आगामी मुहर्रम के त्योहार को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के लिए नानपारा का स्थानीय प्रशासन और पुलिस पूरी तरह मुस्तैद है। सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने और आम जनता में सुरक्षा का भाव पैदा करने के उद्देश्य से एडिश्नल एस.पी., सी.ओ. नानपारा, और प्रभारी निरीक्षक नानपारा ने भारी पुलिस बल के साथ मुख्य मार्गों और संवेदनशील इलाकों में पैदल गश्त किया। मुहर्रम के पवित्र महीने की शुरुआत होते ही नानपारा कस्बा पुलिस छावनी में बदलता नजर आ रहा है। त्योहारों के दौरान शांति, सुरक्षा और आपसी भाईचारा बनाए रखने के लिए, उच्चाधिकारियों के निर्देश पर नानपारा पुलिस और अतिरिक्त सुरक्षा बलों ने आज पूरे क्षेत्र में एक बड़ा फ्लैग मार्च और पैदल गश्त किया। इस गश्त का नेतृत्व खुद एडिश्नल एस.पी., क्षेत्राधिकारी (CO) नानपारा, और प्रभारी निरीक्षक राजनाथ सिंह ने किया। इसमें भारी संख्या में पुलिस बल के जवान, महिला पुलिसकर्मी और एलआईयू की टीम शामिल थी। पुलिस का काफिला कस्बे के मुख्य चौराहों, संकरी गलियों और संवेदनशील माने जाने वाले इलाकों से गुजरा। इस दौरान पुलिस अधिकारियों ने स्थानीय दुकानदारों, संभ्रांत नागरिकों और धर्मगुरुओं से मुलाकात कर स्पष्ट संदेश दिया कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस प्रशासन ने यह भी साफ कर दिया है कि मुहर्रम के जुलूस वाले रास्तों पर किसी भी तरह का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। असामाजिक तत्वों और सोशल मीडिया पर भ्रामक खबरें या अफवाह फैलाने वालों पर पैनी नजर रखने के लिए डिजिटल वॉलिंटियर्स और सीसीटीवी कैमरों की मदद ली जा रही है। नानपारा पुलिस की इस मुस्तैदी ने स्पष्ट कर दिया है कि प्रशासन त्योहारों में खलल डालने वाले किसी भी तत्व से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है, जिसकी आम जनता ने भी सराहना की है और शांति व्यवस्था में सहयोग का आश्वासन दिया है। प्रभारी निरीक्षक राजनाथ सिंह ने मीडिया को बताया कि मुहर्रम के त्योहार को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं, और लगातार पैदल गश्त कर सुरक्षा व्यवस्था तथा सभी रूटों का निरीक्षण किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया पर कड़ी नजर रखी जा रही है और अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने जनता से मुहर्रम को शांति और सौहार्द के साथ मनाने की अपील की है।
आगामी मुहर्रम के त्योहार को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के लिए नानपारा का स्थानीय प्रशासन और पुलिस पूरी तरह मुस्तैद है। सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने और आम जनता में सुरक्षा का भाव पैदा करने के उद्देश्य से एडिश्नल एस.पी., सी.ओ. नानपारा, और प्रभारी निरीक्षक नानपारा ने भारी पुलिस बल के साथ मुख्य मार्गों और संवेदनशील इलाकों में पैदल गश्त किया। मुहर्रम के पवित्र महीने की शुरुआत होते ही नानपारा कस्बा पुलिस छावनी में बदलता नजर आ रहा है। त्योहारों के दौरान शांति, सुरक्षा और आपसी भाईचारा बनाए रखने के लिए,
उच्चाधिकारियों के निर्देश पर नानपारा पुलिस और अतिरिक्त सुरक्षा बलों ने आज पूरे क्षेत्र में एक बड़ा फ्लैग मार्च और पैदल गश्त किया। इस गश्त का नेतृत्व खुद एडिश्नल एस.पी., क्षेत्राधिकारी (CO) नानपारा, और प्रभारी निरीक्षक राजनाथ सिंह ने किया। इसमें भारी संख्या में पुलिस बल के जवान, महिला पुलिसकर्मी और एलआईयू की टीम शामिल थी। पुलिस का काफिला कस्बे के मुख्य चौराहों, संकरी गलियों और संवेदनशील माने जाने वाले इलाकों से गुजरा। इस दौरान पुलिस अधिकारियों ने स्थानीय दुकानदारों, संभ्रांत नागरिकों और धर्मगुरुओं से मुलाकात कर स्पष्ट संदेश दिया कि कानून व्यवस्था
से खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस प्रशासन ने यह भी साफ कर दिया है कि मुहर्रम के जुलूस वाले रास्तों पर किसी भी तरह का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। असामाजिक तत्वों और सोशल मीडिया पर भ्रामक खबरें या अफवाह फैलाने वालों पर पैनी नजर रखने के लिए डिजिटल वॉलिंटियर्स और सीसीटीवी कैमरों की मदद ली जा रही है। नानपारा पुलिस की इस मुस्तैदी ने स्पष्ट कर दिया है कि प्रशासन त्योहारों में खलल डालने वाले किसी भी तत्व से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है, जिसकी
आम जनता ने भी सराहना की है और शांति व्यवस्था में सहयोग का आश्वासन दिया है। प्रभारी निरीक्षक राजनाथ सिंह ने मीडिया को बताया कि मुहर्रम के त्योहार को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं, और लगातार पैदल गश्त कर सुरक्षा व्यवस्था तथा सभी रूटों का निरीक्षण किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया पर कड़ी नजर रखी जा रही है और अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने जनता से मुहर्रम को शांति और सौहार्द के साथ मनाने की अपील की है।
- आगामी मुहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के लिए स्थानीय प्रशासन और पुलिस नानपारा में पूरी तरह मुस्तैद है। सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने और आम जनता में सुरक्षा का भाव पैदा करने के उद्देश्य से एडिश्नल एस.पी. और सी.ओ. नानपारा के साथ प्रभारी निरीक्षक ने भारी पुलिस बल के साथ मुख्य मार्गों और संवेदनशील इलाकों में पैदल गश्त किया। मुहर्रम के पवित्र महीने की शुरुआत होते ही नानपारा कस्बा पुलिस छावनी में बदल गया है। त्योहारों के दौरान शांति, सुरक्षा और आपसी भाईचारा बनाए रखने के मकसद से नानपारा कोतवाली पुलिस ने कमर कस ली है। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर नानपारा पुलिस और अतिरिक्त सुरक्षा बलों ने पूरे क्षेत्र में एक बड़ा फ्लैग मार्च और पैदल गश्त किया, जिसका नेतृत्व खुद एडिश्नल एस.पी., क्षेत्राधिकारी (CO) नानपारा और प्रभारी निरीक्षक राजनाथ सिंह ने किया। इस गश्त में भारी संख्या में पुलिस बल के जवान, महिला पुलिसकर्मी और एलआईयू की टीम शामिल थी। पुलिस का यह काफिला कस्बे के मुख्य चौराहों, संकरी गलियों और संवेदनशील माने जाने वाले इलाकों से होकर गुजरा। इस दौरान पुलिस अधिकारियों ने स्थानीय दुकानदारों, संभ्रांत नागरिकों और धर्मगुरुओं से मुलाकात कर स्पष्ट संदेश दिया कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस प्रशासन ने यह भी साफ कर दिया है कि मुहर्रम के जुलूस वाले रास्तों पर किसी भी तरह का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। असामाजिक तत्वों और सोशल मीडिया पर भ्रामक खबरें या अफवाह फैलाने वालों पर पैनी नजर रखने के लिए डिजिटल वॉलिंटियर्स और सीसीटीवी कैमरों की मदद ली जा रही है। नानपारा पुलिस की इस मुस्तैदी ने स्पष्ट कर दिया है कि प्रशासन त्योहारों में खलल डालने वाले किसी भी तत्व से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है। आम जनता ने भी पुलिस की इस पहल का स्वागत किया है और शांति व्यवस्था में पूरा सहयोग देने का आश्वासन दिया है। मीडिया से बात करते हुए प्रभारी निरीक्षक राजनाथ सिंह ने बताया कि मुहर्रम के त्योहार को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। सुरक्षा व्यवस्था और सभी रूटों का लगातार पैदल गश्त कर निरीक्षण किया जा रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि सोशल मीडिया पर कड़ी नजर रखी जा रही है और अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने जनता से अपील की कि वे मुहर्रम को शांति और सौहार्द के साथ मनाएं।1
