दिल्ली से किछौछा शरीफ़ जा रही ट्रेन संख्या 15116 में सफर कर रहे एक ज़ायरीन के साथ हादसा होने की खबर सामने आई है। यह ज़ायरीन ट्रेन के A1 कोच की सीट संख्या 17 पर यात्रा कर रहा था। इस हादसे के बाद सुरक्षित बचे ज़ायरीन ने राहत व्यक्त करते हुए कहा कि अल्हम्दुलिल्लाह, मैं ज़िंदा हूँ और यह अशरफ़ का करम है। इस घटना के प्रकाश में आने के बाद उर्स-ए-मख़दूम अशरफ़ में शामिल होने जा रहे सभी ज़ायरीन से सफर के दौरान विशेष सतर्कता बरतने की अपील की गई है। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे यात्रा के दौरान पूरी तरह सावधान रहें और जहाँ तक संभव हो, अकेले सफर करने से बचें। इसके साथ ही, किसी भी संदिग्ध या आपातकालीन स्थिति में तुरंत आरपीएफ (RPF) या जीआरपी (GRP) से संपर्क करने और आसपास के साथी यात्रियों से मदद लेने के लिए कहा गया है ताकि सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित हो सके।
दिल्ली से किछौछा शरीफ़ जा रही ट्रेन संख्या 15116 में सफर कर रहे एक ज़ायरीन के साथ हादसा होने की खबर सामने आई है। यह ज़ायरीन ट्रेन के A1 कोच की सीट संख्या 17 पर यात्रा कर रहा था। इस हादसे के बाद सुरक्षित बचे ज़ायरीन ने राहत व्यक्त करते हुए कहा कि अल्हम्दुलिल्लाह, मैं ज़िंदा हूँ और यह अशरफ़ का करम है। इस घटना के प्रकाश में आने के बाद उर्स-ए-मख़दूम अशरफ़ में शामिल होने जा रहे सभी ज़ायरीन से सफर के दौरान विशेष सतर्कता बरतने की अपील की गई है। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे यात्रा के दौरान पूरी तरह सावधान रहें और जहाँ तक संभव हो, अकेले सफर करने से बचें। इसके साथ ही, किसी भी संदिग्ध या आपातकालीन स्थिति में तुरंत आरपीएफ (RPF) या जीआरपी (GRP) से संपर्क करने और आसपास के साथी यात्रियों से मदद लेने के लिए कहा गया है ताकि सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित हो सके।
- बदायूं के समाज सेवी आराम सिंह लोगों के लिए एक मिसाल पेश कर रहे हैं। वे पिछले 3.5 साल से जरूरतमंदों को निशुल्क ई-रिक्शा सेवा दे रहे हैं।1
- भोपाल में हज 2027 के आवेदन फॉर्म भरने के लिए अब सिर्फ 7 दिन बचे हैं। यहाँ से अब तक लगभग 800 फॉर्म भरे जा चुके हैं। इन फॉर्मों को भरने की आखिरी तारीख 20 जुलाई 2026 है।1
- भोपाल के आनंद नगर में अपना कार्यालय टूटने के बाद बीजेपी पार्षद राजेश चौकसे सड़क पर ही बैठ गए हैं और खुले आसमान के नीचे सड़क पर बैठकर ही क्षेत्रवासियों की समस्याएं सुन रहे हैं। नगर निगम ने शुक्रवार सुबह पुलिस की मौजूदगी में सरकारी दुकानों के ऊपर बने उनके कार्यालय को अवैध निर्माण बताते हुए ध्वस्त कर दिया था। वार्ड-62 का यह मामला अब पूरी तरह से सियासी चर्चा का विषय बन चुका है। इस कार्रवाई को लेकर पार्षद राजेश चौकसे का दावा है कि इस निर्माण के लिए उन्होंने मौखिक अनुमति ली थी, वहीं दूसरी तरफ नगर निगम का कहना है कि यह निर्माण अवैध था, इसलिए ही यह कार्रवाई की गई। इससे पहले पार्षद ने एक मंत्री पर भी उनका कार्यालय तुड़वाने का आरोप लगाया था। फिलहाल, सड़क पर खुले इस कार्यालय की तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही हैं और नगर निगम की इस कार्रवाई तथा पार्षद के आरोपों को लेकर विवाद लगातार जारी है।4
- भोपाल के आनंद नगर में नगर निगम की कार्रवाई के बाद छिड़ा विवाद अब तेजी से सियासी रंग लेता जा रहा है। वार्ड-62 के बीजेपी पार्षद राजेश चौकसे का कार्यालय अवैध निर्माण बताकर तोड़े जाने के बाद उन्होंने सड़क पर ही अपना नया जनसुनवाई कार्यालय शुरू कर दिया है। खुले आसमान के नीचे कुर्सी-टेबल लगाकर पार्षद द्वारा क्षेत्रवासियों की समस्याएं सुनने की तस्वीरें सोशल मीडिया पर लगातार वायरल हो रही हैं और पूरे मामले को लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। शुक्रवार सुबह नगर निगम की बिल्डिंग