दतिया जिला अस्पताल में जूनियर डॉक्टर ऑपरेशन कर टांके लगाना भूली, दोबरा ऑपरेशन के दोरान पांच यूनिटी खून चड़ाया, प्रसूता की हालात गंभीर दतिया जिला अस्पताल से जुड़े मेडिकल कॉलेज में एक बार फिर गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है। प्रसव के लिए भर्ती हुई 26 वर्षीय महिला की ऑपरेशन के बाद हालत बिगड़ गई। आरोप है कि, ऑपरेशन के दौरान अंदर टांके नहीं लगाए गए, जिससे अत्यधिक ब्लीडिंग शुरू हो गई और महिला की जान पर बन आई। जानकारी के अनुसार ग्राम भागौर निवासी शिवम यादव की पत्नी रूबी यादव को सोमवार-मंगलवार की दरम्यानी रात प्रसव पीड़ा होने पर भर्ती कराया गया था। मंगलवार अल सुबह उसका ऑपरेशन किया गया, लेकिन कुछ ही देर बाद उसकी हालत बिगड़ने लगी। महिला को असामान्य रूप से अधिक रक्तस्राव होने लगा, जिससे अस्पताल में हड़कंप मच गया। स्थिति गंभीर होते देख प्रभारी डॉक्टर श्वेता यादव को तत्काल बुलाया गया। उन्होंने पहुंचते ही महिला का दोबारा ऑपरेशन किया।जिसके बाद किसी तरह उसकी जान बचाई जा सकी। फिलहाल प्रसूता की हालत गंभीर बनी हुई है और उसे ICU में भर्ती रखा गया है।जबकि नवजात शिशु को SNCU में निगरानी में रखा गया है। जूनियर डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप परिजनों का आरोप है कि ड्यूटी पर मौजूद जूनियर डॉक्टर प्रियंका ने ऑपरेशन के दौरान अंदर टांके नहीं लगाए, जिससे महिला को भारी ब्लीडिंग हुई। यही लापरवाही उसकी जान पर भारी पड़ गई। 5 यूनिट खून चढ़ाना पड़ा अत्यधिक रक्तस्राव के चलते महिला को पांच यूनिट ब्लड चढ़ाना पड़ा। सूत्रों के अनुसार ब्लड बैंक में पर्याप्त खून उपलब्ध नहीं था, जिसके कारण तत्काल व्यवस्था करने में भी मशक्कत करनी पड़ी। पहले भी हो चुका है ऑपरेशन बताया जा रहा है कि रूबी यादव की यह दूसरी डिलीवरी है। चार साल पहले भी उसका ऑपरेशन से प्रसव हुआ था और उसकी एक चार साल की बेटी है। CMO बोले—जांच के बाद होगी कार्रवाई मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. वी.के. वर्मा ने बताया कि महिला की हालत में सुधार हो रहा है। पूरे मामले की जांच कराई जाएगी और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
दतिया जिला अस्पताल में जूनियर डॉक्टर ऑपरेशन कर टांके लगाना भूली, दोबरा ऑपरेशन के दोरान पांच यूनिटी खून चड़ाया, प्रसूता की हालात गंभीर दतिया जिला अस्पताल से जुड़े मेडिकल कॉलेज में एक बार फिर गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है। प्रसव के लिए भर्ती हुई 26 वर्षीय महिला की ऑपरेशन के बाद हालत बिगड़ गई। आरोप है कि, ऑपरेशन के दौरान अंदर टांके नहीं लगाए गए, जिससे अत्यधिक ब्लीडिंग शुरू हो गई और महिला की जान पर बन आई। जानकारी के अनुसार ग्राम भागौर निवासी शिवम यादव की पत्नी रूबी यादव को सोमवार-मंगलवार की दरम्यानी रात प्रसव पीड़ा होने पर भर्ती कराया गया था। मंगलवार अल सुबह उसका ऑपरेशन किया गया, लेकिन कुछ ही देर बाद उसकी हालत बिगड़ने लगी। महिला को असामान्य रूप से अधिक रक्तस्राव होने लगा, जिससे अस्पताल में हड़कंप मच गया। स्थिति गंभीर होते देख प्रभारी डॉक्टर श्वेता यादव को तत्काल बुलाया गया। उन्होंने पहुंचते ही महिला का दोबारा ऑपरेशन किया।जिसके बाद किसी तरह उसकी जान बचाई जा सकी। फिलहाल प्रसूता की हालत गंभीर बनी हुई है और उसे ICU में भर्ती रखा गया है।जबकि नवजात शिशु को SNCU में निगरानी में रखा गया है। जूनियर डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप परिजनों का आरोप है कि ड्यूटी पर मौजूद जूनियर डॉक्टर प्रियंका ने ऑपरेशन के दौरान अंदर टांके नहीं लगाए, जिससे महिला को भारी ब्लीडिंग हुई। यही लापरवाही उसकी जान पर भारी पड़ गई। 