राष्ट्रीय तम्बाकू नियंत्रण कार्यक्रम के तहत जनपद गौतमबुद्धनगर में 31 मई 2026 को “विश्व तम्बाकू निषेध दिवस” बड़े पैमाने पर मनाया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जनमानस, विशेषकर युवा वर्ग को तम्बाकू एवं निकोटीन उत्पादों के सेवन से होने वाले गंभीर दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना और उन्हें तम्बाकू मुक्त समाज के निर्माण के लिए प्रेरित करना था। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. नरेन्द्र कुमार ने बताया कि इस वर्ष विश्व तम्बाकू निषेध दिवस की थीम “आकर्षण का पर्दाफाशः निकोटीन और तम्बाकू की लत से मुकाबला” (Unmasking the Appeal: Countering Nicotine and Tobacco Addiction) निर्धारित की गई थी। इस थीम का लक्ष्य तम्बाकू उद्योगों द्वारा युवाओं को आकर्षित करने के लिए अपनाई जा रही भ्रामक और चालाकीपूर्ण विपणन रणनीतियों को उजागर करना तथा समाज को उनके दुष्प्रभावों के प्रति सचेत करना था। अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. शुभ्रा मित्तल ने तम्बाकू सेवन को मानव स्वास्थ्य के लिए अत्यंत घातक बताते हुए इसके तात्कालिक और दीर्घकालिक दुष्परिणामों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि तम्बाकू के उपयोग से फेफड़ों और मुख सहित कई प्रकार के कैंसर का खतरा बढ़ जाता है। धूम्रपान शुरू करने के कुछ ही मिनटों में हृदय गति और रक्तचाप में वृद्धि होती है, साथ ही रक्त में ऑक्सीजन की जगह कार्बन मोनोऑक्साइड की मात्रा बढ़ जाती है, जिससे हृदय प्रणाली पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है और शारीरिक क्षमता प्रभावित होती है। लंबे समय में, धूम्रपान करने वालों में सहनशक्ति में कमी, लगातार खांसी, स्वाद एवं गंध की अनुभूति में कमी, क्रॉनिक ऑब्स्ट्रक्टिव पल्मोनरी डिजीज (सीओपीडी), एम्फीसेमा, और क्रॉनिक ब्रोंकाइटिस जैसी बीमारियाँ फेफड़ों की कार्यक्षमता को धीरे-धीरे समाप्त कर देती हैं, जिससे सांस लेना भी कठिन हो जाता है। धूम्रपान करने वालों में हृदय रोग और स्ट्रोक का खतरा सामान्य व्यक्तियों की तुलना में कई गुना अधिक होता है, और कोरोनरी हृदय रोग की संभावना दो से चार गुना बढ़ जाती है। इसके अतिरिक्त, तम्बाकू उपयोगकर्ताओं में मुख कैंसर, मसूड़ों की बीमारी, दांतों का झड़ना एवं अन्य दंत रोगों का जोखिम भी काफी अधिक होता है। जनपद सलाहकार डॉ. श्वेता खुराना ने बताया कि तम्बाकू और निकोटीन उद्योग युवाओं को आकर्षित करने के लिए रंग-बिरंगी पैकेजिंग, ई-सिगरेट, निकोटीन पाउच, और वेप्स में स्ट्रॉबेरी, मैंगो जैसे फ्लेवर का इस्तेमाल करते हैं। वे सोशल मीडिया और फिल्मों के माध्यम से तम्बाकू उत्पादों को तनाव कम करने वाले साधन के रूप में भी प्रस्तुत करते हैं। उन्होंने युवाओं को इन भ्रामक रणनीतियों से बचाने की आवश्यकता पर जोर दिया और बताया कि इसी उद्देश्य से जिला विद्यालय निरीक्षक एवं बेसिक शिक्षा अधिकारी के माध्यम से जनपद के सभी शैक्षणिक संस्थानों को इस वर्ष की थीम पर प्रशिक्षण और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए थे। इसके साथ ही, पुलिस विभाग द्वारा कोटपा अधिनियम-2003 की धारा-6 