नरसिंहपुर पुलिस का बड़ा खुलासा: दोहरी हत्या की गुत्थी सुलझी, सगा भाई ही निकला कातिल नरसिंहपुर। जिले के सांईखेड़ा थाना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम बम्होरी में हुई सनसनीखेज दोहरी हत्या के मामले को नरसिंहपुर पुलिस ने महज कुछ ही घंटों में सुलझा लिया है। पुलिस अधीक्षक डॉ. ऋषिकेश मीना के कुशल नेतृत्व में की गई इस कार्रवाई में यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया है कि मृतिका के सगे भाई ने ही अपने साथियों के साथ मिलकर इस जघन्य अपराध को अंजाम दिया था। पुलिस ने मामले में मुख्य आरोपी सहित 6 लोगों को गिरफ्तार किया है। शादी के लिए जेवर न देना बना हत्या का कारण पुलिस की पूछताछ में मुख्य आरोपी हल्के हरिजन ने अपना जुर्म स्वीकार करते हुए बताया कि उसके पुत्र की शादी होने वाली थी। उसने अपने जीजा छुटई चौधरी और बहन श्रीमती केरा बाई से रुपयों और जेवरात की मांग की थी। जब उन्होंने इससे साफ मना कर दिया, तो विवाद गहरा गया। इसी रंजिश और आक्रोश में आकर आरोपी ने अपने साथियों के साथ मिलकर धारदार हथियारों से दोनों की बेरहमी से हत्या कर दी। क्रिकेट मैच की आड़ में रची साजिश आरोपियों ने वारदात के लिए 9 मार्च की सुबह का वह समय चुना जब क्षेत्र में क्रिकेट का फाइनल मैच चल रहा था। अधिकांश ग्रामीण टीवी या मैदान पर मैच देखने में व्यस्त थे, जिसका फायदा उठाकर आरोपियों ने इस दोहरी हत्या को अंजाम दिया और मौके से फरार हो गए। पुलिस डॉग 'MASS' और 'अधजले कपड़ों' ने खोला राज घटना की सूचना मिलते ही एसपी डॉ. ऋषिकेश मीना स्वयं दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे। जांच के दौरान पुलिस डॉग 'MASS' की भूमिका निर्णायक रही। डॉग बार-बार मुख्य आरोपी हल्के हरिजन के घर के पास जाकर रुक रहा था। जब पुलिस ने वहां तलाशी ली, तो आंगन में खून से लथपथ अधजले कपड़े मिले। इसी सुराग के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी शुरू की और आरोपियों को कटनी के पास से अभिरक्षा में लिया। ये आरोपी हुए गिरफ्तार पुलिस ने इस मामले में निम्नलिखित आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध धारा 103(1) BNS के तहत मामला दर्ज किया है: हल्के भैया चौधरी (मुख्य आरोपी) धर्मेंद्र चौधरी इलायची बाई चौधरी गुड्डू उर्फ कालीराम चौधरी रीना चौधरी (सभी निवासी बम्होरी) बड्डू उर्फ भुवन चौधरी (निवासी सूखाखैरी) जप्ती: पुलिस ने आरोपियों के पास से लूटे गए चांदी के जेवरात (पायल, चैन, मंगलसूत्र, कड़ा आदि) और हत्या में प्रयुक्त चाकू व हसिया भी बरामद कर लिया है। इनकी रही सराहनीय भूमिका इस अंधे कत्ल का पर्दाफाश करने में एएसपी संदीप भूरिया और एसडीओपी गाडरवारा ललित डांगुर के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी सांईखेड़ा रोहित काकोडिया, गाडरवारा थाना प्रभारी अशोक सिंह चौहान एवं उनकी पूरी टीम की विशेष भूमिका रही
