प्रतापगढ़ के संग्रामगढ़ क्षेत्र में दर्ज एक एफआईआर को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। इस मामले में शिकायतकर्ता ने कुछ व्यक्तियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसके जवाब में आरोपित पक्ष का कहना है कि उन्हें गलत तरीके से फंसाया जा रहा है। आरोपित पक्ष लगातार मामले की निष्पक्ष जांच की गुहार लगा रहा है, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हो रही है। इस विवाद के बीच, पुलिस ने इस प्रकरण से संबंधित किसी जानकारी पर दस हजार रुपये का इनाम भी रखा है। आरोपित पक्ष ने सीधे तौर पर आरोप लगाया है कि ग्राम प्रधान की मिलीभगत से पुलिस ने बिना किसी उचित जांच के निर्दोष व्यक्तियों को अपराधी बना दिया है। उनकी मांग है कि इस पूरे मामले की गहन और निष्पक्ष जांच होनी चाहिए ताकि सच्चाई सामने आ सके। कानूनी विशेषज्ञों का भी मानना है कि किसी भी व्यक्ति को दोषी या निर्दोष घोषित करने से पहले, मामले की पूरी जांच और न्यायिक प्रक्रिया का सम्पन्न होना अत्यंत आवश्यक है।
प्रतापगढ़ के संग्रामगढ़ क्षेत्र में दर्ज एक एफआईआर को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। इस मामले में शिकायतकर्ता ने कुछ व्यक्तियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसके जवाब में आरोपित पक्ष का कहना है कि उन्हें गलत तरीके से फंसाया जा रहा है। आरोपित पक्ष लगातार मामले की निष्पक्ष जांच की गुहार लगा रहा है, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हो रही है। इस विवाद के बीच, पुलिस ने इस प्रकरण से संबंधित किसी जानकारी पर दस हजार रुपये का इनाम भी रखा है। आरोपित पक्ष ने सीधे तौर पर आरोप लगाया है कि ग्राम प्रधान की मिलीभगत से पुलिस ने बिना किसी उचित जांच के निर्दोष व्यक्तियों को अपराधी बना दिया है। उनकी मांग है कि इस पूरे मामले की गहन और निष्पक्ष जांच होनी चाहिए ताकि सच्चाई सामने आ सके। कानूनी विशेषज्ञों का भी मानना है कि किसी भी व्यक्ति को दोषी या निर्दोष घोषित करने से पहले, मामले की पूरी जांच और न्यायिक प्रक्रिया का सम्पन्न होना अत्यंत आवश्यक है।
- प्रतापगढ़ के नगर पंचायत मानिकपुर में अधिक मास पूर्णिमा के पावन पर्व पर गंगा घाटों पर श्रद्धालुओं का भारी हुजूम उमड़ पड़ा। शाहाबाद शिव हनुमान घाट और अमेठी पक्का घाट समेत विभिन्न घाटों पर हजारों श्रद्धालुओं ने पतित पावनी मां गंगा में आस्था की डुबकी लगाई। स्नान के बाद श्रद्धालुओं ने तीर्थ पुरोहितों को दान-पुण्य किया, भगवान सत्यनारायण की कथा सुनी और शिवालयों में जलाभिषेक कर सुख-समृद्धि की कामना की। हालांकि, आस्था के इस विशाल सैलाब के बीच प्रशासन और नगर पंचायत की बड़ी लापरवाही भी उजागर हुई, जिससे श्रद्धालुओं को भारी परेशानी उठानी पड़ी। शिव हनुमान घाट पर सीढ़ियों के अभाव के कारण कई श्रद्धालु फिसलते-फिसलते बचे, खासकर बुजुर्ग महिलाओं को घाट पर उतरने और चढ़ने में बेहद मशक्कत करनी पड़ी। सड़कों की बदहाली भी एक बड़ी समस्या रही, जहाँ पीडब्लूडी और ठेकेदारों की लापरवाही से टूटी-फूटी सड़कों पर श्रद्धालुओं को कीचड़ और गंदे पानी के बीच से गुजरना पड़ा। इसके अतिरिक्त, सफाई और अन्य सुविधाओं का भी अभाव दिखा; महिलाओं के लिए मोबाइल टॉयलेट की कोई व्यवस्था नहीं थी। चौंकाने वाली बात यह रही कि हजारों की भीड़ के लिए नगर पंचायत की तरफ से सिर्फ एक पानी का टैंकर लगाया गया था, जो पूरी तरह खाली था। नगर पंचायत के जितेंद्र कुमार मिश्रा मौके पर श्रद्धालुओं को समझाते-बुझाते दिखे। इस खाली टैंकर की जानकारी मिलने पर पत्रकार सुजीत मिश्रा ने तुरंत बड़े बाबू राकेश सोनकर को सूचित किया, जिन्होंने तत्परता दिखाते हुए अविलंब दूसरा पानी का टैंकर घाट पर भिजवाया। सुरक्षा व्यवस्था की बात करें तो थाना प्रभारी पंकज राय के नेतृत्व में उपनिरीक्षक और पीआरडी जवान घाटों पर मुस्तैद थे। इसके बावजूद, बदहाल रास्तों और भारी भीड़ के कारण सड़कों पर भीषण जाम लग गया, जिससे श्रद्धालुओं को घंटों जूझना पड़ा। नगर पंचायत मानिकपुर की इस अव्यवस्था से तंग आकर कई श्रद्धालुओं को कड़ा शीतला धाम और कालाकांकर घाटों की तरफ रुख करने को मजबूर होना पड़ा। लाखों लोगों की आस्था के केंद्र इन गंगा घाटों पर त्योहारों के दौरान ऐसी बदहाली, स्थानीय प्रशासन और पीडब्लूडी के दावों पर गंभीर सवाल खड़े करती है। यह देखना बाकी है कि इस कवरेज के बाद अगली पूर्णिमा पर श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिल पाती हैं या नहीं।1