का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराया जाएगा, जिसके तहत किसी भी शैक्षणिक संस्थान के 100 गज के दायरे में तम्बाकू उत्पादों की बिक्री पूर्णतः प्रतिबंधित है। विश्व तम्बाकू निषेध दिवस के अवसर पर जनपद के विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों और स्वास्थ्य इकाइयों में व्यापक जनजागरूकता गतिविधियाँ आयोजित की गईं। इनमें पोस्टर प्रतियोगिता, नुक्कड़ नाटक, रंगोली, गोष्ठी, शपथ ग्रहण और हस्ताक्षर अभियान जैसे कार्यक्रम चलाए गए। आईएमएस कॉलेज सेक्टर-62 नोएडा के सलाम नमस्ते रेडियो द्वारा संवाद कार्यक्रम और पोस्टर प्रतियोगिता आयोजित की गई। रमा देवी इंटरनेशनल स्कूल, ग्रेटर नोएडा में रंगोली एवं पोस्टर प्रतियोगिता का आयोजन हुआ, जबकि शम्भू दयाल पब्लिक स्कूल, सोरखा में गोष्ठी एवं शपथ ग्रहण कार्यक्रम सम्पन्न हुआ। जीआर ग्लोबल अकादमिक, दादरी, आदर्श पब्लिक स्कूल, श्री चैतन्य स्कूल, मयूरी स्कूल सेक्टर-125 नोएडा, इंडस वैली पब्लिक स्कूल सेक्टर-62 नोएडा, कालर हुबर स्कूल सेक्टर-62 नोएडा, जेकेजी इंटरनेशनल स्कूल, समर विला इंटरनेशनल स्कूल, आईआईएमटी कॉलेज, पारस पब्लिक स्कूल और महाराजा कुम्भा इंटरनेशनल स्कूल में भी विभिन्न जागरूकता एवं शपथ ग्रहण कार्यक्रम आयोजित किए गए। जवाहर हाई स्कूल, दादरी में शपथ ग्रहण एवं तम्बाकू नियंत्रण संवेदीकरण कार्यक्रम सम्पन्न हुआ। कैलाश नर्सिंग कॉलेज, ग्रेटर नोएडा ने ज़ूम के माध्यम से तम्बाकू नियंत्रण संवेदीकरण प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया। स्वास्थ्य विभाग द्वारा भी जनपद की विभिन्न स्वास्थ्य इकाइयों में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए। जिला संयुक्त चिकित्सालय, नोएडा में गोष्ठी एवं शपथ ग्रहण कार्यक्रम सम्पन्न हुआ। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बिसरख में नुक्कड़ नाटक, गोष्ठी एवं रैली आयोजित की गई, जिसमें मेट्रो नर्सिंग कॉलेज एवं गलगोटिया विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों ने भाग लिया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दादरी में शपथ ग्रहण, रैली एवं गोष्ठी का आयोजन हुआ। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भंगेल में नुक्कड़ नाटक, पोस्टर प्रतियोगिता, रैली, शपथ ग्रहण एवं हेल्थ टॉक आयोजित की गई। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बादलपुर, जेवर एवं डाढ़ा कासना में गोष्ठी, हस्ताक्षर अभियान एवं शपथ ग्रहण कार्यक्रम आयोजित किए गए। जनपद के 58 आयुष्मान आरोग्य मंदिरों तथा 09 यू-एएएम केन्द्रों पर गोष्ठी एवं शपथ कार्यक्रम हुए। ग्राम सभा चिटहेड़ा, दादरी स्थित अम्बेडकर भवन में शिव नादर विश्वविद्यालय, ग्रेटर नोएडा की टीम ने गोष्ठी, पोस्टर प्रतियोगिता, नुक्कड़ नाटक, हेल्थ टॉक, शपथ ग्रहण एवं अन्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए। राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान, ग्रेटर नोएडा द्वारा हेल्थ एजुकेशन सेशन, पम्पलेट एवं शैक्षिक सामग्री वितरण, नुक्कड़ नाटक, विशेष जागरूकता शिविर एवं शपथ कार्यक्रम आयोजित किए गए। