किसान संघर्ष समिति द्वारा आयोजित 343वीं ऑनलाइन किसान पंचायत संपन्न हुई, जिसकी अध्यक्षता राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक डॉ. सुनीलम ने की। बैतूल के मुल्ताई क्षेत्र से जुड़े इस कार्यक्रम में विभिन्न राज्यों के किसान नेताओं ने हिस्सा लिया और भारत-अमेरिका ट्रेड डील (मुक्त व्यापार समझौते) का पुरजोर विरोध करते हुए इसके खिलाफ आर-पार के संघर्ष का ऐलान किया। पंचायत में किसानों को एमएसपी (C2+50%) पर खरीद की कानूनी गारंटी देने, संपूर्ण कर्जमुक्ति और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग सहित कई समसामयिक मुद्दों पर चर्चा की गई। इस पंचायत में आगामी आंदोलनों की पूरी रूपरेखा तय की गई है। इसके तहत 22 जुलाई को देश भर में "एफटीए विरोधी किसान संकल्प दिवस" मनाया जाएगा। इसके बाद 28 जुलाई को नई दिल्ली में संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) का अखिल भारतीय सम्मेलन और 29 जुलाई को एसकेएम–सीटीयू का राष्ट्रीय मजदूर–किसान सम्मेलन आयोजित होगा। वहीं, 'भारत छोड़ो आंदोलन' की स्मृति में 10 अगस्त को 'जेल भरो आंदोलन' करने का निर्णय लिया गया है। इसके साथ ही, जंतर-मंतर पर पिछले 14 दिनों से अनशन पर बैठे पर्यावरणविद सोनम वांगचुक और छात्रों के आंदोलन को भी पूरा समर्थन दिया गया। किसान पंचायत को संबोधित करते हुए डॉ. सुनीलम ने चेतावनी दी कि मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) देश के किसानों पर तीन कृषि कानूनों से भी बड़ा हमला है। उन्होंने कहा कि जिस तरह 380 दिनों तक चले आंदोलन में 750 किसानों की कुर्बानी देकर सरकार को कानून वापस लेने पर मजबूर किया गया था, उसी तर्ज पर इस ट्रेड डील को भी रद्द कराया जाएगा। अखिल भारतीय किसान सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजन क्षीरसागर ने आरोप लगाया कि अमेरिका अपने किसानों को भारी सब्सिडी देता है, जबकि भारत में एमएसपी न मिलने से किसानों को हर साल करीब ₹3 लाख करोड़ का नुकसान होता है और वे खुदकुशी के लिए मजबूर हैं। उन्होंने कहा कि चंद पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाने के लिए देश के किसानों की बलि दी जा रही है। इसके अलावा, हरियाणा के इंद्रजीत सिंह ने समझौते से जीएम बीजों के प्रसार और स्वास्थ्य-पर्यावरण को खतरे की बात कही, जबकि अलीगढ़ के शशिकांत ने इससे छोटे उद्योगों के बर्बाद होने की आशंका जताई। जोगिंदर सिंह नैन ने केंद्र सरकार पर हरियाणा और राजस्थान के किसानों को पानी के मुद्दे पर आपस में लड़ाने का आरोप लगाया। छत्तीसगढ़ के तेजराम विद्रोही, एड. शिवसिंह और हरजिंदर सिंह सहित कई नेताओं ने भी विचार रखे। इस पूरी किसान पंचायत का सीधा प्रसारण बहुजन संवाद के यूट्यूब चैनल और फेसबुक पेज पर किया गया।
किसान संघर्ष समिति द्वारा आयोजित 343वीं ऑनलाइन किसान पंचायत संपन्न हुई, जिसकी अध्यक्षता राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक डॉ. सुनीलम ने की। बैतूल के मुल्ताई क्षेत्र से जुड़े इस कार्यक्रम में विभिन्न राज्यों के किसान नेताओं ने हिस्सा लिया और भारत-अमेरिका ट्रेड डील (मुक्त व्यापार समझौते) का पुरजोर विरोध करते हुए इसके खिलाफ आर-पार के संघर्ष का ऐलान किया। पंचायत में किसानों को एमएसपी (C2+50%) पर खरीद की कानूनी गारंटी देने, संपूर्ण कर्जमुक्ति और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग सहित कई समसामयिक मुद्दों पर चर्चा की गई। इस पंचायत में आगामी आंदोलनों की पूरी रूपरेखा तय की गई है। इसके तहत 22 जुलाई को देश भर में "एफटीए विरोधी किसान संकल्प दिवस" मनाया जाएगा। इसके बाद 28 जुलाई को नई दिल्ली में संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) का अखिल भारतीय सम्मेलन और 29 जुलाई को एसकेएम–सीटीयू का राष्ट्रीय मजदूर–किसान सम्मेलन आयोजित होगा। वहीं, 'भारत छोड़ो आंदोलन' की स्मृति में 10 अगस्त