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जैसलमेर जिले में बारिश की कमी के कारण अकाल पड़ने की गंभीर आशंका जताई जा रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, अभी तक इस क्षेत्र में, विशेषकर ग्रामीण इलाकों में, बिल्कुल भी बारिश नहीं हुई है। दावड़ा, मूलाना और रासला जैसे गांवों में स्थिति चिंताजनक बनी हुई है, जहां बारिश न होने के कारण मुश्किलें बढ़ गई हैं। इसके अतिरिक्त, इस स्थिति से निपटने के लिए या किसी अन्य संबंधित कार्य के लिए अभी तक कोई छंटाई का काम भी शुरू नहीं हुआ है।
स्वरूप सिंह फतेहगढ़ जैसलमेर
जैसलमेर जिले में बारिश की कमी के कारण अकाल पड़ने की गंभीर आशंका जताई जा रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, अभी तक इस क्षेत्र में, विशेषकर ग्रामीण इलाकों में, बिल्कुल भी बारिश नहीं हुई है। दावड़ा, मूलाना और रासला जैसे गांवों में स्थिति चिंताजनक बनी हुई है, जहां बारिश न होने के कारण मुश्किलें बढ़ गई हैं। इसके अतिरिक्त, इस स्थिति से निपटने के लिए या किसी अन्य संबंधित कार्य के लिए अभी तक कोई छंटाई का काम भी शुरू नहीं हुआ है।
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- अरविंद सिंह भाटी ने जोधपुर के जय नारायण व्यास विश्वविद्यालय (JNVU) के संबंध में एक बयान दिया है। उन्होंने अपने बयान में इस बात पर जोर दिया कि उनके एक ही बैच से चार छात्र संघ अध्यक्ष बने हैं।1
- जोधपुर में स्थित होटल मरुगढ़ में एक ग्राहक से ₹20 की एमआरपी (MRP) वाली एक्वाफिना (Aquafina) पानी की बोतल के लिए ₹71 वसूले गए हैं। इस बिल के सामने आने के बाद यह सवाल उठ रहा है कि क्या किसी भी होटल को प्रिंटेड एमआरपी से ₹51 अधिक वसूलने का अधिकार है, क्योंकि इस घटना को ग्राहक के साथ 'खतरनाक लूट' बताया जा रहा है।1
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- कोलायत विधानसभा क्षेत्र के विधायक अंशुमान सिंह भाटी ने 8 जुलाई को अपने क्षेत्रीय दौरे के दौरान गजनेर लिफ्ट परियोजना की रणधीसर माइनर का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कार्यों में गंभीर कमियां पाए जाने पर विधायक भाटी ने विभागीय अधिकारियों के प्रति कड़ी नाराजगी व्यक्त की और कार्यों में अनावश्यक देरी पर असंतोष जताया। इस दौरान, मौके पर उपस्थित अधीक्षण अभियंता और अधिशासी अभियंता ने विधायक भाटी को सूचित किया कि ऑपरेशन एवं मेंटेनेंस (O&M) कार्य अगले सात दिनों में पूरा हो जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि इस अवधि में काश्तकारों को फव्वारा (स्प्रिंकलर) पद्धति से सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध कराने के उद्देश्य से तीन दिनों तक मोघे बंद रखकर डिग्गियों को भरा जाएगा, ताकि जल का उचित प्रबंधन सुनिश्चित हो सके। किसानों की समस्याओं को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए, विधायक अंशुमान सिंह भाटी ने आईजीएनपी के मुख्य अभियंता श्री विवेक गोयल से दूरभाष पर बात की और तत्काल पानी छोड़ने के निर्देश दिए। विधायक के इस हस्तक्षेप का त्वरित प्रभाव पड़ा और उसी दिन दोपहर 12 बजे रणधीसर माइनर में पानी का प्रवाह शुरू कर दिया गया, जिससे क्षेत्र के किसानों को बड़ी राहत मिली। विधायक भाटी ने स्पष्ट किया कि किसानों के हितों से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा, और अधिकारियों को जल वितरण में पारदर्शिता, समयबद्धता और प्रभावशीलता सुनिश्चित करने के लिए नियमित पर्यवेक्षण के निर्देश दिए। रणधीसर माइनर पर ऑपरेशन एवं मेंटेनेंस कार्यों में गंभीर लापरवाही सामने आने के कारण विधायक अंशुमान सिंह भाटी ने सहायक अभियंता (AEN) श्री ओंकार मल और कनिष्ठ अभियंता (JEN) श्री