असेंबली आप एमपी जर्नलिस्ट की कैबिनेट बैठक पंचोली अध्यक्ष, श्रोत्रिय सचिव नियुक्त कन्नौद। मंगलवार को वरिष्ठ पत्रकार रमेशचंद्र डाबी के कृषि फार्म पर असेंबली आप एमपी जर्नलिस्ट की कैबिनेट बैठक गरिमामय वातावरण में सम्पन्न हुई। बैठक में क्षेत्र के पत्रकार साथियों की सक्रिय उपस्थिति रही तथा संगठन की मजबूती, पत्रकार हितों की सुरक्षा और निष्पक्ष पत्रकारिता को बढ़ावा देने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।बैठक में सर्वसम्मति से श्री दिनेशचंद्र पंचोली (सुन्द्रेल) को ब्लॉक अध्यक्ष चुना गया। उनके चयन पर उपस्थित सदस्यों ने हर्ष व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई दी और विश्वास जताया कि उनके नेतृत्व में संगठन नई ऊर्जा और मजबूती के साथ कार्य करेगा। कार्यकारिणी का गठन इस प्रकार किया गया— संरक्षक : रमेशचंद्र डाबी कन्नौद अध्यक्ष: श्री दिनेशचंद्र पंचोली (सुन्द्रेल) उपाध्यक्ष : कैलाश परिहार सचिव: आदित्य श्रोत्रिय सह सचिव : दीपक शर्मा कोषाध्यक्ष: मधुर अग्रवाल कन्नौद नव नियुक्त पदाधिकारियों ने संगठन को सशक्त एवं सक्रिय बनाने, पत्रकारों की समस्याओं के निराकरण तथा समाजहित में निर्भीक और निष्पक्ष पत्रकारिता के लिए समर्पित रहने का संकल्प लिया। बैठक के अंत में सभी पदाधिकारियों का स्वागत कर उज्ज्वल कार्यकाल की शुभकामनाएं दी गईं।
असेंबली आप एमपी जर्नलिस्ट की कैबिनेट बैठक पंचोली अध्यक्ष, श्रोत्रिय सचिव नियुक्त कन्नौद। मंगलवार को वरिष्ठ पत्रकार रमेशचंद्र डाबी के कृषि फार्म पर असेंबली आप एमपी जर्नलिस्ट की कैबिनेट बैठक गरिमामय वातावरण में सम्पन्न हुई। बैठक में क्षेत्र के पत्रकार साथियों की सक्रिय उपस्थिति रही तथा संगठन की मजबूती, पत्रकार हितों की सुरक्षा और निष्पक्ष पत्रकारिता को बढ़ावा देने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।बैठक में सर्वसम्मति से श्री दिनेशचंद्र पंचोली (सुन्द्रेल) को ब्लॉक अध्यक्ष चुना गया। उनके चयन पर उपस्थित सदस्यों ने हर्ष व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई दी और विश्वास जताया कि उनके नेतृत्व में संगठन नई ऊर्जा और मजबूती के साथ कार्य करेगा। कार्यकारिणी का गठन इस प्रकार किया गया— संरक्षक : रमेशचंद्र डाबी कन्नौद अध्यक्ष: श्री दिनेशचंद्र पंचोली (सुन्द्रेल) उपाध्यक्ष : कैलाश परिहार सचिव: आदित्य श्रोत्रिय सह सचिव : दीपक शर्मा कोषाध्यक्ष: मधुर अग्रवाल कन्नौद नव नियुक्त पदाधिकारियों ने संगठन को सशक्त एवं सक्रिय बनाने, पत्रकारों की समस्याओं के निराकरण तथा समाजहित में निर्भीक और निष्पक्ष पत्रकारिता के लिए समर्पित रहने का संकल्प लिया। बैठक के अंत में सभी पदाधिकारियों का स्वागत कर उज्ज्वल कार्यकाल की शुभकामनाएं दी गईं।
- अंधविश्वास की हरकतें बढ़ीं, अलंकार ज्वेलर्स सहित आसपास की दुकानों को बनाया निशाना स्थित अलंकार ज्वेलर्स के बाहर एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा दो-तीन बार संदिग्ध हरकत करने का मामला सामने आया है। घटना के बाद आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच की जा रही है, ताकि आरोपी की पहचान कर कानूनी कार्रवाई की जा सके। व्यापारियों के अनुसार, इससे पहले भी क्षेत्र में इस प्रकार की तीन-चार घटनाएं हो चुकी हैं, जिससे दुकानदारों में चिंता का माहौल है। जागरूक नागरिकों का कहना है कि अंधविश्वास समाज के लिए घातक है और लोगों को कर्म, मेहनत और वैज्ञानिक सोच पर विश्वास करना चाहिए। नागरिकों से अपील की है कि ऐसी संदिग्ध गतिविधियों की तुरंत सूचना पुलिस को दें और समाज में जागरूकता फैलाकर अंधविश्वास को बढ़ावा देने वाली प्रवृत्तियों को रोकने में सहयोग1
- पुनासा/मुंदी नगर में चल रहे थे संत बुखारदास बाबा के मेले में बीती रात शानदार आदिवासी लोक नृत्य की प्रस्तुति दी गई1
- Post by Yogendra singh dodiya1
- महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर नया हरसूद में बंजारा युवा संघ के सदस्यों द्वारा भक्तों को फलाहारी वितरित की गई। महाशिवरात्रि का पर्व पूरे नगर में धूमधाम से मनाया गया1
- बुंदेलखंड के बांदा जिले में स्थित ऐतिहासिक कालिंजर किला इन दिनों सुर्खियों में छाया हुआ है। 2026 में उत्तर प्रदेश सरकार ने इसे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने के लिए बड़े कदम उठाए हैं। गणतंत्र दिवस 2026 की झांकी में कालिंजर किले को प्रमुखता से दिखाया गया, जहाँ एकमुखी लिंग, नीलकंठ महादेव मंदिर और किले की भव्य संरचना ने बुंदेलखंड की वीरता, आध्यात्मिकता और वास्तुकला को जीवंत रूप दिया। यह झांकी 'बुंदेलखंड की शाश्वत भव्यता' और आधुनिक उत्तर प्रदेश के विजन का प्रतीक बनी। अब फरवरी 2026 में कालिंजर महोत्सव 2026 (15-17 फरवरी) ने किले को और चमका दिया। 'इतिहास की गूंज, संस्कृति की आत्मा' थीम पर आधारित इस तीन दिवसीय उत्सव में बुंदेली लोकनृत्य, आल्हा गायन, क्लासिकल संगीत, पारंपरिक नृत्य, खेल प्रतियोगिताएँ और 'बांदा गॉट टैलेंट' जैसे कार्यक्रम हुए। कटरा कालिंजर मेला ग्राउंड में आयोजित यह महोत्सव जिला पर्यटन-संस्कृति परिषद और प्रशासन के प्रयास से सफल रहा, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को बल मिला और पर्यटकों की भीड़ उमड़ी। पर्यटन विभाग का लक्ष्य कालिंजर को मेगा डेस्टिनेशन बनाना है। हाल में ₹16 करोड़ की इंफ्रास्ट्रक्चर अपग्रेड योजना, ASI साइट्स के राज्य हस्तांतरण की मांग और ऋषिकुल वैदिक विलेज प्रोजेक्ट जैसे प्रयास चल रहे हैं। कालिंजर, जो प्राचीन काल से 'काल का नाश करने वाला' माना जाता है, अब न केवल इतिहास का साक्षी है, बल्कि बुंदेलखंड के सांस्कृतिक पुनरुत्थान का केंद्र भी बन रहा है। यह किला अब सिर्फ पत्थरों का ढेर नहीं, बल्कि जीवंत विरासत का प्रतीक है, जो पर्यटकों को इतिहास, भक्ति और वीरता का अद्भुत संगम देता है।1
- कैसा ये इश्क है... प्रेमिका की हत्या लाश से बलात्कार वीडियो भी वायरल1
- Post by Nihar Khan1
- की लचर व्यवस्थाओं के पत्रकारों की जमकर नारेबाजी, धरने पर बैठने के बाद मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को की शिकायत, कार्यवाही की उठाई मांग1