को 'जेल भरो आंदोलन' करने का निर्णय लिया गया है। इसके साथ ही, जंतर-मंतर पर पिछले 14 दिनों से अनशन पर बैठे पर्यावरणविद सोनम वांगचुक और छात्रों के आंदोलन को भी पूरा समर्थन दिया गया। किसान पंचायत को संबोधित करते हुए डॉ. सुनीलम ने चेतावनी दी कि मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) देश के किसानों पर तीन कृषि कानूनों से भी बड़ा हमला है। उन्होंने कहा कि जिस तरह 380 दिनों तक चले आंदोलन में 750 किसानों की कुर्बानी देकर सरकार को कानून वापस लेने पर मजबूर किया गया था, उसी तर्ज पर इस ट्रेड डील को भी रद्द कराया जाएगा। अखिल भारतीय किसान सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजन क्षीरसागर ने आरोप लगाया कि अमेरिका अपने किसानों को भारी सब्सिडी देता है, जबकि भारत में एमएसपी न मिलने से किसानों को हर साल करीब ₹3 लाख करोड़ का नुकसान होता है और वे खुदकुशी के लिए मजबूर हैं। उन्होंने कहा कि चंद पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाने के लिए देश के किसानों की बलि दी जा रही है। इसके अलावा, हरियाणा के इंद्रजीत सिंह ने समझौते से जीएम बीजों के प्रसार और स्वास्थ्य-पर्यावरण को खतरे की बात कही, जबकि अलीगढ़ के शशिकांत ने इससे छोटे उद्योगों के बर्बाद होने की आशंका जताई। जोगिंदर सिंह नैन ने केंद्र सरकार पर हरियाणा और राजस्थान के किसानों को पानी के मुद्दे पर आपस में लड़ाने का आरोप लगाया। छत्तीसगढ़ के तेजराम विद्रोही, एड. शिवसिंह और हरजिंदर सिंह सहित कई नेताओं ने भी विचार रखे। इस पूरी किसान पंचायत का सीधा प्रसारण बहुजन संवाद के यूट्यूब चैनल और फेसबुक पेज पर किया गया।
- मध्य प्रदेश के बैतूल पुलिस कंट्रोल रूम में 'सेफ क्लिक-2.0' साइबर सुरक्षा जनजागरूकता अभियान के तहत एक गरिमामयी सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। पुलिस मुख्यालय, मध्य प्रदेश के निर्देशन में संचालित इस अभियान को जन-जन तक पहुँचाने में अपना महत्वपूर्ण योगदान देने वाले स्कूली विद्यार्थियों, चित्रकला प्रतियोगिता के प्रतिभागियों, सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स, कंटेंट क्रिएटर्स, डिजिटल वॉलंटियर्स, मीडिया प्रतिनिधियों और अन्य सहयोगियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन के मुख्य आतिथ्य में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बैतूल कमलेश खरपुसे, एसडीओपी बैतूल अन्नपूर्णा सिरसाम, डीएसपी (अजाक) शैफा हाशमी, रक्षित निरीक्षक दिनेश मार्सकोले, सूबेदार नवीन सोनकर, साइबर सेल प्रभारी उप निरीक्षक अश्विनी चौधरी एवं साइबर सेल की टीम उपस्थित रही। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन ने अभियान में उल्लेखनीय योगदान देने वाले सभी प्रतिभागियों को प्रशस्ति पत्र सौंपे। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि 'सेफ क्लिक-2.0' ने यह सिद्ध किया है कि जब पुलिस और समाज साथ मिलकर कार्य करते हैं, तो जागरूकता एक जनआंदोलन का रूप ले लेती है। उन्होंने साइबर अपराधों की रोकथाम में प्रत्येक जागरूक नागरिक की भूमिका को अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए भविष्य में भी इसी प्रकार जनजागरूकता फैलाने का आह्वान किया। समारोह के दौरान इस अभियान की प्रमुख उपलब्धियों को भी रेखांकित किया गया। इसके तहत बैतूल जिले के सभी थाना एवं चौकी क्षेत्रों के स्कूलों, कॉलेजों, बैंकों, सरकारी कार्यालयों, ग्राम पंचायतों और बाजारों जैसे सार्वजनिक स्थलों पर विभिन्न नवाचारों के जरिए साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए थे। साइबर सेफ्टी वाक, साइबर क्विज, चित्रकला प्रतियोगिता, साइबर सुरक्षा शपथ, प्रदर्शनी, जनसंवाद, रैलियों और सोशल मीडिया अभियान के माध्यम से लाखों लोगों तक साइबर सुरक्षा का संदेश पहुँचाया गया। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने सुरक्षित डिजिटल समाज के निर्माण और साइबर सुरक्षा का संदेश जन-जन तक पहुँचाने का संकल्प लिया। जिला पुलिस बैतूल ने इसके माध्यम से संदेश दिया है कि साइबर सुरक्षा एक साझा जिम्मेदारी है, इसलिए हमेशा 'सोचें, समझें, फिर क्लिक करें'।1