- बहराइच जनपद के नानपारा कोतवाली क्षेत्र के ग्राम इटहा जगदीश नगर से 15 वर्षीय नाबालिग रेशमा को एक युवक भगा ले गया है। इस घटना को 11 दिन बीत चुके हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है और न ही आरोपी युवक की गिरफ्तारी हुई है। जानकारी के अनुसार, जगदीश नगर की ही रहने वाली एक पड़ोसी महिला ने कथित तौर पर युवक को नाबालिग लड़की को भगाने में मदद की। अब यही महिला कह रही है कि उसका कुछ नहीं होगा, जिससे पीड़ित परिवार की हताशा और बढ़ गई है। पीड़ित पिता ने अपनी बेटी की वापसी और न्याय के लिए नानपारा कोतवाली थाने से लेकर उच्च अधिकारियों तक गुहार लगाई है। पिता लगातार अपनी बेटी को वापस पाने के लिए न्याय की अपील कर रहा है, लेकिन 11 दिन बाद भी रेशमा का कोई पता नहीं चला है।2
- AIMIM के उत्तर प्रदेश प्रदेश अध्यक्ष ने यह दावा किया है कि इस बार मटेरा विधानसभा क्षेत्र में AIMIM की जीत सुनिश्चित है। उनके अनुसार, लोग समाजवादी पार्टी (सपा) से परेशान हो चुके हैं, जिसके कारण अब AIMIM को जनता का भरपूर समर्थन प्राप्त हो रहा है। इस बढ़ते जनसमर्थन का प्रमाण नुक्कड़ सभाओं में उमड़ रही भारी भीड़ के रूप में स्पष्ट देखा जा सकता है।1
- जनपद बहराइच के विकासखंड शिवपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत रामपुर धोबिया हार के मजरा सम्मनपुरवा निवासी खुशबू देवी ने गंभीर आरोप लगाते हुए बताया है कि छह माह पूर्व परिवार नियोजन का चीरा लगवाने के बावजूद वह पाँच माह की गर्भवती हैं। खुशबू देवी का स्पष्ट कहना है कि उन्होंने बच्चा न चाहने के उद्देश्य से ही यह चीरा लगवाया था। इस मामले में खुशबू देवी ने चिकित्सकों पर आरोप लगाया है कि उनका चेकअप ठीक से नहीं किया गया, जिसके चलते परिवार नियोजन का चीरा विफल हो गया। उन्होंने सवाल उठाया है कि आखिर परिवार नियोजन का चीरा कैसे विफल हो सकता है, जब इसे इस उद्देश्य से ही लगाया जाता है। वहीं, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नानपारा के प्रभारी डॉक्टर नलिन रजा ने इस संबंध में प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कभी-कभी ऐसा हो जाता है कि परिवार नियोजन का चीरा लगाने के बाद भी महिला गर्भवती हो जाती है। उन्होंने खुशबू देवी को सभी संबंधित साक्ष्य लेकर कार्यालय में मिलने को कहा है, ताकि सरकार द्वारा निर्धारित जो भी सहायता राशि है, वह उन्हें मुहैया कराई जा सके।1
- चित्रकूट में 14 गौ रक्षकों को आजीवन कारावास की सजा सुनाए जाने के विरोध में भारी जनसैलाब सड़कों पर उतर आया है। एक मुस्लिम जज द्वारा दिए गए इस फैसले के खिलाफ जनता ने जोरदार प्रदर्शन करते हुए सड़क को पूरी तरह से जाम कर दिया है। यह विरोध प्रदर्शन विशेष रूप से गौ रक्षकों को सुनाई गई उम्रकैद की सजा को लेकर है। जनसैलाब, जो सड़कों पर उमड़ा है, इस निर्णय के प्रति अपनी तीव्र नाराजगी व्यक्त कर रहा है और गौ रक्षकों के प्रति अपना गहरा समर्थन दिखा रहा है।1
- नगर पंचायत रुपईडीहा में बड़े मंगलवार के शुभ अवसर पर राष्ट्रीय हिन्दू वाहिनी संघ रुपईडीहा द्वारा एक भव्य भंडारे का आयोजन किया गया। इस मौके पर चेयरमैन डॉ. उमाशंकर वैश्य जी, धर्मेंद्र शुक्ला, गोपाल जी, राष्ट्रीय हिन्दू वाहिनी संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष बलराम शुक्ला, ललित त्रिपाठी, शेर सिंह कसौधन, दयाशंकर शुक्ला जी, दीपक आर्य, आरती वर्मा जी और संगठन के अन्य सभी पदाधिकारी उपस्थित रहे।4
