हरियाणा सरकार राज्य के विश्वविद्यालयों में कार्यरत संविदा असिस्टेंट प्रोफेसरों और अन्य कर्मचारियों को सेवा सुरक्षा प्रदान करने के लिए 'हरियाणा राज्य विश्वविद्यालय संविदात्मक व्याख्याता (सेवा सुरक्षा) अधिनियम-2026' को अंतिम रूप देने की तैयारी कर रही है। उच्च शिक्षा विभाग ने राज्य के 10 प्रमुख विश्वविद्यालयों के रजिस्ट्रारों को तीन दिनों के भीतर कर्मचारियों का पूरा ब्यौरा, नियमित पदों की संख्या, शिक्षकों का विवरण और वित्तीय भार का आकलन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। समय सीमा का पालन न करने पर रजिस्ट्रारों को उच्च शिक्षा महानिदेशक के समक्ष व्यक्तिगत रूप से पेश होकर जवाब देना होगा। विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह जानकारी पहले 1 जुलाई को मांगी गई थी, जिसके बाद 8 जुलाई को रिमाइंडर जारी किया गया है। इस प्रक्रिया में कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय, महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय (रोहतक), चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय (सिरसा), भगत फूल सिंह महिला विश्वविद्यालय (खानपुर), चौधरी बंसीलाल विश्वविद्यालय (भिवानी), चौधरी रणबीर सिंह विश्वविद्यालय (जींद), इंदिरा गांधी विश्वविद्यालय (रेवाड़ी), डॉ. बी.आर. अंबेडकर राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय (सोनीपत), गुरुग्राम विश्वविद्यालय और महर्षि वाल्मीकि संस्कृत विश्वविद्यालय शामिल हैं। विभाग ने यह भी स्पष्टीकरण मांगा है कि हरियाणा कौशल रोजगार निगम के माध्यम से नियुक्त कर्मचारी और 50 हजार रुपये से कम वेतन पाने वाले शिक्षण कर्मचारी वर्तमान में लागू सेवा सुरक्षा कानूनों के दायरे में आते हैं या नहीं, ताकि नए कानून में कोई बाधा न आए। हरियाणा विश्वविद्यालय संविदा शिक्षक संघ ने सरकार के इस कदम का स्वागत किया है। संघ के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. विजय मलिक के अनुसार, यह लंबे समय से लंबित मांग थी और इसके लागू होने से राज्य के करीब 1,400 संविदा असिस्टेंट प्रोफेसरों को सरकारी कॉलेजों के विस्तार व्याख्याताओं की तर्ज पर सेवा सुरक्षा और नौकरी में स्थिरता मिलने की उम्मीद है। अब पूरी स्थिति इस बात पर निर्भर करेगी कि विश्वविद्यालय समय पर रिपोर्ट सौंपते हैं या नहीं और प्रस्तावित अधिनियम कब तक पूर्ण रूप से लागू होता है।
हरियाणा सरकार राज्य के विश्वविद्यालयों में कार्यरत संविदा असिस्टेंट प्रोफेसरों और अन्य कर्मचारियों को सेवा सुरक्षा प्रदान करने के लिए 'हरियाणा राज्य विश्वविद्यालय संविदात्मक व्याख्याता (सेवा सुरक्षा) अधिनियम-2026' को अंतिम रूप देने की तैयारी कर रही है। उच्च शिक्षा विभाग ने राज्य के 10 प्रमुख विश्वविद्यालयों के रजिस्ट्रारों को तीन दिनों के भीतर कर्मचारियों का पूरा ब्यौरा, नियमित पदों की संख्या, शिक्षकों का विवरण और वित्तीय भार का आकलन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। समय सीमा का पालन न करने पर रजिस्ट्रारों को उच्च शिक्षा महानिदेशक के समक्ष व्यक्तिगत रूप से पेश होकर जवाब देना होगा। विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह जानकारी पहले 1 जुलाई को मांगी गई थी, जिसके बाद 8 जुलाई को रिमाइंडर जारी किया गया है। इस प्रक्रिया में कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय, महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय (रोहतक), चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय (सिरसा), भगत फूल सिंह महिला विश्वविद्यालय (खानपुर), चौधरी बंसीलाल विश्वविद्यालय (भिवानी), चौधरी रणबीर सिंह विश्वविद्यालय (जींद), इंदिरा गांधी विश्वविद्यालय (रेवाड़ी), डॉ. बी.आर. अंबेडकर राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय (सोनीपत), गुरुग्राम विश्वविद्यालय और महर्षि वाल्मीकि संस्कृत विश्वविद्यालय शामिल हैं। विभाग ने यह भी स्पष्टीकरण मांगा है कि हरियाणा कौशल रोजगार निगम के माध्यम से नियुक्त कर्मचारी और 50 हजार रुपये से कम वेतन पाने वाले शिक्षण कर्मचारी वर्तमान में लागू सेवा सुरक्षा कानूनों के दायरे में आते हैं या नहीं, ताकि नए कानून में कोई बाधा न आए। हरियाणा विश्वविद्यालय संविदा शिक्षक संघ ने सरकार के इस कदम का स्वागत किया है। संघ के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. विजय मलिक के अनुसार, यह लंबे समय से लंबित मांग थी और इसके लागू होने से राज्य के करीब 1,400 संविदा असिस्टेंट प्रोफेसरों को सरकारी कॉलेजों के विस्तार व्याख्याताओं की तर्ज पर सेवा सुरक्षा और नौकरी में स्थिरता मिलने की उम्मीद है। अब पूरी स्थिति इस बात पर निर्भर करेगी कि विश्वविद्यालय समय पर रिपोर्ट सौंपते हैं या नहीं और प्रस्तावित अधिनियम कब तक पूर्ण रूप से लागू होता है।
