जनसुनवाई के दौरान नागरिकों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग द्वारा स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया गया। *जनसुनवाई में कलेक्टर का सख्त संदेश—हर आवेदन का हो समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण निराकरण* *कलेक्टर ने गंभीरता से सुनीं जनसमस्याएं, मौके पर निराकरण के साथ तय की समय-सीमा* *कलेक्टर ने सुनीं आमजन की समस्याएं, 30 आवेदनों पर हुई कार्रवाई* *डिंडौरी, 15 सितंबर 2026* कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया की अध्यक्षता में मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में साप्ताहिक जनसुनवाई आयोजित की गई। जनसुनवाई में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए नागरिकों के 30 आवेदन प्राप्त हुए। कलेक्टर ने नागरिकों की समस्याओं एवं शिकायतों को गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ सुना। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को प्रत्येक आवेदन का परीक्षण कर समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण एवं संतोषजनक निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जिन प्रकरणों का मौके पर निराकरण संभव था, उनका तत्काल निराकरण किया गया, जबकि अन्य प्रकरणों के निराकरण के लिए समय-सीमा निर्धारित की गई। इस दौरान सीईओ जिला पंचायत श्री दिव्यांशु चौधरी, अपर कलेक्टर श्री जेपी यादव, संयुक्त कलेक्टर सुश्री भारती मेरावी, एसडीएम डिंडौरी श्री रामबाबू देवांगन, डिप्टी कलेक्टर श्री वैद्यनाथ वासनिक सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। जनसुनवाई में विकासखंड डिंडौरी के ग्राम उदरी निवासी अन्तू मसराम ने सांस्कृतिक विभाग के कार्यक्रम में प्रस्तुति देने के लिए 30 अप्रैल से 5 मई 2026 तक वाराणसी, उत्तरप्रदेश जाने तथा भुगतान लंबित होने संबंधी आवेदन प्रस्तुत किया, जिस पर कलेक्टर ने सहायक आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग को जांच कर आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए। वन सुरक्षा समिति नएगांव के सदस्यों ने समिति के अध्यक्ष एवं सचिव द्वारा फर्जी हस्ताक्षर कर बिना प्रस्ताव राशि आहरण एवं अन्य अनियमितताओं की शिकायत की, जिस पर वनमण्डल अधिकारी को जांच के निर्देश दिए गए। ग्राम खुरखुरीदादर निवासी नैन सिंह मरावी ने वर्ष 2023 में घर जल जाने के बाद प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास स्वीकृत कराने की मांग की, जिस पर भी संबंधित अधिकारी को जांच कर कार्यवाही के निर्देश दिए गए। इसी प्रकार ग्राम चिरपोटी निवासी जीवन सिंह ने राजस्व अभिलेखों में सहखातेदारों के नाम दर्ज नहीं किए जाने की शिकायत की, जिस पर नायब तहसीलदार को प्रकरण की जांच के निर्देश दिए गए। ग्राम पंचायत मालपुर के ग्रामीणों ने जल गंगा संवर्धन अभियान, सीसी सड़क निर्माण सहित विभिन्न कार्यों की मजदूरी एवं सामग्री का भुगतान तीन माह से लंबित होने की शिकायत की, जिस पर सीईओ जनपद पंचायत शहपुरा को जांच कर शीघ्र कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने कहा कि ’’जनसुनवाई का उद्देश्य आमजन की समस्याओं का त्वरित, पारदर्शी एवं संतोषजनक समाधान सुनिश्चित करना है।’’ उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक आवेदन को गंभीरता से लेते हुए उसका परीक्षण करें तथा निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करें, ताकि नागरिकों को समय पर राहत मिल सके। जनसुनवाई में हुआ स्वास्थ्य परीक्षण जनसुनवाई के दौरान नागरिकों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग द्वारा स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया गया। शिविर में जनसुनवाई में पहुंचे आवेदकों का रक्तचाप, मधुमेह सहित अन्य आवश्यक स्वास्थ्य परीक्षण किए गए। स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा जांच के उपरांत नागरिकों को आवश्यक स्वास्थ्य परामर्श एवं विभिन्न स्वास्थ्य संबंधी जानकारियां भी प्रदान की गईं।
जनसुनवाई के दौरान नागरिकों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग द्वारा स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया गया। *जनसुनवाई में कलेक्टर का सख्त संदेश—हर आवेदन का हो समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण निराकरण* *कलेक्टर ने गंभीरता से सुनीं जनसमस्याएं, मौके पर निराकरण के साथ तय की समय-सीमा* *कलेक्टर ने सुनीं आमजन की समस्याएं, 30 आवेदनों पर हुई कार्रवाई* *डिंडौरी, 15 सितंबर 2026* कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया की अध्यक्षता में मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में साप्ताहिक जनसुनवाई आयोजित की गई। जनसुनवाई में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए नागरिकों के 30 आवेदन प्राप्त हुए। कलेक्टर ने नागरिकों की समस्याओं एवं शिकायतों को गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ सुना। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को प्रत्येक आवेदन का परीक्षण कर समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण एवं संतोषजनक निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जिन प्रकरणों का मौके पर निराकरण संभव था, उनका तत्काल निराकरण किया गया, जबकि अन्य प्रकरणों के निराकरण के लिए समय-सीमा निर्धारित की गई। इस दौरान सीईओ जिला पंचायत श्री दिव्यांशु चौधरी, अपर कलेक्टर श्री जेपी यादव, संयुक्त कलेक्टर सुश्री भारती मेरावी, एसडीएम डिंडौरी श्री रामबाबू देवांगन, डिप्टी कलेक्टर श्री वैद्यनाथ वासनिक सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। जनसुनवाई में विकासखंड डिंडौरी के ग्राम उदरी निवासी अन्तू मसराम ने सांस्कृतिक विभाग के कार्यक्रम में प्रस्तुति देने के लिए 30 अप्रैल से 5 मई 2026 तक वाराणसी, उत्तरप्रदेश जाने तथा भुगतान लंबित होने संबंधी आवेदन प्रस्तुत किया, जिस पर कलेक्टर ने सहायक आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग को जांच कर आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए। वन सुरक्षा समिति नएगांव के सदस्यों ने समिति के अध्यक्ष एवं सचिव द्वारा फर्जी हस्ताक्षर कर बिना
प्रस्ताव राशि आहरण एवं अन्य अनियमितताओं की शिकायत की, जिस पर वनमण्डल अधिकारी को जांच के निर्देश दिए गए। ग्राम खुरखुरीदादर निवासी नैन सिंह मरावी ने वर्ष 2023 में घर जल जाने के बाद प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास स्वीकृत कराने की मांग की, जिस पर भी संबंधित अधिकारी को जांच कर कार्यवाही के निर्देश दिए गए। इसी प्रकार ग्राम चिरपोटी निवासी जीवन सिंह ने राजस्व अभिलेखों में सहखातेदारों के नाम दर्ज नहीं किए जाने की शिकायत की, जिस पर नायब तहसीलदार को प्रकरण की जांच के निर्देश दिए गए। ग्राम पंचायत मालपुर के ग्रामीणों ने जल गंगा संवर्धन अभियान, सीसी सड़क निर्माण सहित विभिन्न कार्यों की मजदूरी एवं सामग्री का भुगतान तीन माह से लंबित होने की शिकायत की, जिस पर सीईओ जनपद पंचायत शहपुरा को जांच कर शीघ्र कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने कहा कि ’’जनसुनवाई का उद्देश्य आमजन की समस्याओं का त्वरित, पारदर्शी एवं संतोषजनक समाधान सुनिश्चित करना है।’’ उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक आवेदन को गंभीरता से लेते हुए उसका परीक्षण करें तथा निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करें, ताकि नागरिकों को समय पर राहत मिल सके। जनसुनवाई में हुआ स्वास्थ्य परीक्षण जनसुनवाई के दौरान नागरिकों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विभाग द्वारा स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया गया। शिविर में जनसुनवाई में पहुंचे आवेदकों का रक्तचाप, मधुमेह सहित अन्य आवश्यक स्वास्थ्य परीक्षण किए गए। स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा जांच के उपरांत नागरिकों को आवश्यक स्वास्थ्य परामर्श एवं विभिन्न स्वास्थ्य संबंधी जानकारियां भी प्रदान की गईं।
- ग्राम पंचायत करोंदी में स्वच्छता अभियान की सराहनीय पहल स्थान: ग्राम पंचायत करोंदी ग्राम पंचायत करोंदी में राष्ट्रव्यापी 'स्वच्छ भारत अभियान' के तहत विशेष स्वच्छता अभियान चलाया गया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य गांव को स्वच्छ, सुंदर और रोगमुक्त बनाना है।1
- UGC कानून के विरोध में उमरिया में करणी सेना का आक्रोश, 5 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन UGC कानून के विरोध में उमरिया में करणी सेना का आक्रोश, 5 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन उमरिया जिले में करणी सेना ने विरोध जताते हुए पांच सूत्री मांगों को लेकर कलेक्टर ऑफिस पहुंच कर ज्ञापन सोपा1
- उमरिया जिले में इन दिनों अफसर शाही का आलम चरम पर है. जहां अफसर के बच्चों को भी स्कूल छोड़ने के लिए सरकारी वाहन का इस्तेमाल किया जा रहा है. शायद शासन ने इन अधिकारियों को यह वाहन इनके और इनके परिवार के व्यक्तिगत उपयोग के लिए प्रदान किए हैं. जहां एक ओर आमजन के बच्चे प्राइवेट ऑटो या टैक्सी में ठसाठस भरकर विद्यालय जाते हैं जिस पर यातायात प्रभारी निरीक्षक ज्योति शुक्ला की कभी नजर नहीं पड़ी. क्योंकि दूसरे के बच्चे चाहे किसी भी स्थिति में विद्यालय जाएं पर उनके बच्चों को लाने ले जाने के लिए तो शासकीय वाहन व शासकीय कर्मचारी पाबंद है. यातायात थाने का यह वाहन अक्सर निरीक्षक ज्योति शुक्ला के पति व बच्चों को उमरिया जिले की सैर और मार्केटिंग करता हुआ देखा जा सकता है. थाना चंदिया में पदस्थापना के दौरान भी निरीक्षक ज्योति शुक्ला के शासकीय संपत्ति के दुरुपयोग की चर्चा जनमानस के बीच आम थी. परंतु बताया जाता है कि निरीक्षक ज्योति शुक्ला पर अधिकारियों की विशेष कृपा है जिसकी वजह से निरीक्षक ज्योति शुक्ला का स्थानांतरण पुलिस महानिरीक्षक द्वारा पुलिस कंट्रोल रूम किए जाने के पश्चात भी आज दिनांक तक निरीक्षक ज्योति शुक्ला थाना यातायात के प्रभार पर बनी हुई है और शासकीय संपत्तियों का लाभ भरपूर उठा रही हैं उमरिया जिले में इन दिनों अफसर शाही का आलम चरम पर है. जहां अफसर के बच्चों को भी स्कूल छोड़ने के लिए सरकारी वाहन का इस्तेमाल किया जा रहा है. शायद शासन ने इन अधिकारियों को यह वाहन इनके और इनके परिवार के व्यक्तिगत उपयोग के लिए प्रदान किए हैं. जहां एक ओर आमजन के बच्चे प्राइवेट ऑटो या टैक्सी में ठसाठस भरकर विद्यालय जाते हैं जिस पर यातायात प्रभारी