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डिंडौरी जिले के अमरपुर विकासखंड के केवलारी ग्राम में इन दिनों संत श्री श्री 1008 त्यागी बालक दास जी महाराज मानव कल्याण और विश्व शांति के उद्देश्य से कठोर अग्नि तप में लीन हैं। भीषण गर्मी और चिलचिलाती धूप के बावजूद, जब जिले का तापमान 42 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुँच चुका है, उनकी यह साधना लोगों को आश्चर्यचकित कर रही है। महाराज प्रतिवर्ष बसंत पंचमी से गंगा दशहरा तक यह अग्नि तप करते हैं, जिसमें वे अग्नि के चारों ओर बैठकर साधना करते हैं। जानकारी के अनुसार, त्यागी बालक दास जी महाराज पिछले लगभग 20 वर्षों से निराहार रहकर तपस्या कर रहे हैं और मौन व्रत धारण किए हुए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि इतनी भीषण गर्मी में ऐसी तपस्या करना सामान्य व्यक्ति के लिए संभव नहीं है, जिससे यह श्रद्धालुओं के लिए गहरी आस्था का विषय बन गया है। त्याग और तपस्या के साथ-साथ, महाराज सेवा कार्यों में भी निरंतर जुटे रहते हैं। उनके आश्रम में प्रतिदिन लगभग 100 से 200 लोगों को भोजन कराया जाता है। केवलारी आश्रम में धार्मिक आयोजनों और पर्वों के दौरान दूर-दूर से श्रद्धालु महाराज के दर्शन करने और आशीर्वाद प्राप्त करने पहुँचते हैं, जहाँ विशाल भंडारे का आयोजन भी किया जाता है। कठोर तप, सेवा और मानव कल्याण की भावना से जुड़ी यह अद्भुत साधना पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है।

8 hrs ago
user_Pradeep singh Rajput
Pradeep singh Rajput
डिंडोरी, डिंडोरी, मध्य प्रदेश•
8 hrs ago

डिंडौरी जिले के अमरपुर विकासखंड के केवलारी ग्राम में इन दिनों संत श्री श्री 1008 त्यागी बालक दास जी महाराज मानव कल्याण और विश्व शांति के उद्देश्य से कठोर अग्नि तप में लीन हैं। भीषण गर्मी और चिलचिलाती धूप के बावजूद, जब जिले का तापमान 42 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुँच चुका है, उनकी यह साधना लोगों को आश्चर्यचकित कर रही है। महाराज प्रतिवर्ष बसंत पंचमी से गंगा दशहरा तक यह अग्नि तप करते हैं, जिसमें वे अग्नि के चारों ओर बैठकर साधना करते हैं। जानकारी के अनुसार, त्यागी बालक दास जी महाराज पिछले लगभग 20 वर्षों से निराहार रहकर तपस्या कर रहे हैं और मौन व्रत धारण किए हुए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि इतनी भीषण गर्मी में ऐसी तपस्या करना सामान्य व्यक्ति के लिए संभव नहीं है, जिससे यह श्रद्धालुओं के लिए गहरी आस्था का विषय बन गया है। त्याग और तपस्या के साथ-साथ, महाराज सेवा कार्यों में भी निरंतर जुटे रहते हैं। उनके आश्रम में प्रतिदिन लगभग 100 से 200 लोगों को भोजन कराया जाता है। केवलारी आश्रम में धार्मिक आयोजनों और पर्वों के दौरान दूर-दूर से श्रद्धालु महाराज के दर्शन करने और आशीर्वाद प्राप्त करने पहुँचते हैं, जहाँ विशाल भंडारे का आयोजन भी किया जाता है। कठोर तप, सेवा और मानव कल्याण की भावना से जुड़ी यह अद्भुत साधना पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है।

