी जानकारी दी। सूचना मिलते ही प्रशासनिक अमला और राहत बचाव दल मौके पर पहुंच गया, और उपायुक्त ने तुरंत रेस्क्यू मिशन की कमान संभाली। मामले की गंभीरता और बोरवेल की अत्यधिक गहराई को देखते हुए, तुरंत NDRF और भारतीय सेना को भी रेस्क्यू अभियान के लिए बुलाया गया। मौके पर डॉक्टरों की टीम और ऑक्सीजन की सप्लाई पहुंच गई है, और सेना व प्रशासन मिलकर बच्चे को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए युद्धस्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटे हैं। कैमरे से लगातार निगरानी भी रखी जा रही है। इस खबर के फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए हैं, और परिजन बच्चे के सुरक्षित बाहर आने की दुआ कर रहे हैं। प्रशासन ने मौके पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं ताकि बचाव अभियान में किसी प्रकार की बाधा न आए।1
- जिला भाजपा मीडिया प्रभारी विक्रम सिंह बन्याल ने प्रदेश की सुक्खू सरकार और हमीरपुर कांग्रेस नेताओं पर जमकर निशाना साधा है, आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार हमीरपुर मेडिकल कॉलेज का उद्घाटन आनन-फानन में कर रही है। उन्होंने कहा कि यह मेडिकल कॉलेज भाजपा की देन है और सांसद अनुराग ठाकुर ने 2014 में मोदी सरकार के दौरान इसे हमीरपुर लाने में अहम भूमिका निभाई थी। बन्याल के अनुसार, बीते सप्ताह सांसद अनुराग सिंह ठाकुर ने हमीरपुर मेडिकल कॉलेज का निरीक्षण किया था, जिसमें खामियां पाई गई थीं। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को खामियां दूर करने के लिए दिशा-निर्देश दिए थे। हालांकि, कुछ ही दिन पहले मुख्यमंत्री ने भी कॉलेज का निरीक्षण किया और जल्दबाजी में इसके उद्घाटन की घोषणा कर दी। भाजपा मीडिया प्रभारी ने यह भी बताया कि हमीरपुर गांव के कांग्रेस नेता बिना वजह सांसद अनुराग सिंह ठाकुर को मेडिकल कॉलेज के मुद्दे पर घेरते आए हैं, और उन्होंने कांग्रेस को तथ्य सामने रखने की चुनौती दी। विक्रम सिंह बन्याल ने मुख्यमंत्री पर जनता को गुमराह करने का आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार के तीन साल पूरे होने के बाद भी मेडिकल कॉलेज आधा-अधूरा है और उसमें किसी भी तरह की सुविधा उपलब्ध नहीं है। उन्होंने मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू पर स्पाइस पार्क के एमओयू साइन करवाने के बावजूद नादौन में उसका नामोनिशान न होने का उदाहरण देते हुए कहा कि इससे मुख्यमंत्री द्वारा जनता को गुमराह करने का अंदाजा लगाया जा सकता है। बन्याल ने जोर देकर कहा कि सांसद अनुराग ठाकुर द्वारा हमीरपुर मेडिकल कॉलेज का निरीक्षण करने के बाद ही सरकार हरकत में आई है और अब जल्दबाजी में मुख्यमंत्री उद्घाटन की घोषणा कर रहे हैं।2