- बैतूल के आमला नगर स्थित शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में पेयजल का गंभीर संकट खड़ा हो गया है, जिससे सरकारी स्कूलों में बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने के प्रदेश सरकार के दावों की पोल खुल रही है। विद्यालय में पिछले कई महीनों से पानी की भारी किल्लत बनी हुई है, जिसके कारण अपनी प्यास बुझाने के लिए सैकड़ों छात्राओं को स्कूल परिसर से बाहर जाकर सार्वजनिक नलों और हैंडपंपों से पानी भरने को मजबूर होना पड़ रहा है। विद्यालय में पहले नगर पालिका द्वारा 24 घंटे जलापूर्ति वाला नल कनेक्शन दिया गया था, लेकिन नगर पालिका ने उसे काट दिया। स्कूल की प्राचार्य प्रमिला सावले के अनुसार, जल कनेक्शन बहाल करने के लिए 28 जनवरी 2026 को नगर पालिका को लिखित आवेदन दिया गया था, लेकिन करीब छह महीने बीतने के बाद भी इस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। अधिकारियों के चक्कर काटने के बाद भी समस्या जस की तस बनी रही और शुक्रवार को भी कई छात्राएं स्कूल के सामने लगे सार्वजनिक नल से बोतलों व बाल्टियों में पानी भरकर ले जाती देखी गईं। समस्या के समाधान के लिए अंततः जनसुनवाई में भी आवेदन देकर प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग की गई है। दूसरी ओर, नगर पालिका के जल प्रभारी अरुण पवार का तर्क है कि विद्यालय को जलावर्धन योजना से कनेक्शन दिया गया है, जिसमें तीन-चार दिन में केवल एक बार पानी की आपूर्ति होती है। उन्होंने स्कूल प्रबंधन को इसी व्यवस्था से काम चलाने या फिर अपना वैकल्पिक इंतजाम स्वयं करने की बात कही है। इस पूरे मामले पर पक्ष जानने के लिए जब नगर पालिका के मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ) नितिन बिंजवे से फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, तो उन्होंने कॉल रिसीव नहीं किया। इस पेयजल संकट को लेकर अब प्रशासनिक अधिकारी हरकत में आए हैं। ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (बीईओ) धीरेंद्र साहू ने बताया कि वे नगर पालिका से बात कर रहे हैं और सोमवार तक विद्यालय में पानी की व्यवस्था कराने का प्रयास किया जाएगा। वहीं, एसडीएम शैलेंद्र बड़ोनिया ने नगर पालिका के सीएमओ को कड़े निर्देश दिए हैं कि विद्यालय में पुनः 24 घंटे वाला जल कनेक्शन लगाया जाए, ताकि छात्राओं को किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।2
- मध्य प्रदेश के बैतूल जिले के आमला रेलवे स्टेशन पर 'ऑपरेशन हमदर्द' के तहत जीआरपी ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। आमला जीआरपी ने तत्परता दिखाते हुए 8 साल से लापता एक बुजुर्ग व्यक्ति को उनके परिजनों से मिलवाया है। रेलवे स्टेशन पर लावारिस हालत में मिले यह 50 वर्षीय व्यक्ति बिहार के निवासी हैं। जीआरपी की तत्परता के कारण ही सालों से बिछड़े इस व्यक्ति का अपने परिवार से दोबारा मिलन संभव हो पाया है।1
- बैतूल के एक छोटे व्यवसायी अनिल यादव ने अपनी छोटी सी दुकान से निकलकर 'लाडो अभियान' के जरिए एक ऐसा सामाजिक आंदोलन खड़ा किया है जो बेटियों को उनके घरों में असली पहचान दिला रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ', स्वच्छ भारत मिशन और डिजिटल इंडिया के संकल्पों से प्रेरित होकर वर्ष 2015 में शुरू हुआ यह अभियान अब देश के 28 राज्यों के साथ-साथ अमेरिका, लंदन और दुबई तक अपनी पहचान बना चुका है। इस अभियान के तहत घरों के मुख्य द्वार पर बेटी के नाम की नेम प्लेट लगाई जाती है, जिससे यह संदेश जाता है कि बेटियां भी घर की बराबर की पहचान हैं। लाडो फाउंडेशन के संस्थापक अनिल यादव ने इस अभियान