छत्तीसगढ़ राज्य के सभी शासकीय और निजी महाविद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के लिए शैक्षणिक सत्र 2026-27 की छात्रवृत्ति योजना के तहत ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू हो गई है। यह योजना विशेष रूप से अनुसूचित जनजाति (ST), अनुसूचित जाति (SC) और अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के विद्यार्थियों को लाभान्वित करने के लिए है। जानकारी के अनुसार, छात्रवृत्ति के नवीनीकरण आवेदन हेतु ऑनलाइन पोर्टल खोल दिया गया है और पात्र विद्यार्थी निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन कर सकते हैं। विभाग ने आवेदन प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए इसे विभिन्न चरणों में संचालित किया है, जिससे अधिक से अधिक विद्यार्थियों को इस योजना का लाभ मिल सके। छात्रवृत्ति की राशि सीधे विद्यार्थियों के आधार से जुड़े बैंक खातों में हस्तांतरित की जाएगी। बताया गया है कि आवेदन स्वीकृत होने और निर्धारित प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद, राशि का भुगतान लगभग सात दिनों के भीतर विद्यार्थियों के खातों में किया जा सकता है। शिक्षा विभाग ने विद्यार्थियों से अपील की है कि वे समय रहते आवश्यक दस्तावेजों के साथ ऑनलाइन आवेदन पूरा करें और अपने बैंक खाते को आधार से लिंक करना सुनिश्चित करें, ताकि छात्रवृत्ति के भुगतान में किसी प्रकार की बाधा न आए। इस योजना को राज्य सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है, जिसका उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा प्राप्त करने में सहायता प्रदान करना है।
छत्तीसगढ़ राज्य के सभी शासकीय और निजी महाविद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के लिए शैक्षणिक सत्र 2026-27 की छात्रवृत्ति योजना के तहत ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू हो गई है। यह योजना विशेष रूप से अनुसूचित जनजाति (ST), अनुसूचित जाति (SC) और अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के विद्यार्थियों को लाभान्वित करने के लिए है। जानकारी के अनुसार, छात्रवृत्ति के नवीनीकरण आवेदन हेतु ऑनलाइन पोर्टल खोल दिया गया है और पात्र विद्यार्थी निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन कर सकते हैं। विभाग ने आवेदन प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए इसे विभिन्न चरणों में संचालित किया है, जिससे अधिक से अधिक विद्यार्थियों को इस योजना का लाभ मिल सके। छात्रवृत्ति की राशि सीधे विद्यार्थियों के आधार से जुड़े बैंक खातों में हस्तांतरित की जाएगी। बताया गया है कि आवेदन स्वीकृत होने और निर्धारित प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद, राशि का भुगतान लगभग सात दिनों के भीतर विद्यार्थियों के खातों में किया जा सकता है। शिक्षा विभाग ने विद्यार्थियों से अपील की है कि वे समय रहते आवश्यक दस्तावेजों के साथ ऑनलाइन आवेदन पूरा करें और अपने बैंक खाते को आधार से लिंक करना सुनिश्चित करें, ताकि छात्रवृत्ति के भुगतान में किसी प्रकार की बाधा न आए। इस योजना को राज्य सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है, जिसका उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा प्राप्त करने में सहायता प्रदान करना है।
- रायगढ़ पुलिस ने एक युवती का अपहरण और दुष्कर्म करने वाले आरोपी ललित लोहार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। आरोपी पर युवती को शादी का झांसा देकर यह अपराध करने का आरोप है, जिसके बाद रायगढ़ पुलिस ने उस पर कार्रवाई की है।1
- रायगढ़ में पूंजीपथरा पुलिस ने दो दिन पहले तमनार चौक से पूंजीपथरा जाने वाले पगडंडी मार्ग पर मिली एक अधेड़ महिला की जली हुई लाश के अंधे कत्ल का खुलासा कर आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। यह शव विगत 17 जून को मायाराम सालिकराम क्रेशर के पास जली हुई अवस्था में मिला था, जिसके आसपास घसीटने के निशान भी पाए गए थे। पूंजीपथरा पुलिस ने मर्ग कायम कर अज्ञात आरोपी के विरुद्ध अपराध क्रमांक 145/2026 धारा 103(1), 238 बीएनएस के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना प्रारंभ की थी। पुलिस के लिए मृतिका की पहचान और अज्ञात आरोपी तक पहुँचना सबसे बड़ी चुनौती थी। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने घटनास्थल का निरीक्षण कर थाना प्रभारी पूंजीपथरा को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए थे। निर्देशों के पालन में, पुलिस टीम ने मृतिका के फोटो और वीडियो विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और स्थानीय औद्योगिक इकाइयों में प्रसारित किए। इसी दौरान लक्ष्मी कॉलोनी में किराए के मकान में रहने वाले इमिलीयूस तिग्गा और उसके साथ रहने वाली महिला के कुछ दिनों से गायब होने की जानकारी मिली। सोशल मीडिया में प्रसारित फोटो और वीडियो देखकर जशपुर जिले के ग्राम बोरो से दो युवक पहुँचे, जिन्होंने घटनास्थल से बरामद कपड़ों और शव की पहचान अपनी मां, मंगरिता एक्का (60 वर्ष), निवासी ग्राम बोरो, जिला जशपुर के रूप में की। उन्होंने बताया कि मृतिका पूंजीपथरा क्षेत्र में मजदूरी का कार्य करती थी। पुलिस ने संदेही इमिलीयूस तिग्गा के संबंध में जानकारी जुटाकर उसे जशपुर जिले के फरसाबहार क्षेत्र से हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपी ने अपराध स्वीकार करते हुए बताया कि वह पिछले दो वर्षों से एनआर फेरो प्लांट तुमीडीह में मजदूरी करता था और करीब तीन माह पूर्व उसकी पहचान मां शिवा प्लांट में काम करने वाली मंगरिता एक्का से हुई थी। दोनों के बीच प्रेम संबंध स्थापित हो गया था और वे पति-पत्नी की तरह पूंजीपथरा के लक्ष्मी कॉलोनी में किराए के मकान में रह रहे थे। आरोपी ने बताया कि मृतिका अक्सर उस पर दूसरी पत्नी रखने का शक कर विवाद करती थी। 17 जून को जब मंगरिता एक्का घर जाने की बात कहकर निकली, तो इमिलीयूस तिग्गा भी उसके पीछे-पीछे निकल गया। रास्तें में दोनों महुआ पेड़ के नीचे बैठकर शराब पी रहे थे कि पिछली बातों को लेकर विवाद बढ़ने पर इमिलीयूस ने मंगरिता की साड़ी से गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद शव को झाड़ियों में छिपा दिया और पास के पेट्रोल पंप से पेट्रोल खरीदकर शाम को पहचान छिपाने के उद्देश्य से शव को क्रेशर डस्ट के ढेर के पास घसीटकर आग लगा दी। आरोपी के मेमोरेंडम पर घटना के समय पहने कपड़े, घटना में प्रयुक्त पेट्रोल की बोतल और माचिस बरामद की गई है। पर्याप्त साक्ष्य पाए जाने पर आरोपी इमिलीयूस तिग्गा को गिरफ्तार कर आज न्यायालय में पेश किया जा रहा है।4
- सरगुजा जिले के लखनपुर इलाके में रिश्तों को तार-तार कर देने वाली एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ पुरानी रंजिश और गुस्से में अंधे एक सगे भाई ने अपने ही भाई को बेरहमी से मौत के घाट उतार दिया। 'अडिग छत्तीसगढ़िया न्यूज (ACCG NEWS)' के अनुसार, यह मामला समाज में बढ़ते क्रोध और गिरते संस्कारों पर सोचने पर मजबूर करता है। यह नृशंस वारदात 20 जून की दोपहर, लखनपुर थाने के अंतर्गत ग्राम अलगा बेन्दोपानी (बेलदगी) में घटी। 32 वर्षीय पांडे कोरवा का अपने ही सगे भाई, 25 वर्षीय श्रवण कोरवा, और एक नाबालिग (विधि से संघर्षरत बालक) के साथ पुरानी रंजिश और आपसी विवाद को लेकर भयंकर झगड़ा हो गया। विवाद इतना बढ़ गया कि श्रवण कोरवा ने पांडे कोरवा की नाक दाँतों से काट ली और फिर नाबालिग के साथ मिलकर ईंट-पत्थरों से उसके सिर और कान के पास इतने गंभीर वार किए कि पांडे कोरवा ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। घटना की सूचना मिलते ही, सरगुजा के डीआईजी एवं एसएसपी श्री राजेश अग्रवाल के सख्त निर्देश पर लखनपुर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की। थाना प्रभारी उपनिरीक्षक संपत पोटाई के नेतृत्व में पुलिस और FSL की टीम ने मौके का मुआयना किया और घटना स्थल से खून से सने ईंट के टुकड़े व पत्थर बरामद किए। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने तत्काल घेराबंदी कर हत्या के आरोपी भाई श्रवण कोरवा और नाबालिग को हिरासत में लिया। कड़ी पूछताछ में दोनों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया, जिसके बाद पुलिस ने खून से सने कपड़े भी ज़ब्त कर लिए। बालिग आरोपी को न्यायालय और नाबालिग को किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष पेश किया गया है। ACCG NEWS और चीफ एडिटर शुभम पाठक ने इस घटना को सिर्फ एक अपराध नहीं, बल्कि समाज के माथे पर एक कलंक बताया है, और समाज में बढ़ते क्रोध तथा गिरते संस्कारों पर चिंता व्यक्त की है। रिपोर्ट में लखनपुर पुलिस (एसआई संपत पोटाई, प्रधान आरक्षक सतीश कुमार सिंह और पूरी टीम) की त्वरित एवं मुस्तैद कार्रवाई की सराहना की गई है, लेकिन साथ ही यह भी अपील की गई है कि आपसी विवादों को खून-खराबे की बजाय बातचीत और समझदारी से सुलझाने की पहल होनी चाहिए।1
