रियांबड़ी उपखंड मुख्यालय पर एक नवीन क्रय-विक्रय सहकारी समिति की स्थापना के उपलक्ष्य में गुरुवार को झड़ाऊँ कलाँ गांव में किसान सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में किसानों ने मेड़ता विधायक लक्ष्मण राम कलरू, समिति के चेयरमैन राजू डाँगा और संचालक मंडल के निदेशकों का स्वागत किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक लक्ष्मण राम कलरू ने कहा कि यह नई क्रय-विक्रय सहकारी समिति क्षेत्र के किसानों के लिए अत्यंत लाभकारी साबित होगी। उन्होंने बताया कि समिति के माध्यम से किसानों को समय पर खाद, उन्नत बीज, कृषि ऋण और अन्य आवश्यक कृषि सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, जिससे उनकी खेती-किसानी को मजबूती मिलेगी। विधायक ने किसानों से नेफैड, नाबार्ड और इफको की विभिन्न योजनाओं का लाभ उठाने का आह्वान भी किया। समिति के चेयरमैन राजू डाँगा ने किसानों को आश्वासन दिया कि संचालक मंडल उनके हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देगा। उन्होंने कहा कि समिति के माध्यम से सभी योजनाओं का लाभ पात्र किसानों तक पूरी पारदर्शिता के साथ पहुंचाया जाएगा। डाँगा ने कृषि क्षेत्र के विकास और काश्तकारों की सुविधाओं के विस्तार के लिए निरंतर कार्य करने की अपनी प्रतिबद्धता भी दोहराई। इस समारोह में समिति के उपाध्यक्ष नेमाराम डूकिया तथा निदेशक माणक चंद पाराशर, रामसुख लामरोड़, रामचंद्र सिंदड़, छोटूराम लामरोड़, रामनिवास बेड़ा, चेनाराम माकड़ और धनराज बिस्सु ने भी अपने विचार व्यक्त किए और सहकारिता आंदोलन को मजबूत बनाने का संकल्प लिया। किसानों ने इस नई सहकारी समिति की स्थापना पर राज्य सरकार और अपने जनप्रतिनिधियों का आभार प्रकट किया। समारोह में नेमाराम छाबा, पुखाराम, देवाराम, रामनिवास डूकिया, बुधराम भींचर, रामरतन तेतरवाल, चेनाराम लामरोड़ सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित थे।
रियांबड़ी उपखंड मुख्यालय पर एक नवीन क्रय-विक्रय सहकारी समिति की स्थापना के उपलक्ष्य में गुरुवार को झड़ाऊँ कलाँ गांव में किसान सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में किसानों ने मेड़ता विधायक लक्ष्मण राम कलरू, समिति के चेयरमैन राजू डाँगा और संचालक मंडल के निदेशकों का स्वागत किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक लक्ष्मण राम कलरू ने कहा कि यह नई क्रय-विक्रय सहकारी समिति क्षेत्र के किसानों के लिए अत्यंत लाभकारी साबित होगी। उन्होंने बताया कि समिति के माध्यम से किसानों को समय पर खाद, उन्नत बीज, कृषि ऋण और अन्य आवश्यक कृषि सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, जिससे उनकी खेती-किसानी को मजबूती मिलेगी। विधायक ने किसानों से नेफैड, नाबार्ड और इफको की विभिन्न योजनाओं का लाभ उठाने का आह्वान भी किया। समिति के चेयरमैन राजू डाँगा ने किसानों को आश्वासन दिया कि संचालक मंडल उनके हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देगा। उन्होंने कहा कि समिति के माध्यम से सभी योजनाओं का लाभ पात्र किसानों तक पूरी पारदर्शिता के साथ पहुंचाया जाएगा। डाँगा ने कृषि क्षेत्र के विकास और काश्तकारों की सुविधाओं के विस्तार के लिए निरंतर कार्य करने की अपनी प्रतिबद्धता भी दोहराई। इस समारोह में समिति के उपाध्यक्ष नेमाराम डूकिया तथा निदेशक माणक चंद पाराशर, रामसुख लामरोड़, रामचंद्र सिंदड़, छोटूराम लामरोड़, रामनिवास बेड़ा, चेनाराम माकड़ और धनराज बिस्सु ने भी अपने विचार व्यक्त किए और सहकारिता आंदोलन को मजबूत बनाने का संकल्प लिया। किसानों ने इस नई सहकारी समिति की स्थापना पर राज्य सरकार और अपने जनप्रतिनिधियों का आभार प्रकट किया। समारोह में नेमाराम छाबा, पुखाराम, देवाराम, रामनिवास डूकिया, बुधराम भींचर, रामरतन तेतरवाल, चेनाराम लामरोड़ सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित थे।
