जसवंतनगर/इटावा के मोहल्ला कोठी कैस्त निवासी इंद्र पाल सिंह का परिवहन निगम से क्लर्क पद से सेवानिवृत्त होने पर उनके गृह आगमन पर भव्य स्वागत किया गया। उन्होंने परिवहन निगम में 28 वर्षों की सफल सेवा पूर्ण की है। इस अवसर पर उनके परिजनों, मित्रों और शुभचिंतकों ने फूल-मालाएं पहनाकर और बैंड-बाजों के साथ उनका अभिनंदन किया। स्थानीय क्षेत्रवासियों ने भी उनके निवास पहुंचने पर गर्मजोशी से उनका स्वागत किया, उनके लंबे सेवाकाल की सराहना की और विभाग में किए गए उनके कार्यों को याद किया। इंद्र पाल सिंह ने बताया कि उन्होंने कुल 28 वर्ष 11 माह की सेवा दी। उनकी पहली नियुक्ति 16 जून 1997 को जनपद बिजनौर के मुरादाबाद डिवीजन में परिचालक पद पर हुई थी। लगभग 23 माह सेवा देने के बाद उनका स्थानांतरण औरैया जनपद में हुआ, जहां उन्होंने करीब नौ वर्षों तक कार्य किया। इसके बाद उनका तबादला मैनपुरी में हुआ, जहाँ उन्होंने दस वर्षों तक अपनी सेवाएं दीं। सितंबर 2017 में पदोन्नति के बाद उन्होंने क्लर्क पद पर शिकोहाबाद डिपो में कार्य किया और 1 जून 2026 को सेवानिवृत्त हुए। उनकी सेवानिवृत्ति के अवसर पर सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक प्रेम सिंह, वरिष्ठ केंद्र प्रभारी कु. रेखा, रमेश चंद्र यादव, मनोज कुमार अवस्थी, ऊषा देवी, विनोद कुमार, सत्य सिंह, उमेश चंद्र, आशिक कुमार यादव, अर्जुन सिंह, जगदीश सिंह बघेल और रविंद्र सिंह सहित अन्य कर्मचारियों ने उन्हें प्रतीक चिन्ह, शॉल व पटका पहनाकर भावभीनी विदाई दी। सभी अधिकारी एवं कर्मचारी उन्हें घर तक छोड़ने भी पहुंचे। घर पहुंचने पर स्थानीय लोगों और परिवारजनों के साथ इंद्र पाल सिंह ने प्राचीन शिव मंदिर में भगवान शंकर का आशीर्वाद प्राप्त किया, जिसके बाद गृह प्रवेश किया। इस दौरान उनकी पत्नी गीता देवी तथा पुत्र जयदीपकांत, अतुलकांत और श्रीकांत सहित रिश्तेदारों एवं शुभचिंतकों ने फूल-मालाएं पहनाकर उनका स्वागत किया। कार्यक्रम के दौरान बैंड-बाजों की धुनों और उत्साहपूर्ण माहौल के बीच लोगों ने इंद्र पाल सिंह के स्वस्थ, सुखद एवं सम्मानपूर्ण जीवन की कामना करते हुए उन्हें नई पारी के लिए शुभकामनाएं दीं। यह भव्य स्वागत समारोह पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना रहा।
जसवंतनगर/इटावा के मोहल्ला कोठी कैस्त निवासी इंद्र पाल सिंह का परिवहन निगम से क्लर्क पद से सेवानिवृत्त होने पर उनके गृह आगमन पर भव्य स्वागत किया गया। उन्होंने परिवहन निगम में 28 वर्षों की सफल सेवा पूर्ण की है। इस अवसर पर उनके परिजनों, मित्रों और शुभचिंतकों ने फूल-मालाएं पहनाकर और बैंड-बाजों के साथ उनका अभिनंदन किया। स्थानीय क्षेत्रवासियों ने भी उनके निवास पहुंचने पर गर्मजोशी से उनका स्वागत किया, उनके लंबे सेवाकाल की सराहना की और विभाग में किए गए उनके कार्यों को याद किया। इंद्र पाल सिंह ने बताया कि उन्होंने कुल 28 वर्ष 11 माह की सेवा दी। उनकी पहली नियुक्ति 16 जून 1997 को जनपद बिजनौर के मुरादाबाद डिवीजन में परिचालक पद पर हुई थी। लगभग 23 माह सेवा देने के बाद उनका स्थानांतरण औरैया जनपद में हुआ, जहां उन्होंने करीब नौ वर्षों तक कार्य किया। इसके बाद उनका तबादला मैनपुरी में हुआ, जहाँ उन्होंने दस वर्षों तक अपनी सेवाएं दीं। सितंबर 2017 में पदोन्नति के बाद उन्होंने क्लर्क पद पर शिकोहाबाद डिपो में कार्य किया और 1 जून 2026 को सेवानिवृत्त हुए। उनकी सेवानिवृत्ति के अवसर पर सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक प्रेम सिंह, वरिष्ठ केंद्र प्रभारी