भ्रष्टाचार का 'ब्लैक बॉक्स' बना सीएमओ कार्यालय; जांच अधिकारी को भनक तक नहीं, स्टेनो ने दबाई फाइल अजीत मिश्रा (खोजी) ⚙️बस्ती स्वास्थ्य विभाग में 'नटवरलाल' का आतंक: सीएमओ के आदेश को 15 दिनों तक डकार गया दबंग स्टेनो⚙️ ब्यूरो रिपोर्ट: बस्ती मंडल, उत्तर प्रदेश भ्रष्टाचार का 'ब्लैक बॉक्स': 30 मार्च को डिस्पैच पत्र 13 अप्रैल तक गायब, नटवरलाल स्टेनो की दबंगई से सीएमओ कार्यालय में हड़कंप बस्ती: सीएमओ के 'दुलरूआ' स्टेनो का बड़ा खेल, फाइलों की हेराफेरी और अवैध वसूली का खुला राज! सावधान! बस्ती में सीएमओ नहीं, 'स्टेनो' चला रहा विभाग; सरकारी आदेशों की चोरी और माफियाओं को खुला संरक्षण भ्रष्टाचार का 'ब्लैक बॉक्स' बना सीएमओ कार्यालय; जांच अधिकारी को भनक तक नहीं, स्टेनो ने दबाई फाइल बस्ती। उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में स्वास्थ्य विभाग भ्रष्टाचार और अराजकता का पर्याय बन चुका है। यहाँ नियम-कानून सरकारी फाइलों में नहीं, बल्कि मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) के 'खास' और 'करामाती' स्टेनो अनिल चौधरी की जेब में रहते हैं। ताजा मामला विभाग में मची उस लूट और तानाशाही को उजागर करता है, जहाँ एक अदना सा कर्मचारी जिले के स्वास्थ्य मुखिया पर भारी पड़ रहा है। 🎯15 दिनों तक 'लापता' रहा जांच आदेश मामला फर्जी और अवैध अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर कार्यवाही से जुड़ा है। विश्वसनीय सूत्रों और प्रेस की पड़ताल में सामने आया कि सीएमओ डॉ. राजीव निगम ने 30 मार्च 2026 को पीसीपीएनडीटी (PCPNDT) के नोडल अधिकारी डॉ. ए.के. चौधरी को एक महत्वपूर्ण जांच आदेश जारी किया था। पत्र संख्या 11935 के तहत जारी इस आदेश में 7 दिनों के भीतर रिपोर्ट मांगी गई थी। लेकिन ताज्जुब की बात यह है कि पत्र डिस्पैच होने के बाद बीच रास्ते से ही 'गधे के सींग' की तरह गायब हो गया। करीब 15 दिनों तक जांच अधिकारी पत्र का इंतजार करते रहे, जबकि नटवरलाल स्टेनो अनिल चौधरी उस आदेश को दबाकर बैठा रहा। जब प्रेस ने इस मामले की परतें उखाड़ना शुरू किया, तब जाकर सीएमओ कार्यालय के गलियारों में सन्नाटा पसर गया। 🧭सीएमओ के सामने ही 'आगबबूला' हुआ स्टेनो हैरानी की बात तो तब हुई जब इस 'चोरी' का खुलासा खुद सीएमओ डॉ. राजीव निगम के सामने हुआ। अपनी चोरी पकड़े जाने पर शर्मिंदा होने के बजाय, स्टेनो अनिल चौधरी मर्यादा की सारी सीमाएं लांघ गया। बताया जा रहा है कि वह सीएमओ के सामने ही न सिर्फ आगबबूला हुआ, बल्कि अभद्र व्यवहार और दबंगई पर उतर आया। जिले के एक क्लास-वन अधिकारी को सरेआम डांटना, घुड़कना और चेतावनी देना अनिल चौधरी की कार्यशैली बन चुकी है। राज्य कर्मचारी नियमावली को ताक पर रखकर किया जा रहा यह आचरण सवाल खड़ा करता है कि क्या सीएमओ वाकई लाचार हैं या फिर किसी गहरे राज के चलते मौन हैं? 🎯अवैध वसूली और संरक्षण का खेल सूत्रों की मानें तो अनिल चौधरी स्वास्थ्य विभाग में संचालित नाजायज गतिविधियों का स्वघोषित 'संरक्षक' बना हुआ है। जिले में कई अल्ट्रासाउंड सेंटर पंजीकरण कहीं और का दिखाकर संचालन कहीं और कर रहे हैं: नव ज्योति अल्ट्रासाउंड: पंजीकरण सांउघाट का, संचालन बभनान (गोंडा) में। गौर अल्ट्रासाउंड: चौहद्दी गौर बाजार की, संचालन सीएचसी गेट के पास। लाइफ और कृष्णा डायग्नोस्टिक: फर्जीवाड़े और नियमों की अनदेखी के बीच बेखौफ संचालन। कहा जा रहा है कि इन सेंटरों से प्रति माह 5 से 10 हजार रुपये तक की अवैध वसूली का नेटवर्क सीधे स्टेनो से जुड़ा है। यही कारण था कि स्टेनो ने डॉ. अशोक कुमार चौधरी तक जांच आदेश पहुंचने ही नहीं दिया, ताकि जांच लटक जाए और अवैध धंधा चलता रहे। 