*किरंदुल एनएमडीसी में एस.के समानता कंपनी बाहर से लाए कार्यरत मजदूरों की जान से खिलवाड़,और बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के मजदूर की अनदेखी, साथ मजदूर के प्रति समानता कंपनी की लापरवाही उजागर* रिपोर्ट/वीथिका सरकार *किरंदुल स्थित एनएमडीसी में कार्यरत बहुचर्चित एस.के समानता कंपनी द्वारा अपने मजदूरों के लिए की गई यातायात व्यवस्था अत्यंत ही भयावह एवं जान जोखिम में डालने वाली पाई जा रही है* *एस. के समानता कंपनी बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के जो गरीब मजदूर है उनके साथ कर रही अन्याय* एस.के. समानता कंपनी जिस तरह प्रतिदिन मजदूरों को जिस तरह से नियमों को ताक पर रखकर काम पर लाया–ले जाया जा रहा है, वह किसी बड़ी दुर्घटना को खुला न्योता है, आंखों देखी स्थिति के अनुसार, मजदूरों को असुरक्षित वाहनों में, यातायात नियमों का खुलेआम उल्लंघन करते हुए एनएमडीसी कार्यस्थल तक पहुंचाया जा रहा है,यह न केवल मोटर वाहन नियमों का उल्लंघन है,बल्कि सीधे-सीधे मजदूरों की जान के साथ खिलवाड़ भी है, सबसे बड़ा सवाल यह है कि यदि इस लापरवाही के कारण किसी मजदूर की जान चली जाती है,तो उसकी जिम्मेदारी कौन लेगा? क्या समानता कंपनी इसकी जिम्मेदारी उठाएगी या फिर एनएमडीसी प्रबंधन जवाबदेह होगा? बाहर से आई इस कंपनी द्वारा स्थानीय मजदूरों की सुरक्षा को पूरी तरह नजरअंदाज किया जा रहा है, साथ क्षेत्र के मजदूर के साथ अन्याय किया जा रहा है उनको प्राथमिकता ना देकर बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के मजदूर की अनदेखी किया जा रहा है जिससे गरीब जनता और जन प्रतिनिधि बह नाराज, और जिस प्रकार ये मजदूर के साथ भी नियमों के अनदेखी किया जा रहा है यह स्थिति अत्यंत चिंताजनक है और यदि समय रहते इस पर रोक नहीं लगाई गई, तो कभी भी बड़ी जनहानि हो सकती है, प्रशासन से मांग की जाती है कि इस गंभीर मामले का तत्काल संज्ञान लेते हुए समानता कंपनी एवं संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाए, साथ ही मजदूरों के लिए सुरक्षित,नियमों के अनुरूप यातायात व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में किसी निर्दोष की जान न जाए, अब समय आ गया है कि प्रशासन सख्त कदम उठाए,अन्यथा इसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित कंपनी एवं प्रबंधन पर तय की जानी चाहिए और बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के मजदूर की अनदेखी करना ये बहुत ही जायदा गलत है इसे रोकना ही चाहिए और नियमों का साथ पालन भी किया जाना चाहिए
*किरंदुल एनएमडीसी में एस.के समानता कंपनी बाहर से लाए कार्यरत मजदूरों की जान से खिलवाड़,और बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के मजदूर की अनदेखी, साथ मजदूर के प्रति समानता कंपनी की लापरवाही उजागर* रिपोर्ट/वीथिका सरकार *किरंदुल स्थित एनएमडीसी में कार्यरत बहुचर्चित एस.के समानता कंपनी द्वारा अपने मजदूरों के लिए की गई यातायात व्यवस्था अत्यंत ही भयावह एवं जान जोखिम में डालने वाली पाई जा रही है* *एस. के समानता कंपनी बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के जो गरीब मजदूर है उनके साथ कर रही अन्याय* एस.