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स्थानीय लोगों ने शिकायत की है कि दूसरे नाले का पानी उनकी तरफ आता है, जिसके कारण उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस स्थिति के चलते रास्ते में चलने में काफी दिक्कत होती है।
mohd sahib
स्थानीय लोगों ने शिकायत की है कि दूसरे नाले का पानी उनकी तरफ आता है, जिसके कारण उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस स्थिति के चलते रास्ते में चलने में काफी दिक्कत होती है।
More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
- योगी आदित्यनाथ ने मुस्लिम मौलवियों के उस बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है, जिसमें गाय माता को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की बात कही गई थी। उन्होंने इस मामले पर अपनी राय रखते हुए स्पष्ट रूप से कहा कि गाय हमारे लिए माता के समान है, जबकि कुछ लोग उसे पशु घोषित करने पर तुले हुए हैं।1
- उत्तर प्रदेश के कैराना में प्रशासन ने एक मेले पर बड़ी कार्रवाई की है। इस कार्रवाई के फलस्वरूप, आखिरकार मेले को मौके से हटवा दिया गया है।1
- मेरठ के रतन नगर भोला रोड पर स्थित बांके बिहारी मंदिर में एक रक्तदान शिविर का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। यह शिविर ठाकुर संदीप एनिमल केयर फाउंडेशन के प्रदेश सदस्य के सान्निध्य में संपन्न कराया गया।1
- झिंझाना की बहुउद्देशीय प्राथमिक सहकारी समिति पर लगभग 40 दिन के लंबे इंतजार के बाद सोमवार को खाद का वितरण शुरू हुआ, जिसके चलते समिति परिसर में किसानों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। खाद मिलने की सूचना पर किसान सुबह से ही लंबी कतारों में लग गए, और खाद लेने के लिए उनमें आपाधापी का माहौल बना रहा। सोमवार को सुबह 10 बजे से दोपहर 3 बजे तक सिकंदरपुर और झिंझाना के किसानों को खाद वितरित की गई, जिन्हें पिछले महीने भी खाद मिली थी। यह समिति लपराणा, टपराना, दरगाहपुर, होशंगपुर, झिंझाना, रजाकनगर, जमालपुर, पीरखेड़ा और सिकंदरपुर सहित नौ गांवों के किसानों को क्रमवार खाद उपलब्ध कराती है, जिसके लिए खाद की उपलब्धता के अनुसार अलग-अलग दिन निर्धारित किए जाते हैं। किसान भरतवीर, बिरसेन, अतर सिंह, नेकपाल, टिंकू, जितेंद्र और विजयपाल समेत कई अन्य किसानों ने बताया कि उन्हें पिछली बार 21 तारीख को खाद मिली थी, जिसके बाद करीब 40 दिनों तक खाद उपलब्ध नहीं हो सकी। लंबे इंतजार के बाद खाद मिलने से भले ही थोड़ी राहत मिली हो, लेकिन उनकी जरूरत के मुकाबले खाद की उपलब्धता अभी भी कम है। किसानों ने फसल की आवश्यकता को देखते हुए समय पर खाद की उपलब्धता को महत्वपूर्ण बताया, क्योंकि कमी के कारण उन्हें निजी दुकानों से खाद खरीदने पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ उठाना पड़ता है। समिति के मैनेजिंग डायरेक्टर विनीत पवार ने जानकारी दी कि खाद की खेप शुक्रवार को ही पहुंच गई थी, लेकिन आवश्यक आदेश न मिलने के कारण शनिवार को वितरण नहीं हो सका। सोमवार को 500 कट्टे खाद का वितरण किया गया, जिससे लगभग 160 किसानों को लाभ पहुंचा। उन्होंने यह भी बताया कि समिति पर खाद की अगली खेप आने के बाद अन्य गांवों के किसानों को भी क्रमवार खाद उपलब्ध कराई जाएगी। किसानों ने प्रशासन से पर्याप्त मात्रा में खाद सुनिश्चित करने की मांग की है, ताकि उनके खेती के कार्य प्रभावित न हों।3
- योगी आदित्यनाथ जी ने स्पष्ट रूप से यह घोषणा की है कि ऐसा बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।1
- दिल्ली-सहारनपुर नेशनल हाईवे पर रमाला बस स्टैंड के पास एक अज्ञात वाहन ने एक ई-रिक्शा को टक्कर मार दी, जिससे उसमें सवार दो लोग घायल हो गए। पुलिस ने घायलों, राहुल और जोनी को, तुरंत बड़ौत अस्पताल में भर्ती कराया, जहाँ से उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। असारा निवासी राहुल, जो गांव में ई-रिक्शा चलाता है, बीती रात अपने गांव के ही जोनी के साथ बराल किसी काम से जा रहा था। रमाला बस स्टैंड के पास पहुंचने पर, पीछे से आ रहे एक तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने उनकी ई-रिक्शा में भीषण टक्कर मारी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि ई-रिक्शा दो हिस्सों में टूटकर सड़क पर बिखर गई। राहगीरों ने तत्काल घटना की सूचना पुलिस को दी, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची। चिकित्सकों ने दोनों घायलों की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें हायर सेंटर रेफर किया। जानकारी मिलने पर परिजन दोनों घायलों को मेरठ के एक निजी अस्पताल ले गए हैं। जांच अधिकारी सूर्यदीप सिंह ने बताया कि इस मामले में पुलिस को तहरीर मिल गई है और वे जल्द ही अज्ञात वाहन का पता लगाकर चालक को गिरफ्तार करेंगे।1
- उत्तर प्रदेश के शामली जिले के कैराना स्थित तितरवाड़ा में दबंगई दिखाने वाले चार हमलावरों को गिरफ्तार कर लिया गया है।1
- उत्तर प्रदेश के बागपत जिले में दिल्ली-देहरादून कॉरिडोर पर दोपहिया, तिपहिया वाहनों और ट्रैक्टरों जैसे प्रतिबंधित वाहन धड़ल्ले से चल रहे हैं, जिसके कारण आए दिन सड़क हादसे हो रहे हैं। वाहन चालकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और दुर्घटनाओं को रोकने के उद्देश्य से इन वाहनों के संचालन पर इस कॉरिडोर पर प्रतिबंध लगाया गया है। हालांकि, जिम्मेदार विभागों की कार्रवाई केवल वीडियो वायरल होने या फोटो संबंधित मामलों तक ही सीमित रह गई है। कई तरह की सुरक्षा व्यवस्था होने के बावजूद, प्रतिबंधित वाहन लगातार हाईवे पर देखे जा रहे हैं, जो इन हादसों का प्रमुख कारण बन रहे हैं। एक ओर जहां दिल्ली-देहरादून कॉरिडोर ने यात्रा को सुगम बनाया है और रोजगार के अवसर बढ़ाए हैं, वहीं दूसरी ओर प्रतिबंधित वाहनों की आवाजाही से वाहन चालकों के लिए नई चुनौतियाँ खड़ी हो गई हैं। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि हाईवे पर इन प्रतिबंधित वाहनों को पूर्ण रूप से बंद किया जाए। इस संबंध में, अधिकारियों का कहना है कि नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है और किसी भी प्रतिबंधित वाहन को कॉरिडोर पर चलने नहीं दिया जाएगा।1
- गाजियाबाद में सूर्या चौहान की हत्या के मामले में योगी ने खुले मंच से एक बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि दोस्ती की आड़ में की गई छुरेबाजी बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी। योगी ने यह भी कहा कि ऐसे लोगों को उनके अंजाम तक पहुँचाने के लिए पुलिस हर समय तैयार है। उनका यह बयान सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।1