More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
  • डिंडोरी में एसडीएम राम बाबू देवआंगन ने अतिक्रमण और अनाधिकृत निर्माण कार्यों को लेकर कड़ी चेतावनी जारी की है, जिसमें उन्होंने स्पष्ट किया कि जो भी व्यवस्था को भंग करेगा, उसे सीधे जेल भेजा जाएगा। यह चेतावनी विशेष रूप से बस स्टैंड और नर्मदा तट के आसपास मनमाने ढंग से हो रहे निर्माण कार्यों, जैसे बिना अनुमति के दर्जनो मंदिर निर्माण या अन्य निर्माण कार्यों के संदर्भ में दी गई है। एसडीएम देवआंगन ने निर्देश दिया है कि अब तक जो भी निर्माण कार्य किए जा रहे हैं, उन्हें एक ही स्थान पर लाइन में लगाकर अपनी भक्ति भाव और आस्था को आश्रम तक सीमित रखा जाए। उन्होंने लोगों से जिला प्रशासन के सहयोगी बनकर योगदान देने की अपील की, अन्यथा कड़ी कार्यवाही की जाएगी। उन्होंने अपनी बात दोहराते हुए कहा कि जो व्यवस्था बिगाड़ेगा, उसे जेल भेजा जाएगा।
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    डिंडोरी में एसडीएम राम बाबू देवआंगन ने अतिक्रमण और अनाधिकृत निर्माण कार्यों को लेकर कड़ी चेतावनी जारी की है, जिसमें उन्होंने स्पष्ट किया कि जो भी व्यवस्था को भंग करेगा, उसे सीधे जेल भेजा जाएगा। यह चेतावनी विशेष रूप से बस स्टैंड और नर्मदा तट के आसपास मनमाने ढंग से हो रहे निर्माण कार्यों, जैसे बिना अनुमति के दर्जनो मंदिर निर्माण या अन्य निर्माण कार्यों के संदर्भ में दी गई है।

एसडीएम देवआंगन ने निर्देश दिया है कि अब तक जो भी निर्माण कार्य किए जा रहे हैं, उन्हें एक ही स्थान पर लाइन में लगाकर अपनी भक्ति भाव और आस्था को आश्रम तक सीमित रखा जाए। उन्होंने लोगों से जिला प्रशासन के सहयोगी बनकर योगदान देने की अपील की, अन्यथा कड़ी कार्यवाही की जाएगी। उन्होंने अपनी बात दोहराते हुए कहा कि जो व्यवस्था बिगाड़ेगा, उसे जेल भेजा जाएगा।
    user_Santosh Ahirwar
    Santosh Ahirwar
    Voice of people डिंडोरी, डिंडोरी, मध्य प्रदेश•
    18 hrs ago
  • शहडोल जिले में शराब कारोबार को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं, जहाँ शराब की दुकानें निर्धारित समय के बाद भी रात लगभग 1:30 बजे तक खुली रहने और खुलेआम बिक्री के आरोपों के बीच अब प्रिंट रेट से अधिक कीमत वसूलने का मामला भी सामने आया है। शहर के शिव मंदिर के पास कमिश्नर बंगला रोड स्थित एक शराब दुकान का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें ग्राहकों से शराब की बोतलों पर अंकित कीमत से ज्यादा रकम लेने के आरोप लगाए गए हैं। इस पूरे प्रकरण ने आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली और शराब ठेकेदारों को मिल रहे कथित संरक्षण पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा दिए हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि जिले में शराब की दुकानों पर नियमों का खुलेआम उल्लंघन किया जा रहा है, लेकिन आबकारी विभाग कार्रवाई करने के बजाय मूकदर्शक बना हुआ है। उनका कहना है कि देर रात तक शराब की बिक्री और प्रिंट रेट से अधिक पैसे वसूलना कोई नई बात नहीं है, बल्कि यह खेल लंबे समय से चल रहा है। आरोप है कि आबकारी अधिकारी सावित्री भगत और शराब ठेकेदार प्रिंस राय की कथित मिलीभगत के चलते नियम सिर्फ कागजों तक ही सीमित होकर रह गए हैं। वायरल वीडियो में ग्राहक कथित तौर पर शराब खरीदते समय निर्धारित मूल्य से अधिक पैसे लिए जाने की बात कहते दिख रहे हैं, जिसके सामने आने के बाद आम लोगों में खासी नाराजगी बढ़ गई है। क्षेत्रवासियों का स्पष्ट आरोप है कि बिना विभागीय संरक्षण के शराब दुकानों में इस तरह की मनमानी संभव ही नहीं है, और देर रात शराब बिक्री से लेकर ओवररेटिंग तक का पूरा खेल अधिकारियों व ठेकेदारों की सांठगांठ से संचालित हो रहा है। इस अनियमितता के कारण क्षेत्र में असामाजिक गतिविधियां बढ़ रही हैं, जैसे नशे में विवाद, गाली-गलौज और मारपीट, जिससे स्थानीय नागरिकों में भय और आक्रोश का माहौल है। सामाजिक संगठनों और स्थानीय नागरिकों ने जिला प्रशासन से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। उन्होंने कहा है कि वायरल वीडियो की जांच कर यह पता लगाया जाए कि ग्राहकों से कितनी अधिक वसूली की जा रही थी और इसके पीछे कौन-कौन जिम्मेदार हैं। साथ ही, देर रात शराब बिक्री कराने वाले ठेकेदारों और संबंधित अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की भी मांग की गई है। अब जिले में यह बड़ा सवाल उठ रहा है कि आखिर शराब कारोबारियों को किसका संरक्षण प्राप्त है, जिसके दम पर नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। यह देखना होगा कि क्या आबकारी विभाग इस मामले में निष्पक्ष कार्रवाई करेगा या शराब कारोबार और विभागीय संरक्षण का यह खेल आगे भी यूं ही चलता रहेगा। फिलहाल, वायरल वीडियो और देर रात शराब बिक्री का यह मामला पूरे जिले में चर्चा का मुख्य विषय बना हुआ है।
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    शहडोल जिले में शराब कारोबार को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं, जहाँ शराब की दुकानें निर्धारित समय के बाद भी रात लगभग 1:30 बजे तक खुली रहने और खुलेआम बिक्री के आरोपों के बीच अब प्रिंट रेट से अधिक कीमत वसूलने का मामला भी सामने आया है। शहर के शिव मंदिर के पास कमिश्नर बंगला रोड स्थित एक शराब दुकान का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें ग्राहकों से शराब की बोतलों पर अंकित कीमत से ज्यादा रकम लेने के आरोप लगाए गए हैं। इस पूरे प्रकरण ने आबकारी विभाग की कार्यप्रणाली और शराब ठेकेदारों को मिल रहे कथित संरक्षण पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा दिए हैं।