के. समानता कंपनी जिस तरह प्रतिदिन मजदूरों को जिस तरह से नियमों को ताक पर रखकर काम पर लाया–ले जाया जा रहा है, वह किसी बड़ी दुर्घटना को खुला न्योता है, आंखों देखी स्थिति के अनुसार, मजदूरों को असुरक्षित वाहनों में, यातायात नियमों का खुलेआम उल्लंघन करते हुए एनएमडीसी कार्यस्थल तक पहुंचाया जा रहा है,यह न केवल मोटर वाहन नियमों का उल्लंघन है,बल्कि सीधे-सीधे मजदूरों की जान के साथ खिलवाड़ भी है, सबसे बड़ा सवाल यह है कि यदि इस लापरवाही के कारण किसी मजदूर की जान चली जाती है,तो उसकी जिम्मेदारी कौन लेगा? क्या समानता कंपनी इसकी जिम्मेदारी उठाएगी या फिर एनएमडीसी प्रबंधन जवाबदेह होगा? बाहर से आई इस कंपनी द्वारा स्थानीय मजदूरों की सुरक्षा को पूरी तरह नजरअंदाज किया जा रहा है, साथ क्षेत्र के मजदूर के साथ अन्याय किया जा रहा है उनको प्राथमिकता ना देकर बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के मजदूर की अनदेखी किया जा रहा है जिससे गरीब जनता और जन प्रतिनिधि बह नाराज, और जिस प्रकार ये मजदूर के साथ भी नियमों के अनदेखी किया जा रहा है यह स्थिति अत्यंत चिंताजनक है और यदि समय रहते इस पर रोक नहीं लगाई गई, तो कभी भी बड़ी जनहानि हो सकती है, प्रशासन से मांग की जाती है कि इस गंभीर मामले का तत्काल संज्ञान लेते हुए समानता कंपनी एवं संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाए, साथ ही मजदूरों के लिए सुरक्षित,नियमों के अनुरूप यातायात व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में किसी निर्दोष की जान न जाए, अब समय आ गया है कि प्रशासन सख्त कदम उठाए,अन्यथा इसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित कंपनी एवं प्रबंधन पर तय की जानी चाहिए और बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के मजदूर की अनदेखी करना ये बहुत ही जायदा गलत है इसे रोकना ही चाहिए और नियमों का साथ पालन भी किया जाना चाहिए
- *किरंदुल एनएमडीसी में एस.के समानता कंपनी बाहर से लाए कार्यरत मजदूरों की जान से खिलवाड़,और बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के मजदूर की अनदेखी, साथ मजदूर के प्रति समानता कंपनी की लापरवाही उजागर* *किरंदुल स्थित एनएमडीसी में कार्यरत बहुचर्चित एस.के समानता कंपनी द्वारा अपने मजदूरों के लिए की गई यातायात व्यवस्था अत्यंत ही भयावह एवं जान जोखिम में डालने वाली पाई जा रही है* *एस. के समानता कंपनी बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के जो गरीब मजदूर है उनके साथ कर रही अन्याय* एस.के. समानता कंपनी जिस तरह प्रतिदिन मजदूरों को जिस तरह से नियमों को ताक पर रखकर काम पर लाया–ले जाया जा रहा है, वह किसी बड़ी दुर्घटना को खुला न्योता है, आंखों देखी स्थिति के अनुसार, मजदूरों को असुरक्षित वाहनों में, यातायात नियमों का खुलेआम उल्लंघन करते हुए एनएमडीसी कार्यस्थल तक पहुंचाया जा रहा है,यह न केवल मोटर वाहन नियमों का उल्लंघन है,बल्कि सीधे-सीधे मजदूरों की जान के साथ खिलवाड़ भी है, सबसे बड़ा सवाल यह है कि यदि इस लापरवाही के कारण किसी मजदूर की जान चली जाती है,तो उसकी जिम्मेदारी कौन लेगा? क्या समानता कंपनी इसकी जिम्मेदारी उठाएगी या फिर एनएमडीसी प्रबंधन जवाबदेह होगा? बाहर से आई इस कंपनी द्वारा स्थानीय मजदूरों की सुरक्षा को पूरी तरह नजरअंदाज किया जा रहा है, साथ क्षेत्र के मजदूर के साथ अन्याय किया जा रहा है उनको प्राथमिकता ना देकर बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के मजदूर की अनदेखी किया जा रहा है जिससे गरीब जनता और जन प्रतिनिधि बह नाराज, और जिस प्रकार ये मजदूर के साथ भी नियमों के अनदेखी किया जा रहा है यह स्थिति अत्यंत चिंताजनक है और यदि समय रहते इस पर रोक नहीं लगाई गई, तो कभी भी बड़ी जनहानि हो सकती है, प्रशासन से मांग की जाती है कि इस गंभीर मामले का तत्काल संज्ञान लेते हुए समानता कंपनी एवं संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाए, साथ ही मजदूरों के लिए सुरक्षित,नियमों के अनुरूप यातायात व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में किसी निर्दोष की जान न जाए, अब समय आ गया है कि प्रशासन सख्त कदम उठाए,अन्यथा इसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित कंपनी एवं प्रबंधन पर तय की जानी चाहिए और बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के मजदूर की अनदेखी करना ये बहुत ही जायदा गलत है इसे रोकना ही चाहिए और नियमों का साथ पालन भी किया जाना चाहिए6