🎯अकूत संपत्ति और 'साहब' की मजबूरी बेहद कम समय में स्टेनो अनिल चौधरी द्वारा अर्जित की गई अकूत संपत्ति विभाग में चर्चा का विषय है। एक कर्मचारी की इतनी हिम्मत कि वह अपने अधिकारी को ही धमकाने लगे, यह बिना ऊपर के 'आशीर्वाद' के संभव नहीं है। जिले के सीधे और सज्जन स्वभाव के कर्मचारी इस नटवरलाल के आतंक से त्रस्त हैं। ✍️बड़ा सवाल: आखिर शासन और प्रशासन इस करामाती स्टेनो पर मेहरबान क्यों है? क्या स्वास्थ्य मंत्री और आला अधिकारी बस्ती के इस 'भ्रष्टाचार के केंद्र' पर बुलडोजर चलाएंगे? या फिर अनिल चौधरी इसी तरह सीएमओ की कुर्सी को अंगूठा दिखाकर अपनी समानांतर सत्ता चलाता रहेगा? "नटवरलाल स्टेनो के काले कारनामों की श्रृंखला अभी थमी नहीं है। हमारी विशेष पड़ताल जारी है, जल्द ही अगले किश्त में होंगे नए खुलासे।"
भ्रष्टाचार का 'ब्लैक बॉक्स' बना सीएमओ कार्यालय; जांच अधिकारी को भनक तक नहीं, स्टेनो ने दबाई फाइल अजीत मिश्रा (खोजी) ⚙️बस्ती स्वास्थ्य विभाग में 'नटवरलाल' का आतंक: सीएमओ के आदेश को 15 दिनों तक डकार गया दबंग स्टेनो⚙️ ब्यूरो रिपोर्ट: बस्ती मंडल, उत्तर प्रदेश भ्रष्टाचार का 'ब्लैक बॉक्स': 30 मार्च को डिस्पैच पत्र 13 अप्रैल तक गायब, नटवरलाल स्टेनो की दबंगई से सीएमओ कार्यालय में हड़कंप बस्ती: सीएमओ के 'दुलरूआ' स्टेनो का बड़ा खेल, फाइलों की हेराफेरी और अवैध वसूली का खुला राज! सावधान! बस्ती में सीएमओ नहीं, 'स्टेनो' चला रहा विभाग; सरकारी आदेशों की चोरी और माफियाओं को खुला संरक्षण भ्रष्टाचार का 'ब्लैक बॉक्स' बना सीएमओ कार्यालय; जांच अधिकारी को भनक तक नहीं, स्टेनो ने दबाई फाइल बस्ती। उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में स्वास्थ्य विभाग भ्रष्टाचार और अराजकता का पर्याय बन चुका है। यहाँ नियम-कानून सरकारी फाइलों में नहीं, बल्कि मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) के 'खास' और 'करामाती' स्टेनो अनिल चौधरी की जेब में रहते हैं। ताजा मामला विभाग में मची उस लूट और तानाशाही को उजागर करता है, जहाँ एक अदना सा कर्मचारी जिले के स्वास्थ्य मुखिया पर भारी पड़ रहा है। 🎯15 दिनों तक 'लापता' रहा जांच आदेश मामला फर्जी और अवैध अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर कार्यवाही से जुड़ा है। विश्वसनीय सूत्रों और प्रेस की पड़ताल में सामने आया कि सीएमओ डॉ. राजीव निगम ने 30 मार्च 2026 को पीसीपीएनडीटी (PCPNDT) के नोडल अधिकारी डॉ. ए.के. चौधरी को एक महत्वपूर्ण जांच आदेश जारी किया था। पत्र संख्या 11935 के तहत जारी इस आदेश में 7 दिनों के भीतर रिपोर्ट मांगी गई थी। लेकिन ताज्जुब की बात यह है कि पत्र डिस्पैच होने के बाद बीच रास्ते से ही 'गधे के सींग' की तरह गायब हो गया। करीब 15 दिनों तक जांच अधिकारी पत्र का इंतजार करते रहे, जबकि नटवरलाल स्टेनो अनिल चौधरी उस आदेश को दबाकर बैठा रहा। जब प्रेस ने इस मामले की परतें उखाड़ना शुरू किया, तब जाकर सीएमओ कार्यालय के गलियारों में सन्नाटा पसर गया। 