निरीक्षक ज्योति शुक्ला की कभी नजर नहीं पड़ी. क्योंकि दूसरे के बच्चे चाहे किसी भी स्थिति में विद्यालय जाएं पर उनके बच्चों को लाने ले जाने के लिए तो शासकीय वाहन व शासकीय कर्मचारी पाबंद है. यातायात थाने का यह वाहन अक्सर निरीक्षक ज्योति शुक्ला के पति व बच्चों को उमरिया जिले की सैर और मार्केटिंग करता हुआ देखा जा सकता है. थाना चंदिया में पदस्थापना के दौरान भी निरीक्षक ज्योति शुक्ला के शासकीय संपत्ति के दुरुपयोग की चर्चा जनमानस के बीच आम थी. परंतु बताया जाता है कि निरीक्षक ज्योति शुक्ला पर अधिकारियों की विशेष कृपा है जिसकी वजह से निरीक्षक ज्योति शुक्ला का स्थानांतरण पुलिस महानिरीक्षक द्वारा पुलिस कंट्रोल रूम किए जाने के पश्चात भी आज दिनांक तक निरीक्षक ज्योति शुक्ला थाना यातायात के प्रभार पर बनी हुई है और शासकीय संपत्तियों का लाभ भरपूर उठा रही हैं2
- *कांग्रेस की झूठ की मशीन फिर बेनकाब!* ⛔️ UPI को लेकर कांग्रेस द्वारा फैलाया गया भ्रम कि ₹2,000 से ऊपर के हर ट्रांजैक्शन पर सरचार्ज लगेगा, पूरी तरह झूठा और भ्रामक है। सच्चाई यह है कि ग्राहकों के लिए UPI ट्रांजैक्शन पूरी तरह मुफ्त है। गुमराह करने के बजाय कांग्रेस को पहले तथ्यों की जांच करनी चाहिए। देश की जनता अब कांग्रेस के झूठ को समझ चुकी है! *सुनिए, पूरी सच्चाई! ⬆️*1
- हरितालिका तीज और गणेश जी मूर्ति की स्थापना बहुत धूम धम और उत्सव से मनाया हरितालिका महिला ब्रत रखा कर और बच्चे गणेश जी की पूजा कर उमरिया नगर सहित जिले भर में हरितालिका तीज पर्व मनाने को लेकर महिलाओं में काफी उत्साह देखने को मिला मंदिरों शिवालयों एवं देवालयों भगवान भोलेनाथ माता पार्वती की पूजा अर्चना भक्ति भाव के साथ की गई । महिलाएं व्रत रखकर अपने पुत्र एवं पति की लंबी आयु की कामना के लिए यह व्रत करती है हरितालिका तीज पर्व मुख्य रूप से भगवान भोलेनाथ माता पार्वती के पुनर मिलन एवं उनके पवित्र विवाह स्मृति की याद में मनाया जाता है । तभी से सभी महिलाएं अपने पति की लंबी आयु एवं परिवार की सुख समृद्धि की कामना को लेकर यह व्रत धारण करती है ।1
- धान में पीलेपन और झुलसने से किसान चिंतित, चूसक कीटों का बढ़ा प्रकोप* *कृषि विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिकों ने किसानों को किया सतर्क, एक एकड़ में 12 स्प्रे पंप के अनुसार दवा छिड़काव की सलाह* डिंडौरी। जिले में इन दिनों धान की फसल में पीलापन आने और पौधों के झुलसने की समस्या सामने आ रही है। खेतों में रस चूसक कीटों, विशेषकर भूरा एवं सफेद फुदका के प्रकोप से धान के पौधे कमजोर होकर पीले पड़ रहे हैं। कीट पौधों के निचले हिस्से से रस चूसकर फसल को नुकसान पहुंचा रहे हैं। किसानों की समस्या को देखते हुए कृषि विज्ञान केंद्र डिंडौरी के *वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. पी.एल. अंबूलकर* ने किसानों को धान की फसल की नियमित निगरानी करने तथा कीटों का प्रकोप दिखाई देने पर समय रहते नियंत्रण के उपाय करने की सलाह दी है। दो दवाओं में से किसी एक का ही करें छिड़काव डॉ. अंबूलकर द्वारा दी गई सलाह के अनुसार चूसक कीटों के नियंत्रण के लिए एक एकड़ क्षेत्र में 12 स्प्रे पंप के हिसाब से निम्न में से किसी एक दवा का उपयोग किया जा सकता है— थायमेथोक्सम 25 WG — 80 ग्राम प्रति एकड़ इमिडाक्लोप्रिड 17.8 SL — लगभग 60 मिलीलीटर प्रति एकड़ किसानों को विशेष रूप से ध्यान रखना है कि दोनों दवाओं का एक साथ उपयोग नहीं करना है। दोनों में से किसी एक दवा का ही अनुशंसित मात्रा