5 यूनिट खून चढ़ाना पड़ा अत्यधिक रक्तस्राव के चलते महिला को पांच यूनिट ब्लड चढ़ाना पड़ा। सूत्रों के अनुसार ब्लड बैंक में पर्याप्त खून उपलब्ध नहीं था, जिसके कारण तत्काल व्यवस्था करने में भी मशक्कत करनी पड़ी। पहले भी हो चुका है ऑपरेशन बताया जा रहा है कि रूबी यादव की यह दूसरी डिलीवरी है। चार साल पहले भी उसका ऑपरेशन से प्रसव हुआ था और उसकी एक चार साल की बेटी है। CMO बोले—जांच के बाद होगी कार्रवाई मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. वी.के. वर्मा ने बताया कि महिला की हालत में सुधार हो रहा है। पूरे मामले की जांच कराई जाएगी और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
- दतिया शहर में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। जहां एक युवक ने वन विभाग के कर्मचारियों पर मारपीट का गंभीर आरोप लगाया है। युवक का कहना है कि वन कर्मियों ने उसके साथ न सिर्फ मारपीट की, बल्कि शिकायत करने पर पुलिस ने भी उल्टा उसी के खिलाफ कार्रवाई कर दी। फिलहाल घायल युवक का उपचार जिला अस्पताल में जारी है। मामला झाड़ियां वन रेंज से जुड़ा हुआ है।1
- *“नाली पर खड़ा ‘स्मारक’ या सिस्टम पर तमाचा?” अमरपाटन में दो मंजिला अतिक्रमण से उठे बड़े सवाल* मैहर जिले के अमरपाटन में इन दिनों एक ऐसी इमारत चर्चा का विषय बनी हुई है, जिसे देखकर लोग हैरान भी हैं और सिस्टम पर सवाल भी उठा रहे हैं। हदय स्थल पर नाली के ऊपर खड़ी की गई दो मंजिला संरचना अब “स्मारक” कम और प्रशासनिक लापरवाही की मिसाल ज्यादा नजर आ रही है। जानकारी के अनुसार यह निर्माण सीधे-सीधे नियमों को धता बताते हुए नाले के ऊपर किया गया है, जबकि साफ प्रावधान है कि नाली या नाले के ऊपर किसी भी प्रकार का स्थायी निर्माण नहीं किया जा सकता। *लेकिन यहां नियम नहीं, रसूख चलता दिख रहा है।* बताया जा रहा है कि यह जमीन करोड़ों की कीमत वाली है, और इसी की आड़ में नाले को ही “नींव” बनाकर दो मंजिला ढांचा खड़ा कर दिया गया। सवाल यह है कि आखिर यह सब होते हुए जिम्मेदार अधिकारी कहां थे? स्थानीय लोगों का कहना है कि यह कोई छोटी-मोटी चूक नहीं, बल्कि खुलेआम अतिक्रमण है, जो बिना संरक्षण के संभव ही नहीं।अब हालात ये हैं कि नाली पर इमारत खड़ी है… और प्रशासन खामोश!क्या नगर परिषद और प्रशासन इस पर कार्रवाई करेगा? या फिर यह “स्मारक” सिस्टम की चुप्पी का स्थायी प्रतीक बन जाएगा? *पूरा सच जानने के लिए वीडियो जरूर देखें…*1
- Post by AD SINGH DHAKAD1
- Post by पत्रकार पवन दांतरे इंदरगढ1
- शासकीय विद्यालय की बिल्डिंग से सटाकर कुछ लोगों द्वारा कराया जा रहा है मकान का निर्माण, ग्रामीणों ने विद्यालय के प्राचार्य की मिली भगत के लगाए आरोप, लेनदेन कर कराया जा रहा निर्माण दतिया। भांडेर तहसील के ग्राम खिरिया आलम में शासकीय विद्यालय की बिल्डिंग से सटाकर गांव के ही कुछ लोगों द्वारा मकान का निर्माण कराया जा रहा है, विद्यालय के प्राचार्य रोज विद्यालय आते हैं लेकिन प्राचार्य महोदय को मकान का निर्माण कार्य नहीं दिखता है, कुछ ग्रामीणों ने प्राचार्य जी पर पैसे लेकर निर्माण कार्य कराने की अनुमति की भी बात कही, क्या कारण है? प्राचार्य महोदय इस निर्माण कार्य का विरोध क्यों नहीं कर रहे हैं? जबकि नियमानुसार किसी भी विद्यालय की बिल्डिंग से सटाकर कोई भी मकान निर्माण कार्य नहीं कर सकता, लेकिन यहां पर विद्यालय की बिल्डिंग से सटाकर निर्माण कार्य कराया जा रहा है जो कि अवैध है। अब देखते हैं शासकीय नियमों की धज्जियां उड़ाने वाले प्राचार्य और निर्माणकर्ताओं पर क्या कार्यवाही होती हैं? या फिर मामला ठंडे बस्ते में चला जायेगा।1
- : दतिया जिला अस्पताल में डिलीवरी वार्ड में डॉक्टरों की बड़ी लापरवाही सामने आई है। देखिए दतिया से राजेंद्र पटवा की रिपोर्ट1
- Post by Lakshya News tv1
- Post by पत्रकार पवन दांतरे इंदरगढ1