प्रयागराज के घनी आबादी वाले बहादुरगंज इलाके में शनिवार को एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। नव भारती स्कूल के समीप एक अत्यंत जर्जर मकान का छज्जा अचानक भरभराकर नीचे गिर गया। राहत की बात यह रही कि इस घटना में कोई भी व्यक्ति मलबे की चपेट में नहीं आया और किसी प्रकार की जनहानि या अप्रिय घटना नहीं हुई। हालाँकि, इस वाकये ने स्थानीय निवासियों और राहगीरों में गहरी दहशत पैदा कर दी है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जिस वक्त यह छज्जा गिरा, उस दौरान वहाँ से कुछ लोग गुजर रहे थे, जो सौभाग्य से बाल-बाल बच गए। चूँकि यह स्थान नव भारती स्कूल के ठीक बगल में है, इसलिए यहाँ बच्चों और अभिभावकों की आवाजाही लगातार बनी रहती है। गनीमत रही कि घटना के समय मुख्य मार्ग पर अधिक भीड़ नहीं थी, अन्यथा एक बड़ी दुर्घटना से इनकार नहीं किया जा सकता था। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश और डर का माहौल है, क्योंकि उनका कहना है कि यह मकान लंबे समय से बेहद जर्जर स्थिति में है। छज्जा गिरने के बावजूद मकान का शेष हिस्सा भी अत्यंत खतरनाक तरीके से खड़ा दिखाई दे रहा है, जो कभी भी पूरी तरह जमींदोज हो सकता है। एक स्थानीय निवासी ने इसे 'टाइम बम' करार देते हुए चेतावनी दी कि यदि जल्द ही इस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई तो किसी भी समय कोई बड़ी अनहोनी हो सकती है, विशेषकर स्कूली बच्चों के लिए यह हर वक्त का खतरा बना हुआ है। बहादुरगंज के नागरिकों ने नगर निगम और जिला प्रशासन से स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कदम उठाने की अपील की है। उनकी मुख्य मांगों में जर्जर भवन के खतरनाक हिस्सों को तुरंत सुरक्षित तरीके से गिराना, स्कूल और आम रास्ते के पास सुरक्षा घेरा (बैरीकेडिंग) लगाना तथा क्षेत्र के अन्य अति-जर्जर भवनों को चिह्नित कर उनके स्वामियों को नोटिस जारी करना शामिल है। स्थानीय जनता ने प्रशासन से गुहार लगाई है कि बरसात का मौसम नजदीक आने से ऐसे मकानों के गिरने का खतरा और भी बढ़ जाता है, इसलिए किसी बड़े हादसे का इंतजार करने के बजाय इस मामले का तुरंत संज्ञान लिया जाए।
प्रयागराज के घनी आबादी वाले बहादुरगंज इलाके में शनिवार को एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। नव भारती स्कूल के समीप एक अत्यंत जर्जर मकान का छज्जा अचानक भरभराकर नीचे गिर गया। राहत की बात यह रही कि इस घटना में कोई भी व्यक्ति मलबे की चपेट में नहीं आया और किसी प्रकार की जनहानि या अप्रिय घटना नहीं हुई। हालाँकि, इस वाकये ने स्थानीय निवासियों और राहगीरों में गहरी दहशत पैदा कर दी है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जिस वक्त यह छज्जा गिरा, उस दौरान वहाँ से कुछ लोग गुजर रहे थे, जो सौभाग्य से बाल-बाल बच गए। चूँकि यह स्थान नव भारती स्कूल के ठीक बगल में है, इसलिए यहाँ बच्चों और अभिभावकों की आवाजाही लगातार बनी रहती है। गनीमत रही कि घटना के समय मुख्य मार्ग पर अधिक भीड़ नहीं थी, अन्यथा एक बड़ी दुर्घटना से इनकार नहीं किया जा सकता था। इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश और डर का माहौल है, क्योंकि उनका कहना है कि यह मकान लंबे समय से बेहद जर्जर स्थिति में है। छज्जा गिरने के बावजूद
मकान का शेष हिस्सा भी अत्यंत खतरनाक तरीके से खड़ा दिखाई दे रहा है, जो कभी भी पूरी तरह जमींदोज हो सकता है। एक स्थानीय निवासी ने इसे 'टाइम बम' करार देते हुए चेतावनी दी कि यदि जल्द ही इस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई तो किसी भी समय कोई बड़ी अनहोनी हो सकती है, विशेषकर स्कूली बच्चों के लिए यह हर वक्त का खतरा बना हुआ है। बहादुरगंज के नागरिकों ने नगर निगम और जिला प्रशासन से स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कदम उठाने की अपील की है। उनकी मुख्य मांगों में जर्जर भवन के खतरनाक हिस्सों को तुरंत सुरक्षित तरीके से गिराना, स्कूल और आम रास्ते के पास सुरक्षा घेरा (बैरीकेडिंग) लगाना तथा क्षेत्र के अन्य अति-जर्जर भवनों को चिह्नित कर उनके स्वामियों को नोटिस जारी करना शामिल है। स्थानीय जनता ने प्रशासन से गुहार लगाई है कि बरसात का मौसम नजदीक आने से ऐसे मकानों के गिरने का खतरा और भी बढ़ जाता है, इसलिए किसी बड़े हादसे का इंतजार करने के बजाय इस मामले का तुरंत संज्ञान लिया जाए।