में छिड़काव करें। विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि दवा का छिड़काव कीटों की स्थिति देखकर और अनुशंसित मात्रा में ही करें। बिना विशेषज्ञ की सलाह के अलग-अलग रसायनों को मिलाकर छिड़काव न करें तथा दवा के लेबल पर दिए सुरक्षा निर्देशों का पालन करें। अधिक प्रकोप होने पर दोबारा छिड़काव *वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. गीता सिंह* ने कृषकों को सलाह देते हुए बताया कि यदि फसल में कीटों का प्रकोप अधिक रहता है तो मौसम की स्थिति को देखते हुए 10 से 15 दिन बाद दोबारा छिड़काव किया जा सकता है। हालांकि अनावश्यक रूप से बिना परामर्श रसायनों का उपयोग नहीं करना चाहिए, क्योंकि इससे फसल को नुकसान पहुंच सकता है। नीमास्त्र और जीवामृत के उपयोग की सलाह कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को प्राकृतिक एवं जैविक उपायों को भी अपनाने की सलाह दी है। किसानों से नीमास्त्र तैयार कर उसका उपयोग करने तथा खाद के रूप में जीवामृत का छिड़काव करने की सलाह दी गई है। इससे फसल प्रबंधन में रासायनिक दवाओं पर निर्भरता कम करने में मदद मिल सकती है। फसल की लगातार निगरानी जरूरी विशेषज्ञों ने किसानों से कहा है कि धान के खेतों में लगातार निगरानी रखें। जहां पौधों में अचानक पीलापन, झुलसने के लक्षण या चूसक कीटों की संख्या बढ़ती दिखाई दे, वहां तत्काल कृषि विशेषज्ञ या कृषि विभाग से सलाह लेकर नियंत्रण उपाय करें। समय पर कीटों का नियंत्रण नहीं होने पर धान की पैदावार प्रभावित हो सकती है।1
- उमरिया में करणी सेना परिवार का प्रदर्शन, कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन उमरिया में करणी सेना परिवार का प्रदर्शन, कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन उमरिया। करणी सेना परिवार (टीम जीवन सिंह शेरपुर) के बैनर तले मंगलवार को उमरिया जिला मुख्यालय में विभिन्न मांगों को लेकर प्रदर्शन किया गया। जिला अध्यक्ष राम सिंह बघेल के नेतृत्व में संगठन के पदाधिकारी, कार्यकर्ता और स्थानीय युवा रैली के रूप में कलेक्ट्रेट पहुंचे। इस दौरान रैली में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए और मार्ग पर भगवा ध्वज नजर आए। कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री के नाम जिला कलेक्टर को पांच सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में एट्रोसिटी एक्ट में संशोधन कर कथित दुरुपयोग रोकने के लिए निष्पक्ष एवं समयबद्ध जांच की व्यवस्था किए जाने की मांग प्रमुख रूप से शामिल रही। संगठन ने उमरिया जिले में स्थापित होने वाली नई औद्योगिक परियोजनाओं और उद्योगों में स्थानीय बेरोजगार युवाओं को नियमानुसार प्राथमिकता के आधार पर रोजगार देने की मांग भी उठाई। इसके अलावा UGC से संबंधित प्रस्तावित कानून/विधेयक के विवादित प्रावधानों पर पुनर्विचार तथा उच्च शिक्षा में विश्वविद्यालयों की स्वायत्तता, पारदर्शिता और समान अवसर सुनिश्चित करने की मांग की गई। प्रदर्शन के दौरान संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि उनकी मांगें युवाओं और आम जनता के हित से जुड़ी हैं। उन्होंने सरकार से संवैधानिक एवं कानूनी प्रक्रिया के तहत मांगों पर उचित निर्णय लेने की अपील की। साथ ही मांगें पूरी नहीं होने पर आगामी समय में आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी।4
- नगर में गड्ढा या गड्ढे में नगर बादल सड़के जनता परेशान. उमरिया जिले से ब्यूरो चीफ शम्मी खान नियाजी. Mo. No✨78690837101