🧭सीएमओ के सामने ही 'आगबबूला' हुआ स्टेनो हैरानी की बात तो तब हुई जब इस 'चोरी' का खुलासा खुद सीएमओ डॉ. राजीव निगम के सामने हुआ। अपनी चोरी पकड़े जाने पर शर्मिंदा होने के बजाय, स्टेनो अनिल चौधरी मर्यादा की सारी सीमाएं लांघ गया। बताया जा रहा है कि वह सीएमओ के सामने ही न सिर्फ आगबबूला हुआ, बल्कि अभद्र व्यवहार और दबंगई पर उतर आया। जिले के एक क्लास-वन अधिकारी को सरेआम डांटना, घुड़कना और चेतावनी देना अनिल चौधरी की कार्यशैली बन चुकी है। राज्य कर्मचारी नियमावली को ताक पर रखकर किया जा रहा यह आचरण सवाल खड़ा करता है कि क्या सीएमओ वाकई लाचार हैं या फिर किसी गहरे राज के चलते मौन हैं? 🎯अवैध वसूली और संरक्षण का खेल सूत्रों की मानें तो अनिल चौधरी स्वास्थ्य विभाग में संचालित नाजायज गतिविधियों का स्वघोषित 'संरक्षक' बना हुआ है। जिले में कई अल्ट्रासाउंड सेंटर पंजीकरण कहीं और का दिखाकर संचालन कहीं और कर रहे हैं: नव ज्योति अल्ट्रासाउंड: पंजीकरण सांउघाट का, संचालन बभनान (गोंडा) में। गौर अल्ट्रासाउंड: चौहद्दी गौर बाजार की, संचालन सीएचसी गेट के पास। लाइफ और कृष्णा डायग्नोस्टिक: फर्जीवाड़े और नियमों की अनदेखी के बीच बेखौफ संचालन। कहा जा रहा है कि इन सेंटरों से प्रति माह 5 से 10 हजार रुपये तक की अवैध वसूली का नेटवर्क सीधे स्टेनो से जुड़ा है। यही कारण था कि स्टेनो ने डॉ. अशोक कुमार चौधरी तक जांच आदेश पहुंचने ही नहीं दिया, ताकि जांच लटक जाए और अवैध धंधा चलता रहे। 🎯अकूत संपत्ति और 'साहब' की मजबूरी बेहद कम समय में स्टेनो अनिल चौधरी द्वारा अर्जित की गई अकूत संपत्ति विभाग में चर्चा का विषय है। एक कर्मचारी की इतनी हिम्मत कि वह अपने अधिकारी को ही धमकाने लगे, यह बिना ऊपर के 'आशीर्वाद' के संभव नहीं है। जिले के सीधे और सज्जन स्वभाव के कर्मचारी इस नटवरलाल के आतंक से त्रस्त हैं। ✍️बड़ा सवाल: आखिर शासन और प्रशासन इस करामाती स्टेनो पर मेहरबान क्यों है? क्या स्वास्थ्य मंत्री और आला अधिकारी बस्ती के इस 'भ्रष्टाचार के केंद्र' पर बुलडोजर चलाएंगे? या फिर अनिल चौधरी इसी तरह सीएमओ की कुर्सी को अंगूठा दिखाकर अपनी समानांतर सत्ता चलाता रहेगा? "नटवरलाल स्टेनो के काले कारनामों की श्रृंखला अभी थमी नहीं है। हमारी विशेष पड़ताल जारी है, जल्द ही अगले किश्त में होंगे नए खुलासे।"
- अजीत मिश्रा (खोजी) बस्ती (कलवारी)। भीषण गर्मी और भागदौड़ भरी जिंदगी के बीच कलवारी क्षेत्र के एक पेट्रोल पंप पर इन दिनों उपभोक्ताओं के सब्र का इम्तिहान लिया जा रहा है। आरोप है कि पंप पर डीजल और पेट्रोल का पर्याप्त स्टॉक होने के बावजूद कर्मचारी मनमानी पर उतारू हैं। "तेल नहीं है" का बहाना बनाकर राहगीरों और वाहन चालकों को घंटों इंतजार कराया जा रहा है, जिससे स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश व्याप्त है। मनमानी की हद: घंटों इंतजार, फिर भी खाली हाथ स्थानीय लोगों और पंप पर आए ग्राहकों का सीधा आरोप है कि पंप संचालक और कर्मचारी अपनी मर्जी से सप्लाई को नियंत्रित कर रहे हैं। राहगीरों का कहना है कि जब वे तेल लेने पहुंचते हैं, तो कर्मचारी टालमटोल वाला