गाजियाबाद के राकेश मार्ग स्थित गुलमोहर एनक्लेव सोसाइटी में पेयजल की गुणवत्ता को लेकर निवासियों में गहरी नाराजगी व्याप्त है। निवासियों का आरोप है कि नगर निगम के बोरिंग (ट्यूबवेल) से आपूर्ति किया जा रहा पानी गंदा और रेतीला है, जिसके कारण उन्हें स्वास्थ्य संबंधी चिंताओं के साथ-साथ आर्थिक नुकसान भी उठाना पड़ रहा है। वे नगर निगम को नियमित रूप से हाउस टैक्स और वाटर टैक्स तथा RWA को भारी-भरकम मेंटेनेंस शुल्क देने के बावजूद स्वच्छ पेयजल से वंचित हैं। फ्लैट M/1/613 निवासी राम शरण जग्गा द्वारा साझा की गई तस्वीर में पानी की बोतल के निचले हिस्से में रेतीले एवं भूरे रंग के कण जमा दिखाई दिए हैं, जो पानी की खराब गुणवत्ता को इंगित करता है। सोसाइटी निवासी गौरव बंसल ने बताया कि उनके घर का RO सिस्टम मात्र तीन महीने में ही चोक हो गया, जिसके कारण उन्हें महंगे फिल्टर बदलने पड़े। उनका कहना है कि पानी में अत्यधिक रेत, मिट्टी और अन्य अशुद्धियां होने के कारण RO फिल्टर सामान्य से काफी पहले खराब हो रहे हैं। निवासियों के अनुसार, सोसाइटी में आपूर्ति किए जा रहे पानी का TDS स्तर 750 से अधिक है, जिससे उन्हें बार-बार RO के फिल्टर और कार्ट्रिज बदलवाने में हजारों रुपये का अतिरिक्त आर्थिक बोझ उठाना पड़ रहा है। निवासियों ने बताया कि पिछले वर्ष भी नगर निगम एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा पानी की जांच कराई गई थी, जिसमें गुणवत्ता पर गंभीर आपत्तियां सामने आई थीं। अब वर्तमान में रेतीले पानी, 750+ TDS और RO फिल्टरों के मात्र तीन महीने में चोक होने की शिकायतों के बाद एक बार फिर पानी की व्यापक जांच कराने की मांग तेज हो गई है। निवासियों ने नगर निगम, स्वास्थ्य विभाग, जल विभाग, RWA एवं संबंधित अधिकारियों से पानी के नमूनों की तत्काल किसी मान्यता प्राप्त प्रयोगशाला से जांच कराने, जल भंडारण टैंकों एवं पाइपलाइन व्यवस्था का निरीक्षण कराने तथा जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करने की मांग की है। उनका कहना है कि यह मामला सीधे लोगों के स्वास्थ्य से जुड़ा है, अतः इसमें कोई लापरवाही नहीं होनी चाहिए और संबंधित विभागों, नगर निगम तथा RWA को तत्काल जवाबदेही तय करते हुए कार्रवाई करनी चाहिए।
गाजियाबाद के राकेश मार्ग स्थित गुलमोहर एनक्लेव सोसाइटी में पेयजल की गुणवत्ता को लेकर निवासियों में गहरी नाराजगी व्याप्त है। निवासियों का आरोप है कि नगर निगम के बोरिंग (ट्यूबवेल) से आपूर्ति किया जा रहा पानी गंदा और रेतीला है, जिसके कारण उन्हें स्वास्थ्य संबंधी चिंताओं के साथ-साथ आर्थिक नुकसान भी उठाना पड़ रहा है। वे नगर निगम को नियमित रूप से हाउस टैक्स और वाटर टैक्स तथा RWA को भारी-भरकम मेंटेनेंस शुल्क देने के बावजूद स्वच्छ पेयजल से वंचित हैं। फ्लैट M/1/613 निवासी राम शरण जग्गा द्वारा
साझा की गई तस्वीर में पानी की बोतल के निचले हिस्से में रेतीले एवं भूरे रंग के कण जमा दिखाई दिए हैं, जो पानी की खराब गुणवत्ता को इंगित करता है। सोसाइटी निवासी गौरव बंसल ने बताया कि उनके घर का RO सिस्टम मात्र तीन महीने में ही चोक हो गया, जिसके कारण उन्हें महंगे फिल्टर बदलने पड़े। उनका कहना है कि पानी में अत्यधिक रेत, मिट्टी और अन्य अशुद्धियां होने के कारण RO फिल्टर सामान्य से काफी पहले खराब हो रहे हैं। निवासियों के अनुसार, सोसाइटी