स्थानीय लोगों का आरोप है कि जिले में शराब की दुकानों पर नियमों का खुलेआम उल्लंघन किया जा रहा है, लेकिन आबकारी विभाग कार्रवाई करने के बजाय मूकदर्शक बना हुआ है। उनका कहना है कि देर रात तक शराब की बिक्री और प्रिंट रेट से अधिक पैसे वसूलना कोई नई बात नहीं है, बल्कि यह खेल लंबे समय से चल रहा है। आरोप है कि आबकारी अधिकारी सावित्री भगत और शराब ठेकेदार प्रिंस राय की कथित मिलीभगत के चलते नियम सिर्फ कागजों तक ही सीमित होकर रह गए हैं। वायरल वीडियो में ग्राहक कथित तौर पर शराब खरीदते समय निर्धारित मूल्य से अधिक पैसे लिए जाने की बात कहते दिख रहे हैं, जिसके सामने आने के बाद आम लोगों में खासी नाराजगी बढ़ गई है। क्षेत्रवासियों का स्पष्ट आरोप है कि बिना विभागीय संरक्षण के शराब दुकानों में इस तरह की मनमानी संभव ही नहीं है, और देर रात शराब बिक्री से लेकर ओवररेटिंग तक का पूरा खेल अधिकारियों व ठेकेदारों की सांठगांठ से संचालित हो रहा है।

इस अनियमितता के कारण क्षेत्र में असामाजिक गतिविधियां बढ़ रही हैं, जैसे नशे में विवाद, गाली-गलौज और मारपीट, जिससे स्थानीय नागरिकों में भय और आक्रोश का माहौल है। सामाजिक संगठनों और स्थानीय नागरिकों ने जिला प्रशासन से इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। उन्होंने कहा है कि वायरल वीडियो की जांच कर यह पता लगाया जाए कि ग्राहकों से कितनी अधिक वसूली की जा रही थी और इसके पीछे कौन-कौन जिम्मेदार हैं। साथ ही, देर रात शराब बिक्री कराने वाले ठेकेदारों और संबंधित अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की भी मांग की गई है।