कु. रेखा, रमेश चंद्र यादव, मनोज कुमार अवस्थी, ऊषा देवी, विनोद कुमार, सत्य सिंह, उमेश चंद्र, आशिक कुमार यादव, अर्जुन सिंह, जगदीश सिंह बघेल और रविंद्र सिंह सहित अन्य कर्मचारियों ने उन्हें प्रतीक चिन्ह, शॉल व पटका पहनाकर भावभीनी विदाई दी। सभी अधिकारी एवं कर्मचारी उन्हें घर तक छोड़ने भी पहुंचे। घर पहुंचने पर स्थानीय लोगों और परिवारजनों के साथ इंद्र पाल सिंह ने प्राचीन शिव मंदिर में भगवान शंकर का आशीर्वाद प्राप्त किया, जिसके बाद गृह प्रवेश किया। इस दौरान उनकी पत्नी गीता देवी तथा पुत्र जयदीपकांत, अतुलकांत और श्रीकांत सहित रिश्तेदारों एवं शुभचिंतकों ने फूल-मालाएं पहनाकर उनका स्वागत किया। कार्यक्रम के दौरान बैंड-बाजों की धुनों और उत्साहपूर्ण माहौल के बीच लोगों ने इंद्र पाल सिंह के स्वस्थ, सुखद एवं सम्मानपूर्ण जीवन की कामना करते हुए उन्हें नई पारी के लिए शुभकामनाएं दीं। यह भव्य स्वागत समारोह पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना रहा।
- जसवंतनगर में राज्य कर विभाग ने गुरुवार शाम विराट होटल में एक व्यापारी संवाद कार्यक्रम आयोजित किया, जिसकी अध्यक्षता अपर आयुक्त ग्रेड-2 सुरेंद्र मोहन सिंह ने की। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य व्यापारियों की कर संबंधी समस्याओं का समय पर समाधान करना, विभाग और व्यापारियों के बीच विश्वास बढ़ाना तथा अधिक से अधिक व्यापारियों को जीएसटी पंजीकरण के लिए प्रोत्साहित करना था। इसमें संयुक्त आयुक्त राज्य कर खंड-3 अनिरुद्ध कुमार राय और उपायुक्त राज्य कर खंड प्रथम अरुण सिंह सहित विभाग के कई अधिकारी उपस्थित रहे, वहीं व्यापार एसोसिएशन के पदाधिकारियों, स्थानीय व्यापारियों और महिला उद्यमियों ने भी बड़ी संख्या में भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान, अधिकारियों ने व्यापारियों को जीएसटी 2.0 के नए प्रावधानों, ई-इनवॉयसिंग व्यवस्था और ऑनलाइन कर सेवाओं के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने जीएसटी पंजीकरण, रिटर्न दाखिल करने की प्रक्रिया, ऑनलाइन और ऑफलाइन सेवाओं के साथ-साथ कर संबंधी विभिन्न नियमों की विस्तृत जानकारी प्रदान की। विभागीय अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि राज्य कर विभाग ने अपनी अधिकांश प्रक्रियाओं को ऑनलाइन और सरल बना दिया है, जिससे व्यापारियों को सुविधा मिलेगी और उनके समय की बचत होगी। संवाद के दौरान, व्यापारियों ने जीएसटी रिटर्न, बैंकिंग प्रक्रियाओं, ऋण वितरण में आने वाली कठिनाइयों और जटिल कर प्रक्रियाओं से संबंधित अपनी समस्याओं को अधिकारियों के सामने रखा। विभागीय अधिकारियों ने इन सभी समस्याओं को गंभीरता से सुना और उनके त्वरित समाधान का आश्वासन दिया। उन्होंने कर व्यवस्था को और अधिक सरल तथा सुगम बनाने पर भी विशेष जोर दिया। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के नगर अध्यक्ष रामकुमार गुप्ता, महामंत्री अभिषेक पोरवाल, कोषाध्यक्ष संजय जैन, दयाशंकर गुप्ता, गौरव जैन, राजेंद्र गौड़ और नीरज दुबे सहित बड़ी संख्या में व्यापारी उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन राजीव माथुर ने सफलतापूर्वक किया।1