में आपूर्ति किए जा रहे पानी का TDS स्तर 750 से अधिक है, जिससे उन्हें बार-बार RO के फिल्टर और कार्ट्रिज बदलवाने में हजारों रुपये का अतिरिक्त आर्थिक बोझ उठाना पड़ रहा है। निवासियों ने बताया कि पिछले वर्ष भी नगर निगम एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा पानी की जांच कराई गई थी, जिसमें गुणवत्ता पर गंभीर आपत्तियां सामने आई थीं। अब वर्तमान में रेतीले पानी, 750+ TDS और RO फिल्टरों के मात्र तीन महीने में चोक होने की शिकायतों के बाद एक बार फिर पानी की व्यापक जांच
कराने की मांग तेज हो गई है। निवासियों ने नगर निगम, स्वास्थ्य विभाग, जल विभाग, RWA एवं संबंधित अधिकारियों से पानी के नमूनों की तत्काल किसी मान्यता प्राप्त प्रयोगशाला से जांच कराने, जल भंडारण टैंकों एवं पाइपलाइन व्यवस्था का निरीक्षण कराने तथा जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करने की मांग की है। उनका कहना है कि यह मामला सीधे लोगों के स्वास्थ्य से जुड़ा है, अतः इसमें कोई लापरवाही नहीं होनी चाहिए और संबंधित विभागों, नगर निगम तथा RWA को तत्काल जवाबदेही तय करते हुए कार्रवाई करनी चाहिए।
- मोदी जी के गुजरात में खाद्य सुरक्षा विभाग की टीमों ने रस निकालने के लिए रखे गए आमों का एक विशाल भंडार बरामद कर जब्त कर लिया है। जांच में पाया गया कि ये आम, जिनका इस्तेमाल रस निकालने के लिए किया जाना था, बुरी तरह सड़े हुए थे, इनमें कीड़े लगे हुए थे और ये फफूंद व कीड़ों से बुरी तरह संक्रमित थे। इस घटना के मद्देनजर, मैंगो शेक पीने वाले सभी लोगों को इस जानकारी पर गंभीरता से विचार करने और सावधान रहने की चेतावनी दी गई है।1
- उत्तर प्रदेश के ब्रज क्षेत्र से एक अत्यंत भावुक कर देने वाला वीडियो सामने आया है, जिसने सोशल मीडिया पर खूब हलचल मचा दी है। इस वीडियो में एक बहू अपनी सास को अपने सिर पर बैठाकर 84 कोस की परिक्रमा पूरी करती हुई दिखाई दे रही है। बहू के इस असाधारण और प्रेरणादायक कृत्य ने उसे 'आज की बहू' के रूप में चर्चा का विषय बना दिया है और यह वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है।1
- दिल्ली के मालवीय नगर इलाके में स्थित एक होटल में भीषण आग लगने से एक बड़ा और दर्दनाक हादसा हो गया। इस अग्निकांड में होटल के बेसमेंट और रेस्टोरेंट में लगी आग के कारण 20 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल बताए जा रहे हैं। घटना की सूचना मिलते ही बचावकर्मियों ने तुरंत अभियान चलाया और लगभग 47 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। इस दुखद घटना पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गहरा शोक व्यक्त किया है, वहीं इस हादसे से दिल्ली के कई परिवारों में मातम पसरा हुआ है।1
- उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद प्रशासन ने कल्लू गढी क्षेत्र में एक बड़ी कार्रवाई करते हुए एक अवैध मदरसे को ध्वस्त कर दिया है। यह कार्रवाई गाजियाबाद प्रशासन द्वारा की गई।2