अब जिले में यह बड़ा सवाल उठ रहा है कि आखिर शराब कारोबारियों को किसका संरक्षण प्राप्त है, जिसके दम पर नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। यह देखना होगा कि क्या आबकारी विभाग इस मामले में निष्पक्ष कार्रवाई करेगा या शराब कारोबार और विभागीय संरक्षण का यह खेल आगे भी यूं ही चलता रहेगा। फिलहाल, वायरल वीडियो और देर रात शराब बिक्री का यह मामला पूरे जिले में चर्चा का मुख्य विषय बना हुआ है।
    user_सुधीर यादव
    सुधीर यादव
    Local News Reporter सोहागपुर, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    20 hrs ago
  • बुधवार को लगभग 3:15 बजे जिला जनसंपर्क कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भारत को आत्मनिर्भर बनाने के संकल्पों को साकार करने के उद्देश्य से शहडोल जिले में एक महत्वपूर्ण प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया गया है। जनपद पंचायत सोहागपुर अंतर्गत ग्राम छतवई में संचालित संत रविदास हस्तशिल्प एवं हथकरघा विकास निगम द्वारा लगभग 200 लोगों को काष्ठ शिल्प और कालीन बनाने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिससे ये लोग स्वयं का रोजगार स्थापित करने में सक्षम हो सकेंगे।
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    बुधवार को लगभग 3:15 बजे जिला जनसंपर्क कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भारत को आत्मनिर्भर बनाने के संकल्पों को साकार करने के उद्देश्य से शहडोल जिले में एक महत्वपूर्ण प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया गया है। जनपद पंचायत सोहागपुर अंतर्गत ग्राम छतवई में संचालित संत रविदास हस्तशिल्प एवं हथकरघा विकास निगम द्वारा लगभग 200 लोगों को काष्ठ शिल्प और कालीन बनाने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिससे ये लोग स्वयं का रोजगार स्थापित करने में सक्षम हो सकेंगे।
    user_Akhilesh Mishra
    Akhilesh Mishra
    सोहागपुर, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    21 hrs ago
  • मध्य प्रदेश के उमरिया जिले में एक पीड़ित व्यक्ति जनसुनवाई में पहुंचा, जिसने 47 बार गुहार लगाने के बाद भी न्याय नहीं मिलने का दावा किया। अपनी बात रखने के लिए, पीड़ित ने अपने शरीर पर आवेदन पत्र और उनकी पावती चिपका रखी थी।
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    मध्य प्रदेश के उमरिया जिले में एक पीड़ित व्यक्ति जनसुनवाई में पहुंचा, जिसने 47 बार गुहार लगाने के बाद भी न्याय नहीं मिलने का दावा किया। अपनी बात रखने के लिए, पीड़ित ने अपने शरीर पर आवेदन पत्र और उनकी पावती चिपका रखी थी।
    user_JIYAUDDIN ANSARI
    JIYAUDDIN ANSARI
    Voice of people Budar, Shahdol•
    22 hrs ago
  • बम्हनी बंजर पुलिस ने अवैध शराब के खिलाफ एक महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए भारी मात्रा में शराब जब्त की है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, पुलिस ने लगभग 2 लाख 62 हजार रुपये कीमत की अवैध शराब बरामद की है। यह अवैध शराब मोचा क्षेत्र से मंडला की ओर ले जाई जा रही थी। पुलिस ने इस कार्रवाई के दौरान वाहन सहित शराब को अपने कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। हालांकि, इस कार्रवाई के बावजूद पुलिस के व्यवहार पर संदेह व्यक्त किया जा रहा है, क्योंकि इस तरह के मामले लगातार सामने आ रहे हैं।
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    बम्हनी बंजर पुलिस ने अवैध शराब के खिलाफ एक महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए भारी मात्रा में शराब जब्त की है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, पुलिस ने लगभग 2 लाख 62 हजार रुपये कीमत की अवैध शराब बरामद की है।

यह अवैध शराब मोचा क्षेत्र से मंडला की ओर ले जाई जा रही थी। पुलिस ने इस कार्रवाई के दौरान वाहन सहित शराब को अपने कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है।