- प्रभारी सचिव नीरज के पवन और विधायक प्रतिनिधि कैलाश जी लांबा ने दांतडा कैंप का निरीक्षण किया। इस दौरान दांतडा और बुधवाड़ा के ग्रामीणों ने सरकार द्वारा तैयार किए गए सेटलमेंट के नए नक्शों और जमाबंदी के खिलाफ अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया। ग्रामीणों ने इन नई व्यवस्थाओं पर आपत्ति जताते हुए मांग की कि किसानों की समस्याओं का समाधान करने के लिए पूरी प्रक्रिया को नए सिरे से किया जाए।1
- अजमेर स्थित जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में अंगदान के प्रति जन जागरण अभियान के तहत कॉलेज के 2024 बैच के 134 विद्यार्थियों ने पिछले तीन दिनों में ऑनलाइन शपथ पत्र भरकर अपने सामाजिक कर्तव्यों का निर्वहन किया है। कॉलेज के प्राचार्य डॉ. अनिल सामरिया ने बताया कि इस अभियान में डॉ. महेश मेहता का विशेष योगदान रहा है। इस अभियान को गति देने के लिए संस्थान में पोस्टर बनाने, स्लोगन लिखने और रील बनाने जैसी विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जा रहा है, जिनमें विद्यार्थी उत्साह के साथ भाग ले रहे हैं। राज्य सरकार और जिलाधीश के निर्देशों के अनुसार, डॉ. अनिल सामरिया ने मेडिकल कॉलेज से संबंधित सभी संस्थानों में अंगदान के लिए विशेष कार्यशालाएं आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही, सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को ऑनलाइन प्रतिज्ञा पत्र भरने और इस अभियान को जन-जन तक पहुँचाने के लिए प्रेरित किया गया है।1
- अजमेर के गंज थाना पुलिस ने गुरुवार देर रात थाना क्षेत्र में रूट मार्च निकाला। इस कवायद का मुख्य उद्देश्य अपराधियों के बीच खौफ पैदा करना और कानून व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाना था। पुलिस अधिकारियों और जवानों ने संवेदनशील इलाकों में पैदल गश्त करते हुए आम नागरिकों को सुरक्षा का भरोसा दिलाया। इस दौरान पुलिस ने असामाजिक तत्वों को सख्त चेतावनी दी कि कानून तोड़ने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। साथ ही, आमजन से अपील की गई कि वे शांति व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि एक अपराध मुक्त समाज का निर्माण किया जा सके।1
- Post by H.R.Gurjar1
- ब्यावर के राजकीय अमृतकौर चिकित्सालय में मानवता और सेवा की एक मिसाल देखने को मिली, जहाँ वीर हिन्दू आर्मी के कार्यकर्ताओं ने समय पर रक्तदान कर एक महिला मरीज की जान बचाई। अस्पताल के फीमेल मेडिकल वार्ड में भर्ती सोनिका जांगिड़ को तत्काल A+ ब्लड की आवश्यकता थी, लेकिन ब्लड बैंक में रक्त उपलब्ध नहीं होने के कारण उनके परिजन काफी चिंतित और असहाय थे। परिजनों ने इस संकट की घड़ी में वीर हिन्दू आर्मी के संस्थापक पंकज वर्मा से संपर्क किया। सूचना मिलने के तुरंत बाद पंकज वर्मा अस्पताल पहुँचे और वीर हिन्दू आर्मी के कार्यकर्ता गौरव सेन को फोन किया। गौरव सेन, जिनका ब्लड ग्रुप भी A+ था, ने एक ही कॉल पर अस्पताल पहुँचकर स्वेच्छा से रक्तदान किया। इस अवसर पर पंकज वर्मा ने कहा कि रक्तदान ही महादान है और मानवता से बड़ा कोई धर्म नहीं है। वीर हिन्दू आर्मी ने युवाओं से नियमित रक्तदान करने की अपील की है ताकि किसी की जिंदगी बचाने में मदद की जा सके।1