- एक नया भक्ति वीडियो जारी किया गया है, जिसमें 'जय श्री राम' और 'हर हर महादेव' का उद्घोष किया जा रहा है। वीडियो के निर्माताओं ने सभी भाइयों से इस पर अपना प्यार दिखाने और इसे लाइक, कमेंट व शेयर करने का आग्रह किया है।1
- गाजियाबाद के डासना स्थित कल्लुगढ़ी में प्रशासन द्वारा अवैध अतिक्रमण और अवैध मदरसों के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया गया है। इस दौरान, एक अवैध मदरसे पर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई, जिसमें प्रशासन का बुलडोजर चला।1
- गाजियाबाद स्थित शालीमार गार्डन जन कल्याण समिति के संस्थापक सदस्य प्रदीप गुप्ता ने उत्तर प्रदेश पुलिस के नवनियुक्त पुलिस महानिदेशक (DGP) श्री राजीव कृष्ण जी को पदभार ग्रहण करने पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। गुप्ता ने विश्वास व्यक्त किया कि उनके नेतृत्व में अपराध के प्रति 'जीरो टॉलरेंस' की नीति अधिक प्रभावी ढंग से लागू होगी, जिससे प्रदेश में कानून-व्यवस्था, महिला सुरक्षा, जनसुरक्षा और जनविश्वास को नई मजबूती मिलेगी। इसी के साथ, उन्होंने डीजीपी का ध्यान शालीमार गार्डन क्षेत्र की पुलिसिंग और कानून-व्यवस्था संबंधी महत्वपूर्ण समस्याओं की ओर आकर्षित करते हुए उनके समाधान का अनुरोध किया है। अपने पत्र में प्रदीप गुप्ता ने बताया कि शालीमार गार्डन, ट्रांस हिंडन क्षेत्र का एक घनी आबादी वाला आवासीय क्षेत्र है, जहाँ लंबे समय से स्थानीय निवासियों को कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इनमें मुख्य मार्गों और बाजार क्षेत्रों में अवैध अतिक्रमण के कारण यातायात व्यवस्था का प्रभावित होना, ई-रिक्शा, ऑटो और अन्य वाहनों के अनियंत्रित संचालन से उत्पन्न होने वाला जाम, तथा सार्वजनिक स्थानों पर अवैध पार्किंग के कारण नागरिकों को आवागमन में होने वाली कठिनाइयाँ प्रमुख हैं। इसके अतिरिक्त, उन्होंने महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा के लिए नियमित पुलिस गश्त को सुदृढ़ करने, रात्रिकालीन गश्त एवं संवेदनशील स्थलों की निगरानी को अधिक प्रभावी बनाने, तथा साइबर अपराध, मोबाइल स्नैचिंग एवं अन्य आपराधिक घटनाओं की रोकथाम हेतु जनजागरूकता और पुलिस की सक्रियता बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने स्थानीय स्तर पर पुलिस और नागरिकों के बीच संवाद और जनसुनवाई की व्यवस्था को मजबूत करने की मांग भी की। गुप्ता ने डीजीपी से विनम्र अनुरोध किया है कि वे शालीमार गार्डन क्षेत्र की पुलिस व्यवस्था की समीक्षा कर आवश्यक निर्देश प्रदान करें, ताकि नागरिकों को सुरक्षित, भयमुक्त और सुव्यवस्थित वातावरण मिल सके। साथ ही, उन्होंने बीट पुलिसिंग, नियमित गश्त, यातायात प्रबंधन और अतिक्रमण नियंत्रण के लिए विशेष अभियान संचालित करने का भी आग्रह किया। उनकी इस पहल पर नगर निगम ने संज्ञान लिया है।3
- जनपद बुलंदशहर के कस्बा ककोड़ में एक पुलिसकर्मी ने सरे बाजार में व्यापारियों पर पिस्टल तान दी। यह घटना तब हुई जब पुलिसकर्मी चोरी के एक मामले में एक दुकान पर दबिश देने आए थे। इस दौरान व्यापारियों ने उक्त पुलिसकर्मी को घेर लिया।1