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. नरेन्द्र कुमार ने कहा कि इन सभी गतिविधियों के माध्यम से जनमानस और युवा वर्ग को तम्बाकू, बीड़ी, गुटखा, पान मसाला, सिगरेट, मावा एवं अन्य तम्बाकू उत्पादों के सेवन से दूर रहने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि तम्बाकू की लत से ग्रसित व्यक्तियों को जिला तम्बाकू नियंत्रण प्रकोष्ठ द्वारा संचालित तम्बाकू उन्मूलन केन्द्रों पर निःशुल्क परामर्श एवं उपचार सेवाएँ उपलब्ध कराई जा रही हैं। डॉ. कुमार ने जनपदवासियों से तम्बाकू मुक्त समाज के निर्माण में सक्रिय सहभागिता निभाने और स्वयं एवं अपने परिवार को तम्बाकू के दुष्प्रभावों से सुरक्षित रखने का आह्वान किया।
राष्ट्रीय तम्बाकू नियंत्रण कार्यक्रम के तहत जनपद गौतमबुद्धनगर में 31 मई 2026 को “विश्व तम्बाकू निषेध दिवस” बड़े पैमाने पर मनाया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जनमानस, विशेषकर युवा वर्ग को तम्बाकू एवं निकोटीन उत्पादों के सेवन से होने वाले गंभीर दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना और उन्हें तम्बाकू मुक्त समाज के निर्माण के लिए प्रेरित करना था। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. नरेन्द्र कुमार ने बताया कि इस वर्ष विश्व तम्बाकू निषेध दिवस की थीम “आकर्षण का पर्दाफाशः निकोटीन और तम्बाकू की लत से मुकाबला” (Unmasking the Appeal: Countering Nicotine and Tobacco Addiction) निर्धारित की गई थी। इस थीम का लक्ष्य तम्बाकू उद्योगों द्वारा युवाओं को आकर्षित करने के लिए अपनाई जा रही भ्रामक और चालाकीपूर्ण विपणन रणनीतियों को उजागर करना तथा समाज को उनके दुष्प्रभावों के प्रति सचेत करना था। अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. शुभ्रा मित्तल ने तम्बाकू सेवन को मानव स्वास्थ्य के लिए अत्यंत घातक बताते हुए इसके तात्कालिक और दीर्घकालिक दुष्परिणामों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि तम्बाकू के उपयोग से फेफड़ों और मुख सहित कई प्रकार के कैंसर का खतरा बढ़ जाता है। धूम्रपान शुरू करने के कुछ ही मिनटों में हृदय गति और रक्तचाप में वृद्धि होती है, साथ ही रक्त में ऑक्सीजन की जगह कार्बन मोनोऑक्साइड की मात्रा बढ़ जाती है, जिससे हृदय प्रणाली पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है और शारीरिक क्षमता प्रभावित होती है। लंबे समय में, धूम्रपान करने वालों में सहनशक्ति में कमी, लगातार खांसी, स्वाद एवं गंध की अनुभूति में कमी, क्रॉनिक ऑब्स्ट्रक्टिव पल्मोनरी डिजीज (सीओपीडी), एम्फीसेमा, और क्रॉनिक ब्रोंकाइटिस जैसी बीमारियाँ फेफड़ों की कार्यक्षमता को धीरे-धीरे समाप्त कर देती हैं, जिससे सांस लेना भी कठिन हो जाता है। धूम्रपान करने वालों में हृदय रोग और स्ट्रोक का खतरा सामान्य व्यक्तियों की तुलना में कई गुना अधिक होता है, और कोरोनरी हृदय रोग की संभावना दो से चार गुना बढ़ जाती है। इसके अतिरिक्त, तम्बाकू उपयोगकर्ताओं में मुख कैंसर, मसूड़ों की बीमारी, दांतों का झड़ना एवं अन्य दंत रोगों का जोखिम भी काफी अधिक होता है। जनपद सलाहकार डॉ. श्वेता खुराना ने बताया कि तम्बाकू और निकोटीन उद्योग युवाओं को आकर्षित करने के लिए रंग-बिरंगी