- जगदलपुर/कुरंदी: जगदलपुर से सटे कुरंदी क्षेत्र में बाघ पकड़े जाने की खबर पूरी तरह झूठी है। वन विभाग के अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि इलाके में किसी बाघ को न तो पकड़ा गया है और न ही पिंजरे में कैद किया गया है। वायरल हो रहे वीडियो और तस्वीरें भ्रामक हैं। विभाग ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और सतर्क रहने की अपील की है।1
- Post by Sanjay markam1
- Post by Santosh soni1
- Post by Devraj mrakam1
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- इंस्टाग्राम में दोस्ती फिर अफेयर, अब इस वजह से लड़की ने, लड़के पर किया रेप केस...1
- *किरंदुल एनएमडीसी में एस.के समानता कंपनी बाहर से लाए कार्यरत मजदूरों की जान से खिलवाड़,और बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के मजदूर की अनदेखी, साथ मजदूर के प्रति समानता कंपनी की लापरवाही उजागर* *किरंदुल स्थित एनएमडीसी में कार्यरत बहुचर्चित एस.के समानता कंपनी द्वारा अपने मजदूरों के लिए की गई यातायात व्यवस्था अत्यंत ही भयावह एवं जान जोखिम में डालने वाली पाई जा रही है* *एस. के समानता कंपनी बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के जो गरीब मजदूर है उनके साथ कर रही अन्याय* एस.के. समानता कंपनी जिस तरह प्रतिदिन मजदूरों को जिस तरह से नियमों को ताक पर रखकर काम पर लाया–ले जाया जा रहा है, वह किसी बड़ी दुर्घटना को खुला न्योता है, आंखों देखी स्थिति के अनुसार, मजदूरों को असुरक्षित वाहनों में, यातायात नियमों का खुलेआम उल्लंघन करते हुए एनएमडीसी कार्यस्थल तक पहुंचाया जा रहा है,यह न केवल मोटर वाहन नियमों का उल्लंघन है,बल्कि सीधे-सीधे मजदूरों की जान के साथ खिलवाड़ भी है, सबसे बड़ा सवाल यह है कि यदि इस लापरवाही के कारण किसी मजदूर की जान चली जाती है,तो उसकी जिम्मेदारी कौन लेगा? क्या समानता कंपनी इसकी जिम्मेदारी उठाएगी या फिर एनएमडीसी प्रबंधन जवाबदेह होगा? बाहर से आई इस कंपनी द्वारा स्थानीय मजदूरों की सुरक्षा को पूरी तरह नजरअंदाज किया जा रहा है, साथ क्षेत्र के मजदूर के साथ अन्याय किया जा रहा है उनको प्राथमिकता ना देकर बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के मजदूर की अनदेखी किया जा रहा है जिससे गरीब जनता और जन प्रतिनिधि बह नाराज, और जिस प्रकार ये मजदूर के साथ भी नियमों के अनदेखी किया जा रहा है यह स्थिति अत्यंत चिंताजनक है और यदि समय रहते इस पर रोक नहीं लगाई गई, तो कभी भी बड़ी जनहानि हो सकती है, प्रशासन से मांग की जाती है कि इस गंभीर मामले का तत्काल संज्ञान लेते हुए समानता कंपनी एवं संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाए, साथ ही मजदूरों के लिए सुरक्षित,नियमों के अनुरूप यातायात व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में किसी निर्दोष की जान न जाए, अब समय आ गया है कि प्रशासन सख्त कदम उठाए,अन्यथा इसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित कंपनी एवं प्रबंधन पर तय की जानी चाहिए और बाहरी मजदूर को लाकर बैलाडीला के मजदूर की अनदेखी करना ये बहुत ही जायदा गलत है इसे रोकना ही चाहिए और नियमों का साथ पालन भी किया जाना चाहिए4