हालांकि, इस कार्रवाई के बावजूद पुलिस के व्यवहार पर संदेह व्यक्त किया जा रहा है, क्योंकि इस तरह के मामले लगातार सामने आ रहे हैं।
    user_Neelesh THAKUR
    Neelesh THAKUR
    Mandla, Madhya Pradesh•
    1 hr ago
  • डिंडोरी जिले में ईंधन खर्च रोकने और प्रशासनिक कार्यप्रणाली को सुचारु बनाने के उद्देश्य से कलेक्टर ने सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को मुख्यालय में निवास करने के निर्देश दिए थे। हालाँकि, समनापुर ब्लॉक में इन आदेशों का पालन केवल कागजों तक ही सीमित दिखाई दे रहा है, जहाँ कई अधिकारी और कर्मचारी प्रतिदिन जिला मुख्यालय से समनापुर तक आवागमन कर रहे हैं। इस स्थिति से शासन के पेट्रोल-डीजल बचत अभियान पर सवाल खड़े हो रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि कई विभागों के कर्मचारी सुबह देर से कार्यालय पहुंचते हैं और शाम होते ही निकल जाते हैं, जिससे आम लोगों के कार्य समय पर पूरे नहीं हो पाते। सबसे गंभीर आरोप शासकीय वाहनों के दुरुपयोग को लेकर लगाए जा रहे हैं; सूत्रों के अनुसार, कुछ कर्मचारी सरकारी गाड़ियों का इस्तेमाल निजी आवागमन और व्यक्तिगत कार्यों के लिए कर रहे हैं। यदि इन आरोपों की निष्पक्ष जांच होती है, तो शासन को लाखों रुपये के ईंधन और वाहन खर्च में हुई गड़बड़ी का खुलासा हो सकता है। ग्रामीणों का कहना है कि सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने के लिए करोड़ों रुपये खर्च करती है, लेकिन अधिकारी मुख्यालय में रुकने के बजाय रोजाना अपडाउन में व्यस्त रहते हैं। इससे आपातकालीन स्थितियों में जनता को अधिकारियों की उपलब्धता नहीं मिल पाती। स्थानीय नागरिकों ने माँग की है कि मुख्यालय में निवास न करने वाले अधिकारियों-कर्मचारियों की जांच की जाए, शासकीय वाहनों की लॉगबुक और ईंधन खर्च की भी जाँच हो, और बिना अनुमति के डेली अपडाउन करने वालों पर कार्रवाई की जाए। अब बड़ा सवाल यह है कि आखिर प्रशासन कलेक्टर के आदेशों की अनदेखी करने वालों पर कब तक कार्रवाई करेगा, या फिर सरकारी आदेश केवल फाइलों तक ही सीमित रहेंगे।
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    डिंडोरी जिले में ईंधन खर्च रोकने और प्रशासनिक कार्यप्रणाली को सुचारु बनाने के उद्देश्य से कलेक्टर ने सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को मुख्यालय में निवास करने के निर्देश दिए थे। हालाँकि, समनापुर ब्लॉक में इन आदेशों का पालन केवल कागजों तक ही सीमित दिखाई दे रहा है, जहाँ कई अधिकारी और कर्मचारी प्रतिदिन जिला मुख्यालय से समनापुर तक आवागमन कर रहे हैं।

इस स्थिति से शासन के पेट्रोल-डीजल बचत अभियान पर सवाल खड़े हो रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि कई विभागों के कर्मचारी सुबह देर से कार्यालय पहुंचते हैं और शाम होते ही निकल जाते हैं, जिससे आम लोगों के कार्य समय पर पूरे नहीं हो पाते। सबसे गंभीर आरोप शासकीय वाहनों के दुरुपयोग को लेकर लगाए जा रहे हैं; सूत्रों के अनुसार, कुछ कर्मचारी सरकारी गाड़ियों का इस्तेमाल निजी आवागमन और व्यक्तिगत कार्यों के लिए कर रहे हैं। यदि इन आरोपों की निष्पक्ष जांच होती है, तो शासन को लाखों रुपये के ईंधन और वाहन खर्च में हुई गड़बड़ी का खुलासा हो सकता है।

