उत्तर मध्य रेलवे के झाँसी मंडल के अंतर्गत आने वाले बाँदा रेलवे स्टेशन की क्रू लॉबी में टी.बी. (क्षय रोग) जागरूकता सेमीनार का आयोजन किया गया। मंडल रेल प्रबंधक, झाँसी श्री अनिरुद्ध कुमार के मार्गदर्शन और मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. कुलदीप स्वरूप मिश्रा के निर्देशन में आयोजित इस कार्यक्रम में बाँदा रेलवे स्टेशन के विभिन्न विभागों के लगभग 30 कर्मचारियों को टी.बी. रोग की पहचान, बचाव एवं उपचार संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की गई। सेमीनार के दौरान, अपर मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (ACMS) डॉ. राहुल उपाध्याय ने कर्मचारियों को बताया कि यदि किसी व्यक्ति में लंबे समय तक खाँसी, शाम के समय बुखार, वजन में कमी या कमजोरी जैसे लक्षण दिखें तो उसे तत्काल चिकित्सकीय परामर्श लेना चाहिए और आवश्यक जाँच करानी चाहिए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि टी.बी. एक संक्रामक रोग है, इसलिए इसके लक्षण दिखने या रोग की पुष्टि होने पर इसे छिपाना नहीं चाहिए। इसके बजाय, चिकित्सक द्वारा सुझाए गए उपचार का नियमित रूप से पालन करना और खाँसते या छींकते समय मुँह ढकने की आदत अपनाना महत्वपूर्ण है, ताकि संक्रमण परिवार और अन्य लोगों तक न फैले। डॉ. राहुल उपाध्याय ने अपने संबोधन में यह भी बताया कि टी.बी. एक गंभीर बीमारी होते हुए भी इसका पूर्ण उपचार संभव है। उन्होंने देश को टी.बी. मुक्त बनाने के लिए प्रत्येक नागरिक की जागरूकता और सहभागिता को आवश्यक बताया। कार्यक्रम में उपस्थित सभी कर्मचारियों ने टी.बी. उन्मूलन के प्रति जागरूक रहने और दूसरों को भी इस बारे में जागरूक करने का संकल्प लिया। इस पहल को "टी.बी. हारेगा, देश जीतेगा" के सामूहिक संकल्प के रूप में देखा गया, जो स्वस्थ एवं टी.बी. मुक्त भारत के निर्माण की दिशा में एक कदम है।
उत्तर मध्य रेलवे के झाँसी मंडल के अंतर्गत आने वाले बाँदा रेलवे स्टेशन की क्रू लॉबी में टी.बी. (क्षय रोग) जागरूकता सेमीनार का आयोजन किया गया। मंडल रेल प्रबंधक, झाँसी श्री अनिरुद्ध कुमार के मार्गदर्शन और मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. कुलदीप स्वरूप मिश्रा के निर्देशन में आयोजित इस कार्यक्रम में बाँदा रेलवे स्टेशन के विभिन्न विभागों के लगभग 30 कर्मचारियों को टी.बी. रोग की पहचान, बचाव एवं उपचार संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की गई। सेमीनार के दौरान, अपर मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (ACMS) डॉ. राहुल उपाध्याय ने कर्मचारियों को बताया कि यदि किसी व्यक्ति में लंबे समय तक खाँसी, शाम के समय बुखार, वजन में कमी या कमजोरी जैसे लक्षण दिखें तो उसे तत्काल चिकित्सकीय परामर्श लेना चाहिए और आवश्यक जाँच करानी चाहिए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि टी.बी. एक संक्रामक रोग है, इसलिए इसके लक्षण दिखने
या रोग की पुष्टि होने पर इसे छिपाना नहीं चाहिए। इसके बजाय, चिकित्सक द्वारा सुझाए गए उपचार का नियमित रूप से पालन करना और खाँसते या छींकते समय मुँह ढकने की आदत अपनाना महत्वपूर्ण है, ताकि संक्रमण परिवार और अन्य लोगों तक न फैले। डॉ. राहुल उपाध्याय ने अपने संबोधन में यह भी बताया कि टी.बी. एक गंभीर बीमारी होते हुए भी इसका पूर्ण उपचार संभव है। उन्होंने देश को टी.बी. मुक्त बनाने के लिए प्रत्येक नागरिक की जागरूकता और सहभागिता को आवश्यक बताया। कार्यक्रम में उपस्थित सभी कर्मचारियों ने टी.बी. उन्मूलन के प्रति जागरूक रहने और दूसरों को भी इस बारे में जागरूक करने का संकल्प लिया। इस पहल को "टी.बी. हारेगा, देश जीतेगा" के सामूहिक संकल्प के रूप में देखा गया, जो स्वस्थ एवं टी.बी. मुक्त भारत के निर्माण की दिशा में एक कदम है।