नरसिंहपुर पुलिस का बड़ा खुलासा: दोहरी हत्या की गुत्थी सुलझी, सगा भाई ही निकला कातिल नरसिंहपुर। जिले के सांईखेड़ा थाना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम बम्होरी में हुई सनसनीखेज दोहरी हत्या के मामले को नरसिंहपुर पुलिस ने महज कुछ ही घंटों में सुलझा लिया है। पुलिस अधीक्षक डॉ. ऋषिकेश मीना के कुशल नेतृत्व में की गई इस कार्रवाई में यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया है कि मृतिका के सगे भाई ने ही अपने साथियों के साथ मिलकर इस जघन्य अपराध को अंजाम दिया था। पुलिस ने मामले में मुख्य आरोपी सहित 6 लोगों को गिरफ्तार किया है। शादी के लिए जेवर न देना बना हत्या का कारण पुलिस की पूछताछ में मुख्य आरोपी हल्के हरिजन ने अपना जुर्म स्वीकार करते हुए बताया कि उसके पुत्र की शादी होने वाली थी। उसने अपने जीजा छुटई चौधरी और बहन श्रीमती केरा बाई से रुपयों और जेवरात की मांग की थी। जब उन्होंने इससे साफ मना कर दिया, तो विवाद गहरा गया। इसी रंजिश और आक्रोश में आकर आरोपी ने अपने साथियों के साथ मिलकर धारदार हथियारों से दोनों की बेरहमी से हत्या कर दी। क्रिकेट मैच की आड़ में रची साजिश आरोपियों ने वारदात के लिए 9 मार्च की सुबह का वह समय चुना जब क्षेत्र में क्रिकेट का फाइनल मैच चल रहा था। अधिकांश ग्रामीण टीवी या मैदान पर मैच देखने में व्यस्त थे, जिसका फायदा उठाकर आरोपियों ने इस दोहरी हत्या को अंजाम दिया और मौके से फरार हो गए। पुलिस डॉग 'MASS' और 'अधजले कपड़ों' ने खोला राज घटना की सूचना मिलते ही एसपी डॉ. ऋषिकेश मीना स्वयं दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे। जांच के दौरान पुलिस डॉग 'MASS' की भूमिका निर्णायक रही। डॉग बार-बार मुख्य आरोपी हल्के हरिजन के घर के पास जाकर रुक रहा था। जब पुलिस ने वहां तलाशी ली, तो आंगन में खून से लथपथ अधजले कपड़े मिले। इसी सुराग के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी शुरू की और आरोपियों को कटनी के पास से अभिरक्षा में लिया। ये आरोपी हुए गिरफ्तार पुलिस ने इस मामले में निम्नलिखित आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध धारा 103(1) BNS के तहत मामला दर्ज किया है: हल्के भैया चौधरी (मुख्य आरोपी) धर्मेंद्र चौधरी इलायची बाई चौधरी गुड्डू उर्फ कालीराम चौधरी रीना चौधरी (सभी निवासी बम्होरी) बड्डू उर्फ भुवन चौधरी (निवासी सूखाखैरी) जप्ती: पुलिस ने आरोपियों के पास से लूटे गए चांदी के जेवरात (पायल, चैन, मंगलसूत्र, कड़ा आदि) और हत्या में प्रयुक्त चाकू व हसिया भी बरामद कर लिया है। इनकी रही सराहनीय भूमिका इस अंधे कत्ल का पर्दाफाश करने में एएसपी संदीप भूरिया और एसडीओपी गाडरवारा ललित डांगुर के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी सांईखेड़ा रोहित काकोडिया, गाडरवारा थाना प्रभारी अशोक सिंह चौहान एवं उनकी पूरी टीम की विशेष भूमिका रही