ग्रामीणों का कहना है कि सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने के लिए करोड़ों रुपये खर्च करती है, लेकिन अधिकारी मुख्यालय में रुकने के बजाय रोजाना अपडाउन में व्यस्त रहते हैं। इससे आपातकालीन स्थितियों में जनता को अधिकारियों की उपलब्धता नहीं मिल पाती। स्थानीय नागरिकों ने माँग की है कि मुख्यालय में निवास न करने वाले अधिकारियों-कर्मचारियों की जांच की जाए, शासकीय वाहनों की लॉगबुक और ईंधन खर्च की भी जाँच हो, और बिना अनुमति के डेली अपडाउन करने वालों पर कार्रवाई की जाए।

अब बड़ा सवाल यह है कि आखिर प्रशासन कलेक्टर के आदेशों की अनदेखी करने वालों पर कब तक कार्रवाई करेगा, या फिर सरकारी आदेश केवल फाइलों तक ही सीमित रहेंगे।
    user_Pradeep singh Rajput
    Pradeep singh Rajput
    डिंडोरी, डिंडोरी, मध्य प्रदेश•
    15 hrs ago
  • बिजली की लगातार कटौती से बेहाल जनता के हक में कांग्रेस ने विद्युत कार्यालय का घेराव कर जोरदार मोर्चा खोल दिया है। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान, जनता के अधिकारों को लेकर कई महत्वपूर्ण सवाल बुलंद किए गए, जिसमें बिजली संकट से उत्पन्न हो रही समस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया।
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    बिजली की लगातार कटौती से बेहाल जनता के हक में कांग्रेस ने विद्युत कार्यालय का घेराव कर जोरदार मोर्चा खोल दिया है। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान, जनता के अधिकारों को लेकर कई महत्वपूर्ण सवाल बुलंद किए गए, जिसमें बिजली संकट से उत्पन्न हो रही समस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया।
    user_Neelesh THAKUR
    Neelesh THAKUR
    Mandla, Madhya Pradesh•
    2 hrs ago
  • मंडला जिले के मोहगांव थाना परिसर में शांति समिति की बैठक सफलतापूर्वक संपन्न हुई है।
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    मंडला जिले के मोहगांव थाना परिसर में शांति समिति की बैठक सफलतापूर्वक संपन्न हुई है।
    user_Govardhan kushwaha
    Govardhan kushwaha
    Local News Reporter मंडला, मंडला, मध्य प्रदेश•
    5 hrs ago
  • शहडोल के पांडवनगर शांति धाम में नंदी गौ सेवा धाम के सेवकों ने एक पांच दिन के मासूम शिशु का पूरे विधि-विधान और सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया। यह शिशु मेडिकल कॉलेज में लावारिस हालत में मिला था, जिसकी सूचना मिलने पर समाजसेवी रंजीत बासक ने तत्काल शव वाहन और आवश्यक सामग्री की व्यवस्था कराई। गौ सेवकों ने इस बच्चे को अपना मानकर मानवता और करुणा की अनूठी मिसाल पेश की है। संस्था के अध्यक्ष विकास जोतवानी ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी बेसहारा, घायल जीव या जरूरतमंद व्यक्ति को अनदेखा न करें, क्योंकि ऐसे समय में कोई व्यक्ति ही किसी की आखिरी उम्मीद हो सकता है।
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    शहडोल के पांडवनगर शांति धाम में नंदी गौ सेवा धाम के सेवकों ने एक पांच दिन के मासूम शिशु का पूरे विधि-विधान और सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया। यह शिशु मेडिकल कॉलेज में लावारिस हालत में मिला था, जिसकी सूचना मिलने पर समाजसेवी रंजीत बासक ने तत्काल शव वाहन और आवश्यक सामग्री की व्यवस्था कराई। गौ सेवकों ने इस बच्चे को अपना मानकर मानवता और करुणा की अनूठी मिसाल पेश की है।

संस्था के अध्यक्ष विकास जोतवानी ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी बेसहारा, घायल जीव या जरूरतमंद व्यक्ति को अनदेखा न करें, क्योंकि ऐसे समय में कोई व्यक्ति ही किसी की आखिरी उम्मीद हो सकता है।
    user_प्रतीक मिश्रा
    प्रतीक मिश्रा
    Classified ads newspaper publisher सोहागपुर, शहडोल, मध्य प्रदेश•
    21 hrs ago
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