पैकेजिंग, ई-सिगरेट, निकोटीन पाउच, और वेप्स में स्ट्रॉबेरी, मैंगो जैसे फ्लेवर का इस्तेमाल करते हैं। वे सोशल मीडिया और फिल्मों के माध्यम से तम्बाकू उत्पादों को तनाव कम करने वाले साधन के रूप में भी प्रस्तुत करते हैं। उन्होंने युवाओं को इन भ्रामक रणनीतियों से बचाने की आवश्यकता पर जोर दिया और बताया कि इसी उद्देश्य से जिला विद्यालय निरीक्षक एवं बेसिक शिक्षा अधिकारी के माध्यम से जनपद के सभी शैक्षणिक संस्थानों को इस वर्ष की थीम पर प्रशिक्षण और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए थे। इसके साथ ही, पुलिस विभाग द्वारा कोटपा अधिनियम-2003 की धारा-6 का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराया जाएगा, जिसके तहत किसी भी शैक्षणिक संस्थान के 100 गज के दायरे में तम्बाकू उत्पादों की बिक्री पूर्णतः प्रतिबंधित है। विश्व तम्बाकू निषेध दिवस के अवसर पर जनपद के विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों और स्वास्थ्य इकाइयों में व्यापक जनजागरूकता गतिविधियाँ आयोजित की गईं। इनमें पोस्टर प्रतियोगिता, नुक्कड़ नाटक, रंगोली, गोष्ठी, शपथ ग्रहण और हस्ताक्षर अभियान जैसे कार्यक्रम चलाए गए। आईएमएस कॉलेज सेक्टर-62 नोएडा के सलाम नमस्ते रेडियो द्वारा संवाद कार्यक्रम और पोस्टर प्रतियोगिता आयोजित की गई। रमा देवी इंटरनेशनल स्कूल, ग्रेटर नोएडा में रंगोली एवं पोस्टर प्रतियोगिता का आयोजन हुआ, जबकि शम्भू दयाल पब्लिक स्कूल, सोरखा में गोष्ठी एवं शपथ ग्रहण कार्यक्रम सम्पन्न हुआ। जीआर ग्लोबल अकादमिक, दादरी, आदर्श पब्लिक स्कूल, श्री चैतन्य स्कूल, मयूरी स्कूल सेक्टर-125 नोएडा, इंडस वैली पब्लिक स्कूल सेक्टर-62 नोएडा, कालर हुबर स्कूल सेक्टर-62 नोएडा, जेकेजी इंटरनेशनल स्कूल, समर विला इंटरनेशनल स्कूल, आईआईएमटी कॉलेज, पारस पब्लिक स्कूल और महाराजा कुम्भा इंटरनेशनल स्कूल में भी विभिन्न जागरूकता एवं शपथ ग्रहण कार्यक्रम आयोजित किए गए। जवाहर हाई स्कूल, दादरी में शपथ ग्रहण एवं तम्बाकू नियंत्रण संवेदीकरण कार्यक्रम सम्पन्न हुआ। कैलाश नर्सिंग कॉलेज, ग्रेटर नोएडा ने ज़ूम के माध्यम से तम्बाकू नियंत्रण संवेदीकरण प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया। स्वास्थ्य विभाग द्वारा भी जनपद की विभिन्न स्वास्थ्य इकाइयों में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए। जिला संयुक्त चिकित्सालय, नोएडा में गोष्ठी एवं शपथ ग्रहण कार्यक्रम सम्पन्न हुआ। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बिसरख में नुक्कड़ नाटक, गोष्ठी एवं रैली आयोजित की गई, जिसमें मेट्रो नर्सिंग कॉलेज एवं गलगोटिया विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों ने भाग लिया। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दादरी में शपथ ग्रहण, रैली एवं गोष्ठी का आयोजन हुआ। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भंगेल में नुक्कड़ नाटक, पोस्टर प्रतियोगिता, रैली, शपथ ग्रहण एवं हेल्थ टॉक आयोजित की गई। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बादलपुर, जेवर एवं डाढ़ा कासना में गोष्ठी, हस्ताक्षर अभियान एवं शपथ ग्रहण कार्यक्रम आयोजित किए गए। जनपद के 58 आयुष्मान आरोग्य मंदिरों तथा 09 यू-एएएम केन्द्रों पर गोष्ठी एवं शपथ कार्यक्रम हुए। ग्राम सभा चिटहेड़ा, दादरी स्थित अम्बेडकर भवन में शिव नादर विश्वविद्यालय, ग्रेटर नोएडा की टीम ने गोष्ठी, पोस्टर प्रतियोगिता, नुक्कड़ नाटक, हेल्थ टॉक, शपथ ग्रहण एवं अन्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए। राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान, ग्रेटर नोएडा द्वारा हेल्थ एजुकेशन सेशन, पम्पलेट एवं शैक्षिक सामग्री वितरण, नुक्कड़ नाटक, विशेष जागरूकता शिविर एवं शपथ कार्यक्रम आयोजित किए गए। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. नरेन्द्र कुमार ने कहा कि इन सभी गतिविधियों के माध्यम से जनमानस और युवा वर्ग को तम्बाकू, बीड़ी, गुटखा, पान मसाला, सिगरेट, मावा एवं अन्य तम्बाकू उत्पादों के सेवन से दूर रहने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि तम्बाकू की लत से ग्रसित व्यक्तियों को जिला तम्बाकू नियंत्रण प्रकोष्ठ द्वारा संचालित तम्बाकू उन्मूलन केन्द्रों पर निःशुल्क परामर्श एवं उपचार सेवाएँ उपलब्ध कराई जा रही हैं। डॉ. कुमार ने जनपदवासियों से तम्बाकू मुक्त समाज के निर्माण में सक्रिय सहभागिता निभाने और स्वयं एवं अपने परिवार को तम्बाकू के दुष्प्रभावों से सुरक्षित रखने का आह्वान किया।
- कमिश्नरेट गाजियाबाद के थाना खोड़ा क्षेत्र में 28 मई 2026 को घटित एक हृदय विदारक घटना के बाद, जहाँ असद नामक युवक ने सूर्या चौहान नामक दूसरे युवक को चाकू मारकर हत्या कर दी थी, अब सूर्या की माता जी को न्याय मिलने की बात कही जा रही है। इस घटना को 'योगी जी के राज में बदमाशों का यही हश्र होता है' के रूप में देखा जा रहा है। परिजनों की तहरीर के आधार पर पुलिस ने तत्काल मुकदमा पंजीकृत किया था, जिसमें कुल पाँच लोगों को अभियुक्त बनाया गया था। घटना के बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार भी कर लिया था। हालाँकि, इस मामले का मुख्य आरोपी असद फरार चल रहा था और उसे वांछित घोषित करते हुए उस पर ₹50,000 का इनाम घोषित किया गया था। पुलिस को हाल ही में सूचना मिली थी कि असद अपने कुछ साथियों से मिलने और पैसे लेकर बाहर भागने की फिराक में खोड़ा थाना क्षेत्र में आने वाला है। इस महत्वपूर्ण सूचना पर त्वरित कार्रवाई करते हुए, पुलिस टीम ने पूरे क्षेत्र में लगातार कॉम्बिंग ऑपरेशन चलाया और कई जगहों पर बैरियर लगाकर सघन चेकिंग अभियान शुरू किया। इसी क्रम में, वसुंधरा क्षेत्र में असद अपने एक साथी के साथ बाइक पर आता हुआ दिखाई दिया, जिसके बाद पुलिस टीम ने उसे रोकने का प्रयास किया।1
- बुलंदशहर में एक सहायक अध्यापक के साथ मारपीट का गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि औरंगाबाद थाना क्षेत्र के गाँव चरौरा मुस्तफाबाद स्कूल की प्रधानाध्यापिका बबिता और उनके पति ने इस सहायक अध्यापक के साथ मारपीट की। यह घटना एक स्कूल विवाद के बाद हुई, जब कथित तौर पर शिक्षक को नगर में रोककर पीटा गया। पीड़ित ने यह भी आरोप लगाया है कि मारपीट के दौरान उसका मोबाइल फोन छीन लिया गया और जान से मारने की धमकी दी गई। इस पूरी घटना का सीसीटीवी वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। पीड़ित शिक्षक ने पुलिस को तत्काल तहरीर देकर आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है, जिसके आधार पर इस मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।1