- प्रयागराज जिले के करछना तहसील अंतर्गत डाड़ो गांव में हरे-भरे आम के पेड़ों की धड़ल्ले से कटाई का गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि लकड़ी माफिया खुलेआम इन पेड़ों पर आरा चला रहे हैं, जिससे उनके हौसले बुलंद हैं। वहीं, इस पूरे मामले में जिम्मेदार विभागीय अधिकारी अनजान बने हुए हैं और प्रशासन भी चुप्पी साधे हुए है। पर्यावरण को गंभीर नुकसान पहुँचाने वाली इस बेलगाम कार्रवाई से ग्रामीणों में गहरी नाराजगी है, और वे प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठा रहे हैं।1
- मेरठ के एसएसपी अविनाश पाण्डेय बीते रविवार को अपनी मॉर्निंग वॉक के दौरान अचानक महिला थाने पहुँच गए। इस दौरान थाने में केवल एक महिला पुलिसकर्मी सोती हुई मिली। एसएसपी ने महिला थाने का क्राइम रजिस्टर अपने साथ ले लिया और वापस लौट आए। अपने कार्यालय पहुँचने पर एसएसपी ने जब महिला थाने से वही क्राइम रजिस्टर मंगवाया, तो वहाँ गुम रजिस्टर की तलब से हड़कंप मच गया। सीसीटीवी फुटेज देखने के बाद महिला थाना प्रभारी और अन्य महिला पुलिसकर्मियों को पता चला कि एसएसपी ने ही निरीक्षण किया था। इसके परिणामस्वरूप, एसएसपी ने महिला थाने की 19 लापरवाह महिला पुलिसकर्मियों का जिले के अलग-अलग थानों में तबादला कर दिया है।1
- मुहर्रम की चाँद रात के पावन अवसर पर, परंपरागत और ऐतिहासिक लल्लन नाई अलम का जुलूस अत्यंत श्रद्धा, अनुशासन और अकीदत के साथ निकाला गया। यह जुलूस वर्षों पुरानी एक महत्वपूर्ण परंपरा का प्रतीक है, जिसमें बड़ी संख्या में अकीदतमंदों ने भाग लेकर हज़रत इमाम हुसैन (अ.स.) और कर्बला के 72 शहीदों को अपनी खिराज-ए-अकीदत पेश की।4
- उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से माननीय मुख्यमंत्री जी एक नया संदेश दे रहे हैं।1
- छात्रों द्वारा नौकरी की मांग किए जाने पर उन्हें अक्सर लाठियां मिलती हैं, जिससे उनकी स्थिति और भी दयनीय हो जाती है। इस गंभीर समस्या के साथ-साथ, परीक्षा के पेपर लीक होने और भर्ती प्रक्रियाओं के लगातार विवादों में घिरने जैसी चुनौतियाँ भी बनी हुई हैं। इन घटनाओं के कारण छात्रों की वर्षों की कड़ी मेहनत, उज्ज्वल भविष्य के सपने और उम्मीदें बार-बार टूटती हैं, जिससे वे निराश हो जाते हैं। यह स्थिति केवल व्यवस्था पर ही नहीं, बल्कि हम सभी पर सवाल उठाती है कि यदि देश के युवाओं की आवाज़ को अनसुना किया जाता रहेगा, तो राष्ट्र का भविष्य कैसे मजबूत बन पाएगा? छात्र मात्र वादे नहीं, बल्कि ठोस समाधान चाहते हैं। उनकी स्पष्ट मांग है कि उन्हें न्याय, पारदर्शिता और सम्मान मिले, ताकि उनकी मेहनत और लगन को उचित पहचान मिल सके।1
- गोरखपुर में जमीनी विवाद के कारण एक जोरदार मारपीट हुई, जिसके परिणामस्वरूप कई लोग घायल हो गए।1
- प्रयागराज के झूंसी थाना क्षेत्र अंतर्गत मलावा बुजुर्ग में एक बार फिर दबंग प्रवृत्ति के आरोपी ज़मीरुल हसन ने 70 वर्षीय वृद्ध महिला अफसरी बेगम को निशाना बनाया है। आरोप है कि आज सुबह ज़मीरुल हसन पुत्र ताज़ मोहम्मद ने जबरन मकान कब्ज़ाने को लेकर वृद्धा का गला दबाकर उन्हें बेहोश कर दिया। यह घटना तब हुई जब आरोपी हाल ही में नैनी जेल से छूटकर आया था। बताया गया है कि इससे पहले भी ज़मीरुल हसन ने इसी वृद्ध महिला के सिर पर लोहे की रॉड से हमला कर उन्हें लहूलुहान कर दिया था। आरोप है कि जेल से बाहर आने के बाद आरोपी और अधिक मनबढ़ हो गया है, वह आए दिन लोगों को गाली गलौज देता है और खुलेआम धमकियाँ देता है कि वह अब एक 'बड़ा बदमाश' बन गया है और कोई उसका कुछ नहीं बिगाड़ सकता।1