- इटावा जिले के बकेवर थाना क्षेत्र के सराय इलाही गांव में गुरुवार सुबह एक दर्दनाक हादसे में एक युवक और उसकी भैंस की करंट लगने से मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई और परिजनों में कोहराम मच गया। जानकारी के अनुसार, सराय इलाही निवासी सुनील (35), जो स्वर्गीय ओम प्रकाश के पुत्र थे, अपने घर के पास खड़े सीमेंट के बिजली खंभे से बंधी लोहे की स्टिक (जिसे अर्थिंग स्टिक बताया गया है) से अपनी भैंस को बांधकर नहला रहे थे। इसी दौरान अचानक लुधियानी फीडर क्षेत्र की बिजली आपूर्ति चालू कर दी गई। बिजली आते ही खंभे और उससे लिपटी लोहे की स्टिक में तेज करंट दौड़ गया, जिसकी चपेट में आने से सुनील और उनकी भैंस ने तुरंत दम तोड़ दिया। इस हृदयविदारक घटना के बाद मृतक की माँ मालती देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। मृतक के बड़े भाई सुधीर दिल्ली में टैक्सी चलाकर परिवार का पालन-पोषण करते हैं। हादसे की सूचना मिलते ही गांव में भारी भीड़ उमड़ पड़ी। ग्रामीणों ने बिजली विभाग पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि इतनी बड़ी घटना होने के बावजूद विभाग का कोई भी जिम्मेदार अधिकारी घटनास्थल पर नहीं पहुंचा। ग्रामीणों का आरोप है कि विभाग ने सिर्फ एक लाइनमैन भेजा, जिसने चुपचाप पोल से बंधी उस जानलेवा लोहे की स्टिक को हटाया और फिर वापस चला गया। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस पूरे मामले की गहन जांच करने, दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने और पीड़ित परिवार को तत्काल आर्थिक सहायता प्रदान करने की मांग की है।1
- इटावा के गांधी नगर इलाके में एक कार पर पत्थरबाजी की गई, जिसके कारण कार का शीशा टूट गया। इस घटना में कार सवार लोग बाल-बाल बच गए। पीड़ित ने इस संबंध में फ्रेंड्स कॉलोनी थाने जाकर एक शिकायती पत्र सौंपा है और पुलिस से मामले में मुकदमा दर्ज करने की गुहार लगाई है।1
- इटावा में विभिन्न स्तरों पर मिली शिकायतों के बाद उपजिलाधिकारी के निर्देशन में 4 जून 2026 को एक बड़ा अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया गया। यह अभियान जुडियो मॉल से पक्का बाग तिराहे तक डीप टॉकीज रोड पर केंद्रित था। इस दौरान सड़क और फुटपाथ पर अवैध रूप से डंप की गई गिट्टी, मौरंग और अन्य निर्माण सामग्री को हटवाया गया। प्रशासन ने अतिक्रमण करने वाले कुल पांच दुकानदारों के खिलाफ कार्रवाई की। इनमें से चार दुकानदारों से ₹2,500 प्रति दुकान की दर से ₹10,000 और एक अन्य दुकानदार से ₹2,000 का जुर्माना वसूला गया, जिससे कुल ₹12,000 का जुर्माना जमा किया गया। इस अभियान में राजस्व एवं नगर पालिका की टीम के साथ पर्याप्त पुलिस बल, जेसीबी और ट्रैक्टर भी मौजूद रहे। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सड़क और फुटपाथ पर अवैध कब्जा एवं निर्माण सामग्री रखने वालों के विरुद्ध आगे भी ऐसे अभियान जारी रहेंगे।1
- इटावा में उपजिलाधिकारी के निर्देशन में 04 जून 2026 को जुडियो माल से पक्का बाग तिराहे तक डीप टाकीज रोड पर एक अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया गया। यह कार्रवाई विभिन्न स्तरों पर प्राप्त शिकायतों के क्रम में की गई। अभियान के दौरान, सड़क और फुटपाथ पर जमा की गई गिट्टी, मौरंग जैसी सामग्री को हटवाया गया। इसके साथ ही, कुल पाँच दुकानदारों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की गई, जिनमें से चार दुकानदारों से ₹2,500 प्रति दुकान की दर से ₹10,000 और एक दुकानदार से ₹2,000 का जुर्माना वसूल किया गया। कुल मिलाकर, अतिक्रमण के खिलाफ ₹12,000 का जुर्माना वसूल करते हुए कड़ी कार्रवाई की गई। इस दौरान मौके पर राजस्व एवं पालिका टीम के अधिकारियों के साथ पर्याप्त पुलिस बल, जेसीबी मशीन और ट्रैक्टर भी मौजूद रहे।1
