बाण हन्या-बोहनिया में श्रद्धालुओं के स्नान हेतु भरा दूषित जल बना बीमारी का निमंत्रण स्वच्छ जल मिशन पर गंदे पानी का तमाचा,श्री लोधेश्वर सावनी मेले में आस्था से खिलवाड़ कब तक-? रामनगर- बाराबंकी भगवान श्री लोधेश्वर महादेव के पावन सावनी मेले का शुभारंभ 30 जुलाई से हो चुका है। लाखों शिवभक्तों की आस्था से जुड़े इस ऐतिहासिक मेले को लेकर जिला प्रशासन ने सुरक्षा, स्वच्छता और श्रद्धालुओं की सुविधाओं के बड़े-बड़े दावे किए हैं। डीएम ईशान प्रताप सिंह ने स्वयं अधिकारियों की बैठक लेकर व्यवस्थाओं को चाक-चौबंद रखने के निर्देश दिए थे, लेकिन धरातल की तस्वीर इन दावों से बिल्कुल विपरीत दिखाई दे रही है।बाण हन्या-बोहनिया में दूर-दराज़ से आने वाले श्रद्धालुओं के स्नान के लिए भरा पानी अत्यंत गंदा और प्रदूषित है। यदि श्रद्धालु इस जल में स्नान करते हैं तो त्वचा संबंधी संक्रमण, दाने और अन्य बीमारियों का खतरा उत्पन्न हो सकता है। आस्था के इस महापर्व में श्रद्धालुओं को पवित्र जल के स्थान पर दूषित पानी उपलब्ध कराना न केवल उनकी भावनाओं के साथ अन्याय है, बल्कि उनके स्वास्थ्य के साथ भी गंभीर खिलवाड़ है।एक ओर सरकार स्वच्छ जल मिशन के अंतर्गत स्वच्छ पेयजल और जनस्वास्थ्य पर हजारों करोड़ रुपये खर्च कर रही है, वहीं दूसरी ओर जिम्मेदार अधिकारी और कर्मचारी अपनी लापरवाही से इस महत्वाकांक्षी अभियान की भावना को ठेस पहुँचाते दिखाई दे रहे हैं। यदि इस प्रसिद्ध मेले जैसे महत्वपूर्ण आयोजन में भी श्रद्धालुओं को स्वच्छ जल उपलब्ध नहीं कराया जा सकता, तो सरकारी योजनाओं के दावों की सार्थकता पर प्रश्नचिह्न लगना स्वाभाविक है।प्रशासन को चाहिए कि वह केवल बैठकों और दावों तक सीमित न रहे, बल्कि तत्काल दूषित जल को हटाकर स्वच्छ जल की व्यवस्था सुनिश्चित करे। लाखों शिवभक्तों की आस्था, स्वास्थ्य और सुरक्षा किसी भी प्रकार की प्रशासनिक उदासीनता की भेंट नहीं चढ़नी चाहिए। समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो यह लापरवाही किसी बड़े स्वास्थ्य संकट का कारण बन सकती है, जिसकी जिम्मेदारी संबंधित अधिकारियों और मेला प्रशासन की होगी।तस्वीर बोल रही है, स्वच्छ जल मिशन के दावों के बीच बाण हन्या-बोहनिया में श्रद्धालुओं के स्नान के लिए भरा दूषित पानी। (आम जनमानस की प्रशासन से अपील) श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोपरि है। प्रशासन तत्काल दूषित जल की जांच कराकर स्वच्छ जल उपलब्ध कराए, ताकि भगवान श्री लोधेश्वर महादेव के दरबार में आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु की आस्था के साथ उसके स्वास्थ्य की भी रक्षा हो सके।
बाण हन्या-बोहनिया में श्रद्धालुओं के स्नान हेतु भरा दूषित जल बना बीमारी का निमंत्रण स्वच्छ जल मिशन पर गंदे पानी का तमाचा,श्री लोधेश्वर सावनी मेले में आस्था से खिलवाड़ कब तक-? रामनगर- बाराबंकी भगवान श्री लोधेश्वर महादेव के पावन सावनी मेले का शुभारंभ 30 जुलाई से हो चुका है। लाखों शिवभक्तों की आस्था से जुड़े इस ऐतिहासिक मेले को लेकर जिला प्रशासन ने सुरक्षा, स्वच्छता और श्रद्धालुओं की सुविधाओं के बड़े-बड़े दावे किए हैं। डीएम ईशान प्रताप सिंह ने स्वयं अधिकारियों की बैठक लेकर व्यवस्थाओं को चाक-चौबंद रखने के निर्देश दिए थे, लेकिन धरातल की तस्वीर इन दावों से बिल्कुल विपरीत दिखाई दे रही है।