बरेली जनपद में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार, पुलिस अधीक्षक दक्षिण के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी मीरगंज के कुशल नेतृत्व में, मीरगंज पुलिस ने 03/04.06.26 की रात को विभिन्न स्थानों से छह वारंटी गिरफ्तार किए हैं। इन सभी गिरफ्तार वारंटियों को नियमानुसार जेल भेज दिया गया है। गिरफ्तार वारंटियों में सत्यपाल पुत्र कोमिलराम, निवासी ग्राम अजमतगंज गौटिया मजरा दिउरिया अब्दुल्लागंज, जिला बरेली शामिल हैं, जिनके खिलाफ मुकदमा संख्या 2675/24, एफआईआर संख्या 904/12 धारा 25 आर्म्स एक्ट के तहत चालान हुआ था। दूसरे वारंटी अनिल कुमार पुत्र मंगलसेन, निवासी ग्राम अब्दुल्लागंज गौटिया, थाना मीरगंज, जिला बरेली हैं, जो मुकदमा संख्या 4978/21, एफआईआर संख्या 723/10 धारा 25 आर्म्स एक्ट और 60(2) आबकारी अधिनियम से संबंधित थे। अंकित पुत्र बाबू और सोहनलाल पुत्र बाबूराम, दोनों निवासी ग्राम हुरहुरी, थाना मीरगंज, जिला बरेली, को मुकदमा संख्या 1195/2024, एफआईआर संख्या 176/2023 धारा 323/504/506 आईपीसी के तहत गिरफ्तार किया गया है। पांचवें वारंटी अजहर पुत्र भोलौ, निवासी मोहम्मद अफसरान कस्बा व थाना मीरगंज, जिला बरेली, मुकदमा संख्या 8335/2021, एफआईआर संख्या 281/2016 धारा 452/323/504/506 आईपीसी से संबंधित थे। अंत में, मोहम्मद बाबर नगर कस्बा निवासी गुड्डू पुत्र जमील अहमद को मुकदमा संख्या 94/2026, एफआईआर संख्या 329/2018 धारा 279/427 आईपीसी के तहत गिरफ्तार किया गया। इस गिरफ्तारी अभियान को प्रभारी निरीक्षक रवि कुमार, उपनिरीक्षक पंकज कुमार, उपनिरीक्षक जय प्रकाश, उपनिरीक्षक रामनरेश, महिला उपनिरीक्षक नीतू, कांस्टेबल अंकुर सिरोही, और रिजर्व कांस्टेबल पंकज व ऋषभ की टीम ने अंजाम दिया।
बरेली जनपद में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार, पुलिस अधीक्षक दक्षिण के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी मीरगंज के कुशल नेतृत्व में, मीरगंज पुलिस ने 03/04.06.26 की रात को विभिन्न स्थानों से छह वारंटी गिरफ्तार किए हैं। इन सभी गिरफ्तार वारंटियों को नियमानुसार जेल भेज दिया गया है। गिरफ्तार वारंटियों में सत्यपाल पुत्र कोमिलराम, निवासी ग्राम अजमतगंज गौटिया मजरा दिउरिया अब्दुल्लागंज, जिला बरेली शामिल हैं, जिनके खिलाफ मुकदमा संख्या 2675/24, एफआईआर संख्या 904/12 धारा 25 आर्म्स एक्ट के तहत चालान हुआ था। दूसरे वारंटी अनिल कुमार पुत्र मंगलसेन, निवासी ग्राम अब्दुल्लागंज गौटिया, थाना मीरगंज, जिला बरेली हैं, जो मुकदमा संख्या 4978/21, एफआईआर संख्या 723/10 धारा 25 आर्म्स एक्ट और 60(2) आबकारी अधिनियम से संबंधित थे। अंकित पुत्र बाबू और सोहनलाल पुत्र बाबूराम, दोनों निवासी ग्राम हुरहुरी, थाना मीरगंज, जिला बरेली, को मुकदमा संख्या 1195/2024, एफआईआर संख्या 176/2023 धारा 323/504/506 आईपीसी के तहत गिरफ्तार किया गया है। पांचवें वारंटी अजहर पुत्र भोलौ, निवासी मोहम्मद अफसरान कस्बा व थाना मीरगंज, जिला बरेली, मुकदमा संख्या 8335/2021, एफआईआर संख्या 281/2016 धारा 452/323/504/506 आईपीसी से संबंधित थे। अंत में, मोहम्मद बाबर नगर कस्बा निवासी गुड्डू पुत्र जमील अहमद को मुकदमा संख्या 94/2026, एफआईआर संख्या 329/2018 धारा 279/427 आईपीसी के तहत गिरफ्तार किया गया। इस गिरफ्तारी अभियान को प्रभारी निरीक्षक रवि कुमार, उपनिरीक्षक पंकज कुमार, उपनिरीक्षक जय प्रकाश, उपनिरीक्षक रामनरेश, महिला उपनिरीक्षक नीतू, कांस्टेबल अंकुर सिरोही, और रिजर्व कांस्टेबल पंकज व ऋषभ की टीम ने अंजाम दिया।
