दिल्ली में 15 से 23 जून 2026 तक भव्य शिव महापुराण कथा का आयोजन किया जाएगा, जिसमें 19 जून 2026 को पंचम दिवस के रूप में 'शिव विवाह महोत्सव' विशेष रूप से मनाया जाएगा। यह प्रसंग शिव महापुराण का एक मुख्य हिस्सा है, जो 5वें और 6वें दिन वर्णित होता है। कथा के अनुसार, दक्ष प्रजापति की पुत्री सती के आत्मदाह के पश्चात्, उन्होंने हिमालय के घर पार्वती के रूप में जन्म लिया। नारद मुनि के मार्गदर्शन पर पार्वती ने शिव को पति रूप में पाने के लिए कठोर तपस्या की, जिससे तीनों लोक प्रभावित हो गए। शिव ने वृद्ध ब्राह्मण के वेश में आकर पार्वती की परीक्षा भी ली, जहाँ उन्होंने शिव की निंदा की, पर पार्वती अपने संकल्प पर अडिग रहीं, जिससे प्रसन्न होकर शिव ने उन्हें वरदान दिया। इसके बाद, शिव जी की अद्भुत बारात निकली, जिसमें वे बैल पर सवार थे और उनके साथ भूत-प्रेत, पिशाच, गण, नाग, देवता तथा ऋषि सभी बाराती बनकर शामिल हुए। वैदिक रीति-रिवाजों के साथ हिमालय के निवास पर शिव-पार्वती का विवाह संपन्न हुआ, जिस पर देवताओं ने पुष्पवर्षा की और समस्त ब्रह्मांड आनंद से भर उठा। इस महोत्सव को कथा पंडाल में अत्यंत धूमधाम से मनाया जाता है। इसमें कलश यात्रा के साथ शिव जी की बारात का जीवंत मंचन होता है, जहाँ भक्तगण 'बोल बम, हर-हर महादेव' के जयकारे लगाते हुए नाचते-गाते हैं। पंडाल को कैलाश पर्वत के समान सजाया जाता है, जिससे ऐसा प्रतीत होता है मानो स्वयं शिव दिल्ली में पधारे हों। कथावाचक संगीतमय शैली में शिव विवाह का प्रसंग सुनाते हैं, जिससे भक्त भक्ति भाव में झूम उठते हैं। कई स्थानों पर शिव विवाह के दिन विशाल भंडारे का भी आयोजन किया जाता है। शिव महापुराण में वर्णित है कि शिव विवाह की कथा सुनने से अनेक पुण्य फल प्राप्त होते हैं। अविवाहितों को मनचाहा वर या वधू मिलता है, विवाहित जोड़ों के प्रेम और सुख में वृद्धि होती है, संतान सुख की प्राप्ति होती है, और दांपत्य जीवन के कष्ट दूर होते हैं। इस शिव महापुराण कथा का वाचन रीवा के जाने-माने कथावाचक गोकर्ण शास्त्री जी द्वारा किया जाएगा। हर हर महादेव, जय भोलेनाथ।
दिल्ली में 15 से 23 जून 2026 तक भव्य शिव महापुराण कथा का आयोजन किया जाएगा, जिसमें 19 जून 2026 को पंचम दिवस के रूप में 'शिव विवाह महोत्सव' विशेष रूप से मनाया जाएगा। यह प्रसंग शिव महापुराण का एक मुख्य हिस्सा है, जो 5वें और 6वें दिन वर्णित होता है। कथा के अनुसार, दक्ष प्रजापति की पुत्री सती के आत्मदाह के पश्चात्, उन्होंने हिमालय के घर पार्वती के रूप में जन्म लिया। नारद मुनि के मार्गदर्शन पर पार्वती ने शिव को पति रूप में पाने के लिए कठोर तपस्या की, जिससे तीनों लोक प्रभावित हो गए। शिव ने वृद्ध ब्राह्मण के वेश में आकर पार्वती की परीक्षा भी ली, जहाँ उन्होंने शिव की निंदा की, पर पार्वती अपने संकल्प पर अडिग रहीं, जिससे प्रसन्न होकर शिव ने उन्हें वरदान दिया। इसके बाद, शिव जी की अद्भुत बारात निकली, जिसमें वे बैल पर सवार थे और उनके साथ भूत-प्रेत, पिशाच, गण, नाग, देवता तथा ऋषि सभी बाराती बनकर शामिल हुए। वैदिक रीति-रिवाजों के साथ हिमालय के निवास पर शिव-पार्वती का विवाह संपन्न हुआ, जिस पर देवताओं ने पुष्पवर्षा की और समस्त ब्रह्मांड आनंद से भर उठा। इस महोत्सव को कथा पंडाल में अत्यंत धूमधाम से मनाया जाता है। इसमें कलश यात्रा के साथ शिव जी की बारात का जीवंत मंचन होता