- बुलंदशहर के पहासू ब्लॉक क्षेत्र के असरौली नगला गांव में जलभराव और गंदगी से परेशान स्थानीय लोगों ने बड़े पैमाने पर प्रदर्शन कर अपना आक्रोश व्यक्त किया है। ग्रामीणों का कहना है कि मार्ग पर जलभराव और गंदगी के कारण उन्हें मंदिर में पूजा करने जाने में भारी कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है, वहीं गंदा पानी मंदिर परिसर में भी भर जाता है। इस स्थिति से गांव में बीमारी फैलने का डर सता रहा है। आक्रोशित ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान, सेक्रेटरी, एडीओ पंचायत, ब्लॉक प्रमुख और बीडीओ के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए अपनी नाराजगी जताई। ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान और सेक्रेटरी पर सीधा आरोप लगाया कि उन्होंने स्वच्छता अभियान को पलीता लगा दिया है। इसके साथ ही, यह भी आरोप है कि ग्राम प्रधान और सेक्रेटरी ने मिलकर गांव के विकास के लिए मिले पैसे का बंदरबांट कर डाला है। मंदिर पर रह रहे साधु-संतों ने भी जलभराव की इस समस्या के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया है। ग्रामीणों का दावा है कि कई बार और हर स्तर पर शिकायत देने के बाद भी उनकी समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ है। जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए ग्रामीणों ने नाली निर्माण की मांग की है। समस्या का निवारण न होने पर ग्रामीणों ने अब मुख्यमंत्री और जिला मजिस्ट्रेट से जल निकासी की व्यवस्था को लेकर गुहार लगाई है।4
- आज हमारे अंकल, SHO साहब सुखबीर सिंह का रिटायरमेंट फंक्शन संपन्न हो गया।4
- सनातन संस्कृति को जागृत करने, उसकी देखरेख करने तथा उसे बचाने पर जोर दिया गया है।2
- मास्टर श्यौराज ने एक महत्वपूर्ण संदेश दिया है, जिसमें उन्होंने जीवन के सार को ग्रहण करने और व्यर्थ चीजों को त्यागने पर जोर दिया है। उनके अनुसार, हमें जीवन में केवल सकारात्मक विचारों को अपनाना चाहिए और नकारात्मकता से दूर रहना चाहिए। इस विचार को उन्होंने 'सार-सार को गहि रहे थोथा देय उडाय' सूत्र के माध्यम से स्पष्ट किया है, जिसका अर्थ है कि हमें उपयोगी और अच्छी बातों को अपनाना चाहिए, जबकि बेकार की बातों को छोड़ देना चाहिए।1
- औरंगाबाद के इस्माइला गाँव के पास एक चलती प्राइवेट बस में भीषण आग लग गई, जिससे बस आग का गोला बन गई और यात्रियों के बीच अफरा-तफरी मच गई। गनीमत यह रही कि बस में सवार सभी यात्रियों को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे कोई जनहानि नहीं हुई। हादसे की जानकारी मिलते ही पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी मोहम्मद असलम ने स्थिति को संभाला और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। हालांकि, आग इतनी भयानक थी कि पूरी बस जलकर खाक हो गई। शुरुआती जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट होना बताया जा रहा है।1