जिला सिंगरौली:मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले में आज सियासी पारा अचानक उस समय जिला सिंगरौली:मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले में आज सियासी पारा अचानक उस समय गरमा गया, जब जिला कांग्रेस कार्यालय में 'अल्पसंख्यक विभाग' के नए शहर और ग्रामीण अध्यक्षों के चयन को लेकर एक हाई-प्रोफाइल बैठक बुलाई गई। मध्य प्रदेश कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के प्रदेश प्रभारी आबिद कागजी एवं सह प्रभारी लियाकत अली के कड़े निर्देशों पर संगठन को नया चेहरा देने की कवायद शुरू हो चुकी है।👑 दिग्गजों का जमावड़ा, बंद कमरे में चली रायशुमारी की 'महा-जंग'!इस अहम सांगठनिक बैठक को लेने के लिए सिंगरौली के प्रभारी उमर खान जिला सिंगरौली के, सह प्रभारी मो. शकील खान और सह प्रभारी एडवोकेट अफजल अली विशेष रूप से जिला कार्यालय पहुँचे। बैठक में मध्य प्रदेश के सह-प्रभारी रण विजय सिंह 'दिल्ली, जिला कांग्रेस अध्यक्ष प्रवीण सिंह चौहान, पूर्व विधायक व ग्रामीण जिला अध्यक्ष सरस्वती सिंह, पूर्व महापौर रेनू शाह, और पूर्व ग्रामीण जिला अध्यक्ष ज्ञानेन्द्र द्विवेदी सहित जिले के तमाम कद्दावर और वरिष्ठ कांग्रेसी नेताओं की मौजूदगी ने बैठक की गंभीरता को और बढ़ा दिया।
जिला सिंगरौली:मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले में आज सियासी पारा अचानक उस समय जिला सिंगरौली:मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले में आज सियासी पारा अचानक उस समय गरमा गया, जब जिला कांग्रेस कार्यालय में 'अल्पसंख्यक विभाग' के नए शहर और ग्रामीण अध्यक्षों के चयन को लेकर एक हाई-प्रोफाइल बैठक बुलाई गई। मध्य प्रदेश कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के प्रदेश प्रभारी आबिद कागजी एवं सह प्रभारी लियाकत अली के कड़े निर्देशों पर संगठन को नया चेहरा देने की कवायद शुरू हो चुकी है।👑 दिग्गजों का जमावड़ा, बंद कमरे में चली रायशुमारी की 'महा-जंग'!इस अहम सांगठनिक बैठक को लेने के लिए सिंगरौली के प्रभारी उमर खान जिला सिंगरौली के, सह प्रभारी मो. शकील खान और सह प्रभारी एडवोकेट अफजल अली विशेष रूप से जिला कार्यालय पहुँचे। बैठक में मध्य प्रदेश के सह-प्रभारी रण विजय सिंह 'दिल्ली, जिला कांग्रेस अध्यक्ष प्रवीण सिंह चौहान, पूर्व विधायक व ग्रामीण जिला अध्यक्ष सरस्वती सिंह, पूर्व महापौर रेनू शाह, और पूर्व ग्रामीण जिला अध्यक्ष ज्ञानेन्द्र द्विवेदी सहित जिले के तमाम कद्दावर और वरिष्ठ कांग्रेसी नेताओं की मौजूदगी ने बैठक की गंभीरता को और बढ़ा दिया।
- 🚨 ब्रेकिंग: सोनभद्र पिपरी में गैर-इरादतन हत्या के मामले का पुलिस ने किया खुलासा, तीन वांछित आरोपी गिरफ्तार। 26 जुलाई की रात विवाद में घायल संदीप पाल की इलाज के दौरान मौत हुई थी। पुलिस ने अजय पाण्डेय, वीर प्रताप सिंह उर्फ वीरू और विशाल सिंह उर्फ बिट्टू को गिरफ्तार कर घटना में प्रयुक्त टीवीएस बाइक की चाबी बरामद की। तीनों को न्यायालय में पेश किया गया। #Sonbhadra #Pipri #BreakingNews #PoliceAction1
- हाथियों ने किसान का घर तोड़ा फसलों को रौंदा लगातार हाथी का उत्पात जारी है जनकपुर पार्क परिक्षेत्र के ग्राम ढाब में 12 हाथियों का उत्पात, एक मकान क्षतिग्रस्त, कई किसानों की फसल बर्बाद एमसीबी --- जिले के जनकपुर पार्क परिक्षेत्र अंतर्गत ग्राम ढाब में बुधवार, 30 जुलाई 2026 की रात लगभग 2 बजे 12 हाथियों के दल ने गांव में प्रवेश कर जमकर उत्पात मचाया। हाथियों के अचानक गांव में पहुंचने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और ग्रामीणों के सहयोग से हाथियों को सुरक्षित रूप से जंगल की ओर खदेड़ने में सफलता प्राप्त की। हाथियों के हमले में ग्राम ढाब निवासी विशाले सिंह, पिता जयदीन सिंह का एक मकान क्षतिग्रस्त हो गया। इसके अलावा गांव के कई किसानों की खेतों में खड़ी फसलों को भी हाथियों ने रौंद दिया, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा। घटना के दौरान ग्रामीण पूरी रात भय और सतर्कता के बीच रहे। पार्क परिक्षेत्र अधिकारी शैलेश गुप्ता ने बताया कि 12 हाथियों का दल रात के समय जंगल से निकलकर गांव की ओर आ गया था। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम तत्काल मौके पर पहुंची। ग्रामीणों के सहयोग से सतर्कता एवं सुरक्षा के साथ हाथियों को पुनः जंगल की ओर खदेड़ दिया गया। उन्होंने बताया कि प्रभावित क्षेत्रों का सर्वे कर नुकसान का आकलन किया जा रहा है तथा नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। वन विभाग ने ग्रामीणों से अपील की है कि हाथियों की गतिविधियों की सूचना मिलते ही उनके निकट जाने का प्रयास न करें, न ही उन्हें उकसाएं। किसी भी आपात स्थिति में तुरंत वन विभाग को सूचना दें ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके। विभाग द्वारा हाथियों की गतिविधियों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है, जिससे भविष्य में जन-धन की हानि को रोका जा सके।3
- रोजगार कार्यालय बना कुत्तों अड्डा।रोजगार कार्यालय में सो रहे कुत्ते कोई कर्मचारी मौजूद नहीं। प्रयागराज। प्रयागराज रोजगार कार्यालय में सो रहे कुत्ते कोई कर्मचारी मौजूद नहीं है । ऐसा प्रतीत होता है कि यहां पर कुत्तों का कब्जा है जो वीडियो में नजर आ रहा है।इस वायरल वीडियो में साफ नजर आ रहा है कि कोई भी कर्मचारी अथवा सुरक्षाकर्मी मौजूद नहीं है। रोजगार कार्यालय की बिगड़ती हुई व्यवस्था और लापरवाही की एक ताजा तस्वीर सामने आई है।1
- बारा तहसील परिसर में समाधान दिवस में डीएम-डीसीपी ने सुनी जनसमस्याएं, समयबद्ध निस्तारण के दिए निर्देश बारा तहसील परिसर में समाधान दिवस में डीएम-डीसीपी ने सुनी जनसमस्याएं, समयबद्ध निस्तारण के दिए निर्देश1
- 🚨 सोनभद्र: खेत में घोड़ा बांधने को लेकर खूनी संघर्ष बभनी थाना क्षेत्र के कोंगा गांव में खेत में घोड़ा बांधने और पुरानी जमीनी रंजिश को लेकर दो पक्ष भिड़ गए। लाठी-डंडे व कुल्हाड़ी से हुए हमले में दो लोग घायल हुए। पुलिस मौके पर पहुंचकर जांच में जुटी है। #Sonbhadra #Babhni #BreakingNews 🚔⚠️1
- मध्य प्रदेश के पन्ना जिले में बड़ी लापरवाही सामने आई है। वेयरहाउस कॉरपोरेशन की लापरवाही की वजह से हजारों क्विंटल धान खराब हो गए। मध्य प्रदेश के पन्ना जिले में बड़ी लापरवाही सामने आई है। वेयरहाउस कॉरपोरेशन की लापरवाही की वजह से हजारों क्विंटल धान खराब हो गए। साथ ही उनमें पौधे उग आए हैं। घटना सामने आने के बाद प्रशासन ने मामले में जांच के आदेश दिए हैं। वेयर हाउस कॉरपोरेशन के अध्यक्ष संजय नगायच हैं। कुछ महीने पहले ही उन्होंने पदभार संभाला है।1
- सोन नदी में मगरमच्छ का खूनी हमला, मछली पकड़ रहे मछुआरे को जबड़ों में दबोचा; हालत गंभीर *सहज स्वरूप किरण गौड़* चोपन (सोनभद्र)। जनपद सोनभद्र के चोपन थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम सभा करगरा में शनिवार सुबह उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब सोन नदी में मछली पकड़ रहे एक मछुआरे पर अचानक मगरमच्छ ने हमला कर दिया। हमले में मछुआरा गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे स्थानीय लोगों की मदद से तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया प्राप्त जानकारी के अनुसार, लल्लू निषाद (पिता – स्वर्गीय राम प्यारे) रोज की तरह सोन नदी में मछली पकड़ रहे थे। इसी दौरान पानी में छिपे मगरमच्छ ने उन पर अचानक हमला कर दिया। मगरमच्छ के हमले से लल्लू निषाद गंभीर रूप से घायल हो गए। उनकी चीख-पुकार सुनकर आसपास मौजूद लोगों ने साहस दिखाते हुए उन्हें मगरमच्छ के चंगुल से बचाया और तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, चोपन पहुंचाया। चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए लोढ़ी अस्पताल रेफर कर दिया। घटना के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है। स्थानीय लोगों और मछुआरा समुदाय ने वन विभाग एवं प्रशासन से सोन नदी में मगरमच्छों की बढ़ती मौजूदगी पर तत्काल प्रभावी कार्रवाई करने, चेतावनी बोर्ड लगाने, निगरानी बढ़ाने तथा नदी पर आश्रित लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है यह घटना एक बार फिर नदी किनारे रहने वाले और मछली पकड़कर जीवनयापन करने वाले परिवारों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करती है। यदि समय रहते आवश्यक सुरक्षा उपाय नहीं किए गए, तो भविष्य में ऐसे हादसे और भी गंभीर रूप ले सकते हैं।2