है, जहाँ भक्तगण 'बोल बम, हर-हर महादेव' के जयकारे लगाते हुए नाचते-गाते हैं। पंडाल को कैलाश पर्वत के समान सजाया जाता है, जिससे ऐसा प्रतीत होता है मानो स्वयं शिव दिल्ली में पधारे हों। कथावाचक संगीतमय शैली में शिव विवाह का प्रसंग सुनाते हैं, जिससे भक्त भक्ति भाव में झूम उठते हैं। कई स्थानों पर शिव विवाह के दिन विशाल भंडारे का भी आयोजन किया जाता है। शिव महापुराण में वर्णित है कि शिव विवाह की कथा सुनने से अनेक पुण्य फल प्राप्त होते हैं। अविवाहितों को मनचाहा वर या वधू मिलता है, विवाहित जोड़ों के प्रेम और सुख में वृद्धि होती है, संतान सुख की प्राप्ति होती है, और दांपत्य जीवन के कष्ट दूर होते हैं। इस शिव महापुराण कथा का वाचन रीवा के जाने-माने कथावाचक गोकर्ण शास्त्री जी द्वारा किया जाएगा। हर हर महादेव, जय भोलेनाथ।
- सफेद रेत का 'काला कारोबार' खुलेआम संचालित हो रहा है, जहाँ डंपर एक ही रॉयल्टी पर कई चक्कर लगा रहे हैं, और कुछ वाहन तो दिनदहाड़े खुलेआम बिना किसी रॉयल्टी के चल रहे हैं। जनहित को देखते हुए इस गंभीर मामले में कलेक्टर से ध्यान देने की अपील की गई है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, केवलारी से जिला नीमच मुख्यालय तक 745 किलोमीटर की रॉयल्टी काटी जा रही है। यह स्थिति कई सवाल खड़े करती है, खासकर तब जब जिला नीमच के आस-पास राजस्थान में 200-250 किलोमीटर की दूरी पर भी कई रेत खदानें उपलब्ध हैं। इतनी अधिक दूरी से रॉयल्टी काटे जाने पर गंभीर संदेह व्यक्त किया जा रहा है।1
- न्यू तक्षशिला कॉन्वेंट स्कूल, बिरसिंहपुर, शिक्षा के साथ-साथ बच्चों को संस्कार देने पर जोर देता है। स्कूल का मानना है कि हर बच्चा अपने साथ एक सपना लेकर आता है, और उनकी कोशिश सिर्फ पढ़ाने की नहीं, बल्कि उस सपने को पहचानकर उसे उड़ान देना है। बड़े वादे करने के बजाय, यह स्कूल रोज़ छोटे-छोटे प्रयासों के माध्यम से अपनी पहचान बनाता है। न्यू तक्षशिला कॉन्वेंट स्कूल में नर्सरी से कक्षा 8वीं तक के लिए प्रवेश खुले हैं, अधिक जानकारी के लिए मोबाइल नंबर 9109050582 पर संपर्क किया जा सकता है।1
- रीवा जिले की जवा तहसील के डभौरा नगर परिषद में अपने पिता फूलचंद आरख का पता न लगा पाने से परेशान दो बालिकाएँ आज, 20 जून 2026 से डभौरा थाने के सामने क्रमिक अनशन पर बैठ गई हैं। इन बालिकाओं का कहना है कि 27 मई 2026 को उनके पिता फूलचंद आरख को गायब कर दिया गया था, जिसकी रिपोर्ट डभौरा थाने में की गई, लेकिन डभौरा पुलिस आज तक उनका पता नहीं लगा पाई है। बालिकाओं ने बताया कि उन्होंने अपने पिता की तलाश के लिए पुलिस अधीक्षक रीवा, डीआईजी, कलेक्टर रीवा, एसडीएम, एसडीओपी और थाना प्रभारी डभौरा को भी ज्ञापन सौंपे थे, लेकिन कोई कार्यवाही नहीं हुई। उन्होंने दृढ़तापूर्वक कहा है कि जब तक उनके पिता फूलचंद आरख को जिंदा या मुर्दा नहीं लाया जाता, वे अपना अनशन समाप्त नहीं करेंगी और अपराधियों के विरुद्ध कार्यवाही की भी मांग की है। उनके अनशन स्थल पर समाजवादी पार्टी के प्रदेश सचिव जगदीश सिंह यादव ने पहुँचकर समर्थन व्यक्त किया और चेतावनी दी कि यदि एक सप्ताह के भीतर न्याय नहीं मिला, तो समाजवादी पार्टी आंदोलन करेगी। अब देखना यह है कि पुलिस अधीक्षक रीवा इन अनशनकारी बालिकाओं को कितने समय में न्याय दिलाते हैं और लापरवाह पुलिस कर्मियों के विरुद्ध क्या कार्रवाई करते हैं।4
- चित्रकूट जनपद के ग्राम रामनगर में एक पैर से दिव्यांग बुजुर्ग ने आरोप लगाया है कि पिछले 15-20 दिनों से उनके घर की पानी की टोटी में जलापूर्ति पूरी तरह ठप है। बुजुर्ग ने बताया कि अपनी दिव्यांगता के कारण पानी की व्यवस्था करना उनके लिए अत्यंत कठिन हो गया है, जिससे उनका दैनिक जीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। क्षेत्र के अन्य ग्रामीणों ने भी पुष्टि की है कि पेयजल संकट की समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है। उन्होंने संबंधित विभाग से इस ओर तत्काल ध्यान देने की मांग की है। ग्रामीणों ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि जिम्मेदार अधिकारी जल्द से जल्द इस समस्या का समाधान करें और नियमित जलापूर्ति बहाल करें, ताकि स्थानीय लोगों को राहत मिल सके।1
- एक विधवा महिला ने अपने देवर पर उनकी जमीन पर जबरन कब्जा करने और उनके साथ मारपीट करने का गंभीर आरोप लगाया है। महिला ने दावा किया है कि उनके देवर ने उनकी निजी संपत्ति पर अवैध रूप से अधिकार जमा लिया है और विरोध करने पर उनके साथ शारीरिक हिंसा की है।1
- कानपुर के "बोतल बाबा उर्फ हरिओम यादव" पर एक महिला ने गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसके बाद उनके खिलाफ केस दर्ज किया गया है। बाबा पर रेप के प्रयास और ₹40,000 की ठगी का आरोप है। यह घटनाक्रम तब सामने आया जब बोतल बाबा एक बच्चे के शरीर में 'प्राण डालने' का प्रहसन कर रहे थे। इस दौरान बाबा हाथों से पंप जैसी मुद्रा बनाकर नाटकीय ढंग से कह रहे थे, "लो प्राण डालो इसमें जल्दी... मुर्दा लेकर आये थे. इसके प्राण उड़ रहे थे ऊपर. वह चिपक गये, वो जाने और महाकाली. अब इसके प्राण पूरे भर चुके है, जा चुके थे।" एक महिला द्वारा लगाए गए इन आरोपों के बाद इस फर्जी बाबा के खिलाफ अब कानूनी कार्रवाई की जा रही है। लोग इस घटना को लेकर न्याय की मांग कर रहे हैं।1
- रीवा स्थित कमिश्नर कार्यालय में आयोजित एक बैठक में रीवा-सिंगरौली रेलवे लाइन निर्माण कार्य की विस्तृत समीक्षा की गई। इस दौरान अधिकारियों को सीधी और सिंगरौली में बन रहे आरओबी तथा 14 रेल सुरंगों के निर्माण कार्यों में आ रही सभी बाधाओं को प्राथमिकता के आधार पर दूर करने के निर्देश दिए गए। बैठक में यह बताते हुए प्रसन्नता व्यक्त की गई कि सितंबर तक ट्रेन सेवा सीधी तक पहुंच जाएगी। इसके साथ ही, अधिकारियों को ललितपुर-सिंगरौली रेलवे लाइन परियोजना को दिसंबर 2028 तक हर हाल में पूरा करने का निर्देश दिया गया। इस परियोजना को विंध्य क्षेत्र के विकास, औद्योगिक प्रगति और बेहतर संपर्क व्यवस्था के लिए एक नई आधारशिला माना जा रहा है, जो क्षेत्र की विकास रेखा के रूप में स्थापित होगी। इस महत्वपूर्ण बैठक में रीवा सांसद श्री जनार्दन मिश्रा जी और सीधी सांसद श्री डॉ. राजेश मिश्रा जी सहित अन्य साथी उपस्थित रहे।1
- सोशल मीडिया पर आंध्र प्रदेश का बताया जा रहा एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में एक कॉलेज के बाहर छात्राओं को परेशान करने और उनसे छेड़छाड़ के आरोप में पुलिस ने कुछ युवकों के खिलाफ कार्रवाई की है। वायरल हो रहे इस वीडियो पर लोग कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। साथ ही, यह भी जोर देकर कहा गया है कि छात्राओं से छेड़छाड़ करने वाले ऐसे लफंगों पर पूरे देश में पुलिस द्वारा ऐसी ही सख्त ‘थर्डडिग्री’ कार्रवाई होनी चाहिए।1