- नरसिंहपुर: दिव्यांग की मजबूरी का फायदा उठा रहे फाइनेंस कंपनी के कर्मचारी, 50 हजार की रिश्वत मांगने की एसपी से शिकायत नरसिंहपुर। जिले में भ्रष्टाचार और आम आदमी के शोषण का एक नया मामला सामने आया है। यहाँ एक दिव्यांग युवक ने 'गृहम् हाउसिंग फाइनेंस' के शाखा प्रबंधक और कर्मचारियों पर लोन का चेक देने के बदले 50 हजार रुपये की रिश्वत मांगने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़ित ने मंगलवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई है। क्या है पूरा मामला? शिकायतकर्ता सुनील लोधी (निवासी शहीद भगत सिंह वार्ड, कंदेली) ने बताया कि उन्होंने कंदेली क्षेत्र में एक प्लॉट खरीदने के लिए गृहम् हाउसिंग फाइनेंस शाखा नरसिंहपुर से लोन फाइनेंस करवाया था। सुनील ने बताया कि वह दोनों पैरों से दिव्यांग हैं और बड़ी मुश्किल से अपने सपनों का घर बनाने की कोशिश कर रहे हैं। पीड़ित के अनुसार, फाइनेंस की प्रक्रिया के दौरान आरोपियों ने पहले ही फाइल चार्ज और अन्य औपचारिकताओं के नाम पर उनसे 50 हजार रुपये ले लिए थे सुनील लोधी का आरोप है कि उनका 6,39,684 रुपये का लोन पास हो चुका है और राशि विक्रेता अंकित सिंह पवार के नाम जारी भी हो गई है। लेकिन जब वे लोन का चेक लेने शाखा पहुंचे, तो शाखा प्रबंधक मुकेश पटेल, फाइनेंस कर्मचारी मोहन चौधरी और संदीप पटेल ने उनसे 50,000 रुपये की अतिरिक्त रिश्वत की मांग की। हैरानी की बात यह है कि जब दिव्यांग युवक ने अपनी असमर्थता जताई, तो आरोपियों ने उसे बार-बार भटकाया और साफ कह दिया कि जब तक पैसे नहीं दोगे, चेक नहीं मिलेगा। पीड़ित का आरोप है कि कर्मचारी बेखौफ होकर कह रहे हैं कि "चाहे जहां हमारी शिकायत कर दो, हम किसी से नहीं डरते।" एसपी से की कार्रवाई की मांग दोनों पैरों से लाचार पीड़ित सुनील ने बताया कि उन्होंने अपने रिश्तेदारों से कर्ज लेकर पुराने लोन भी चुकता किए ताकि घर का सपना पूरा हो सके, लेकिन अब भ्रष्टाचार उनके आड़े आ रहा है। पीड़ित ने पुलिस अधीक्षक से दोषियों के विरुद्ध तत्काल एफआईआर दर्ज करने और न्याय दिलाने की मांग की है। Iski choti news bano2
- Post by पंकज गुप्ता "पत्रकार"1
- मध्य प्रदेश शासन के पूर्व राज्यमंत्री और कद्दावर भाजपा नेता जालम सिंह पटेल,मुन्ना भैया का जन्मदिन आज उनके गोटेगांव स्थित निज निवास पर गरिमामय तरीके से मनाया गया। सुबह से ही उनके आवास पर बधाई देने वालों का तांता लगा रहा। जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए कार्यकर्ताओं और प्रशंसकों ने फूल-मालाओं से स्वागत किया और उनके दीर्घायु होने की कामना की।1