- एक निर्दोष व्यक्ति को कथित तौर पर एक फर्जी मामले में फंसा दिया गया है। आरोप है कि पुलिस ने बिना किसी उचित जांच-पड़ताल के ही उस व्यक्ति को आरोपी बना दिया है, जिससे न्याय पर सवाल उठ रहे हैं।1
- उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ जिले के कुंडा क्षेत्र में नमामि गंगे एवं ग्रामीण जलापूर्ति विभाग की 'हर घर जल जीवन मिशन' योजना विफल होती दिख रही है। हथिगवां थाना क्षेत्र के अहिबरनपुर गाँव में इस मिशन के तहत लगाई गई पानी की पिलर फटी मिली है, जिससे ग्रामीणों में भारी नाराजगी है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि सरकार करोड़ों रुपये खर्च कर हर घर तक जल पहुंचाने का दावा करती है, लेकिन ठेकेदारों की मनमानी के कारण यह योजना जमीन पर नहीं उतर पा रही है। कहीं पिलर फटी है तो कहीं प्लांट के आसपास झाड़ियां उग आई हैं, जिससे योजना का उद्देश्य पूरा नहीं हो पा रहा। इसी तरह, मौली ग्राम सभा में भी जल जीवन मिशन के तहत बनाया गया ढांचा बेकार पड़ा है। यहाँ प्लांट और टंकी के चारों ओर झाड़-झंखाड़ उग आए हैं, और भीषण गर्मी में 'हर घर जल' का दावा खोखला साबित हो रहा है। मौली के ग्रामीण पानी के लिए त्रस्त हैं, क्योंकि उनके घरों में टोटी तक नहीं लगी है, जिससे जल आपूर्ति संभव ही नहीं है। ग्रामीण सवाल उठा रहे हैं कि क्या सरकार ऐसे लापरवाह ठेकेदारों पर ध्यान नहीं देती या जानबूझकर उन्हें अनदेखा कर देती है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से जल्द संज्ञान लेने और कड़कती गर्मी में पानी की किल्लत झेल रहे ग्रामीणों के लिए तत्काल पानी की सप्लाई शुरू कराने की मांग की है।1
- जुआ से जुड़े एक मामले में कोखराज पुलिस पर गंभीर आरोप लगे हैं। सूत्रों के अनुसार, इस पूरे प्रकरण में कोखराज पुलिस पर 'सेटिंग' करने का आरोप लगाया जा रहा है, जिसके चलते वह सवालों के घेरे में आ गई है।1
- लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर की 301वीं जयंती के अवसर पर एक भव्य शोभायात्रा निकाली गई। इस दौरान पूरा क्षेत्र जयकारों से गूंज उठा, जिससे आयोजन में उत्साह का माहौल दिखा।1
- सोशल मीडिया पर एक पोस्ट के माध्यम से हिंदुओं के बच्चों की कथित हत्या का आरोप लगाते हुए एक व्यक्ति को 'हरामखोर' बताते हुए उसके तत्काल 'एनकाउंटर' की जोरदार मांग की गई है। पोस्ट में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि 'इन लोगों ने हिंदुओं के बच्चों को मारा है', जिसके कारण 'एनकाउंटर' आवश्यक है। यह भी दावा किया गया है कि कोई भी इस 'हरामखोर' के समर्थन में नहीं खड़ा हो रहा है, और न्यूज़ में भी यही मांग उठ रही है। यह संदेश 'हर हर महादेव' के नारे के साथ समाप्त होता है।1
- प्रतापगढ़ के मानिकपुर थाना क्षेत्र से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है, जहाँ शाहाबाद कच्चे घाट पर गंगा स्नान के दौरान एक 44 वर्षीय युवक की डूबने से दर्दनाक मौत हो गई। मृतक की पहचान मनोज मौर्य के रूप में हुई है, जो मूल रूप से इसी क्षेत्र के शाहाबाद निवासी थे, लेकिन वर्तमान में अपने परिवार के साथ रायबरेली में रह रहे थे। जानकारी के अनुसार, मनोज मौर्य अपने तीन दोस्तों के साथ रायबरेली से अपने पैतृक गाँव शाहाबाद आए थे। इसी दौरान, सभी दोस्त शाहाबाद कच्चे घाट पर गंगा में नहाने चले गए, जहाँ मनोज अचानक गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। दोस्तों के शोर मचाने पर घाट पर भारी कोहराम मच गया। घटना की सूचना तुरंत स्थानीय मानिकपुर थाना पुलिस को दी गई। मौके पर पहुँची पुलिस ने स्थानीय गोताखोरों की मदद से काफी मशक्कत के बाद मनोज के शव को नदी से बाहर निकाला। उन्हें तत्काल एम्बुलेंस से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) कालाकांकर ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें देखते ही मृत घोषित कर दिया। अस्पताल प्रशासन की सूचना पर पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल प्रतापगढ़ भेज दिया है। मनोज मौर्य अपने भाइयों और बहनों में सबसे बड़े थे। परिवार में उनका एक छोटा भाई विनोद मौर्य और एक विवाहित बहन है। इस हादसे के बाद से मृतक मनोज मौर्य के परिवार और गाँव में मातम पसरा हुआ है, क्योंकि परिवार की बड़ी जिम्मेदारी उन्हीं पर थी। पुलिस फिलहाल इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई में जुट गई है।1
- उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले में एक युवक की बीच सड़क पर बेरहमी से पिटाई की गई है। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।1