जयप्रकाश को कारण बताओ नोटिस जारी किए। नोटिस में यह उल्लेख किया गया कि O&M कार्य पूर्ण होने की सूचना दिए जाने के बावजूद, निरीक्षण के दौरान कार्य अपूर्ण पाया गया, जिसके परिणामस्वरूप नहर का पानी व्यर्थ बह रहा था। अधिकारियों से तीन दिनों के भीतर जवाब तलब करते हुए नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है। विधायक भाटी ने दोहराया कि किसानों के हितों की रक्षा और समय पर सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध कराना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के प्रत्येक किसान को आवश्यकतानुसार पानी मिले, इसके लिए विधायक कार्यालय निरंतर निगरानी रखेगा और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।1
- आज पीबीएम सुधारो जनआंदोलन के तहत गठित संयुक्त कमेटी ने पीबीएम अस्पताल के अधीक्षक के साथ विभिन्न जनहित के विषयों और अस्पताल की व्यवस्थाओं को लेकर विस्तृत चर्चा की। यह कमेटी 30 जून को हुए एक ऐतिहासिक प्रदर्शन के दौरान प्रशासनिक अधिकारियों के साथ हुई वार्ता में गठित करने का निर्णय लिया गया था। इस पहल का मुख्य उद्देश्य पीबीएम अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाना, मरीजों को आवश्यक सुविधाएँ उपलब्ध कराना तथा आमजन की समस्याओं का स्थायी समाधान सुनिश्चित करना है। इस अवसर पर बिशनाराम सियाग, सत्तु खान, भँवर कुकणा, आंनद सिंह सोढ़, श्रीकृष्ण गोदारा, निरमा मेघवाल, ओमप्रकाश मेघवाल और कमल जैसे सदस्य मौजूद रहे।1
- मुंबई में "श्री छत्रपती शिवाजी महाराज महाराष्ट्र गौरव सन्मान–2026" समारोह अत्यंत भव्य और उत्साहपूर्ण वातावरण में सफलतापूर्वक आयोजित किया गया। इस भव्य आयोजन का नेतृत्व राजस्थान के जालोर जिले के भीनमाल निवासी समाजसेवक तथा अरिहंताणं रक्त सारथी संस्थान, राजस्थान के संस्थापक अध्यक्ष कैलाश कुमार जैन ने किया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य रक्तदान, अवयवदान, स्टेम सेल दान और अन्य सामाजिक क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वाले समाजसेवकों तथा संस्थाओं को सम्मानित करना था। इस समारोह में मुख्य अतिथियों के रूप में घाटकोपर पुलिस स्टेशन, मुंबई की पुलिस निरीक्षक नालंदा सुंदरराव लांडगे, कारगिल युद्ध के वीर कैप्टन डॉ. सुरेश कुमार सैनी, पर्यावरणप्रेमी व समाजसेविका पियू जी चौहान, सामाजिक कार्यकर्ता विनोद साडवीलकर, इंटरनेशनल मोटिवेटर्स एसोसिएशन के संस्थापक अजित वहाडणे, लाइफ ब्लड काउंसिल के संस्थापक व मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) विनय शेट्टी, सावंतवाड़ी के नगरसेवक व युवा संगठन के संस्थापक अध्यक्ष देव्या सूर्याजी, तथा पुलिस उपनिरीक्षक सुनील गावडे उपस्थित रहे। सभी सम्मानित अतिथियों ने समाज हित में कार्यरत व्यक्तियों और संस्थाओं के कार्यों की सराहना करते हुए इस पहल को समाज के लिए प्रेरणादायी बताया। कार्यक्रम के दौरान डॉ. अरविंदजी ने नेत्रदान का प्रदर्शन कर उपस्थित लोगों को नेत्रदान के महत्व, प्रक्रिया और इसके प्रति जागरूकता की आवश्यकता के बारे में मार्गदर्शन दिया। इस अवसर पर समाज जागृति के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाली आभा परिवर्तनवादी संस्था, सीताराम संभाजी मोले, कुरार पुलिस स्टेशन, मुंबई के पुलिस उपनिरीक्षक राहुल वनवे, कुरार पुलिस स्टेशन, मुंबई के पुलिस कांस्टेबल सुनील गावडे, और सहायक पुलिस उपनिरीक्षक सहित कई समाजसेवकों को सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त, डीकेएमएस फाउंडेशन इंडिया, मुंबई को स्टेम सेल दान जागरूकता व पंजीकरण अभियान तथा अवयवदान जागरूकता में उनके उत्कृष्ट कार्य के लिए विशेष सम्मान प्रदान किया गया। इस कार्यक्रम के सफल