- बरेली के शाही और सिरौली थानों में ई-मालखाना प्रणाली का शुभारम्भ किया गया है। इसके साथ ही, मीरगंज सर्किल के सभी थानों में अब डिजिटल माल प्रबंधन व्यवस्था लागू हो गई है। इस प्रकरण के संबंध में एसपी साउथ बरेली ने अपनी बाइट दी है।1
- नगर पंचायत के अध्यक्ष और कार्यकारी अधिकारी (EO) को लेकर गंभीर आरोप सामने आए हैं। इन आरोपों के अनुसार, नगर पंचायत अध्यक्ष और EO किसी की भी बात नहीं सुनते हैं।1
- बरेली में मोबाइल छीनने वाले एक शातिर गिरोह का बारादरी पुलिस ने पर्दाफाश किया है, जिसके तहत तीन बदमाशों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने उनके कब्जे से छीना गया एक आईफोन 16E और वारदात को अंजाम देने में इस्तेमाल की गई अपाचे मोटरसाइकिल भी बरामद की है। यह गिरोह सड़क पर राह चलते मोबाइल पर बात करने वाले लोगों को खास तौर पर निशाना बनाता था और ऐसे ही लोगों से फोन छीनकर फरार हो जाता था। इस घटना से यह स्पष्ट होता है कि बरेली में मोबाइल स्नैचर सक्रिय थे और सड़क पर फोन पर बात करना जोखिम भरा हो सकता है।1
- एंटी करप्शन टीम ने एक राजस्व निरीक्षक को ₹10,000 की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया है। गिरफ्तारी के इस पूरे घटनाक्रम के दौरान, राजस्व निरीक्षक को छुड़ाने का प्रयास भी किया गया, जिसमें एंटी करप्शन टीम की गाड़ी तोड़ने की कोशिश की गई। इस मामले में राजस्व निरीक्षक को बचाने का प्रयास करने वाले उसके करीबियों पर भी मुकदमा दर्ज किया गया है। CO सदर ने इस घटना पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है।1
- Post by Ranje Bhai1
- समाजवादी पार्टी उत्तर प्रदेश की प्रदेश कार्यकारिणी में सदस्य मनोनीत होने के बाद युवा समाजवादी नेता समर्थ मिश्रा पहली बार बरेली पहुंचे, जहाँ उनके आवास पर सैकड़ों कार्यकर्ताओं, शुभचिंतकों, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों और समर्थकों ने उनका भव्य स्वागत किया। इस दौरान समर्थकों ने फूल-मालाएं पहनाकर और मिठाई खिलाकर नई जिम्मेदारी के लिए उन्हें शुभकामनाएं दीं। समर्थ मिश्रा ने इस अवसर पर एक प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव, प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल पाल और पार्टी नेतृत्व का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह सम्मान उनका व्यक्तिगत नहीं, बल्कि बरेली जनपद के प्रत्येक समाजवादी कार्यकर्ता के परिश्रम और समर्पण का सम्मान है। मिश्रा ने विश्वास दिलाया कि वे पार्टी द्वारा दिए गए इस दायित्व को पूरी निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण के साथ निभाएंगे। उन्होंने अपनी प्राथमिकताएँ गिनाते हुए कहा कि वे संगठन को और मजबूत करेंगे, युवाओं को पार्टी से जोड़ेंगे और जनता की आवाज को मजबूती से पार्टी मंच तक पहुँचाएंगे। समर्थ मिश्रा ने बताया कि वे पिछले कई वर्षों से बरेली जनपद और विशेष रूप से कैंट विधानसभा क्षेत्र में लगातार सक्रिय हैं और टिकट के प्रबल दावेदार हैं। उन्होंने सामाजिक, धार्मिक, सांस्कृतिक और जनहित के कार्यक्रमों के माध्यम से जनता के बीच अपनी उपस्थिति बनाए रखने का प्रयास किया है, जिसमें सुभाषनगर क्षेत्र में आयोजित श्रीमद्भागवतकथा कार्यक्रम में हजारों की भीड़ जुटने से वे चर्चा का केंद्र बने थे। उन्होंने जोर दिया कि संगठन की मजबूती और जनता का विश्वास ही किसी भी राजनीतिक कार्यकर्ता की सबसे बड़ी पूंजी है, और समाजवादी विचारधारा तथा भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों को साथ लेकर चलना आज की आवश्यकता है। कार्यक्रम में उपस्थित कार्यकर्ताओं ने भी प्रदेश नेतृत्व का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि समर्थ मिश्रा को प्रदेश कार्यकारिणी में स्थान मिलने से युवाओं और कार्यकर्ताओं में नया उत्साह जागा है, जिससे संगठन को नई ऊर्जा मिली है। अंत में, समर्थ मिश्रा ने सभी शुभचिंतकों, कार्यकर्ताओं और समर्थकों का आभार व्यक्त करते हुए पार्टी और जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरने के लिए पूरी मेहनत और ईमानदारी से कार्य करते रहने का संकल्प दोहराया।1