- कोतवाली गंगाघाट के अंतर्गत बालूरघाट चौकी के मनोहर नगर स्थित एक देसी शराब ठेके के अंदर एक घायल युवक काफी देर तक तड़पता रहा। बताया गया कि सूचना दिए जाने के बावजूद, प्रशासन थाने से महज चंद कदम की दूरी पर होने के बावजूद मौके पर नहीं पहुँच सका, जिससे स्थानीय लोगों में नाराजगी है।1
- इटावा जिले के महेवा क्षेत्र के एक किसान ने लेखपाल सहित राजस्व विभाग के अधिकारियों पर रिश्वत मांगने और उनकी पैतृक भूमि को जानबूझकर विवादित करने का गंभीर आरोप लगाया है। इस संबंध में किसान ने जिलाधिकारी को एक शिकायती प्रार्थना पत्र सौंपा है, जिसमें मामले की निष्पक्ष जांच कर कड़ी कार्रवाई की मांग की गई है। शिकायतकर्ता किसान कुन्नू, श्रीकृष्ण और राधेश्याम ने बताया कि उनकी पैतृक भूमि महेवा में हाईवे किनारे स्थित है, जहाँ वे प्लॉटिंग का काम कर रहे हैं। किसानों के अनुसार, कुछ दिन पहले क्षेत्रीय लेखपाल राहुल गोयल ने उनसे दो लाख रुपये नकद और एक प्लॉट की मांग की थी। किसान का आरोप है कि लेखपाल ने यह भी कहा कि यह राशि संबंधित राजस्व अधिकारियों तक पहुंचाई जाएगी। जब उन्होंने कथित रिश्वत देने से इनकार कर दिया, तो उनकी जमीन को विवादित बनाने का प्रयास किया गया। इसी क्रम में राजस्व विभाग की टीम ने हाईवे किनारे नाली होने का दावा करते हुए उनकी प्लॉटिंग के बीच से जेसीबी मशीन द्वारा खुदाई कराई। किसानों का यह भी आरोप है कि इस कार्रवाई के दौरान उन्हें पुलिस हिरासत में भी लिया गया था। किसानों ने अपनी शिकायत में स्पष्ट किया है कि यदि वास्तव में वहाँ नाली मौजूद है, तो उसकी स्पष्ट पैमाइश और चिन्हांकन कराया जाए। उनका दावा है कि न तो आगे और न ही पीछे किसी अन्य स्थान पर नाली का सीमांकन किया गया, बल्कि केवल उनकी जमीन को ही निशाना बनाया गया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि उनकी जमीन के पास कुछ प्लॉट ऐसे लोगों के हैं जो पूर्व में जिले में तैनात रहे एक तहसीलदार से जुड़े बताए जाते हैं, और उन प्लॉटों को बचाने के लिए उनकी जमीन के बीच से जबरन नाली निकालने का दबाव बनाया जा रहा है। पीड़ित किसानों ने जिलाधिकारी से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की गुहार लगाई है।3
- जसवंतनगर में नहरों और झालों पर बढ़ती भीड़ तथा डूबने की घटनाओं की आशंका को देखते हुए बलरई थाना पुलिस ने एक जागरूकता अभियान शुरू किया है। यह कार्रवाई सीओ आयुषी सिंह के निर्देश पर की गई, जिसके तहत थाना प्रभारी कृपाल सिंह ने संवेदनशील स्थानों पर चेतावनी संबंधी बैनर लगवाए हैं। पुलिस ने बताया कि इन दिनों नहर और खारजा झाल में पानी का स्तर बढ़ा हुआ है, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा अधिक है। यह अभियान विशेष रूप से भोगनीपुर गंग नहर और खारजा झाल सहित अन्य संवेदनशील जल निकायों पर केंद्रित है। पुलिस ने अपने सरकारी वाहन में लगे लाउडस्पीकर के माध्यम से आसपास के पीहरपुर, नगला तौर, घुरा, जाखन, बहादुरपुर, नसीरपुर, नगला रामसुंदर, बलरई, कोकाबली, अंडावली, कीरतपुर, सरामई और नगला सलहदी जैसे कई गांवों में भ्रमण कर लोगों को जागरूक किया। ग्रामीणों को समझाया गया कि नहरों और झालों में स्नान करना बेहद खतरनाक हो सकता है, क्योंकि तेज बहाव के कारण दुर्घटनाएं होने की प्रबल आशंका रहती है। सीओ आयुषी सिंह ने स्वयं लोगों से अपील की है कि वे अपनी सुरक्षा को प्राथमिकता दें और नहरों तथा झालों में स्नान करने से बचें। पुलिस द्वारा यह जागरूकता अभियान लगातार चलाया जा रहा है ताकि किसी भी अप्रिय घटना को प्रभावी ढंग से रोका जा सके और लोगों की जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।1