- सरगुजा जिले के लखनपुर थाना क्षेत्र में पुरानी रंजिश के चलते दो छोटे भाइयों ने मिलकर अपने बड़े भाई पांडे कोरवा की ईंट-पत्थर से ताबड़तोड़ प्रहार कर हत्या कर दी। यह घटना 20 जून की दोपहर को उनके घर में हुई थी, जिसके बाद दोनों आरोपी फरार हो गए थे। लखनपुर पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर रविवार को दोनों भाइयों को गिरफ्तार कर लिया है, जिसमें एक आरोपी नाबालिग है। मृतक पांडे कोरवा (32 वर्ष), पिता रामधन कोरवा, ग्राम अलगा के बेंदोपानी निवासी था। उसके 25 वर्षीय छोटे भाई सरवन कोरवा और एक नाबालिग भाई उससे पुरानी रंजिश रखते थे। 20 जून की दोपहर उनके बीच फिर किसी बात को लेकर विवाद हुआ। विवाद बढ़ने पर सरवन कोरवा और नाबालिग भाई ने पांडे कोरवा को पहले पीटा, फिर ईंट-पत्थर से उसके सिर और कनपटी पर लगातार हमला किया, जिससे गंभीर चोट लगने के कारण वह लहूलुहान होकर मौके पर ही दम तोड़ गया। हत्या के बाद दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए, जिसकी सूचना परिजनों ने लखनपुर पुलिस को दी। हत्या की सूचना मिलने पर लखनपुर पुलिस और एफएसएल की टीम घटनास्थल पर पहुंची और आवश्यक साक्ष्य जुटाए। इसके बाद, पुलिस ने मुखबिर की जानकारी पर दोनों आरोपियों को रविवार को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में दोनों भाइयों ने अपने बड़े भाई से पुरानी रंजिश के कारण हत्या करने की बात स्वीकार की। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ धारा 103 (1) और 3 (5) बीएनएस के तहत कार्रवाई की है। सरवन कोरवा को जेल भेज दिया गया है, जबकि नाबालिग आरोपी को बाल संप्रेक्षण गृह भेजा गया है। इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी लखनपुर एसआई संपत पोटाई, प्रधान आरक्षक सतीश कुमार सिंह, पीतांबर सिंह, आरक्षक सुरेश गुप्ता, रामकुमार यादव, आशीष चौहान और सोहन राजवाड़े शामिल थे।1
- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने अंबिकापुर पहुँचकर राहुल गांधी के छत्तीसगढ़ दौरे पर तीखा कटाक्ष किया। उन्होंने कहा कि पूरा देश जानता है कि राहुल गांधी जहाँ-जहाँ जाते हैं, वहाँ क्या हश्र होता है, और तंज कसते हुए यह भी जोड़ा कि उनके आने से किसी का कोई भला नहीं होने वाला है। इसी दौरान, योग दिवस पर लगाए गए डोम को लेकर हो रहे फर्जीवाड़े के आरोपों पर मुख्यमंत्री साय ने पलटवार किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि जो लोग आरोप लगा रहे हैं, उन्हें पहले अपने गिरेबान में झाँकना चाहिए। सीएम ने पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार पर भी निशाना साधा, आरोप लगाते हुए कहा कि बीते पाँच सालों में प्रदेश को लूटने और जमकर घोटाले करने का काम किया गया है। उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि इस भ्रष्टाचार के चलते कुछ लोग आज जेल में हैं, कुछ बेल पर हैं, और बाकी जेल जाने की तैयारी में हैं।1
- सरकंडा इलाके में एक सार्वजनिक जगह पर कुछ आपत्तिजनक हरकतें सामने आई हैं। इन हरकतों के कारण यह सवाल उठ खड़ा हुआ है कि क्या यह रोमांस का मामला था या महज लापरवाही का नतीजा।1
- एक जेल के बाथरूम के भीतर फंदे पर झूलते हुए एक कैदी का शव बरामद किया गया है।1
- छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहाँ एक व्यक्ति ने अपनी गर्लफ्रेंड की हत्या कर दी। इस जघन्य अपराध को अंजाम देने के बाद, उसने शव की पहचान छिपाने के इरादे से उस पर पेट्रोल डालकर उसे जला दिया। जानकारी के मुताबिक, आरोपी एक 60 वर्षीय महिला को अपनी पत्नी बनाकर रखे हुए था, जिसे उसके अफेयर को लेकर गहरा शक था।1
- कोरबा जिले के लेमरू थाना क्षेत्र में एक युवक सड़क हादसे का शिकार हो गया। हादसे के बाद वह लगातार तीन घंटे तक तड़पता रहा, लेकिन उसे किसी भी प्रकार की मदद नहीं मिल पाई। मदद न मिलने के कारण घायल युवक की मौत हो गई, जिसके बाद शासन-प्रशासन की योजनाओं पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।1