- हरियाणा के रेवाड़ी के सीहा गांव में आज कलश यात्रा निकाली गई। इस कलश यात्रा के आयोजन के बाद अब यहां अगले सात दिनों तक महापुराण का पाठ किया जाएगा।1
- महेंद्रगढ़ के नारनौल में स्लम एरिया टैलेंट की होनहार बेटी कशिश ने वहां के माननीय विधायक श्री ओम प्रकाश यादव जी को अपने हाथों से बनाया हुआ स्केच भेंट किया है।1
- हरियाणा पुलिस के सब-इंस्पेक्टर मुकेश फोगाट को शनिवार को फरीदाबाद के उनके पैतृक गांव फतेहपुर बिल्लोच में पूरे राजकीय एवं सैनिक सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई। केएमपी एक्सप्रेसवे पर गांव गोयला के गो-तस्करों के खिलाफ कार्रवाई के दौरान हुए सड़क हादसे में उनके बलिदान के बाद से ही पूरे गांव में शोक का माहौल बना हुआ है। शहीद मुकेश फोगाट के अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में ग्रामीण, पुलिस अधिकारी, जनप्रतिनिधि और आसपास के क्षेत्रों के लोग पहुंचे और नम आंखों से उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी।1
- हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने रेवाड़ी से 30 नई एडवांस्ड लाइफ सपोर्ट (ALS) एंबुलेंस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य राज्य की स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करना और आपातकालीन चिकित्सा सुविधाओं की कमी को दूर करना है।1
- मुंडावर उपखंड की बीजवाड़ चौहान ग्राम पंचायत में चारागाह भूमि पर अतिक्रमण, साबी नदी में अवैध खनन और सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे के मामलों को लेकर ग्रामीणों ने खैरथल-तिजारा के जिला कलेक्टर को विस्तृत शिकायत पत्र सौंपा है। ग्रामीणों का आरोप है कि पिछले सात वर्षों से लगातार शिकायतें करने के बावजूद प्रशासन की ओर से कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई है, जिससे अतिक्रमण लगातार बढ़ रहे हैं और पर्यावरण को गंभीर नुकसान हो रहा है। शिकायत में खसरा नंबर 1, 2, 429, 457, 517, 594, 595, 596, 613 और 814 सहित अन्य सरकारी भूमि पर कब्जों का उल्लेख किया गया है। ग्रामीणों के अनुसार, राजस्व विभाग द्वारा राजस्थान भूमि राजस्व अधिनियम की धारा 91 के तहत कार्रवाई शुरू होने के बाद भी अतिक्रमण नहीं हटाया गया, जिससे पशुपालकों के सामने चारे का संकट खड़ा हो गया है। नदी के अवैध खनन को लेकर ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि साबी नदी में 500 मीटर क्षेत्र में 15 से 20 फीट गहरे गड्ढे खोद दिए गए हैं। यहां से निकाली जा रही बालू और मिट्टी को ट्रैक्टर-ट्रॉलियों व ट्रकों के जरिए दिन-रात हरियाणा ले जाया जा रहा है। साथ ही, खसरा नंबर 1114, 1211, 1248 और 1249 पर लघु उद्योग के नाम पर सड़क निर्माण सामग्री तैयार की जा रही है, जिससे क्षेत्र में प्रदूषण बढ़ रहा है और वन्यजीवों का प्राकृतिक आवास प्रभावित हो रहा है। ग्रामीणों ने यह भी शिकायत की है कि इन अतिक्रमणों के कारण 'हरियालो राजस्थान' अभियान के तहत पौधारोपण की योजना प्रभावित हो रही है और पेड़ों की अवैध कटाई की जा रही है। ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर से तत्काल अतिक्रमण हटाने, अवैध खनन रोकने और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।4
- महेंद्रगढ़ शहर में जलभराव की समस्या के समाधान के लिए विधायक कंवर सिंह यादव ने अधिकारियों के साथ निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने खेल स्टेडियम में स्थित स्विमिंग पूल में पानी भरने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए।1
- ऑस्ट्रेलिया यात्रा के दौरान नरेंद्र मोदी का विरोध देखने को मिला है। वहां कुछ लोगों द्वारा उनके खिलाफ 'मोदी गो' के नारे लगाए गए, जिसके चलते उनका स्वागत होने के बजाय विरोध का सामना करना पड़ा।1
- नूंह जिला परिषद के वार्ड-25 के पार्षद तौफीक ने जानकारी दी है कि ऊर्जा मंत्री अनिल विज के निर्देश पर औथा गांव में नया बिजली कनेक्शन प्रदान किया जा रहा है। ग्रामीण लंबे समय से बिजली की गंभीर समस्या का सामना कर रहे थे, जिससे उन्हें काफी परेशानी हो रही थी। नया बिजली कनेक्शन मिलने के बाद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है। इस सुविधा के लिए ग्रामीणों ने ऊर्जा मंत्री अनिल विज और बिजली विभाग का विशेष रूप से धन्यवाद व्यक्त किया है।1