बाण हन्या-बोहनिया में दूर-दराज़ से आने वाले श्रद्धालुओं के स्नान के लिए भरा पानी अत्यंत गंदा और प्रदूषित है। यदि श्रद्धालु इस जल में स्नान करते हैं तो त्वचा संबंधी संक्रमण, दाने और अन्य बीमारियों का खतरा उत्पन्न हो सकता है। आस्था के इस महापर्व में श्रद्धालुओं को पवित्र जल के स्थान पर दूषित पानी उपलब्ध कराना न केवल उनकी भावनाओं के साथ अन्याय है, बल्कि उनके स्वास्थ्य के साथ भी गंभीर खिलवाड़ है।एक ओर सरकार स्वच्छ जल मिशन के अंतर्गत स्वच्छ पेयजल और जनस्वास्थ्य पर हजारों करोड़ रुपये खर्च कर रही है, वहीं दूसरी ओर जिम्मेदार अधिकारी और कर्मचारी अपनी लापरवाही से इस महत्वाकांक्षी अभियान की भावना को ठेस पहुँचाते दिखाई दे रहे हैं। यदि इस प्रसिद्ध मेले जैसे महत्वपूर्ण आयोजन में भी श्रद्धालुओं को स्वच्छ जल उपलब्ध नहीं कराया जा सकता, तो सरकारी योजनाओं के दावों की सार्थकता पर प्रश्नचिह्न लगना स्वाभाविक है।प्रशासन को चाहिए कि वह केवल बैठकों और दावों तक सीमित न रहे, बल्कि तत्काल दूषित जल को हटाकर स्वच्छ जल की व्यवस्था सुनिश्चित करे। लाखों शिवभक्तों की आस्था, स्वास्थ्य और सुरक्षा किसी भी प्रकार की प्रशासनिक उदासीनता की भेंट नहीं चढ़नी चाहिए। समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो यह लापरवाही किसी बड़े स्वास्थ्य संकट का कारण बन सकती है, जिसकी जिम्मेदारी संबंधित अधिकारियों और मेला प्रशासन की होगी।तस्वीर बोल रही है, स्वच्छ जल मिशन के दावों के बीच बाण हन्या-बोहनिया में श्रद्धालुओं के स्नान के लिए भरा दूषित पानी। (आम जनमानस की प्रशासन से अपील) श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोपरि है। प्रशासन तत्काल दूषित जल की जांच कराकर स्वच्छ जल उपलब्ध कराए, ताकि भगवान श्री लोधेश्वर महादेव के दरबार में आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु की आस्था के साथ उसके स्वास्थ्य की भी रक्षा हो सके।
- PM मोदी को गाली देन े वाली लड़की ने माफी मांगी: हाथ जोड़कर बोली- मैंन े जो किया, उसके लिए शर्मिंदा हूं, नोएडा में दर्ज हुई थी1
- *कमिश्नर का चार्ज लेते ही एक्शन में लखनऊ ट्रैफिक पुलिस* *काली फिल्म और मॉडिफाई साइलेंसर के खिलाफ चला अभियान, कई वाहनों के चालान* *लखनऊ। कमिश्नर का चार्ज संभालते ही पुलिस प्रशासन एक्शन मोड में नजर आ रहा है। यातायात व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए ट्रैफिक पुलिस को काली फिल्म, मॉडिफाई साइलेंसर और नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के खिलाफ अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं* *इसी क्रम में दुबग्गा-कानपुर बाईपास मार्ग पर ट्रैफिक पुलिस ने सघन चेकिंग अभियान चलाया। ट्रैफिक इंस्पेक्टर हरकेश यादव के नेतृत्व में पुलिस टीम ने काली फिल्म चढ़ी कई गाड़ियों को रोककर चालान की कार्रवाई की। इसके साथ ही तेज आवाज करने वाले मॉडिफाई साइलेंसर लगे वाहनों पर भी कार्रवाई की गई* *अभियान के दौरान वाहन चालकों को यातायात नियमों का पालन करने की हिदायत दी गई। ट्रैफिक पुलिस की कार्रवाई से वाहन चालकों में हड़कंप मचा रहा* । *पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। काली फिल्म, अनधिकृत मॉडिफिकेशन और तेज आवाज वाले साइलेंसर के जरिए सड़क पर नियम तोड़ने वालों पर विशेष नजर रखी जाएगी* *संवाददाता — राम जी दीक्षित पत्रकार3
- बाराबंकी के बंकी ब्लॉक CHC का मंत्री जी ने किया निरीक्षण उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री सुरेश राही के बाराबंकी की जाटा बरौली सीएचसी का निरीक्षण करते समय ग्रामीणों ने किया विरोध1