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को पीएम किसान सम्मान निधि योजना की 23वीं किस्त जारी की। इस पहल से उत्तर प्रदेश के 2.17 करोड़ से अधिक किसानों के बैंक खातों में ₹4352.40 करोड़ की राशि सीधे प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) के माध्यम से पहुंची है। इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ झांसी के आयुक्त सभागार से वर्चुअल रूप से जुड़े। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कहा कि किसानों की समृद्धि और खुशहाली सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि यह सम्मान निधि अन्नदाताओं के सम्मान और उनके आर्थिक सशक्तिकरण का प्रतीक है। इस योजना के तहत पात्र किसानों को हर वर्ष ₹6000 की सहायता तीन किस्तों में प्रदान की जाती है। अब तक, उत्तर प्रदेश के किसानों को इस योजना के माध्यम से कुल ₹1.03 लाख करोड़ से अधिक की राशि प्राप्त हो चुकी है।1
- झांसी के दीनदयाल सभागार में आयोजित मुख्यमंत्री के कार्यक्रम के दौरान एक फायर ब्रिगेड की गाड़ी फंस गई। इस स्थिति के कारण गाड़ी को मौके से हटाया नहीं जा सका। आखिरकार, मुख्यमंत्री की फ्लीट के वहां से गुजर जाने के बाद और फायर ब्रिगेड की गाड़ी से पानी खाली कराए जाने के उपरांत ही उसे वहां से निकाला जा सका।1
- झाँसी का प्रेमनगर नगरा अपनी गंगा-जमुनी तहज़ीब और सांप्रदायिक सौहार्द के लिए पूरे बुंदेलखंड में एक विशिष्ट पहचान रखता है। मोहर्रम का महीना शुरू होते ही, शहर में ताजिए बनाने का काम तेज़ी से प्रारंभ हो जाता है। इसी सदियों पुरानी परंपरा को वर्षों से आगे बढ़ाते हुए, प्रेमनगर के नगरा निवासी प्रसिद्ध कल्लू बाबा अपने हाथों से बेहद आकर्षक और कलात्मक ताजिए तैयार कर रहे हैं। उनके द्वारा बनाए गए ताजिए अपनी सुंदर कारीगरी और बारीक नक्काशी के लिए दूर-दूर तक प्रसिद्ध हैं। हर साल, कल्लू बाबा की यह कला लोगों के आकर्षण का केंद्र बनती है, और इन ताजियों को देखने के लिए आसपास के जिलों से भी लोग झाँसी पहुंचते हैं। कल्लू बाबा ने बताया कि वह कई वर्षों से ताजिया बनाने का काम कर रहे हैं और इस बार भी झाँसी के विभिन्न क्षेत्रों के लिए ताजिए तैयार कर रहे हैं। उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि ताजिया केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक ही नहीं, बल्कि झाँसी की सदियों पुरानी हिंदू-मुस्लिम एकता और भाईचारे की परंपरा का भी द्योतक है। मोहर्रम के अवसर पर, शहर के अलग-अलग मोहल्लों में ताजिए तैयार किए जा रहे हैं, और झाँसी की यह परंपरा आज भी आपसी प्रेम, सौहार्द और गंगा-जमुनी संस्कृति की एक मजबूत मिसाल पेश कर रही है।2
- डिप्टी सीएम ने कहा है कि बुंदेलखंड क्षेत्र के हर खेत तक पानी पहुँचाना प्रधानमंत्री का संकल्प है। इस बयान के माध्यम से प्रधानमंत्री के इस महत्वपूर्ण लक्ष्य पर ज़ोर दिया गया, जिसमें क्षेत्र की सिंचाई आवश्यकताओं को पूरा करने की बात कही गई।1
- झाँसी के थाना नबाबाद क्षेत्र स्थित झोकन बाग में आर्किटेक्ट अजय अरोरा और हैवल्स व्यापारी संजय अरोरा के आवास पर भीषण आग लग गई। इस दुर्घटना में तीन एक्टिवा, एक बुलेट गाड़ी, और गोदाम में रखे कई एसी सहित लाखों रुपये की गृहस्थी जलकर पूरी तरह खाक हो गई। सूचना पर पहुंची फायर ब्रिगेड की गाड़ियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया और पूरे परिवार को सुरक्षित बाहर निकाला।1
- मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज झाँसी पहुंचेंगे।1
- उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने झांसी में एक बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि सभी मुसलमान पहले हिंदू थे और सभी मुसलमानों का नाता भगवान राम से है।1
- झांसी में बालिनी संस्था की महिलाओं ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात कर डेयरी और मिल्क प्रोडक्ट प्लांट की स्थापना के लिए सरकार से सहयोग मांगा। मुख्यमंत्री ने उनकी सभी बातें ध्यान से सुनीं और हरसंभव मदद का आश्वासन दिया। इस मुलाकात के दौरान महिलाओं ने बाहरी लोगों द्वारा धमकाए जाने की भी शिकायत की। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आश्वस्त किया कि जरूरत पड़ने पर सरकार उनके साथ खड़ी मिलेगी। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को प्लांट की स्थापना और अन्य मुद्दों पर आवश्यक निर्देश दिए जाने की बात भी कही। इस अवसर पर बालिनी संस्था की साधना सिंह और झांसी स्थित संस्था के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. ओपी सिंह ने अपनी बात रखी।3