आयोजन में सुनील शंकर घाटाळ (मुंबई), शिवानी विजय चौहान (मुंबई), विजय भगवान चौहान (मुंबई), मागीलाल अमराजी देवासी (भवानी स्टील ट्रेडर्स), दिनेश सेन अरणाय (अरणाय ट्यूब, मुंबई), राकेशकुमार परखाजी चौधरी कलबी (लूणावास, राजस्थान), विवेकानंद जनार्दन लाडसावंगीकर (पुणे), और माळाराम बगारामजी देवासी (देलदारी, जालोर – वर्तमान में मुंबई) ने भामाशाह व सहयोगी के रूप में विशेष योगदान दिया। कार्यक्रम को सफल बनाने में रक्तवीर मनोज जैन (हैदराबाद), काजल सिक्का (फरीदाबाद), सोनिया शर्मा (दिल्ली), सुरेश प्रभाकर रेवणकर (घाटकोपर, मुंबई), तलकाराम व्ही. चौधरी (मुंबई), रक्तवीर नरेंद्रसिंह राठोड (जोधपुर), तथा जयकांतजी और उनकी मुंबई की पूरी टीम ने भी महत्वपूर्ण सहयोग दिया। अंत में, सभी उपस्थित गणमान्य व्यक्तियों ने अरिहंताणं रक्त सारथी संस्थान, राजस्थान और उसके संस्थापक अध्यक्ष कैलाश कुमार जैन (भीनमाल, जालोर) को हार्दिक बधाई दी और उनका आभार व्यक्त किया। सभी ने संस्थान के रक्तदान, अवयवदान, नेत्रदान, स्टेम सेल दान और विभिन्न सामाजिक गतिविधियों के माध्यम से समाज में जागरूकता लाने वाले कार्यों की प्रशंसा की और भविष्य में भी ऐसी जनहितैषी पहलों की सफल परंपरा जारी रहने की आशा व्यक्त की।4
- शेरगढ़ विधायक बाबू सिंह राठौड़ ने जोधपुर स्थित जय नारायण व्यास विश्वविद्यालय (JNVU) के पुराने और नए कैंपस का नाम बदलने की मांग की है। यह मांग बाबू सिंह राठौड़ द्वारा उठाई गई है, जो शेरगढ़ से विधायक हैं।1
- जोधपुर के माता के थान थाना क्षेत्र के अंतर्गत परिहार नगर में, न्यू परिहार वाटिका के पास एक गंभीर घटना सामने आई है। एक परिवादी की पत्नी ने आरोप लगाया है कि पुलिस की मौजूदगी में ही एक युवक ने उसे अश्लील इशारा किया और उसके हाथ-पैर तोड़ने की धमकी भी दी। परिवादी ने बताया है कि इस मामले में अभी तक पुलिस द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की गई है।1
- श्रीकोलायत क्षेत्र के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय माधोगढ़ में अध्यापकों की भारी कमी को लेकर बुधवार को ग्रामीणों और विद्यार्थियों का आक्रोश फूट पड़ा। पर्याप्त स्टाफ की मांग करते हुए, ग्रामीणों ने विद्यार्थियों के साथ मिलकर विद्यालय के मुख्य द्वार पर तालाबंदी कर अपना विरोध प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने बताया कि 12वीं तक संचालित इस विद्यालय में करीब 250 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं, जबकि वर्तमान में केवल एक प्रिंसिपल और दो अध्यापक ही कार्यरत हैं। इस गंभीर कमी के कारण सभी कक्षाओं का नियमित संचालन संभव नहीं हो पा रहा है, जिससे विद्यार्थियों की पढ़ाई बुरी तरह प्रभावित हो रही है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि इस संबंध में शिक्षा विभाग के अधिकारियों को कई बार अवगत कराया गया, लेकिन आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई और समस्या का स्थायी समाधान नहीं निकल पाया है। विरोध प्रदर्शन के दौरान ग्रामीणों ने ब्लॉक शिक्षा अधिकारी संदीप गौड़ से दूरभाष पर बात की, जिन्होंने किसी बैठक में होने की बात कहकर विभाग की ओर से एक प्रतिनिधि भेजने की जानकारी दी। ग्रामीणों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि जब तक विद्यालय में पर्याप्त संख्या में अध्यापकों की नियुक्ति नहीं की जाती और इस समस्या का स्थायी समाधान नहीं होता, तब तक विद्यालय की तालाबंदी नहीं खोली जाएगी। प्रदर्शनकारियों ने ज़ोर देकर कहा कि 12वीं तक के विद्यालय का संचालन केवल तीन अध्यापकों के भरोसे नहीं किया जा सकता और विद्यार्थियों के भविष्य के साथ किसी भी प्रकार का समझौता उन्हें स्वीकार्य नहीं होगा।1