- राजस्थान के अजमेर में रीको के सीनियर डिप्टी जनरल मैनेजर अंजय विश्वकर्मा को 50,000 रुपये और ब्यावर स्थित रीको की उप इकाई के कनिष्ठ सहायक कमलेश गुर्जर को 35,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया है। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने जयपुर मुख्यालय के निर्देशों पर यह बड़ी कार्रवाई की है। एसीबी के महानिदेशक गोविन्द गुप्ता ने बताया कि परिवादी को औद्योगिक क्षेत्र संस्थान ब्यावर में आवंटित औद्योगिक भूखण्ड की लीजडीड और उत्पाद परिवर्तन के काम के बदले ये रिश्वत मांगी गई थी। मामले में आरोपी कमलेश गुर्जर पुत्र पूसाराम गुर्जर (26), निवासी भाटीपुरा, जिला डिडवाना-कुचामन, को 35,000 रुपये लेते हुए पकड़ा गया, जबकि अंजय विश्वकर्मा को 50,000 रुपये की रिश्वत राशि के साथ दबोचा गया। यह पूरी कार्रवाई एसीबी के उप महानिरीक्षक-द्वितीय ओमप्रकाश मीणा के सुपरवीजन में जयपुर नगर चतुर्थ इकाई के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार गुप्ता और ज्ञान प्रकाश नवल के नेतृत्व में संपन्न हुई। एसीबी के महानिदेशक गोविन्द गुप्ता, अतिरिक्त महानिदेशक स्मिता श्रीवास्तव और महानिरीक्षक एस. परिमला के मार्गदर्शन में आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। ब्यूरो ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया है और मामले में आगे की अनुसंधान प्रक्रिया जारी है।1
- अजमेर नगर निगम के सफाई कर्मचारियों की हड़ताल आज तीसरे दिन भी जारी रही। प्रशासन के साथ कर्मचारियों की हुई वार्ता बेनतीजा रहने के बाद आक्रोशित कर्मचारियों ने शहर के प्रमुख बाजारों में रैली निकाली। इस प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने व्यापारियों को गुलाब के फूल भेंट कर अपनी हड़ताल के लिए समर्थन की अपील की। हड़ताल के लगातार तीसरे दिन भी जारी रहने का सीधा असर शहर की सफाई व्यवस्था पर पड़ा है। शहर के कई वार्डों में कचरे के ढेर लग गए हैं, जिससे आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वर्तमान में शहरवासियों की नजरें अब प्रशासन और सफाई कर्मचारी संघ के बीच होने वाली अगली वार्ता पर टिकी हैं।1
- अजमेर के एक राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में उस समय अफरा-तफरी मच गई जब प्रार्थना सभा के बाद एक विद्यार्थी के स्कूल बैग के पीछे विषैला कोबरा पाया गया। स्कूल स्टाफ की सतर्कता के कारण समय रहते सांप पर नजर पड़ गई, जिससे एक बड़ा हादसा होने से टल गया। विद्यार्थियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए विद्यालय की सभी कक्षाओं को तत्काल खाली करवा दिया गया और बच्चों को स्कूल मैदान में एक सुरक्षित स्थान पर बैठाया गया। सूचना मिलने पर स्नेक कैचर हेमराज मेघवाल मौके पर पहुंचे और उन्होंने सुरक्षित तरीके से कोबरा का रेस्क्यू किया, जिसे बाद में उसके प्राकृतिक आवास में छोड़ दिया गया। प्रधानाचार्य डॉ. मनीषा पारीक ने इस घटना के दौरान स्टाफ की सूझबूझ और त्वरित कार्रवाई की सराहना की है।3
- फिरोजाबाद में डेढ़ साल के मासूम की बेरहमी से हत्या करने वाले आरोपी को फास्ट ट्रैक कोर्ट ने घटना के महज 41 दिन के भीतर फांसी की सजा सुनाई है। जांच के दौरान यह खुलासा हुआ कि आरोपी बच्चे की मां से एकतरफा प्यार करता था और उसने मासूम को अपनी शादी की राह में बाधा मानते हुए इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया था। घटना के तुरंत बाद आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था। इस मामले की तेज सुनवाई करते हुए कोर्ट ने फांसी का फैसला सुनाया है, जिसे पीड़ित परिवार के लिए न्याय की एक बड़ी जीत के रूप में देखा जा रहा है।1