- उत्तर प्रदेश के सहकारिता विभाग के राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) जेपीएस राठौर ने आज बरेली में विभागीय अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। विकास कार्यों और सरकारी योजनाओं की प्रगति का जायजा लेने के बाद, राज्यमंत्री ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए केंद्र व राज्य सरकार की उपलब्धियां गिनाईं, कानून-व्यवस्था पर कड़ा रुख अख्तियार किया और हाल ही में हुई एक दुर्भाग्यपूर्ण होटल दुर्घटना पर दुख जताते हुए प्रदेश भर में कड़े जांच अभियान के निर्देश दिए। सहकारिता राज्यमंत्री जेपीएस राठौर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि देश में बीते 12 साल विकास, विश्वास और जनकल्याण के रहे हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि सरकार ने नकारात्मक राजनीति को पीछे छोड़कर 'परफॉर्मेंस की पॉलिटिक्स' की शुरुआत की है, जिसके दम पर भाजपा को जनता का सकारात्मक जनादेश और लगातार आशीर्वाद मिल रहा है। राठौर ने दावा किया कि आज देश में इंफ्रास्ट्रक्चर का अभूतपूर्व विकास हुआ है, आतंकवाद और नक्सलवाद को खत्म कर सीमाएं सुरक्षित की गई हैं, जिससे भारत विश्व पटल पर एक आर्थिक और सामरिक महाशक्ति बनकर उभरा है। उन्होंने '56 इंच के सीने वाले नेतृत्व' के कारण दुनिया भर में हर भारतवासी को सम्मान की नजर से देखे जाने की बात भी कही। शहर में हुई हालिया होटल दुर्घटना पर गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए राज्यमंत्री ने इसे बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने स्पष्ट किया कि बिना मानकों के अवैध रूप से होटल या कोई भी व्यवसाय संचालित करना पूरी तरह गलत है, और लोगों की जान के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने प्रशासन को सख्त निर्देश दिए कि उत्तर प्रदेश के सभी होटलों की गहन जांच की जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। प्रदेश की कानून-व्यवस्था और विपक्ष के सवालों पर पलटवार करते हुए जेपीएस राठौर ने बेहद सख्त लहजे में कहा कि 'पुरानी आदतें मुश्किल से छूटती हैं।' उन्होंने चेतावनी दी कि पिछली सरकारों में जिन अपराधियों और माफियाओं को संरक्षण मिला था, वर्तमान सरकार उन्हें मानसिक और शारीरिक दोनों मोर्चों पर तोड़ रही है और उनकी हर अवैध गतिविधि को बाधित किया जा रहा है। उन्होंने अपराधियों को खुली चेतावनी देते हुए कहा कि जो भी कानून हाथ में लेगा या वारदातों को अंजाम देगा, उसका जहन्नुम का टिकट कटना तय है; ऐसे तत्वों की जगह सिर्फ जेल की सलाखों के पीछे या फिर सीधे जहन्नुम में है।3
- बरेली पुलिस ने एक महत्वपूर्ण अभियान के तहत 462 गुम हुए या खोए हुए मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक स्वामियों को वापस लौटा दिए हैं। इन बरामद मोबाइलों की अनुमानित कीमत लगभग ₹95 लाख बताई गई है। एसएसपी बरेली के निर्देशन में #bareillypolice के कंप्यूटर ऑपरेटरों एवं CCTNS कर्मियों ने CEIR पोर्टल और सर्विलांस टीम की सहायता से यह कार्रवाई की। इस पूरी प्रक्रिया और उपलब्धि के संबंध में एसपी साउथ बरेली द्वारा एक बाइट (बयान) भी जारी की गई है।1