- पंचकूला पुलिस की साइबर क्राइम थाना टीम ने करीब 1.5 करोड़ रुपये की ऑनलाइन ट्रेडिंग धोखाधड़ी के मामले में बड़ी सफलता हासिल करते हुए उत्तर प्रदेश से दो बैंक कर्मियों को गिरफ्तार किया है। इन गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सीतापुर, यूपी निवासी ऋषभ वैश्य और हरदोई, यूपी निवासी अनुपम कुमार सिंह के रूप में हुई है। इन दोनों पर आरोप है कि इन्होंने साइबर ठगों के साथ मिलकर फर्जी या अवैध तरीके से बैंक खाते खुलवाए और आम लोगों से ठगी गई रकम को ठिकाने लगाया। अदालत में पेशी के बाद दोनों को आगामी पूछताछ और ठगी की रकम व दस्तावेज बरामद करने के लिए 7 दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है। इस मामले में पंचकूला पुलिस अब तक कुल 8 आरोपियों को देश के अलग-अलग हिस्सों से गिरफ्तार कर चुकी है। साइबर थाना प्रभारी युद्धवीर सिंह के अनुसार, पंचकूला के एक पीड़ित ने साइबर पोर्टल के माध्यम से शिकायत दर्ज कराई थी। पीड़ित ने बताया कि नवंबर 2023 में टेलीग्राम पर उन्हें बेंगलुरु की एक कंस्ट्रक्शन कंपनी से संबंधित एक आईडी से मैसेज आया, जिसने उन्हें झांसा दिया कि उसके अंकल अमेरिका में ट्रेडिंग करते हैं और भारी मुनाफा कमा कर दे सकती है। आरोपियों ने पीड़ित से एक फर्जी एप्लीकेशन डाउनलोड करवाई और विश्वास जीतने के लिए शुरुआत में 4000 रुपये का मुनाफा भी दिखाया। इसके बाद, मुनाफे का लालच देकर आरोपियों ने अलग-अलग किस्तों में और टैक्स क्लियरेंस के नाम पर पीड़ित से करीब 1 करोड़ 50 लाख रुपये अपने बताए गए खातों में ट्रांसफर करवा लिए। जब पीड़ित को ठगी का अहसास हुआ और उन्होंने पुलिस में शिकायत की बात कही, तो आरोपियों ने टेलीग्राम आईडी डिलीट कर दी और अपने फोन बंद कर लिए। इस शिकायत को 10 अक्टूबर 2024 को दर्ज किया गया था। डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक अमरिंदर सिंह ने बताया कि जांच में पता चला कि फ्रॉड की करीब 20 लाख रुपये संदीप कुमार सिंह निवासी हरदोई, यूपी के एक बैंक खाते में गए थे, जिसे 25 जून को गिरफ्तार किया गया था। संदीप ने पूछताछ में बताया कि उसके दोस्त ऋषभ वैश्य और अनुपम कुमार सिंह (दोनों बैंक कर्मी) ने मिलकर साइबर फ्रॉड की रकम डालने के लिए यह खाता खुलवाया और इस्तेमाल किया था। इसी सूचना के आधार पर पुलिस ने जाल बिछाकर 28 और 29 जून को ऋषभ और अनुपम को भी गिरफ्तार कर लिया। इससे पहले, इस मामले में राजेश कुमार निवासी एटा, यूपी, आकिब अली उर्फ शेरू निवासी लखीमपुर खीरी, यूपी, आकाश निवासी बिजनौर/गुड़गांव, विशाल कुमार निवासी हनुमानगढ़, राजस्थान और मोनू उर्फ मोहम्मद अशरफ निवासी लखीमपुर खीरी को भी गिरफ्तार किया जा चुका है। आरोपियों के कब्जे से भारी मात्रा में मोबाइल फोन, दर्जनों एटीएम/डेबिट कार्ड, चेकबुक और कई फर्जी कंपनियों/दुकानों के दस्तावेज बरामद हुए हैं। डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक अमरिंदर सिंह का कहना है कि रिमांड के दौरान इन नए गिरफ्तार आरोपियों से इस रैकेट के मुख्य सरगनाओं और फरार आरोपियों के बारे में महत्वपूर्ण सुराग मिलने की उम्मीद है, जिन्हें जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा।1
- Post by Vaneet kashyap1
- जिंदगी और मौत की लंबी जंग हारकर 4 साल के मासूम निरवैर की मृत्यु हो गई। कल सुबह लगभग 7 बजे बोरवेल में गिरा निरवैर का शव, आज सुबह करीब 3:30 बजे बोरवेल से बाहर निकाला गया।1