रवैया अपनाते हैं। कई बार घंटों लाइन में लगने के बाद उन्हें बैरंग वापस लौटना पड़ रहा है। उपभोक्ताओं का सवाल: "अगर टैंक में तेल मौजूद है, तो उसे मशीनों तक क्यों नहीं पहुँचाया जा रहा? क्या प्रशासन की नाक के नीचे तेल की किल्लत का कृत्रिम संकट खड़ा किया जा रहा है?" सप्लाई में 'बाधा' या कोई बड़ी साजिश? हैरानी की बात यह है कि एक तरफ जहाँ जिला प्रशासन निर्बाध आपूर्ति के दावे करता है, वहीं कलवारी का यह पंप अपनी अलग ही रफ़्तार से चल रहा है। लोगों का मानना है कि स्टॉक होने के बावजूद सप्लाई रोकना किसी बड़ी लापरवाही या 'ब्लैक मार्केटिंग' की मंशा की ओर इशारा करता है। इस स्थिति से सबसे ज्यादा परेशान वो राहगीर हैं जिन्हें लंबी दूरी तय करनी है और रास्ते में ईंधन खत्म होने के डर से वे इस चिलचिलाती धूप में घंटों रुकने को मजबूर हैं। कार्रवाई की मांग नाराज ग्राहकों और स्थानीय नागरिकों ने अब आर-पार की लड़ाई का मन बना लिया है। उन्होंने संबंधित विभागीय अधिकारियों और जिला प्रशासन से मांग की है कि: पंप के स्टॉक रजिस्टर और मशीन रीडिंग की तत्काल जांच की जाए। उपभोक्ताओं को परेशान करने वाले कर्मचारियों और संचालक पर कठोर कार्रवाई हो। क्षेत्र में ईंधन की आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए औचक निरीक्षण किया जाए। ब्यूरो रिपोर्ट, बस्ती।1
- Post by हरिशंकर पांडेय1
- संतकबीरनगर। पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना ने पुलिस लाइन स्थित जीर्णोद्धारित पुलिस कैंटीन का फीता काटकर उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने कैंटीन का निरीक्षण कर वहां उपलब्ध सुविधाओं एवं वस्तुओं की गुणवत्ता का जायजा लिया। उद्घाटन के बाद पुलिस अधीक्षक ने कहा कि पुलिस बल की कार्यक्षमता उनके मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य पर निर्भर करती है। ड्यूटी की व्यस्तता के बीच कर्मियों को आवश्यक सुविधाएं सहजता से उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि यह कैंटीन पुलिस कर्मियों और उनके परिवारों के लिए उपयोगी साबित होगी। उन्होंने बताया कि कैंटीन का मुख्य उद्देश्य पुलिस कर्मियों एवं उनके परिजनों को रियायती दरों पर उच्च गुणवत्ता की दैनिक उपयोग की वस्तुएं एवं खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना है। जीर्णोद्धार के बाद कैंटीन को आधुनिक रूप दिया गया है। इसमें सामानों के बेहतर रख-रखाव के लिए रैक, बैठने की समुचित व्यवस्था तथा डिजिटल भुगतान की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। पुलिस अधीक्षक ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि कैंटीन में उपलब्ध वस्तुओं की गुणवत्ता और स्वच्छता पर विशेष ध्यान दिया जाए, ताकि कर्मियों को बेहतर सेवाएं मिल सकें। #SantKabirNagar #PoliceNews #UPPolice #SandeepKumarMeena #PoliceCanteen #Inauguration #PublicService #PoliceWelfare #DigitalIndia #GoodGovernance #NewsUpdate #hindinewsupdate #liveuponenews2
- *थाना मेंहदावल अन्तर्गत सोनवरसा रोडवेज बस स्टैंड के पास दो पक्षों के मध्य मारपीट की घटना घटित होने व पुलिस द्वारा कृत कार्यवाही के सम्बन्ध में क्षेत्राधिकारी मेंहदावल द्वारा दी गयी जानकारी1
- पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर संदीप कुमार मीना द्वारा पुलिस लाइन संतकबीरनगर के परिसर में स्थित जीर्णोद्धार कराए गए पुलिस कैंटीन का फीता काटकर उद्घाटन किया गया तथा कैंटीन का निरीक्षण किया और वहां उपलब्ध सुविधाओं एवं गुणवत्ता का जायजा लिया । उद्घाटन के उपरांत पुलिस अधीक्षक ने कहा कि पुलिस बल की कार्यक्षमता उनके मानसिक और शारीरिक कल्याण पर निर्भर करती है। ड्यूटी की व्यस्तता के बीच पुलिस कर्मियों को बुनियादी सुविधाएं आसानी से मिल सकें, इसके लिए पुलिस प्रशासन सदैव प्रयासरत है । यह कैंटीन इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है । उद्देश्य पुलिस कर्मियों और उनके परिवारों के कल्याण को प्राथमिकता देते हुए, उन्हें रियायती दरों पर उच्च गुणवत्ता वाली दैनिक उपयोगी वस्तुएं और खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना । सुविधाएं जीर्णोद्धार के पश्चात कैंटीन को आधुनिक स्वरूप दिया गया है। इसमें सामानों के रख-रखाव के लिए बेहतर रैक, बैठने की समुचित व्यवस्था और डिजिटल भुगतान की सुविधा सुनिश्चित की गई है । गुणवत्ता पर जोर उद्घाटन के दौरान पुलिस अधीक्षक ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि कैंटीन में सामानों की शुद्धता और स्वच्छता का विशेष ध्यान रखा जाए ।4
- Post by Vipin Rai Journalist1
- *पब्लिक का भी ग़ज़ब हाल है!* *हापुड में रेलवे लाइन के पास पालीथीन में महिला की हेयर विग पड़ी थीं।* *किसी ने पुलिस को सूचना सरका दी,रेलवे लाइन के पास "महिला का सिर कटा पड़ा है"।* *पुलिस पहुंची,जांच की तो कटे सर का रहस्य पुलिस की समझ में आ गया।* *मौके पर बरामद स्टाइलिश हेयर विग को देखकर पुलिस भी हंसी नहीं रोक पाई।*1
- संत कबीर नगर। पूर्व सभासद टी.एन. गुप्ता के जन्मदिन पर उमड़ा स्नेह, बधाई देने वालों का लगा सुबह से ही लग रहा तांता। फोन और सोशल मीडिया के माध्यम से दिनभर बधाईयों का सिलसिला चलता रहा। शाम को पूर्व सभासद टी.एन. गुप्ता का जन्मदिन शहर के एक निजी होटल में उत्साहपूर्ण वातावरण के बीच मनाया गया। इस अवसर पर आयोजित समारोह में शहर के अनेक गणमान्य नागरिक, मित्रगण एवं समाज के प्रबुद्ध लोग शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान सभी ने उन्हें जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं दीं और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। समारोह का मुख्य आकर्षण केक कटिंग कार्यक्रम रहा, जिसमें पूर्व नगर अध्यक्ष सतविंदर पाल सिंह जज्जी सहित उपस्थित सभी गणमान्य लोगों ने टी एन गुप्ता को केक खिलाकर एवं अंगवस्त्र पहनाकर सम्मानित किया , जिससे कार्यक्रम का माहौल और भी गरिमामय हो गया। कार्यक्रम में उपस्थित वक्ताओं ने उनके सामाजिक कार्यों और जनसेवा में दिए गए योगदान की सराहना करते हुए कहा कि टी.एन. गुप्ता हमेशा लोगों की अपेक्षाओं पर खरे उतरे हैं और समाज में उनकी विशेष पहचान है। अंत में सभी ने एकजुट होकर उन्हें शुभकामनाएं दीं और कार्यक्रम सौहार्दपूर्ण वातावरण में सम्पन्न हुआ। #liveuponenews #TNGupta #BirthdayCelebration #SammanSamaroh #LocalNews #HappyBirthday #Respect #SocialWork #PublicLeader #Celebration #IndiaNews #TrendingNews3