- दोहरी हत्या की सूचना पर पुलिस अधीक्षक, डॉ. ऋषिकेश मीना तत्काल पहुंचे मौके पर। जान-पहचान वाले एवं मुख्य संदेहियों की तैयार की गई सूची। अज्ञात आरोपियों की पतासाजी में पुलिस डॉग (MASS) की रही मुख्य भूमिका। खून से लथपथ अधजले कपड़ों से हुई मुख्य आरोपी की पहचान। पुत्र की शादी के लिए पैसों व जेवरात देने से मना करने पर की गई हत्या। मृतिका का भाई निकला हत्यारा। घटना को अंजाम देने वाले 6 आरोपी पुलिस गिरफ्त में। दिनांक 09.03.2026 की सुबह एक बच्ची द्वारा एक शव पड़ा हुआ देखा गया, जिसकी सूचना तत्काल पुलिस को दी गई। सूचना प्राप्त होते ही पुलिस अधीक्षक, डॉ. ऋषिकेश मीना अन्य पुलिस अधिकारियों के साथ मौके पर पहुँचे। उनके साथ एफएसएल, फिंगर प्रिंट एवं डॉग स्क्वाड की टीम भी घटनास्थल पर पहुँची। मौके पर पहुँचकर पुलिस द्वारा घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया गया तथा आवश्यक वैज्ञानिक साक्ष्य संकलन की कार्यवाही की गई। आवश्यक कार्यवाही उपरांत घटनास्थल को सुरक्षित रखते हुए संरक्षित किया गया। दोनों मृतकों के शवों एवं घटनास्थल का परीक्षण करने पर प्रथम दृष्टया यह पाया गया कि मृतक छुटई चौधरी एवं श्रीमती केरा बाई की हत्या लूट की नीयत से की गई है। घटनास्थल की परिस्थितियों एवं साक्ष्यों के आधार पर यह भी प्रतीत हुआ कि आरोपियों द्वारा दोनों की हत्या इसलिए की गई, क्योंकि मृतक संभवतः हत्यारों को पहचानते थे। *क्रिकेट के फाइनल मैच के दौरान दिया घटना को अंजाम:* आरोपियों द्वारा घटना को अंजाम देने के लिए बड़ी चालाकी के साथ उस समय का चयन किया गया, जब क्षेत्र में क्रिकेट का फाइनल मैच चल रहा था। मैच के कारण अधिकांश लोग अपने घरों में या टीवी पर मैच देखने में व्यस्त थे, जिससे आसपास की गतिविधियों पर लोगों का ध्यान कम था। इसका फायदा उठाते हुए आरोपियों ने सुनसान समय का लाभ लेकर घटना को अंजाम दिया, ताकि किसी को उन पर संदेह न हो और वे आसानी से मौके से फरार हो सकें। *अज्ञात आरोपियों की पहचान हेतु घटना स्थल की गहन जांच :* घटना को अंजाम देने वाले अज्ञात आरोपियों की पतासाजी हेतु घटना स्थल से वैज्ञानिक साक्ष्य संकलन हेतु एफएसएल, फिंगर प्रिंट विशेषज्ञ एवं डॉग स्क्वाड की टीम द्वारा सूक्ष्म निरीक्षण कर आवश्यक वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए गए। *जान-पहचान वाले एवं मुख्य संदेहियों की तैयार की गई सूची :* अज्ञात आरोपियों की पतसाजी हेतु पुलिस अधीक्षक डॉ. ऋषिकेश् मीना द्वारा अति. पुलिस अधीक्षक, श्री संदीप भूरिया के मार्गदर्शन में एवं एसडीओपी, गाडरवारा श्री ललित डांगुर के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया गया एवं घटना के संबंध में मृतकों के परिजनों, पड़ोसियों एवं परिचित व्यक्तियों से विस्तृत पूछताछ करायी गई। पूछताछ के दौरान प्राप्त जानकारी के आधार पर मृतकों के जान-पहचान वाले व्यक्तियों तथा संभावित संदेहियों की सूची तैयार की गई। तैयार की गई सूची के आधार पर पुलिस टीम द्वारा संबंधित व्यक्तियों से पूछताछ कर उनकी गतिविधियों की जांच की गयी। *अज्ञात आरोपियों की पतासाजी में पुलिस डॉग (MASS) की रही मुख्य भूमिका :* अज्ञात हत्यारों की पतासाजी हेतु पुलिस द्वारा घटनास्थल एवं उसके आसपास के क्षेत्रों में पुलिस डॉग (MASS) की