- निरीक्षण के दौरान मंत्री सुरेश राही ने कहा कि व्यवस्थाओं को जल्द से जल्द दुरुस्त किया जाए।1
- कजरी तीज का महापर्व नजदीक आते हीं कवरियो का उत्साह गांव शहर मे तैयारी मे जुटे कवरिया प्रसासन भी अलर्ट1
- बाराबंकी में यूरिया खाद के लिए किसानों को झेलनी पड़ रही है परेशानियां,घंटो लाईन में लगने के बाद भी नही मिल पा रही किसानों को यूरिया खाद,किसान परेशान उड़िया खाद्य वितरण की परेशान होकर बढ़ने लगे टोकन व्यक्तियों की लगेगा पानी कतर लाइन में घंटे तक करने के बाद मिली यूरिया1
- श्रावण मास एवं कांवड़ यात्रा के दृष्टिगत जनपद में श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुगम आवागमन एवं कानून-व्यवस्था बनाए श्रावण मास एवं कांवड़ यात्रा के दृष्टिगत जनपद में श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुगम आवागमन एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए व्यापक सुरक्षा एवं यातायात प्रबंधन की व्यवस्था की गई है। शासन से प्राप्त निर्देशों के अनुरूप मंदिरों, घाटों, प्रमुख मार्गों, रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड एवं अन्य संवेदनशील स्थलों पर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की गई है। साथ ही विद्युत सुरक्षा, साफ-सफाई, रूट डायवर्जन, मीडिया मॉनिटरिंग तथा विभिन्न धर्मगुरुओं एवं कांवड़ यात्रा समितियों के साथ समन्वय स्थापित कर सभी आवश्यक तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं। विशेष अवसरों, सोमवार एवं शनिवार को अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर श्रद्धालुओं की सुरक्षा एवं शांतिपूर्ण वातावरण सुनिश्चित किया जाएगा। के सम्बन्ध में पुलिस अधीक्षक सुलतानपुर श्रीमती चारू निगम द्वारा दी गयी बाइट1
- युवक को सांप ने काटा, हालत गंभीर प्राथमिक उपचार सभा जिला अस्पताल रेफर बाराबंकी के फतेहपुर थाना क्षेत्र स्थित पकरियापुर गांव में शुक्रवार शाम करीब 7 बजे खेत में काम कर रहे एक युवक को सांप ने काट लिया। सांप के काटने से युवक की हालत गंभीर हो गई, जिसके बाद उसे तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) फतेहपुर ले जाया गया। वहां चिकित्सकों ने उसका प्राथमिक उपचार शुरू किया। घायल युवक की पहचान पकरियापुर निवासी रमेश (32) पुत्र फकीरे लाल के रूप में हुई है। रमेश अपने खेत में काम कर रहे थे, तभी अचानक एक सांप ने उनके पैर में काट लिया। शुरुआत में उन्होंने इसे सामान्य घटना माना, लेकिन कुछ ही देर में उन्हें चक्कर आने लगे और शरीर में बेचैनी बढ़ने लगी। इसके बाद उन्होंने परिजनों को सूचना दी। परिजनों ने बिना देर किए रमेश को सीएचसी फतेहपुर पहुंचाया। वहां डॉक्टरों की टीम ने करीब एक घंटे तक उनका उपचार किया, लेकिन उनकी हालत में सुधार नहीं हुआ। स्थिति लगातार गंभीर होती देख चिकित्सकों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल रेफर कर दिया। सीएचसी फतेहपुर के चिकित्सक डॉ. अवधेश कौशल ने बताया कि युवक के शरीर में सांप का जहर तेजी से फैल चुका था, जिससे उसकी हालत गंभीर बनी हुई थी। प्राथमिक उपचार के बाद उसे उच्च चिकित्सा सुविधा के लिए जिला अस्पताल भेजा गया है। चिकित्सकों ने लोगों से अपील की है कि सांप काटने पर झाड़-फूंक के बजाय तुरंत अस्पताल पहुंचकर इलाज कराएं।1