परमिशन शाखा ने पुलिस बल की भारी मौजूदगी में आनंद नगर स्थित सरकारी दुकानों के ऊपर बने इस कार्यालय को अवैध निर्माण बताते हुए ध्वस्त कर दिया था। नगर निगम का स्पष्ट कहना है कि यह निर्माण बिना किसी वैध अनुमति के किया गया था, इसलिए नियमानुसार कार्रवाई की गई है। कार्रवाई के दौरान मौके पर पुलिस बल इसलिए तैनात किया गया था ताकि किसी भी तरह का विरोध या कानून-व्यवस्था बिगड़ने की स्थिति पैदा न हो। इस कार्रवाई के बाद बीजेपी पार्षद राजेश चौकसे ने हार मानने के बजाय सड़क किनारे ही अपना अस्थायी कार्यालय शुरू कर दिया। उन्होंने टेबल-कुर्सी लगाकर लोगों से मुलाकात करना शुरू कर दिया और कहा कि जनता की सेवा किसी भवन की मोहताज नहीं है। पार्षद का दावा है कि उन्होंने इस निर्माण के लिए मौखिक अनुमति ली थी और कार्यालय को तोड़ना पूरी तरह से अन्यायपूर्ण है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह कार्रवाई नियमों के तहत नहीं बल्कि राजनीतिक दबाव में की गई है। इससे पहले उन्होंने एक मंत्री पर भी उनका कार्यालय तुड़वाने का आरोप लगाया था। हालांकि, नगर निगम ने इन आरोपों को खारिज करते हुए साफ किया है कि कार्रवाई नियमों के अनुसार हुई है, लेकिन फिलहाल यह मामला शहर की राजनीति में भारी चर्चा का विषय बना हुआ है।1
- भोपाल के आनंद नगर में अपना कार्यालय तोड़े जाने के बाद बीजेपी पार्षद राजेश चौकसे ने अब सड़क पर ही अपना कार्यालय शुरू कर दिया है। वह खुले आसमान के नीचे सड़क पर बैठकर क्षेत्रवासियों की समस्याएं सुन रहे हैं। नगर निगम की बिल्डिंग परमिशन शाखा ने पुलिस की मौजूदगी में शुक्रवार सुबह सरकारी दुकानों के ऊपर बने उनके इस कार्यालय को जमींदोज कर दिया था। नगर निगम ने इस निर्माण को अवैध बताते हुए यह कार्रवाई की है। दूसरी तरफ, पार्षद राजेश चौकसे का दावा है कि इस निर्माण के लिए मौखिक अनुमति ली गई थी। उन्होंने पहले एक मंत्री पर उनका कार्यालय तुड़वाने का आरोप भी लगाया था। वार्ड-62 का यह पूरा मामला अब सियासी चर्चा का विषय बन गया है। सड़क पर खुले इस कार्यालय की तस्वीरें सोशल मीडिया पर भी काफी चर्चा में हैं। फिलहाल, नगर निगम की कार्रवाई और पार्षद के आरोपों को लेकर विवाद जारी है।1
- मध्य प्रदेश के दतिया में बीजेपी प्रत्याशी की सभा को संबोधित करते हुए नरोत्तम मिश्रा मंच पर ही बेहद भावुक हो गए। मंच से जनता को संबोधित करते हुए बोलते-बोलते नरोत्तम मिश्रा का गला रुंध गया और उनके आंसू छलक आए। जनता को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि बीजेपी ने उन्हें बहुत कुछ दिया है। पार्टी ने उन्हें 30 साल तक विधायक बनाया, मंत्री बनाया और सब कुछ दिया। इस दौरान नरोत्तम मिश्रा ने बीजेपी प्रत्याशी आशुतोष के समर्थन में जनता से आशीर्वाद मांगा। भाषण के आखिरी हिस्से में बोलते हुए उनका गला पूरी तरह भर आया, जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।3
- मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में कैची छोला रोड रेलवे क्रॉसिंग के पास हालात काफी खराब हैं, जहाँ कभी भी कोई गंभीर गतिविधि हो सकती है। ए एम न्यूज़ एक्सप्रेस के रिपोर्टर फैसल खान के अनुसार, इस स्थान से महिलाओं, पुरुषों और बच्चों सहित सभी लोगों का निकलना बेहद मुश्किल हो गया है। इस गंभीर स्थिति को देखते हुए शासन से अपील की गई है कि वे इसे तुरंत संज्ञान में लेकर उचित कार्रवाई करें।1
- भोपाल में घरेलू इंडियन गैस सिलेंडर ग्राहकों के साथ धोखाधड़ी और षड्यंत्रपूर्वक खिलवाड़ चल रहा है। यहां उपभोक्ताओं को सिलेंडर के अंदर गैस के बदले पानी डालकर दिया जा रहा है। कंपनियों द्वारा किए जा रहे इस खेल की वजह से गरीब, मजदूर और आम जनता हर जगह से पिस रही है। इस खुली लूट और धोखाधड़ी को लेकर गहरा आक्रोश है। माननीय मोहन यादव जी से इस पूरे खेल को तुरंत संज्ञान में लेने की मांग की गई है।1