सहायता से लगातार सघन सर्चिंग की गई। सर्चिंग के दौरान पुलिस डॉग बार-बार एक ही स्थान पर जाकर रुक रहा था, जिससे उस स्थान को संदेह के आधार पर चिन्हित कर पुलिस द्वारा बारीकी से जांच की गई। *खून से लथपथ अधजले कपड़ों से हुई आरोपी की पहचान :* सर्चिंग के दौरान पुलिस डॉग जिस स्थान पर बार-बार रुक रहा था, वह स्थान हल्के चौधरी (मृतिका का भाई) के घर के पास पाया गया। संदेह के आधार पर पुलिस टीम द्वारा उसके घर एवं आसपास के क्षेत्र की तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान उसके आंगन में खून से लथपथ अधजले कपड़े पाए गए, जिन्हें विधिवत जप्त किया गया। उक्त परिस्थितियों के आधार पर हल्के चौधरी पर हत्या किए जाने का संदेह होने पर उसके संबंध में जानकारी एकत्र कर पूछताछ की गई। जांच में यह तथ्य सामने आया कि वह अपने अन्य साथियों के साथ जिला कटनी की ओर चला गया है। उक्त संदेहियों के कटनी की ओर जाने की सूचना मिलते ही थाना गोटेगांव पुलिस की टीम को उनकी तलाश एवं पतासाजी हेतु रवाना किया गया जिसके परिणामस्वरूप संदेही हल्के चौधरी, गुड्डू उर्फ कलिराम चौधरी तथा गुड्डू की पत्नी रीना को जिला कटनी के थाना स्लीमनाबाद पुलिस टीम की सहायता से अभिरक्षा में लिया गया। *मृतिका का भाई निकला हत्यारा :* घटना के मुख्य आरोपी हल्के चौधरी को अभिरक्षा में लेने के उपरांत उससे गहनता से पूछताछ की गई। पूछताछ के दौरान आरोपी द्वारा अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर अपने जीजा छुटई चौधरी एवं बहन श्रीमती केरा बाई की हत्या करना स्वीकार किया गया। *पुत्र की शादी के लिए पैसों व जेवरात देने से मना करने पर की गई हत्या :* पूछताछ के दौरान आरोपी हल्के चौधरी द्वारा बताया गया कि मृतकों एवं उसके बीच पूर्व से पारिवारिक विवाद चल रहा था। आरोपी ने बताया कि उसके पुत्र की शादी होना थी, जिसके लिए उसने अपने जीजा छुटई चौधरी एवं बहन श्रीमती केरा बाई से जेवरात एवं पैसों की मांग की थी। मृतकों द्वारा पैसे एवं जेवरात देने से मना करने पर उनके बीच विवाद हो गया। इसी बात से आक्रोशित होकर आरोपी ने आवेश में आकर अपने साथियों के साथ मिलकर दोनों की धारदार हथियार से हत्या कर दी। *गिरफ्तार आरोपी :* हल्के भैया चौधरी, धर्मेंद्र चौधरी, इलायची बाई चौधरी, गुड्डू उर्फ़ कालीराम चौधरी, रीना चौधरी सभी निवासी ग्राम बम्होरी, थाना सांईखेडा एवं बड्डू उर्फ़ भुवन चौधरी निवासी ग्राम सूखाखैरी, थाना चीचली। *जप्ती :* 1 चांदी का हाफ कड़ोरा, 02 जोड़ी चांदी की पायल, 04 नग पैर के लच्छे, 1 चांदी की चैन, 01 चांदी का मंगल सूत्र, 01 चांदी का ब्रासलेट, 01 चांदी की अंगूठी एवं हत्या में प्रयुक्त चाकू एवं हसिया। *वैधानिक कार्यवाही :* उक्त सभी आरोपियों के विरूद्ध के धारा 103 (1) बीएनएस तहत प्रकरण पंजीवद्ध किया गया है। *आरोपियों की पतासाजी एवं गिरफ्तारी में इनकी रही मुख्य भूमिका :* हत्या की घटना को अंजाम देने वाले