की शुरुआत 8 नवंबर 2015 को अपनी बेटी आयुषी यादव के जन्मदिन पर की थी। पिछले 10 वर्षों के दौरान उन्होंने लगभग 28 हजार किलोमीटर की यात्रा तय कर 3,960 घरों के दरवाजों पर बेटियों के नाम की नेम प्लेट लगवाई है। इसके अलावा, उन्होंने सैकड़ों बेटियों का सम्मानपूर्वक प्रथम गृह प्रवेश भी कराया है। अनिल यादव का मानना है कि जब घर के दरवाजे पर सम्मान के साथ बेटी का नाम लिखा जाता है, तो यह पूरे समाज को संदेश देता है कि बेटियां किसी से कम नहीं हैं। इसी सिलसिले में रविवार को लाडो फाउंडेशन की टीम विनोबा वार्ड पहुंची, जहां उन्होंने अमित दियावार और कविता दियावार की पुत्री प्रलब्धि के नाम की नेम प्लेट का विधिवत पूजन कर उसे घर के मुख्य द्वार पर स्थापित किया। इस भावुक अवसर पर प्रलब्धि के दादा श्रीराम दियावार ने इसे बेटियों के सम्मान और समान अधिकार का प्रतीक बताते हुए बेहद प्रेरणादायक प्रयास कहा। लाडो फाउंडेशन का संकल्प है कि आने वाले समय में हर घर के दरवाजे पर बेटी का नाम सम्मान के साथ अंकित हो और 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' केवल एक सरकारी नारा नहीं, बल्कि हर परिवार की संस्कृति बन जाए।4
- मनोहर अग्रवाल की रिपोर्ट के अनुसार, बैतूल के खेड़ीसावलीगढ़ में दादाजी धूनीवाले की रथयात्रा पहुंची है। इस रथयात्रा के यहाँ पहुँचने पर उपस्थित भक्तों ने यात्रियों का आदरपूर्वक स्वागत किया।1
- बैतूल जिले के आठनेर विकासखण्ड क्षेत्र की ग्राम अम्बाड़ा पंचायत के अंतर्गत आने वाले ग्राम मोरम ढाना में ग्रामीण लंबे समय से पानी, सड़क और बिजली की समस्या से परेशान हैं। करीब 50 मकानों वाले इस गांव में आज भी कई मूलभूत सुविधाओं का अभाव बना हुआ है। ग्रामीणों ने अपनी इन समस्याओं को लेकर बैतूल जिले के सांसद को भी ज्ञापन दिया था, लेकिन इसके बावजूद अभी तक इसका कोई स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। गांव की सड़क खराब होने की वजह से यहां आवागमन में भारी परेशानी होती है और कच्चे रास्ते के कारण आपातकालीन स्थिति में एम्बुलेंस तक गांव नहीं पहुंच पाती है। इसी बदहाल कच्चे रास्ते से होकर माध्यमिक शाला के बच्चे पढ़ाई के लिए दूसरे गांव जाने को मजबूर हैं। इसके साथ ही, गांव में नल-जल योजना न होने से ग्रामीणों को रोजाना पानी और बिजली की भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। परेशान ग्रामीणों ने अब जिला कलेक्टर और जनप्रतिनिधियों से मिलकर अपनी समस्याओं के निराकरण की बात कही है। मोरम ढाना के निवासियों ने शासन और प्रशासन से गांव में पक्की सड़क बनवाने और पेयजल की समुचित व्यवस्था कराने की मांग की है।1
- मध्य प्रदेश के दतिया उप चुनाव में नरोत्तम मिश्रा ने अपनी बात रखी है। उन्होंने इस उप चुनाव को लेकर अपना बयान दिया है।1
- बैतूल के मुलताई में मासोद रोड स्थित प्रसिद्ध श्याम की हवेली मंदिर को शनिवार देर रात अज्ञात चोरों ने निशाना बनाया। चोरों ने मंदिर में रखे दानपात्रों को तोड़ दिया और उनमें रखी नकद राशि लेकर फरार हो गए। रविवार सुबह जब मंदिर खुला, तो पुजारियों और श्रद्धालुओं को इस चोरी की घटना की जानकारी मिली। घटना की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर पहुंच गए, जहां चोरी को लेकर लोगों में भारी आक्रोश देखा गया और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की गई। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी विकास पटेल सहित पुलिस टीम मौके पर पहुंची। जांच के लिए डॉग स्क्वॉड एवं फिंगरप्रिंट एक्सपर्ट को भी बुलाया गया, जिन्होंने घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य एकत्रित किए। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। इस मामले में पुलिस ने अपराध दर्ज कर गंभीरता से जांच शुरू कर दी है और विश्वास जताया है कि जल्द ही चोरी का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।1