- बहराइच के पयागपुर में 23 जून को वरिष्ठ कांग्रेस नेता और युवाओं के प्रेरणास्रोत स्वर्गीय संजय गांधी की 46वीं पुण्यतिथि पर भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की गई। कांग्रेस नेता विनय सिंह और युवा नेता नरेंद्र मिश्रा के नेतृत्व में संजय गांधी के चित्र पर पुष्पांजलि चढ़ाकर सैल्यूट किया गया। इसके बाद, मलूक सिंह पुरवा स्थित गौशाला में अनाथ गायों को स्वल्पाहार कराया गया और ग्रामवासियों के साथ मिलकर जन सत्याग्रह का आयोजन किया गया। इस सत्याग्रह के माध्यम से एक 4 सूत्रीय मांगपत्र उपजिलाधिकारी पयागपुर द्वारा महामहिम राज्यपाल, उत्तर प्रदेश को भेजा गया। इन मांगों में बबया रेलवे पुल से कोट बाजार-ककरहा कुट्टी संपर्क मार्ग को अतिक्रमण मुक्त कराकर तत्काल निर्माण करवाना, गांव के परिक्रमा मार्ग को दबंगों के कब्जे से मुक्त कराकर मौके पर सत्यापन के बाद स्थापित करना, गौशाला में गौ रक्षा हेतु अत्यधिक सुविधाएं प्रदान करना और पंचायत भवन से बाले पुरवा तथा बाले पुरवा से दर्जी टोला संपर्क मार्ग को दुरुस्त कराना शामिल हैं। कार्यक्रम संयोजक नरेंद्र मिश्रा ने इस दौरान कहा कि पूरे प्रदेश में सड़कें संचारित और अतिक्रमण मुक्त हैं, लेकिन उनके गांव के लोग अभी भी नारकीय जीवन जीने को मजबूर हैं। कांग्रेस नेता विनय सिंह ने चेतावनी दी कि यदि इन मांगों को शीघ्र पूरा नहीं किया गया, तो 9 अगस्त से व्यापक रूप से आंदोलन छेड़कर आर-पार का संघर्ष किया जाएगा। इस अवसर पर ग्राम सभा के सदस्य चंद्र कुमार मिश्र, चंद्र किरण मिश्रा, मोहम्मद निजाम (पूर्व सदस्य), गौतम प्रसाद मिश्र, गजराज केवट, राजित राम, सोहन लाल, हनीफ, मोहम्मद शरीफ, ननमुन, राम सरन चौहान, मोलहे, प्रदीप, पप्पू, गंगाराम, झगरु, खेलावन, रक्षाराम, सम्भर आदि कई लोगों ने जनहितकारी आंदोलन का समर्थन करते हुए स्वर्गीय संजय गांधी के कृतित्व और व्यक्तित्व पर अपने विचार रखे।4
- आगामी मुहर्रम को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के लिए नानपारा का स्थानीय प्रशासन और पुलिस पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने और आम जनता में सुरक्षा का भाव पैदा करने के उद्देश्य से एडिश्नल एस.पी., सी.ओ. नानपारा और प्रभारी निरीक्षक नानपारा ने भारी पुलिस बल के साथ मुख्य मार्गों और संवेदनशील इलाकों में पैदल गश्त की। मुहर्रम के पवित्र महीने की शुरुआत होते ही नानपारा कस्बा एक तरह से पुलिस छावनी में तब्दील नजर आने लगा है। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर नानपारा पुलिस और अतिरिक्त सुरक्षा बलों ने पूरे क्षेत्र में एक बड़ा फ्लैग मार्च और पैदल गश्त की, जिसका नेतृत्व खुद एडिश्नल एस.पी., क्षेत्राधिकारी (सीओ) नानपारा और प्रभारी निरीक्षक राजनाथ सिंह ने किया। इस गश्त में भारी संख्या में पुलिस बल के जवान, महिला पुलिसकर्मी और एलआईयू की टीम शामिल थी। पुलिस का यह काफिला कस्बे के मुख्य चौराहों, संकरी गलियों और संवेदनशील माने जाने वाले इलाकों से होकर गुजरा। इस दौरान पुलिस अधिकारियों ने स्थानीय दुकानदारों, संभ्रांत नागरिकों और धर्मगुरुओं से मुलाकात कर उन्हें स्पष्ट संदेश दिया कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। प्रशासन ने यह भी साफ कर दिया है कि मुहर्रम के जुलूस वाले रास्तों पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, और असामाजिक तत्वों तथा सोशल मीडिया पर भ्रामक खबरें या अफवाह फैलाने वालों पर पैनी नजर रखने के लिए डिजिटल वॉलिंटियर्स और सीसीटीवी कैमरों की मदद ली जा रही है। नानपारा पुलिस की इस मुस्तैदी ने यह साफ कर दिया है कि प्रशासन त्योहारों में खलल डालने वाले किसी भी तत्व से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है। आम जनता ने भी पुलिस की इस पहल का स्वागत करते हुए शांति व्यवस्था में पूरा सहयोग देने का आश्वासन दिया है। मीडिया से बात करते हुए प्रभारी निरीक्षक राजनाथ सिंह ने बताया कि मुहर्रम के त्योहार के मद्देनजर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं, लगातार पैदल गश्त कर सुरक्षा व्यवस्था और सभी रूटों का निरीक्षण किया जा रहा है, और सोशल मीडिया पर कड़ी नजर रखी जा रही है। उन्होंने अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी देते हुए जनता से मुहर्रम को शांति और सौहार्द के साथ मनाने की अपील की।1