अज्ञात आरेपियों की पतासाजी एवं गिरफ्तारी में थाना प्रभारी, साईंखेड़ा, निरीक्षक रोहित काकोडीया, थाना प्रभारी गाड़रवारा, निरीक्षक अशोक सिंह चौहान, उनि प्रकाश पाठक, वर्षा धाकड, अमित गोटिया, अंकित रावत, सउनि सतीश राजपूत, दसरथ पटेल, शिशुपाल चौधरी, प्रधान आरक्षक रामगोपाल राजपूत, आरक्षक दिनेश पटेल, सुदीप ठाकुर, दीपक ठाकुर, शिवकुमार पटेल, उमेश वर्मा, भगवान सिंह, हेमंत मेहरा, आदर्श पाठक, रुचि तिवारी, हेमलता मेहरा, नीशू पटेल, बालकिशन रघुवशी, शिवम पटेल, दीपक राजपूत, नेत्राम विश्वकर्मा, विक्रम सिंह की सराहनीय भूमिका रही है।2
- नरसिंहपुर | 9 मार्च अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर नर्सिंग महाविद्यालय में सम्मान समारोह, Polkhol Newz द्वारा आयोजन अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य में सोमवार को शासकीय नर्सिंग महाविद्यालय नरसिंहपुर में Polkhol Newz के प्रतिनिधि सौरभ प्रताप सिंह राठौर द्वारा सम्मान समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में महाविद्यालय की महिला शिक्षिकाओं एवं कर्मचारियों को उनके सेवा भाव और समर्पण के लिए सम्मानित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत प्राचार्या डॉ. शारदा नागवंशी के उद्बोधन से हुई। उन्होंने अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के इतिहास, उद्देश्य और महिलाओं की सामाजिक भूमिका पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम का संचालन सिस्टर ट्यूटर विनीता बिसेन द्वारा किया गया, जिन्होंने नारी शक्ति के संघर्ष, त्याग और समाज निर्माण में महिलाओं की भूमिका पर अपने विचार रखे। वहीं ममता चौबे (सिस्टर ट्यूटर) ने महिला दिवस के अवसर पर सभी फैकल्टी एवं नर्सिंग छात्राओं को शुभकामनाएं प्रेषित कीं। इस अवसर पर राजपूत करणी सेना के उपाध्यक्ष संदीप राजपूत की भी उपस्थिति रही। कार्यक्रम में उपस्थित सभी महिला स्टाफ के नाम क्रमवार इस प्रकार हैं.. ➡️डॉ. शारदा नागवंशी – प्राचार्य ➡️नीलम राजपूत – उपप्राचार्य ➡️ममता चौबे – सिस्टर ट्यूटर ➡️बिंदु कावले – सिस्टर ट्यूटर ➡️पूनम कुलस्ते – सिस्टर ट्यूटर ➡️रत्ना चौरसिया – सिस्टर ट्यूटर ➡️जया नागरे – सिस्टर ट्यूटर ➡️विनीता बिसेन – सिस्टर ट्यूटर ➡️बिंदु नागरे – सिस्टर ट्यूटर ➡️प्रियंका पटेल – सिस्टर ट्यूटर ➡️पूजा चौहान – सिस्टर ट्यूटर ➡️रूही मंसूरी – डाटा एंट्री ऑपरेटर ➡️आकांक्षा चौधरी – एल.डी.सी. ➡️ओम बाई पटेल – डोमेस्टिक कर्मी ➡️लक्ष्मी झरिया – डोमेस्टिक कर्मी ➡️पारुल श्रीवास्तव – महिला सुरक्षा कर्मी ➡️सीमा अग्रवाल – महिला सुरक्षा कर्मी ➡️संध्या बरमैया – सफाई फाइटर ➡️दीपा बरमैया – सफाई फाइटर ➡️ज्योति – सफाई फाइटर कार्यक्रम के अंत में सभी महिलाओं के योगदान की सराहना करते हुए महिला सशक्तिकरण का संदेश दिया गया। Polkhol Newz निष्पक्ष • निर्भीक 📰4
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